बताया गया कि भारत में मिशन के 64 प्रमुख हैदराबाद के लिए रवाना हो गए हैं, जहां वे विदेश मंत्रालय (एमईए) द्वारा ब्रीफिंग की निरंतरता में भारत बायोटेक और बायोलॉजिकल ई लिमिटेड का दौरा करने वाले हैं। यह कंपनी COVID 19 वैक्सीन को विकसित कर रही हैं।

बता दें कि भारत अपनी स्वदेशी कोरोना वैक्सीन के निर्माण और उत्पादन क्षमता की झलक पेश करने जा रहा है। इसके मद्देनजर दुनिया के करीब 60 से ज्यादा देशों के राजदूत और वरिष्ठ राजनयिक बुधवार को हैदराबाद में दो देसी कंपनियों को देखने के लिए जा रहे हैं। ज्ञात हो कि ये दोनों कंपनियां कोरोना महामारी के खिलाफ वैक्सीन निर्माण और उत्पादन में महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर रही है। भारत-बायोटेक ने जहां को-वैक्सीन नामक टीका विकसित किया है। वहीं, दूसरी तरफ बायोलॉजिकल-ई कंपनी के साथ अमेरिका के ओहायो स्टेट इनोवेशन फंड ने नई वैक्सीन तकनीक में साझेदारी बनाई है।

सूत्रों ने बताया कि यह इस तरह की पहली यात्रा है और इसके बाद अन्य शहरों में कोरोना महामारी को लेकर सुविधाओं का दौरा किया जाएगा। भारत दुनिया का सबसे बड़ा वैक्सीन निर्माता है और COVID-19 महामारी के खिलाफ वैश्विक प्रयासों में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। सूत्रों ने कहा कि भारत वैक्सीन के विकास और इसके निर्माण के लिए किए जा रहे प्रयासों में काफी दिलचस्पी दिखा रहा है।