कोरोना वायरस संक्रमण के कारण सरदार मोहम्‍मद दौड़ खान मिलिट्री हॉस्‍पीटल में लेफ्टिनेंट जनरल सुहैला सिद्दिक ने दम तोड़ दिया। इस संक्रमण के चपेट में वे इस साल के शुरुआत में भी आई थीं लेकिन फिर स्‍वस्‍थ हो गई थी। वे काबुल में 400 बेड के मिलिट्री हॉस्‍पीटल की डायरेक्‍टर थीं। तालिबान के बाद हो रहे बदलाव के दौरान इस पद के लिए नियुक्‍त की गई दो महिलाओं में से एक सुहैला थीं। जनरल सिद्दिक के नाम से लोकप्रिय सुहैला अल्‍जाइमर से पीड़ित थीं। हालांकि उनकी वास्‍तविक जन्‍मतिथि की जानकारी किसी को नहीं है लेकिन अनुमान लगाया गया कि अभी वे 80 या 81 वर्ष की रहीं होंगी।

मॉस्‍को से हासिल की डॉक्‍टरेट की डिग्री

जनरल सुहैला सिद्दिक का जन्‍म संभवत: 1938 में हुआ था। काबुल में जन्‍मी सुहैला ने हाई स्‍कूल और फिर काबुल यूनिवर्सिटी से शिक्षा प्राप्‍त की। उस वक्‍त उनका देश शीत युद्ध से जूझ रहा था। इसके बाद स्‍कॉलरशिप के तहत वे कई सालों तक मॉस्‍को में रहीं और पढ़ाई की। डॉक्‍टरेट की डिग्री के साथ वे वापस अफगानिस्‍तान आई ।