‘बल्लामार’ विधायक आकाश विजयवर्गीय हुए जेल से रिहा, कहा- दोबारा न मिले बल्लेबाजी का मौका

0
81

नई दिल्ली। इंदौर से भाजपा के जिस बल्लामार विधायक आकाश विजयवर्गीय को जेल में डाला गया था उसे कल भोपाल की स्पेशल कोर्ट ने जमानत दे दी और फिर आज आकाश की जेल से रिहाई भी हो गई। इंदौर नगर निगम के अधिकारी को बल्ले से पीटने के आरोपी आकाश विजयवर्गीय को शनिवार को अदालत से जमानत मिली थी। शनिवार को जेल की कागजी प्रक्रिया पूरी नहीं होने की वजह से आकाश विजयवर्गीय जेल से बाहर नहीं आ सके थे।

रविवार सुबह को सारी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आकाश विजयवर्गीय बाहर आए। मध्य प्रदेश भाजपा के बड़े नेता कैलाश विजयवर्गीय के बेटे आकाश विजयवर्गीय ने जेल से बाहर आते ही कहा कि कारावास में उनका समय अच्छा गुजरा। आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि वे अपने क्षेत्र और जनता की बेहतरी के लिए काम करते रहेंगे।

आकाश विजयवर्गीय को भोपाल की विशेष अदालत से जमानत मिली थी। 26 जून को इंदौर नगर निगम के अधिकारी को बल्ले से पीटने के आरोपी आकाश विजयवर्गीय पर उसी दिन मुकदमा दर्ज हुआ था और उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था।

आकाश विजयवर्गीय की जमानत याचिका जब इंदौर कोर्ट पहुंची तो अदालत ने उनकी याचिका खारिज कर दी। तब इंदौर कोर्ट ने कहा कि यह मामला विधायक से जुड़ा है, इसलिए इसकी सुनवाई करना उसके क्षेत्राधिकार में नहीं है। अदालत ने कहा कि इस केस की सुनवाई विधायकों और सांसदों के लिए बने भोपाल के विशेष कोर्ट में होनी चाहिए। इसके बाद आकाश विजयवर्गीय के वकील अपनी अर्जी लेकर भोपाल पहुंचे।

भोपाल कोर्ट ने शुक्रवार को इंदौर केस से जुड़े दस्तावेज मंगवाने का आदेश देकर शनिवार को केस की सुनवाई का वक्त मुकर्रर किया। शनिवार को भोपाल में जज सुरेश सिंह ने दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद आकाश विजयवर्गीय को 20-20 हजार रुपये के बांड पर बेल दी।

कहा- दोबारा न मिले बल्लेबाजी का मौका

जेल से रिहा होने के बाद आकाश ने कहा, ‘जो मैंने किया, उसका मुझको कोई दुख नहीं है। हालांकि अब गांधी के रास्ते पर चलना है, लेकिन मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि वो दोबारा बल्लेबाजी करने का अवसर न दें।’ उन्होंने कहा कि महिलाओं को पुलिस के सामने घसीटा गया। ऐसे में नहीं लगता कि कुछ करने के लिए सोचना चाहिए।

 

उन्होंने जेल से बाहर आते ही कहा, ‘जेल में समय अच्छा गुजरा। मैं अपने क्षेत्र और जनता की बेहतरी के लिए काम करता रहूंगा।’ हालांकि उनकी रिहाई के आदेश आते ही उनके समर्थकों में उत्साह इतना ज्यादा देखा गया कि उनके समर्थक पार्टी कार्यालय के बाहर हवाई फायरिंग करते भी नजर आए।

हालांकि जेल से रिहा होने के बाद आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि वे इस तरह की फायरिंग का समर्थन नहीं करते हैं और इस पर वे कठोर कार्रवाई करेंगे। आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि उन्हें उनके पिता ने कहा कि उन्हें अपने फैसले खुद लेने चाहिए।आकाश विजयवर्गीय ने कहा,मेरे पिता जी ने कहा कि तुम अब बड़े हो गए हो, तुम्हें अपने फैसले अब खुद लेने चाहिए, मैं तुम्हारे साथ हूं।

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here