Tuesday, September 28, 2021
Homeमध्य प्रदेशमांडू पार्क में पर्यटकों को लुभाएंगी 100 से ज्यादा तरह की तितलियां

मांडू पार्क में पर्यटकों को लुभाएंगी 100 से ज्यादा तरह की तितलियां

  • 1 करोड़ 80 लाख रुपये की लागत से बनेगा जमुनादेवी तितली पार्क का निर्माण
  • बड़ी संख्या में लगाए गए अलग-अलग प्रजातियों वाले फूलों के पौधे

मध्य प्रदेश के धार जिले के पर्यटन स्थल मांडू (मांडवगढ़) को बाज बहादुर और रानी रूपमती की प्रेम कहानी के लिए जाना जाता है. इसके चलते पर्यटक यहां खिंचे चले आते हैं. मगर अब पर्यटकों को लुभाने के लिए सरकार नई पहल करने जा रही है. राज्य का वन विभाग सुप्रसिद्ध पर्यटन स्थल मांडवगढ़ में एक करोड़ 80 लाख रुपये की लागत से जमुनादेवी तितली पार्क का निर्माण करा रहा है.

पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बनेगा पार्क

बताया जा रहा है कि इस पार्क की खूबसूरती अपने आपमें खास होगी है. आने वाले दिनों में यहां का तितली पार्क भी पर्यटकों के आकर्षण का नया केंद्र बन जाएगा. यह पार्क रानी रूपमती मार्ग पर सागर तालाब के सामने चार हेक्टेयर क्षेत्र में बनाया जा रहा है.

समाचार एजेंसी आईएएनएस के मुताबिक प्रस्तावित तितली पार्क में तरह-तरह के फूलों वाले पौधे तो नजर आएंगे ही साथ में रंग बिरंगी 100 से ज्यादा तरह की तितलियां भी इन पौधों पर मंडराती दिखेंगी. पार्क के फूल और तितलियां पर्यटकों के प्राकृतिक आनंद को कई गुना बढ़ा देंगी.

इस पार्क में होगीं हर प्रजातियों की तितलियां

राज्य के वनमंत्री उमंग सिंघार का कहना है कि इस पार्क में प्रदेश में पाई जाने वाली सभी और देश की विभिन्न प्रजातियों की तितलियां रहें, इसके लिए सभी प्रयास किए जा रहे हैं. उनके आवास के अनुकूल सभी प्रबंध और सुविधाएं जुटाई जा रही हैं.

मांडू में क्यों बन रहा तितली पार्क?

आखिर मांडू में तितलियों का पार्क क्यों बनाया जा रहा है, इस सवाल पर मंत्री सिंघार का कहना है, ‘मांडू में बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं और उनके लिए एक और नया, वह भी प्रकृति से संवाद कराने वाला स्थल विकसित किया जाए, इसी बात को ध्यान में रखकर यह तितली पार्क बनाया जा रहा है.’

उन्होंने कहा, ‘तरह-तरह के पौधों पर खिले फूल और उन पर मंडराती रंग-बिरंगी तितलियां हर किसी को रोमांचित कर देती हैं. यह नजारा पर्यटकों के लिए तो कहीं ज्यादा ही सुखद होगा. वे यहां आकर रानी रूपमती के किले को तो देखेंगे ही, साथ में यह पार्क उनके पर्यटन को और सुखद बना देगा.’

अलग-अलग किस्म के फूल

इस पार्क में तितलियों को अपनी जरूरत के मुताबिक फूल मिलें, इसके लिहाज से बड़ी संख्या में अलग-अलग प्रजातियों वाले फूलों के पौधे लगाए गए हैं, जो तेजी से बढ़ रहे हैं. कई पौधों में तो फूल खिलने भी लगे हैं और उन पर तितलियां मंडराती नजर आने लगी हैं.

बता दें इंदौर से लगभग 100 किलोमीटर और धार से 38 किलोमीटर की दूरी पर स्थित मांडू वह स्थान है, जो बाज बहादुर और रानी रूपमति की प्रेम कहानी की गवाही देता है. यहां हर साल हजारों पर्यटक आते हैं और यहां के किले को देखकर वे प्रेम कहानी की यादों में खो जाते हैं. इस प्रेम कहानी पर 60 के दशक में बनी फिल्म ‘रानी रूपमती’ ने इस स्थल को नई पहचान दिलाई.

इस फिल्म में अभिनेत्री निरूपा राय और अभिनेता भारत भूषण ने अहम भूमिका निभाई थी. इतना ही नहीं, यहां आने वालों को इस फिल्म के गीत ‘आ लौट के आ जा मेरे मीत, तुझे मेरे गीत बुलाते हैं’ की याद ताजा हो जाती है.

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments