बिहार को रेल कनेक्टिविटी की एक ओर बड़ी सौगात मिल गई है. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज, 29 सितंबर 2025 को सात नई ट्रेनों को रवाना किया. इन सात ट्रेनों में 3 अमृत भारत एक्सप्रेस और 4 पैसेंजर ट्रेनें शामिल हैं.
बिहार को रेल नेटवर्क में नई रफ्तार देने के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तीन अमृत भारत एक्सप्रेस और चार पैसेंजर ट्रेनों को हरी झंडी दिखा दी है. बताया जा रहा है कि बिहार में ये सात ट्रेनों का संचालन कनेक्टिविटी को मजबूत करने में मदद करेगा और पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर देने में भी सहायक होगा.
मुजफ्फरपुर–चर्लपल्ली एक्सप्रेस
मदार–दरभंगा एक्सप्रेस
छपरा–आनंद विहार एक्सप्रेस
इसके अलावा बिहार को चार नई पैसेंजर ट्रेनों की भी सौगात मिली है. इनमें पटना–बक्सर, झाझा–दानापुर, नवादा–पटना और पटना–इसलामपुर पैसेंजर ट्रेनें शामिल हैं. अब तक भारत में कुल 12 अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें चल रही थीं, जिनमें से 10 का परिचालन बिहार से होता है. बिहार से तीन नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की शुरुआत होने के बाद अब अमृत भारत ट्रेनों की कुल संख्या बढ़कर 15 हो गई हैं.

ये हैं 15 अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें:
- दरभंगा–आनन्द विहार टर्मिनल अमृत भारत एक्सप्रेस
- सहरसा–लोकमान्य तिलक टर्मिनस अमृत भारत एक्सप्रेस
- राजेन्द्रनगर टर्मिनल–नई दिल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस
- बापूधाम मोतिहारी–आनन्द विहार टर्मिनल अमृत भारत एक्सप्रेस
- दरभंगा–गोमतीनगर अमृत भारत एक्सप्रेस
- मालदा टाउन–गोमतीनगर अमृत भारत एक्सप्रेस
- सीतामढ़ी–दिल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस
- गया–दिल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस
- जोगबनी–ईरोड–जोगबनी अमृत भारत एक्सप्रेस
- सहरसा–छैहरटा (अमृतसर)–सहरसा अमृत भारत एक्सप्रेस
- मालदा टाउन–सर एम. विश्वेश्वरैया टर्मिनल बेंगलुरु अमृत भारत एक्सप्रेस
- ब्रह्मपुर–उधना (सूरत) अमृत भारत एक्सप्रेस
- मुज़फ्फरपुर–चर्लपल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस
- छपरा–दिल्ली (आनन्द विहार टर्मिनल) अमृत भारत एक्सप्रेस
- दरभंगा–मदार (अजमेर) अमृत भारत एक्सप्रेस
बिहार को तीन नई अमृत भारत ट्रेनों की सौगात, देखें रूट्स
अमृत भारत एक्सप्रेस एक आधुनिक और किफायती ट्रेन है, जो यात्रियों को बेहतर सुविधाओं के साथ सफर का नया अनुभव देती है. इसकी सबसे बड़ी खासियत इसकी स्मार्ट डिजाइन और एडवांस टेक्नोलॉजी है, जो इसे बाकी ट्रेनों से अलग बनाती है. यह स्वदेशी ट्रेन आत्मनिर्भर भारत की सोच को मजबूती देती है.


