यूएस जाते समय गुजरात के एक कपल को अज़रबैजान में किडनैप कर लिया गया. जिसके बाद किडनैपरों ने दोनों के परिजनों को फोन किया और उनसे फिरौती मांगी.गुजरात के आणंद जिले के एक कपल को यूएस जाते समय अज़रबैजान में किडनैप कर लिया गया और फिरौती के लिए बंधक बना लिया गया. हालांकि बाद में भारतीय विदेश मंत्रालय की मदद से उन्हें बचा लिया गया. इस बात की जानकारी स्थानीय लोकसभा MP ने मंगलवार को दी.
एक एजेंसी के मुताबिक आणंद से MP मितेश पटेल ने एक वीडियो बयान में कहा कि विदेश मंत्रालय (MEA) की समय पर की गई कोशिशों की वजह से ध्रुव पटेल और उनकी पत्नी दीपिका को रिहा कर दिया गया है. वे सुरक्षित हैं.BJP MP ने मंगलवार को कहा कि दो दिन पहले ध्रुव पटेल और दीपिका पटेल के माता-पिता ने मुझसे संपर्क किया. इस दौरान बताया गया कि उन्हें अज़रबैजान में किडनैप कर लिया गया है. उन्होंने कहा कि उन्हें एक वीडियो कॉल आया. जिसमें अज़रबैजान के लोगों (किडनैपर) ने उनकी रिहाई के लिए फिरौती मांगी.

दोनों को US जाते समय एजेंटों की मदद से किडनैप किया गया था. एजेंटों ने उन्हें गैर-कानूनी तरीकों से अमेरिका तक सुरक्षित रास्ता दिलाने का वादा किया था. जब कपल के परेशान परिवार वालों ने मदद के लिए मितेश पटेल के ऑफिस से कॉन्टैक्ट किया, तो उन्होंने MEA को एक हाई-लेवल रिप्रेजेंटेशन दिया. जिसके बाद सोमवार को विदेश मंत्री एस जयशंकर से मिले, जब वे चल रहे पार्लियामेंट सेशन के लिए नई दिल्ली में थे.
MEA ने अज़रबैजान में इंडियन एम्बेसी से कॉन्टैक्ट किया और 24 घंटे के अंदर दोनों किडनैप हुए लोगों को बचाकर साउथ कॉकेशस रीजन में देश की राजधानी बाकू में एम्बेसी लाया गया. लोकसभा MP ने कहा कि किडनैपर्स ने कपल को फिरौती न देने पर जान से मारने की धमकी दी थी. हमारी सरकार ने उन्हें ज़िंदा लाने के लिए बहुत मेहनत की. मैं आणंद के युवाओं से अपील करना चाहूंगा कि वे ऐसे एजेंट्स के ज़रिए विदेश जाने की कोशिश न करें. बल्कि यहीं काम करें. आपको यहां (गुजरात में) सबसे अच्छे मौके मिलेंगे.


