कानपुर में एक हैरान करनेवाला मामला सामने आया है. जहां आठ साल की बच्चों को उसी के सौतेले चाचा ने अगवा कर लिया और बेचने के इरादे से अपने साथ ले गया. लेकिन बच्ची को ले जाते हुए आरोपी चाचा की तस्वीर सीसीटीवी में कैद हो गई. जिसके बाद तस्वीर साफ हुई कि लापता बच्ची कहां है और उसे कौन ले गया है?

दअरसल बच्ची के गायब होने से परिवार में कोहराम मच गया, घर के बाहर खेल रही बच्ची अचानक से गायब हो गए गई. देर तक जब बच्ची का पता नहीं चला तो उसकी खोजबीन शुरू हुई. लेकिन किसी को इस बात का अंदाजा नहीं था कि बच्ची को कोई उठा ले जा सकता है. जिसके बाद पुलिस को घटना की जानकारी दी गई और पुलिस ने सतर्कता दिखाते हुए जांच शुरू कर दी.
पुलिस ने पास लगे सीसीटीवी कैमरे को खंगालना शुरू किया. सीसीटीवी में बच्ची एक शख्स के साथ जाती दिखी और परिजनों ने उस शख्स की पहचान अपने परिवार के सदस्य के रूप में की जिसके बाद पता चला कि बच्ची को इसी का सौतेला चाचा अपने साथ ले गया है और पुलिस ने महज चौबीस घंटे के भीतर ही अगवा हुई बच्ची और आरोपी युवक को गिरफ्तार कर बच्ची बरामद कर ली.
कानपुर के कर्नलगंज थाना क्षेत्र के छोटे मियां के हाते के थाने वाले एक परिवार की आठ साल की मासूम बच्ची जब घर के बाहर खेल रही थी, तभी उसके सौतेले चाचा रफीक बच्ची को अगवा करने के इरादे से वह पहुंचा और चुपचाप बच्ची को बहलाकर अपने साथ ले गया. दअरसल रफीक मुंबई का रहने वाला था और अपने सौतेले भाई से ईर्ष्या रखता था. जिसके चलते उसने एक ऐसा भयानक कदम उठाया जिससे बच्ची के परिवार की पूरी जिंदगी तबाह हो जाती.
आरोपी चाचा ने बच्ची को अगवा कर बेचने के इरादे से अगवा किया था और बच्ची को बेचकर आरोपी अपने भाई से दुश्मनी निकालना चाहता था. लेकिन जब बच्ची को आरोपी अपने साथ ले जा रहा था, तभी वहां लगे एक सीसीटीवी कैमरे में वो कैद हो गया. बच्ची के बहुत समय तक न मिलने के बाद परिजनों ने क्षेत्रीय पुलिस को जानकारी दी और पुलिस ने तफ्तीश शुरू कर सीसीटीवी खंगालना शुरू किया.
जिसमें आरोपी युवक बच्ची के साथ जाते हुए दिखा, जिसकी पहचान बच्ची के परिजनों ने रफीक नाम से की और बताया कि वो बच्ची का सौतेला चाचा है. लेकिन लंबे समय से उसकी इस परिवार में कोई बातचीत नहीं है. उसकी हरकतें और आदतें खराब थी. जिसके चलते उससे संबंध खत्म कर लिए गए थे. लेकिन इसी दुश्मनी और खुन्नस के चलते उसने अपने भाई को सबक सिखाने और बदला लेने की नियत से इस वारदात को अंजाम दिया. वहीं इस मामले में पुलिस ने तत्काल एफआईआर दर्ज कर आरोपी की तलाश के लिए दो टीमें गठित कर खोज शुरू कर दी. सर्विलांस की मदद से आरोपी रफीक की लोकेशन ट्रैक कर उसे पकड़ लिया गया.
वहीं कर्नलगंज थाने के प्रभारी रवींद्र कुमार ने बताया कि उन्होंने पूरी ताकत लगाकर बच्ची को सही सलामत बरामद करने के लिए टीम रवाना की थी और मोबाइल लोकेशन के आधार पर युवक को पकड़ा जिसके पास से सही सलामत हालत में बच्ची बरामद हुई. वहीं आरोपी बच्ची को बेचने की बात कुबूल कर चुका था. उसने बताया कि वो बच्ची को गलत काम के लिए मुंबई में बेचने की बात कर चुका था. वहीं पुलिस ने इस बात को बताया कि बच्ची सही सलामत है. उसका मेडिकल परीक्षण कराकर उसे परिजनों के हवाले कर दिया गया है और आरोपी के खिलाफ वैधानिक कार्यवाही कर उसे जेल भेज दिया गया है.


