उच्च शिक्षा विभाग ने एक्सपोजर विजिट पर जाने वाले 60 शिक्षकों के आवेदन रद्द किए हैं। इनमें प्रवक्ताओं, प्रधानाचार्यों और हैडमास्टरों के आवेदन शामिल हैं। अब इन शिक्षकों को विदेश जाने के लिए दोबारा आवेदन करना होगा, ऐसे में अब यह एक्सपोजर विजिट लटक सकता है। बताया जा रहा है कि ये शिक्षक नियम और शर्तें पूरा नहीं कर रहे थे, ऐसे में इनके आवेदन रद्द किए गए हैं। अब विभाग दोबारा यह चयन प्रक्रिया शुरू करेगा। गौर हो कि इस दौरान प्रारंभिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत 60 शिक्षक और उच्च शिक्षा विभाग के तहत 60 शिक्षकों का चयन इस विजिट के लिए किया जाना है।

इन शिक्षकों को सिंगापुर ले जाया जा रहा है। हालांकि प्रारंभिक शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षकों की सूची फाइनल कर दी गई है। इस दौरान जिन छात्रों को विदेशी दौरे पर ले जाना है उनके नाम भी फाइनल कर दिए गए हैं। इस दौरान 120 शिक्षकों को विदेश में स्टडी टूअर करवाने का प्रस्ताव है। पहले चरण में फरवरी में इन शिक्षकों को सिंगापुर ले जाने की तैयारी सरकार ने लगभग पूरी कर दी थी। अब जब उच्च शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले शिक्षकों के आवेदनों को रद्द किया गया है तो अब शिक्षकों का यह विदेशी दौरा मार्च व अप्रैल महीने तक भी लटक सकता है।
संघ चयन प्रक्रिया पर उठा चुका है सवाल
प्रदेश राजकीय अध्यापक संघ इसकी चयन प्रक्रिया को लेकर सवाल उठा चुका है। संघ के अध्यक्ष का कहना है कि शिक्षकों की चयन प्रक्रिया में उच्च शिक्षा विभाग व प्रारंभिक शिक्षा विभाग के अलग-अलग नियम हैं जबकि ये नियम एक जैसे होने चाहिए। हालांकि इस बीच उच्च शिक्षा विभाग ने शिक्षकों के आवेदन रद्द कर दिए हैं। संघ इन नियमों को एक समान करने की मांग कर रहा है।


