पुणे के वाकड थाना क्षेत्र में एक 28 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर से 42.64 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है. आरोपी ने खुद को इसरो का वैज्ञानिक बताकर विवाह का झांसा दिया. पुलिस ने 16.65 लाख रुपये फ्रीज कर बरामद कर लिए हैं. आरोपी पहले भी इसी तरह के मामलों में पकड़ा जा चुका है और फिलहाल नवी मुंबई पुलिस की हिरासत में है.
महाराष्ट्र में पुणे के वाकड इलाके में ऑनलाइन मैट्रिमोनियल साइट के जरिए एक महिला सॉफ्टवेयर इंजीनियर से 42.64 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है. आरोपी ने खुद को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) में कार्यरत वैज्ञानिक बताकर महिला का विश्वास जीता और शादी का प्रस्ताव रखकर बड़ी रकम ऐंठ ली.
पुलिस के अनुसार, 28 साल की पीड़िता हिंजवड़ी स्थित एक प्रतिष्ठित आईटी कंपनी में कार्यरत है. उसने नवंबर 2024 में एक मैट्रिमोनियल वेबसाइट पर प्रोफाइल बनाया था. इसी दौरान जयेश पाटिल नाम के एक व्यक्ति ने उससे संपर्क किया. उसने खुद को इसरो से जुड़ा वैज्ञानिक बताया और शादी की इच्छा जताई. बातचीत का सिलसिला बढ़ा और आरोपी वाकड आकर महिला से मिला भी.

जांच में सामने आया कि आरोपी ने धीरे-धीरे महिला का भरोसा जीत लिया. इसके बाद उसने भविष्य में साथ रहने और संपत्ति खरीदने का हवाला देकर पैसों की मांग शुरू की. नवंबर 2024 से जनवरी 2025 के बीच महिला ने अलग-अलग किस्तों में कुल 42.64 लाख रुपये उसके खातों में ट्रांसफर कर दिए.शक तब हुआ जब महिला को पता चला कि आरोपी इसरो में कार्यरत नहीं है. इसके बाद उसने ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई. वाकड पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 16.65 लाख रुपये फ्रीज कर बरामद कर लिए हैं, जबकि करीब 27 लाख रुपये की तलाश जारी है.
जांच में आरोपी की पहचान जयेश पाटिल उर्फ आदर्श म्हात्रे, निवासी अलीबाग (रायगढ़) के रूप में हुई है. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वह इसी तरह के एक अन्य ठगी के मामले में नवी मुंबई पुलिस द्वारा पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है. प्रारंभिक जांच से संकेत मिले हैं कि वह मैट्रिमोनियल प्लेटफॉर्म पर शिक्षित महिलाओं को निशाना बनाता था और ठगी की रकम से गोवा में कैसिनो सहित ऐशो-आराम की जिंदगी जी रहा था.
फिलहाल आरोपी 4 मार्च तक नवी मुंबई पुलिस की हिरासत में है. रिमांड खत्म होने के बाद वाकड पुलिस उसे अपने कब्जे में लेकर आगे की पूछताछ करेगी.


