Sunday, June 7, 2026
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NATIONAL : राजस्थान में मौसम का दोहरा असर: 12 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट, पश्चिमी इलाकों में गर्मी बरकरार

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जयपुर, 07 जून (हि.स.)। राजस्थान में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। एक ओर कई जिलों में आंधी और बारिश से लोगों को भीषण गर्मी एवं उमस से राहत मिली है, वहीं पश्चिमी राजस्थान के कई क्षेत्रों में तेज गर्मी का दौर जारी है। मौसम विभाग ने रविवार को 12 जिलों में आंधी और बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा 8 जून को 7 जिलों में बारिश तथा 2 जिलों में हीटवेव की चेतावनी दी गई है।

शनिवार को राज्य के कई हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियां देखने को मिलीं।

बीकानेर जिले में तेज आंधी के साथ बारिश हुई और कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि भी हुई। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में तेज हवा के कारण एक वेयरहाउस की टिन शेड उड़कर करीब आधा किलोमीटर दूर खेत में जा गिरी। टोंक जिले में शाम के समय तेज हवा के साथ बारिश हुई, जिससे मौसम सुहावना हो गया।

मौसम विभाग के अनुसार बीकानेर, चूरू, हनुमानगढ़, सीकर, झुंझुनूं, जयपुर, दौसा, अलवर, टोंक और सवाई माधोपुर सहित कई जिलों में शनिवार को मौसम ने करवट ली। कई स्थानों पर तेज हवाएं चलीं और बारिश हुई। राज्य में शनिवार को सर्वाधिक वर्षा टोंक जिले के निवाई क्षेत्र में हुई, जहां 65 मिलीमीटर से अधिक बारिश हुई।

इसके अलावा अलवर में 22 मिलीमीटर तथा बीकानेर में 14.6 मिलीमीटर वर्षा मापी गई। बारिश के बाद इन क्षेत्रों में तापमान में गिरावट आ गई और लोगों को राहत मिली।

दूसरी ओर बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर और श्रीगंगानगर सहित पश्चिमी राजस्थान के जिलों में गर्मी का प्रकोप जारी रहा। दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में अगले दो दिनों तक तापमान बढ़ने और गर्मी का असर बने रहने की संभावना जताई है।

मौसम विभाग के अनुसार आगामी दो दिनों तक राज्य में मौसम का यही मिश्रित स्वरूप बना रह सकता है।

पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में आंधी और हल्की से मध्यम बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है, जबकि पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हीटवेव और तेज गर्मी का असर देखने को मिल सकता है।

GUJARAT : अहमदाबाद में 28.94 लाख की फर्जी करेंसी बरामद, छह गिरफ्तार गिरफ्तार

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गुजरात की आर्थिक राजधानी अहमदाबाद में पुलिस ने एक बड़े अंतरराज्यीय नकली नोट के रैकेट का पर्दाफाश करते हुए 28.94 लाख रुपये की फर्जी भारतीय मुद्रा बरामद की। इस मामले में छह आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है। खास बात यह है कि यूपी और राजस्थान तक फैले इस पूरे नेटवर्क का खुलासा किसी आर्थिक अपराध की जांच से नहीं बल्कि एक हत्या के मामले की जांच के दौरान हुआ।

अहमदाबाद शहर पुलिस के जोन-8 के डीसीपी मयूर पाटिल ने शनिवार को मीडिया को बताया कि वटवा पुलिस थाने में दर्ज एक हत्या के मामले की जांच के दौरान पुलिस को नकली नोटों के कारोबार से जुड़े अहम सुराग मिले थे। जांच आगे बढ़ी तो सामने आया कि इस पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड इमरान सब्बीर सिंधा था, जिसने वटवा स्थित सतेज होम्स में एक मकान किराए पर लेकर नकली नोट छापने का पूरा सेटअप तैयार किया था।

पुलिस जांच के अनुसार इमरान सिंधा ने मार्च 2026 से कंप्यूटर, कलर प्रिंटर, लैपटॉप और अन्य आधुनिक उपकरणों की मदद से 500-500 रुपये के नकली नोट छापने का काम शुरू किया था। शुरुआती जांच में पता चला है कि गिरोह अब तक लगभग 60 लाख रुपये की फेस वैल्यू वाली नकली नोटें तैयार कर चुका था और उन्हें बाजार में असली नोटों की तरह खपाने का प्रयास कर रहा था।

मामले में उस समय नया मोड़ आया जब मुख्य आरोपित इमरान सिंधा की किसी कारणवश मृत्यु हो गई। उसके बाद गिरोह के अन्य सदस्य पुलिस की पकड़ से बचने के लिए नकली नोटें, प्रिंटिंग मशीनें, लैपटॉप और अन्य उपकरण लेकर विभिन्न राज्यों में फरार हो गए। इसके बाद वटवा पुलिस और लोकल क्राइम ब्रांच (एलसीबी) जोन-8 की अलग-अलग टीमों का गठन किया गया और तकनीकी निगरानी के जरिए आरोपियों की तलाश शुरू की गई।

जांच के दौरान पुलिस को उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के महेरा चौधरी गांव में महत्वपूर्ण सुराग मिले। यहां आरोपित चंद्रमोहन शर्मा के घर पर छापा मारकर बड़ी मात्रा में नकली नोटें, लैपटॉप और अन्य सामग्री बरामद की गई। राजस्थान के धौलपुर में आरोपी वीरेंद्र उर्फ वीरू बघेल के एक रिश्तेदार के घर से कलर प्रिंटर और नकली नोट छापने में इस्तेमाल होने वाले अन्य उपकरण जब्त किए गए।

[22:15, 6/6/2026] Puja Madam Pakko Gujarat: पुलिस ने इस मामले में बिहार निवासी सूरज सहानी (20), रविकुमार शाह (23), उत्तर प्रदेश निवासी वीरू बघेल (25), चंद्रमोहन शर्मा (23), एक किशोर तथा बनासकांठा निवासी मेराज रबारी(49) को गिरफ्तार किया है। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मेराज रबारी की संलिप्तता सामने आने के बाद उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस रिकॉर्ड की जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह के कई सदस्य पहले भी नकली नोटों के मामलों में पकड़े जा चुके हैं। मृतक इमरान सिंधा का नाम पहले सूरत के फेक करेंसी मामले में सामने आया था, जबकि मेराज रबारी को भी पूर्व में अदालत द्वारा नकली मुद्रा मामले में दोषी ठहराया जा चुका है।

डीसीपी मयूर पाटिल ने बताया कि पुलिस ने अब तक 28.94 लाख रुपये की नकली चलनी नोटें जब्त की हैं। फिलहाल पूरे नेटवर्क, इसकी सप्लाई चेन, वित्तीय लेन-देन और अन्य संभावित सहयोगियों की भूमिका की गहन जांच जारी है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अब तक कितनी नकली मुद्रा बाजार में खपाई जा चुकी है और इस गिरोह के तार देश के किन-किन राज्यों से जुड़े हुए हैं।—————

WORLD : अमेरिकी सेना का ईरान के रडार ठिकानों पर हमला, कुवैत-बहरीन में मिसाइल अलर्ट

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वॉशिंगटन/तेहरान, 06 जून (हि.स.)। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। अमेरिकी सेना ने ईरान के तटीय क्षेत्र में स्थित कुछ रडार और निगरानी ठिकानों को निशाना बनाकर कार्रवाई की, जबकि ईरान ने इसे युद्धविराम का उल्लंघन बताते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी है।

अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार हॉर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास समुद्री गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। अमेरिकी सेना का दावा है कि क्षेत्र में सक्रिय कुछ ड्रोन अंतरराष्ट्रीय नौवहन के लिए संभावित खतरा पैदा कर रहे थे। इसके बाद अमेरिकी बलों ने ईरान के गोरुक क्षेत्र और केशम द्वीप के पास स्थित निगरानी ढांचे पर लक्षित हमले किए। ये दोनों स्थान हॉर्मुज जलडमरूमध्य के समीप स्थित हैं और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माने जाते हैं।

दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे क्षेत्र में तनाव बढ़ाने वाला कदम बताया। मंत्रालय का कहना है कि इस तरह की सैन्य गतिविधियां पहले से मौजूद संघर्षविराम व्यवस्था की भावना के विपरीत हैं और इससे क्षेत्रीय स्थिरता प्रभावित हो सकती है।

इस बीच, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने दावा किया है कि उसने अमेरिकी हमलों के जवाब में खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। संगठन ने यह भी कहा कि हॉर्मुज क्षेत्र में कुछ जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की गई, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

कुवैत की सेना ने बताया कि उसके वायु रक्षा तंत्र ने देश के हवाई क्षेत्र की ओर बढ़ रही कई बैलिस्टिक मिसाइलों को निष्क्रिय कर दिया। सैन्य अधिकारियों के अनुसार, मिसाइलों के अवशेष कुछ रिहायशी इलाकों में गिरे, जिससे संपत्ति को नुकसान पहुंचा, लेकिन किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

उधर, बहरीन में सुरक्षा एजेंसियों ने एहतियात के तौर पर चेतावनी सायरन जारी किए और नागरिकों से सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की। क्षेत्रीय देशों ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है और तनाव कम करने के लिए कूटनीतिक प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया है।

WORLD : रक्षा क्षमता में होगा इजाफा: रूस से भारत पहुंची एस-400 मिसाइल की चौथी खेप, चीन-PAK सीमा पर बढ़ेगी सुरक्षा

रूस से लंबी दूरी की एस-400 वायु रक्षा प्रणाली की चौथी स्क्वॉड्रन भारत को मिल गई है। इस घातक मिसाइल डिफेंस सिस्टम को जल्द ही किसी संवेदनशील क्षेत्र में तैनात किया जाएगा। इससे भारत की हवाई हमलों को नाकाम करने की क्षमता बढ़ गई है।

भारत ने साल 2018 में रूस से करीब 40,000 करोड़ रुपये में पांच एस-400 स्क्वॉड्रन खरीदने का समझौता किया था। इनमें से तीन स्क्वाड्रन करीब दो साल पहले ही भारत आ चुकी थीं और उन्हें रणनीतिक रूप से तैनात किया जा चुका है। रूस-यूक्रेन युद्ध के कारण बाकी दो स्क्वॉड्रनों की आपूर्ति में देरी हुई। पांचवीं स्क्वॉड्रन के अगले कुछ महीनों में भारत पहुंचने की उम्मीद है। चौथी स्क्वॉड्रन के आने से पूर्वी लद्दाख से लेकर पाकिस्तान से सटी सीमा तक हवाई सुरक्षा पुख्ता हो जाएगी।

पांच और स्क्वॉड्रन की तैयारी…
सरकार ने रूस से एस-400 की पांच और स्क्वॉड्रन खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। वायुसेना इन प्रणालियों को व्यापक सुदर्शन चक्र एयर डिफेंस नेटवर्क के तहत एकीकृत कर रही है। इस नेटवर्क में एस-400 के अलावा मध्यम दूरी की बराक-8 और अन्य प्रणालियां एक साझा कमांड-एंड-कंट्रोल ढांचे के तहत जोड़ी जा रही हैं।

Weather : आज से फिर बदलेगा मौसम; पहाड़ों पर बर्फबारी, मैदानों में आंधी-बारिश का अलर्ट; गर्मी से राहत की उम्मीद

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देश के मौसम में अगले एक सप्ताह के दौरान बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। एक ओर दक्षिण-पश्चिम मानसून केरल में प्रवेश की दहलीज पर है, वहीं दूसरी ओर उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई हिस्सों में बारिश, आंधी, ओलावृष्टि और तेज हवाओं का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विभाग (आईएमडी) के अनुसार आने वाले दिनों में देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम की गतिविधियां तेज रहेंगी।

आईएमडी ने कहा है कि अगले 24 घंटों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून केरल, लक्षद्वीप और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ सकता है। इसके साथ ही अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई क्षेत्रों में भी मानसून की प्रगति के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश में 4 जून (गुरुवार) के लिए कांगड़ा, मंडी, कुल्लू, शिमला और सिरमौर जिलों में ओलावृष्टि, आंधी, बिजली गिरने और तेज हवाओं को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। कई क्षेत्रों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। उत्तराखंड में भी मौसम सक्रिय रहेगा। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, देहरादून और टिहरी जिलों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है। राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। 4,200 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना भी जताई गई है। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में बारिश, गरज-चमक और ओलावृष्टि की संभावना है।

अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अगले सप्ताह तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। असम और मेघालय में 8 और 9 जून को बहुत भारी बारिश हो सकती है। अरुणाचल प्रदेश में भी कई दिनों तक भारी वर्षा का अनुमान है।

WORLD : अमेरिकी संसद में ट्रंप को झटका! ईरान युद्ध रोकने के प्रस्ताव को मिली मंजूरी, रिपब्लिकन सांसदों ने भी पाला बदल

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अमेरिका और ईरान में बढ़ते सैन्य तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपनी ही संसद में बड़े झटके का सामना करना पड़ा है. अमेरिकी संसद के निचले सदन ‘हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स’ ने ईरान के खिलाफ युद्ध रोकने के एक प्रस्ताव को अपनी मंजूरी दे दी है.

डेमोक्रेटिक पार्टी के नेतृत्व में लाए गए इस प्रस्ताव का मकसद बिना संसद (कांग्रेस) की अनुमति के ईरान के खिलाफ किसी भी तरह के युद्ध पर रोक लगाना था.

इस दौरान वोटिंग से साफ हो गया है कि ईरान के साथ युद्ध की आशंका को लेकर अमेरिकी सांसदों में चिंता काफी बढ़ गई है. खास बात ये है कि राष्ट्रपति ट्रंप की अपनी पार्टी यानी रिपब्लिकन पार्टी के सांसदों ने भी ईरान जंग पर पाला बदल लिया.

सदन में ‘वॉर पावर्स रिजॉल्यूशन’ पर कड़ा मुकाबला देखने को मिला. प्रस्ताव के पक्ष में 215 वोट पड़े, जबकि इसके विरोध में 208 सांसदों ने मतदान किया. हालांकि दोनों सदनों में ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी के पास मामूली बहुमत है, लेकिन इसके बावजूद ट्रंप इस प्रस्ताव को रोकने में नाकाम रहे.

इस वोटिंग के दौरान रिपब्लिकन पार्टी के चार सांसदों ने अपनी ही पार्टी के रुख के खिलाफ जाकर डेमोक्रेट्स के पक्ष में वोट डाला. कांग्रेस में ट्रंप के लिए ये किसी बड़े झटके से कम नहीं है.

संसद के जानकारों का कहना है कि ये वोटिंग फिलहाल काफी हद तक प्रतीकात्मक है. इस प्रस्ताव को कानूनी रूप से प्रभावी बनाने के लिए अभी इसे अमेरिकी संसद के ऊपरी सदन ‘सीनेट’ से भी पास कराना होगा. इसके बाद, अगर ट्रंप इस प्रस्ताव पर वीटो लगा देते हैं, तो उस वीटो को बेअसर करने के लिए दोनों सदनों में दो-तिहाई बहुमत की जरूरत होगी, जो कि बहुत मुश्किल है.

हालांयकि, ये फैसला काफी अहम माना जा रहा है, क्योंकि संसद में युद्ध के अधिकारों को सीमित करने वाले तीन प्रस्ताव पेश किए गए थे. लेकिन वो बेहद कम अंतर से नाकाम हो गए थे. इसके अलावा, पिछले महीने अमेरिकी सीनेट ने भी एक प्रक्रियात्मक वोटिंग के दौरान इसी तरह के एक प्रस्ताव को आगे बढ़ाया था. सीनेट में भी ये सात बार की नाकाम कोशिशों के बाद कामयाब हुई थी.

NATIONAL : उत्तराखंड के अल्मोड़ा में राहुल गांधी की जनसभा, गृह मंत्री अमित शाह का दो दिवसीय त्रिपुरा दौरा

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आज 4 जून 2026 को जेष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी है। आज से गृह मंत्री अमित शाह दो दिन के त्रिपुरा के दौरे पर रहेंगे। वहीं, कांग्रेस नेता राहुल गांधी उत्तराखंड के अल्मोड़ा में एक जनसभा को संबोधित करेंगे।

गृह मंत्री का त्रिपुरा दौरा
शुरुआत गृह मंत्री से। गृह मंत्री अमित शाह आज से दो दिन के त्रिपुरा दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह भारत-बांग्लादेश सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की तैयारियों की समीक्षा करेंगे। अधिकारियों के अनुसार, गृह मंत्री 4 जून को शिलांग में उत्तर पूर्वी परिषद (एनईसी) के 73वें पूर्ण अधिवेशन की अध्यक्षता करने के बाद शाम को अगरतला पहुंचेंगे। त्रिपुरा की बांग्लादेश के साथ 856 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा लगती है। राज्य तीन ओर से बांग्लादेश से घिरा हुआ है। इसी कारण यह क्षेत्र अवैध घुसपैठ, तस्करी और सीमा पार अपराधों के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है। करीब 21 किलोमीटर के दुर्गम क्षेत्र को छोड़कर अधिकांश सीमा पर बाड़ लगाई जा चुकी है। इसका उद्देश्य अवैध घुसपैठ, तस्करी और अन्य सीमा पार गतिविधियों को रोकना है।

मौद्रिक नीति समिति की समीक्षा बैठक
भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति की समीक्षा बैठक जारी है। आज इसका दूसरा दिन है। वहीं, 5 जून को रिजर्व बैंक मौद्रिक नीति के प्रमुख प्रावधान की घोषणा करेगा। समिति ने अप्रैल में हुई अपनी पिछली बैठक में भी दरों में कोई बदलाव नहीं किया था, जिसका कारण भू-राजनीतिक तनावों से उत्पन्न अनिश्चितताएं और मुद्रास्फीति एवं विकास संभावनाओं पर उनके संभावित प्रभाव थे।

केरल पहुंच सकता है मानसून
मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को मानसून केरल पहुंच सकता है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने तमिलनाडु के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों के 15 से अधिक जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं, मौसम विभाग ने दिल्ली-एनसीआर में भी आंधी और बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। एक सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस और पूर्व-पश्चिम दिशा में बनी ट्रफ रेखा के प्रभाव से दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में मौसम गतिविधियां तेज होने की संभावना है। (संबंधित खबर यहां पढ़ें)

ब्रिक्स संस्कृति कार्य समूह का बैठक
आज से ब्रिक्स संस्कृति कार्य समूह (सीडब्ल्यूजी) की दूसरी बैठक आयोजित होगी। यह कार्यक्रम दो दिन तक उत्तर प्रदेश के वाराणसी में आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम का विषय ‘लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सततता के लिए निर्माण’ है। भारत ने ब्रिक्स के भीतर सांस्कृतिक सहयोग को बढ़ावा देने में लगातार सक्रिय भूमिका निभाई है। संस्कृति मंत्रालय ने भारत की अध्यक्षता के तहत 2016 में गोवा और 2021 में नई दिल्ली में ब्रिक्स देशों के संस्कृति मंत्रियों की बैठकों की मेजबानी की।

NATIONAL : मुजफ्फरपुर के प्रसाद हॉस्पिटल में भीषण आग, आईसीयू में भर्ती 10 मरीजों की मौत, 25 से अधिक झुलसे

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मुजफ्फरपुर के ब्रह्मपुरा स्थित प्रसिद्ध प्रसाद हॉस्पिटल के आईसीयू में देर रात भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। इस दर्दनाक हादसे में 25 से अधिक मरीज गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जबकि 10 मरीजों की मौत की दुखद खबर है। फिलहाल राहत कार्य जारी है और जांच के आदेश दे दिए गए हैं।

मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर से एक बेहद दर्दनाक और बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां ब्रह्मपुरा इलाके में स्थित प्रसिद्ध प्रसाद हॉस्पिटल में देर रात अचानक भीषण आग लग गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि उन्होंने देखते ही देखते अस्पताल के आईसीयू (ICU) को अपनी चपेट में ले लिया। इस हादसे के दौरान अस्पताल में भर्ती दो दर्जन से ज्यादा मरीज सीधे तौर पर प्रभावित हुए हैं। शुरुआती सूचनाओं के अनुसार, हादसे में 10 मरीजों की जान चली गई है, हालांकि मृतकों की संख्या पर अभी प्रशासन की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। घटना के बाद से पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है।

सुबह करीब 3 बजे अस्पताल में लगी आग
हादसे की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की करीब एक दर्जन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। अग्निशमन पदाधिकारी आरएन पाण्डेय ने बताया कि सुबह करीब 3 बजे आग की सूचना मिली थी। जब टीम पहुंची, तो पूरा आईसीयू वार्ड घने और काले धुएं से भरा हुआ था और स्थिति बेहद खराब थी। दमकल कर्मियों ने भारी मशक्कत के बीच राहत कार्य शुरू किया। उन्होंने आईसीयू और अन्य वार्डों की खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर फंसे हुए मरीजों को बाहर निकाला। त्वरित कार्रवाई करते हुए 20 से ज्यादा मरीजों को सुरक्षित रेस्क्यू कर तुरंत दूसरे अस्पतालों में शिफ्ट किया गया।

अस्पताल परिसर में अचानक भड़की इस आग का कारण शुरुआती तौर पर बिजली का शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। हालांकि, हादसे की वास्तविक वजह क्या थी, यह पूरी तरह से विस्तृत तकनीकी जांच के बाद ही साफ हो सकेगा। प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए घटना के उच्च स्तरीय जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। प्रसाद हॉस्पिटल के पांचवें फ्लोर पर ICU है। वेटिंग हॉल चौथे फ्लोर पर है। जिसके चलते बचाव कार्य में मुश्किल हुई। करीब एक घंटे के बाद आग पर नियंत्रण हो सका। ICU में 20 से अधिक मरीजों के भर्ती होने की बात कही जा रही है।

चश्मदीदों के मुताबिक, आईसीयू से धुआं और लपटें उठते ही पूरे अस्पताल परिसर में चीख-पुकार मच गई और लोग जान बचाने के लिए भागने लगे।
अस्पताल के कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने मुस्तैदी दिखाते हुए तुरंत खिड़कियां तोड़कर मरीजों को सुरक्षित बाहर निकालने का काम शुरू किया।
घटना की जानकारी मिलते ही दमकल विभाग की 8 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और कर्मियों ने भारी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया।

हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी दल-बल के साथ प्रसाद हॉस्पिटल पहुंचे। अधिकारियों ने खुद मौके पर मौजूद रहकर राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान झुलसे हुए सभी मरीजों को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए शहर के विभिन्न अस्पतालों में शिफ्ट किया गया, जहां उनका इलाज जारी है।

मृतकों की पहचान की जा रही
इस भीषण अग्निकांड में जान गंवाने वाले अभागे मरीजों और गंभीर रूप से घायलों की शिनाख्त की प्रक्रिया प्रशासन द्वारा की जा रही है। इसके साथ ही, अस्पताल प्रबंधन और पुलिस की टीमें आईसीयू के भीतर हुए कुल माल-जाल के नुकसान का सटीक आकलन करने में जुटी हुई हैं।

NATIONAL : ‘फ्लरिश स्टे’ के पास नहीं था फायर NOC, 21 की मौत; शटर काटकर बेसमेंट में घुसी टीम

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दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में 3 जून 2026 की सुबह पांच मंज‍िला होटल फ्लरिश स्टे में आग लग गई, ज‍िससे 21 लोगों की जान चली गई. मरने वालों में अध‍िकांश व‍िदेशी नागर‍िक थे. दमकल विभाग के अनुसार, उन्हें सुबह 8:50 बजे घटना की सूचना मिली, जिसके तुरंत बाद फायर ब्रिगेड की 17 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य शुरू किया.

शटर काटकर बेसमेंट में घुसी टीम
फायर विभाग के चीफ ने बताया कि आग की शुरुआत बेसमेंट से हुई थी, जो धीरे-धीरे ऊपर की मंजिलों तक फैल गई. इस इमारत में कोई खिड़की नहीं थी और आने-जाने का सिर्फ एक ही रास्ता था, जिसकी वजह से आग बेहद तेजी से फैली और लोगों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिला. बेसमेंट में भी लोग रह रहे थे और वहाँ का शटर बंद था. फायर ब्रिगेड ने शटर काटकर अंदर प्रवेश किया और वहां फंसे 6 लोगों को बाहर निकाला. दमकल विभाग ने सूझबूझ से काम लेते हुए इमारत से कुल 37 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है.

जांच में बड़ा खुलासा
शुरुआती जांच में फायर डिपार्टमेंट ने एक बेहद गंभीर लापरवाही का खुलासा किया है. इस होटल के पास फायर डिपार्टमेंट की NOC यानी अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं था. फिलहाल राहत कार्य पूरा कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है.

विदेशी नागरिक और मरीज के मददगार बने हादसे का शिकार
हौजरानी की संकरी गलियों में स्थित ‘फ्लोरिश इन’ होटल में रहने वाले अधिकांश लोग विदेशी नागरिक थे. ये लोग दिल्ली के स्थानीय अस्पतालों में इलाज कराने आए मरीजों की देखभाल करने वाले अटेंडेंट (तीमारदार) थे. पाँच मंजिला इस इमारत के 25 कमरों में करीब 50 से अधिक लोग ठहरे हुए थे. हादसा सुबह के समय हुआ, जब ज्यादातर लोग गहरी नींद में थे और उन्हें संभलने का मौका तक नहीं मिला.

एक ही रास्ता और बंद खिड़कियां: इस वजह से बढ़ गया खतरा
आग की शुरुआत होटल के बेसमेंट से हुई, जिसने देखते ही देखते ऊपर की मंजिलों को अपनी चपेट में ले लिया. इमारत की बनावट ऐसी थी कि उसमें खिड़कियों की भारी कमी थी और आने-जाने के लिए केवल एक ही संकरा रास्ता (एंट्री-एग्जिट) था. इस वजह से धुआं और जहरीली गैसें पूरी बिल्डिंग में फैल गईं. राहत और बचाव कार्य में सबसे बड़ी चुनौती यह रही कि बेसमेंट का मुख्य शटर पूरी तरह बंद था, जिसे कटर से काटकर दमकल कर्मियों को अंदर दाखिल होना पड़ा. नियमों के खिलाफ इस बेसमेंट में भी लोग रह रहे थे.

चश्मदीद शेफ की आपबीती: ‘चूल्हा ऑन करते ही हुआ धमाका’
होटल के ग्राउंड फ्लोर पर चलने वाले रेस्टोरेंट के शेफ केसर नेगी इस भयानक हादसे में बाल-बाल बचे. उन्होंने बताया कि सुबह करीब 8 बजे जैसे ही उन्होंने खाना पकाने के लिए इलेक्ट्रिक चूल्हे का स्विच ऑन किया, अचानक एक जोरदार धमाका हुआ. हालांकि, बाद में उन्हें अहसास हुआ कि आग पहले से ही होटल में सुलग रही थी. नेगी ने तुरंत अपने सहायक को सतर्क किया और किसी तरह जान बचाकर बाहर भागे. बाहर आकर उन्होंने देखा कि पूरी इमारत आग की लपटों से घिरी हुई थी. (नोट: आग के आधिकारिक कारणों की पुष्टि होना अभी बाकी है).

SPORTS : महिला त्रिकोणीय टी20 सीरीज: आयरलैंड ने पहली बार वेस्टइंडीज को हराया

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  • प्रेंडरगास्ट रहीं मैच की नायिका

डबलिन, 02 जून (हि.स.)। आयरलैंड महिला टीम ने त्रिकोणीय टी20 श्रृंखला में इतिहास रचते हुए सोमवार देर रात वेस्टइंडीज को डकवर्थ-लुईस-स्टर्न (डीएलएस) पद्धति से 1 रन से हराकर टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी पहली जीत दर्ज की। इस जीत के साथ आयरलैंड ने फाइनल में पहुंचने की अपनी उम्मीदों को भी मजबूत कर लिया।

मैच की नायिका कप्तान ओरला प्रेंडरगास्ट रहीं, जिन्होंने गेंद और बल्ले दोनों से शानदार प्रदर्शन किया। पहले उन्होंने दो विकेट झटके और फिर नाबाद 71 रन की मैच विजयी पारी खेली।

पहले बल्लेबाजी करते हुए वेस्टइंडीज की शुरुआत बेहद खराब रही। एवा कैनिंग ने पावरप्ले में दो विकेट लेकर कैरेबियाई टीम को शुरुआती झटके दिए। पांच ओवर के भीतर शीर्ष क्रम के बल्लेबाज पवेलियन लौट गए और टीम दबाव में आ गई।

स्थिति तब और खराब हो गई जब स्टेफानी टेलर रन आउट होने के बाद चोटिल होकर रिटायर्ड हर्ट हो गईं। 10 ओवर के बाद वेस्टइंडीज का स्कोर केवल 53/4 था और टीम को बड़े स्कोर के लिए मजबूत साझेदारी की जरूरत थी।

इसके बाद जैनिलिया ग्लासगो और शेमेन कैंपबेल ने पारी संभाली। दोनों ने महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम को संकट से निकाला। कैंपबेल के आउट होने के बाद प्रेंडरगास्ट ने डेथ ओवरों में दो विकेट लेकर वेस्टइंडीज की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। निचले क्रम के बल्लेबाजों के कुछ उपयोगी चौकों की बदौलत वेस्टइंडीज 20 ओवर में 141/8 तक पहुंचने में सफल रहा।

142 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी आयरलैंड की शुरुआत भी खराब रही। शॉनिशा हेक्टर ने पारी की पहली चार गेंदों में ही दोनों सलामी बल्लेबाजों को आउट कर दिया।

इसके बाद कप्तान प्रेंडरगास्ट ने मोर्चा संभाला। अपने 24वें जन्मदिन पर उन्होंने शानदार बल्लेबाजी करते हुए चौकों की झड़ी लगा दी। हालांकि वेस्टइंडीज ने बीच में लगातार तीन विकेट लेकर आयरलैंड को 65/5 के स्कोर पर मुश्किल में डाल दिया।

लेकिन प्रेंडरगास्ट एक छोर पर डटी रहीं और तेजी से रन बनाती रहीं। 14 ओवर के बाद आयरलैंड का स्कोर 95/5 था, जिसमें अकेले प्रेंडरगास्ट के 71 रन शामिल थे। उस समय डीएलएस गणना के अनुसार आयरलैंड जीत से सिर्फ तीन रन पीछे था।

इसी दौरान बारिश शुरू हो गई। अंपायरों ने एक और गेंद फेंकने का फैसला किया और उस गेंद पर लुईस लिटिल ने किनारा लेकर चौका बटोर लिया। इसके बाद बारिश तेज हो गई और खिलाड़ियों को मैदान छोड़ना पड़ा। खेल दोबारा शुरू नहीं हो सका और डीएलएस नियम के तहत आयरलैंड को 1 रन से विजेता घोषित किया गया।

संक्षिप्त स्कोर

वेस्टइंडीज महिला: 141/8 (20 ओवर)

जैनिलिया ग्लासगो 36, शेमेन कैंपबेल 31

ओरला प्रेंडरगास्ट 2/26, एवा कैनिंग 2/11

आयरलैंड महिला: 99/5 (14.1 ओवर)

ओरला प्रेंडरगास्ट 71*

शॉनिशा हेक्टर 2/21

परिणाम: आयरलैंड महिला टीम 1 रन से विजयी (डीएलएस पद्धति)।

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