मुंबई. प्रतीक बब्बर और प्रिया बनर्जी की शादी 14 फरवरी को हुई. शादी के दो दिन पहले से ही बब्बर फैमिली चर्चा में हैं. शादी को एक महीने से ऊपर हो चुका है, लेकिन बब्बर फैमिली का विवाद खत्म नहीं हो रहा है. पिछले 2 महीने बब्बर फैमिली में मनमुटाव की चर्चा है. यह अफवाहें तब और बढ़ गई, जब प्रतीक ने अपनी शादी में अपने पिता और दिग्गज स्टार राज बब्बर, भाई आर्य बब्बर और बहन जूही बब्बर को नहीं बुलाया. प्रतीक ने अपनी दिवंगत मां स्मिता पाटिल के घर में ही शादी की. प्रतीक ने जब अपना नाम बदलकर प्रतीक स्मिता पाटिल कर लिया, तो यह मामला और गरमा गया. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रतीक के सौतेले भाई आर्या बब्बर ने कहा कि अपनी पहचान को आसानी से भुलाया नहीं जा सकता.

प्रतीक ने अपने पिता का सरनेम छोड़ दिया है और अब वह अपनी मां की विरासत को सम्मान देने के लिए प्रतीक स्मिता पाटिल के नाम से जाने जाएंगे. प्रतीक ने टाइम्स ऑफ इंडिया से कहा, “मैं बस वही कर रहा हूं जिससे मेरी आत्मा और दिल को सुकून मिले, और जिससे मेरा दिल मुस्कुराए, न कि इस बात की चिंता कर रहा हूं कि इसका मेरे करियर पर क्या असर पड़ेगा.”
प्रतीक स्मिता पाटिल ने आगे कहा, “मुझे परिणामों की परवाह नहीं है. मुझे बस इस बात की परवाह है कि जब मैं वह नाम सुनता हूं तो मुझे कैसा महसूस होता है.” प्रतीक के सरनेम बदलने के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए आर्या ने कहा, “मुझे बस इतना कहना है कि स्मिता मां हमारी भी मां हैं. और वह कौन-सा नाम रखना चाहते हैं और कौन सा नहीं, यह उनकी पसंद है.”


