गाजियाबाद में मुसलमानों ने जौहर की नमाज के बाद पहलगाम में मारे गए बेकसूर लोगों की आत्मा की शांति के लिए मौन रखा. अजान से पहले इसके लिए इमाम ने ऐलान भी किया था. इतना ही नहीं कुछ लोगों ने दरगाह में जाकर मारे गए लोगों की शांति के लिए और मृतकों के परिवार के सब्र के लिए दुआ भी पड़ी. लोगों ने गोली का बदला गोली से लेने की मांग की.

गाजियाबाद में नमाज से पहले इमाम ने ऐलान किया. ऐलान में उन्होंने कहा कि पहलगाम में आतंकवादी हमले में जो लोग मारे गए हैं, उनकी आत्मा की शांति के लिए 2 मिनट का मौन रखा जाएगा. इसी मस्जिद में नमाज पढ़ने आए मोहम्मद यासीन ने बताया कि हम इस घृणित कार्य को एक तरफ से अस्वीकार करते हैं. हमारी सहानुभूति मृतक की आत्मा और उनके परिवारों से है.
आतंकवादियों पर सख्त कार्रवाई की मांग
उन्होंने कहा है कि किसी भी तरह किसी भी धर्म के व्यक्ति का क्यों ना हो आतंकवाद के लिए बिल्कुल जगह नहीं है. हम सब मृतकों की आत्मा की शांति के लिए दुआ करेंगे और सबसे ही अपील करेंगे कि सब उनकी आत्मा की शांति के लिए दुआ करें. हर नमाजी और हर मुसलमान इस घृणित कार्य की निंदा करता है. सरकार से मांग है कि आतंकवाद के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए.
वहीं गाजियाबाद के डासना में स्थित जमाल शाह दरगाह पर तारिक नाम के व्यक्ति ने बताया कि उन्होंने पहलगाम में जो हमारे देश के नागरिक मारे गए हैं, उनकी आत्मा की शांति के लिए दुआ कर रहे हैं. ताकि ऊपर वाला उनकी आत्मा को शांति दे. जिन्होंने भी आतंकी हमला किया है जिन्होंने भी बेकसूरों को मारा है उनको कड़ी से कड़ी सजा मिले. सरकार से हम चाहते हैं जिन्होंने बेकसूर लोगों को गोली मारकर हत्या की है ऐसे लोगों गोली मार मारी जाए.


