ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने अपनी बांह पर काली पट्टी बांधकर शुक्रवार की नमाज पढ़ी. लखनऊ के इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया में पहलगाम आतंकी हमले के खिलाफ जुमा की नमाज में जान गंवाने वाले लोगों के लिए दुआ पढ़ी गई.

पहलगाम आतंकवादी हमले के विरोध और जान गंवाने वाले 26 लोगों के प्रति शोक संवेदना प्रकट करने के लिए ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने अपनी बांह पर काली पट्टी बांधकर शुक्रवार की नमाज पढ़ी. उन्होंने अपने X (पूर्व में ट्विटर) हैंडल से एक तस्वीर पोस्ट करते हुए मुस्लिमों से अपील की, ‘कृपया जुमा की नमाज के दिन पहलगाम में निर्दोष भारतीयों के खिलाफ लश्कर-ए-तैयबा के आतंकवादी कृत्य का विरोध करने के लिए अपनी बाहों पर काली पट्टी बांधें.’
वहीं, लखनऊ के इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया में पहलगाम आतंकी हमले के खिलाफ जुमा की नमाज में जान गंवाने वाले लोगों के लिए दुआ पढ़ी गई. नमाजियों ने इस आतंकी हमले में मारे गए लोगों की आत्म की शांति और मुल्क की तरक्की, घायलों के जल्द से जल्द सेहतमंद होने की दुआ की. हैदराबाद के सांसद ओवैसी ने कल एक वीडियो संदेश में ‘विदेशी ताकतों’ को एक कड़ा संदेश देने की बात कही थी कि भारतीय उन्हें देश की शांति और एकता को कमजोर नहीं करने देंगे.
उन्होंने कहा था, ‘पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के सिलसिले में मेरी अपील है कि कल जब आप नमाज-ए-जुमा पढ़ने जाएं तो अपनी बांह पर काली पट्टी बांध लें. ऐसा करके हम यह संदेश देंगे कि हम भारतीय विदेशी ताकतों को भारत की शांति और एकता को कमजोर नहीं करने देंगे. इस हमले से आतंकवादियों को हमारे कश्मीरी भाइयों को निशाना बनाने का मौका मिल गया है. मैं सभी भारतीयों से अपील करता हूं कि वे दुश्मन की चालों में न फंसें.’
पहलगाम में पर्यटकों पर हमला करने वाले आतंकियों पर भड़के असदुद्दीन ओवैसी ने कल हैदराबाद में पत्रकारों से बातचीत में कहा था कि ये कमीने-कुत्ते निर्दोष लोगों को उनका नाम पूछकर, मजहब पूछकर मार रहे थे. उन्होंने पहलगाम हमले को मानवता पर हमला बताया और कहा कि आतंकियों ने जानवर से भी बदतर व्यवहार किया. ओवैसी ने कहा कि आतंकवाद की जड़ें खोदनी होंगी. उन्होंने सरकार से इसे जड़ से खत्म करने के लिए जरूरी कदम उठाने का अनुरोध किया.


