MEERUT : मेरठ में किसान के यहां डर की दास्तान, एक ही रात में एक-एक कर निकले 52 सांप

0
79

समौली गांव निवासी किसान महकू सिंह अपने घर में रोजमर्रा का कार्य कर रहे थे. तभी अचानक उनकी नजर रेंगते एक सांप पर पड़ी. वह लगभग एक से डेढ़ फीट लंबा था. उन्होंने तुरंत लकड़ी से उसे मार दिया और सोचकर रह गए कि शायद अकेला ही होगा. लेकिन जब कुछ ही समय बाद दोबारा नजर गई तो फिर एक सांप दिखाई दिया. इसके बाद जैसे सांप निकलने का सिलसिला शुरू हो गया.

मेरठ जिले के समौली गांव में रविवार का दिन लोगों के लिए किसी डरावने अनुभव से कम नहीं रहा. गांव के एक किसान के घर के घेर से एक के बाद एक कुल 52 सांप निकलने की खबर से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया. जब पहली बार किसान ने सांप देखा, तो उसे मामूली घटना समझा और मार डाला, लेकिन इसके बाद जो हुआ उसने पूरे गांव को चौंका दिया.

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक समौली गांव निवासी किसान महकू सिंह रविवार दोपहर वह अपने घर में रोजमर्रा का कार्य कर रहे थे. तभी अचानक उनकी नजर रेंगते एक सांप पर पड़ी. वह लगभग एक से डेढ़ फीट लंबा था. उन्होंने तुरंत लकड़ी से उसे मार दिया और सोचकर रह गए कि शायद अकेला ही होगा. लेकिन जब कुछ ही समय बाद दोबारा नजर गई तो फिर एक सांप दिखाई दिया. इसके बाद जैसे सांप निकलने का सिलसिला शुरू हो गया.कुछ ही देर में एक के बाद एक सांप निकलते गए. यह नजारा देख किसान के परिवार में डर का माहौल बन गया. महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया. महकू सिंह ने अपने परिजनों के साथ मिलकर हिम्मत दिखाई और सांपों को मारना शुरू कर दिया. सभी मिलकर लगातार सांपों को लकड़ियों से मारते गए और उन्हें गड्ढा खोदकर दबाते चले गए.

जब एक ही घर से इतनी संख्या में सांप निकलने की जानकारी गांव में फैली, तो ग्रामीण भी हैरान रह गए. बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए. कुछ लोगों को पहले विश्वास नहीं हुआ, लेकिन जब उन्होंने जमीन पर मरे हुए सांप देखे तो सच्चाई सामने थी. लोग घटना की जगह को घेरकर खड़े हो गए और चर्चा का दौर शुरू हो गया.

ग्रामीणों की मदद से सांपों की खोजबीन और मारने का सिलसिला चलता रहा. देर रात तक सांप निकलते रहे. अनुमान है कि सांप किसी पुराने बिल या दरवाजे के नीचे बने छेद से निकल रहे थे. महकू सिंह के अनुसार रात करीब नौ बजे तक उनके घेर से कुल 52 सांप निकल चुके थे, जिन्हें मारकर गड्ढे में दबा दिया गया.

चौंकाने वाली बात यह रही कि इतनी बड़ी संख्या में सांपों के निकलने के बावजूद इस बारे में वन विभाग को सूचना नहीं दी गई. विशेषज्ञों के अनुसार ऐसी स्थिति में वन विभाग या स्थानीय प्रशासन को सूचित करना चाहिए ताकि सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू ऑपरेशन किया जा सके और सांपों को जंगल में छोड़ा जा सके.

यह घटना समौली गांव में चर्चा का विषय बनी रही. लोग अपने-अपने तरीके से अनुमान लगाने लगे कि आखिर इतने सारे सांप एक ही घर में कैसे और क्यों इकट्ठा हुए थे. कुछ ग्रामीणों ने आशंका जताई कि हो सकता है कि बारिश के मौसम में सांपों ने जमीन में बसेरा बना लिया हो. वहीं कुछ का कहना था कि किसी पुराने सांप के बिल या सुरंग से यह संभव हुआ होगा.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here