छपरा में निजी नर्सिंग होम संचालक डॉक्टर के अपहरण की कोशिश का सारण पुलिस ने 24 घंटे में खुलासा कर दिया. पांच अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें से दो का पुलिस ने हाफ इनकाउंटर किया है. अपहरण की साजिश व्यवसायिक प्रतिद्वंद्विता में रची गई थी. दिसंबर महीने में यह सारण पुलिस का तीसरा एनकाउंटर है.
बिहार के छपरा में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अपराधियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया. निजी नर्सिंग होम संचालक डॉक्टर के अपहरण की कोशिश के महज 24 घंटे के भीतर सारण पुलिस ने इस वारदात में शामिल पांच अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया, जिनमें से दो अपराधियों का पुलिस ने हाफ एनकाउंटर किया है.
घटना बीती रात नगर थाना क्षेत्र की है, जहां हथियारों से लैस चार-पांच अपराधियों ने निजी नर्सिंग होम संचालक डॉक्टर सजल कुमार, उनके चालक और केयरटेकर का अपहरण करने की कोशिश की थी. अपराधी डॉक्टर की ही गाड़ी से उन्हें ले जा रहे थे, लेकिन शीशमहल होटल के पास मौके का फायदा उठाते हुए डॉक्टर सजल कुमार चलती गाड़ी से कूदकर भागने में सफल रहे. इसके बाद अपराधी चालक, केयरटेकर और गाड़ी को लेकर फरार हो गए.

बुधवार रात करीब 11 बजे कोहरे के कारण अपराधियों की गाड़ी सारण जिलाधिकारी के सरकारी आवास के पास एक बिजली ट्रांसफार्मर से टकरा गई. हादसे के बाद अपराधी मौके से फरार हो गए, जबकि चालक और केयरटेकर घायल अवस्था में मिले.
गुरुवार सुबह डॉक्टर सजल कुमार ने नगर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर नगर थाना कांड संख्या 734/25 दर्ज कर जांच शुरू की गई. सारण एसएसपी डॉक्टर कुमार आशीष के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और अन्य इनपुट के आधार पर सभी पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.
गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस अपराधियों को हथियार बरामदगी के लिए एक बगीचे में ले गई, तभी अपराधियों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी. पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दो अपराधियों के पैर में गोली लगी, जबकि अन्य तीन को सुरक्षित गिरफ्तार कर लिया गया.
एसएसपी डॉक्टर कुमार आशीष ने बताया कि इस अपहरण की साजिश व्यवसायिक प्रतिद्वंद्विता के कारण रची गई थी. एक अन्य डॉक्टर ने कॉन्ट्रैक्ट देकर अपराधियों से अपहरण की योजना बनवाई थी, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. उन्होंने बताया कि आरोपी पेशेवर अपराधी हैं और इनके आपराधिक इतिहास की जांच की जा रही है.


