देश की जानी मानी एयरलाइन कंपनी इंडिगो को सितंबर महीने की तिमाही में भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है. कंपनी को कुल 2,582.10 करोड़ रुपए का शुद्ध घाटा हुआ है.देश की जानी मानी एयरलाइन कंपनी इंडिगो को सितंबर महीने की तिमाही में भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है. कंपनी को कुल 2,582.10 करोड़ रुपए का शुद्ध घाटा हुआ है. पिछले साल इसी तिमाही के अवधि में भी कंपनी को 986.7 करोड़ रुपए का लॉस हुआ था. हालांकि, कंपनी को जून तिमाही में 2,176.30 करोड़ रुपए का लाभ हुआ था. इंडिगो की पैरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन के अनुसार, इस नुकसान की मुख्य वजह डॉलर के मुकाबले रुपए की कीमतों में आई गिरावट है.

रुपए में जारी उतार-चढ़ाव के कारण कंपनी का खर्च बढ़ गया. जिससे कंपनी को नुकसान उठाना पड़ा. एयरलाइन कंपनियों का मुख्य खर्च फ्यूल और एयरलाइन की मरम्मत में होता है. इन दोनों के लिए ही एयरलाइन कंपनियां डॉलर में भुगतान करती है. रुपए की कीमतों में आई गिरावट से कंपनी को अधिक भुगतान करना होता है. जिससे कंपनी का घाटा बढ़ जाता है.
इंडिगो के सीईओ पीटर एल्बर्स ने जानकारी दी है कि, कंपनी दिसंबर में अपना पहला लॉन्ग रेंज एयरबस A321 XLR विमान की शुरुआत करने वाली है. इसमें 183 इकोनॉमी सीट्स और 12 स्ट्रेच सीट्स होंगी. सीईओ ने बताया कि, इस विमान के शामिल होने से एयरलाइन को इंटरनेशनल नेटवर्क फैलाव में मदद मिलेगी.
साथ ही इंडिगो बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान को भी डैम्प लीज पर लाने की योजना बना रही है. डैम्प लीज कहने का मतलब है कि, कंपनी आंशिक चालक दल और रखरखाव सेवाओं को लीज पर लेगी.
एल्बर्स ने जानकारी दी है कि, जुलाई के बाद इंडस्ट्री में स्थिरता आई है और अगस्त-सितंबर में रिकवरी देखने को मिली है. घरेलू बाजार में इंडिगो की हिस्सेदारी 64.3 प्रतिशत है, जो भारत में इसे नंबर वन एयरलाइन कंपनी बनाती है. अब कंपनी विदेश के नए रूट्स पर ध्यान केंद्रित कर रही है. जिससे कंपनी को लाभ हो सकता है.


