पानीपत में होली के दिन लापता हुए 23 वर्षीय युवक की मौत का मामला हत्या निकला. पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि होली के दौरान हुए विवाद और पुरानी रंजिश के चलते उसके तीन दोस्तों ने साजिश रचकर उस पर हमला किया और उसे रेलवे ट्रैक पर छोड़ दिया. पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
हरियाणा के पानीपत में होली के दिन लापता हुए 23 साल के कालू की मौत की गुत्थी को रेलवे पुलिस ने सुलझा लिया है. जिसे पहले एक हादसा माना जा रहा था, वह दरअसल एक सोची-समझी साजिश और नृशंस हत्या निकली. जीआरपी पुलिस ने इस मामले में मृतक के ही गांव महमूदपुर के रहने वाले तीन दोस्तों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने पुरानी रंजिश और होली पर हुए विवाद का बदला लेने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया.
रेलवे पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मोबाइल लोकेशन के आधार पर गांव महमूदपुर निवासी संजू, राहुल और विशाल को गिरफ्तार किया है. पूछताछ में इन तीनों ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया है. पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी संजू ही इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड था.

वारदात वाले दिन यानी होली पर कालू ने संजू की गर्लफ्रेंड को रंग लगा दिया था. इस बात से संजू बुरी तरह भड़क गया था और उसने उसी वक्त कालू को रास्ते से हटाने का मन बना लिया था. संजू ने बताया कि एक बार कालू उसकी बाइक मांग कर ले गया था, जिसका एक्सीडेंट हो गया. एक्सीडेंट में बाइक काफी टूट गई थी, लेकिन कालू ने उस नुकसान की भरपाई नहीं की.
पानीपत जीआरपी थाना प्रभारी धर्मपाल ने बताया कि आरोपियों ने कालू को मारने के लिए बाकायदा योजना बनाई. शाम के समय संजू उसे घर से बुलाकर ले गया. तीनों आरोपियों ने कालू के साथ शराब पार्टी की. उन्होंने खुद बहुत कम शराब पी, लेकिन कालू को जबरन जमकर शराब पिलाई गई ताकि वह खुद को संभाल न सके. जब कालू पूरी तरह नशे में धुत हो गया, तो आरोपी उसे बाइक पर बैठाकर रेलवे ट्रैक के पास ले गए. वहां संजू ने कालू की गर्दन पर दो बार पेंचकस से वार किए. हालांकि, इसके बावजूद कालू की जान नहीं निकली.
थाना प्रभारी ने बताया कि जब पेंचकस के वार से कालू नहीं मरा, तो आरोपियों ने कालू के हाथ-पैर पकड़े और उसे रेलवे ट्रैक के बीचों-बीच लेटा दिया. कालू नशे और चोट के कारण विरोध करने की स्थिति में नहीं था. आरोपियों के वहां से हटते ही तेज रफ्तार ट्रेन आई और कालू का शरीर क्षत-विक्षत हो गया.घटना के बाद पुलिस को रेलवे ट्रैक के पास कालू का शव मिला था. रेलवे पुलिस ने जब जांच शुरू की और संदिग्धों के मोबाइल लोकेशन खंगाले, तो संजू और उसके साथियों की मौजूदगी घटनास्थल के पास पाई गई. कड़ाई से पूछताछ करने पर तीनों टूट गए और पूरी सच्चाई बयां कर दी.


