उत्तराखंड के कोटद्वार में हुल्क जिम चलाने वाले मोहम्मद दीपक को एक विवाद के बाद भारी नुकसान हुआ है. जिम के सदस्य घटकर 12 से 15 रह गए हैं. अब सुप्रीम कोर्ट के करीब 12 वरिष्ठ वकीलों ने एक साल की सदस्यता लेकर दीपक के समर्थन में कदम उठाया है.उत्तराखंड के कोटद्वार में हुल्क जिम के मालिक दीपक कुमार के समर्थन में सुप्रीम कोर्ट के करीब एक दर्जन वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने आगे आकर सदस्यता खरीदी है. सूत्रों के अनुसार विवाद के बाद दीपक का जिम लगभग खाली हो गया था और उनका कारोबार बुरी तरह प्रभावित हुआ.
दीपक कुमार ने पहले बताया था कि उनका जिम कभी 150 से ज्यादा सदस्यों वाला एक व्यस्त केंद्र था. लेकिन एक दुकान के नाम को लेकर हुए विवाद के बाद सदस्य संख्या घटकर सिर्फ 12 से 15 रह गई है. उन्होंने कहा कि लगातार तनाव के कारण उनकी रोजी-रोटी पर असर पड़ा है.एक वकील के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट के करीब 12 वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने जिम की एक साल की सदस्यता ली है. इसके लिए उन्होंने 10 हजार रुपये प्रति सदस्य शुल्क दिया. सदस्यता कार्ड उन स्थानीय युवाओं को दिए जाएंगे जो फीस नहीं दे सकते.

दीपक को कुछ अन्य अधिवक्ताओं ने मुफ्त कानूनी सहायता देने की पेशकश भी की है. वकीलों का कहना है कि कानूनी समुदाय दीपक के साथ एकजुटता दिखा रहा है. यह विवाद 26 जनवरी को शुरू हुआ था जब बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने कोटद्वार के पटेल मार्ग पर बाबा नाम की कपड़ों की दुकान के बाहर प्रदर्शन किया था.
दुकान के मालिक वकील अहमद पर नाम बदलने का दबाव बनाया जा रहा था. प्रदर्शन के दौरान झड़प हुई थी, जिसमें दीपक कुमार ने खुद को ‘मोहम्मद दीपक’ बताते हुए विरोध कर रहे लोगों को पीछे हटने पर मजबूर किया था. इसके बाद हिंदू रक्षा दल के एक वायरल वीडियो से चिंता बढ़ी, जिसमें 12 फरवरी को कोटद्वार पहुंचकर दीपक को सबक सिखाने की धमकी दी गई थी. स्थानीय प्रशासन ने मामले में सख्त निगरानी बनाए रखी है.

