आईंरा इंटरनेशनल रिपोर्टर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत वर्मा ने प्रदेश सरकार के उस निर्णय का स्वागत किया है जिसमें सुप्रीम कोर्ट की दिशा निर्देशों का हवाला देते हुए यह कहा गया है कि प्रदेश के स्कूली बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए स्कूलों के आसपास घूम रहे हैं आवारा कुत्तों को हटाने में संकुल समन्वयक एवं प्राचार्य की भूमिका अहम रहेगी दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट के ही पत्रकारों पर तमाम तरह के दिशा निर्देश समय-समय पर जारी होते रहते हैं जैसा कि पत्रकारों पर अगर फर्जी एफआईआर दर्ज होते हैं तो संबंधित राज्यों के डीजीपी जिम्मेदार होंगे इसका कहीं पर भी कहीं पालन नहीं किया जा रहा है इसी तरह पत्रकारों को लेकर एक और एडवाइजरी जारी किए गए कि सूत्र आधारित समाचार पर या सरकार की आलोचना करने पर किसी भी पत्रकार पर मुकदमा या मानहानिकारक मामला दर्ज नहीं किया जा सकता उसके बावजूद भी इस निर्देश की खुलेआम राज्य सरकारें धज्जियां उड़ा रही है

आखिर सरकारें पत्रकारों के मामले पर सुप्रीम कोर्ट की दिशा निर्देशों का भी पालन क्यों नहीं करती सरकार नहीं चाहती कि पत्रकारों को सुरक्षा व संरक्षण मिले क्योंकि अक्सर सरकार में रहने वाले लोग ही भ्रष्टाचार में लिप्त रहते है और लोकतंत्र का चौथा स्तंभ उस भ्रष्टाचार को जनता के सामने लाने का प्रयास करते है यही कारण है कि पत्रकारों को लेकर सरकारें उतनी संजीदा नहीं है जीतने के दूसरे मामले को लेकर पत्रकारों के अंतरराष्ट्रीय संगठन आईंरा इंटरनेशनल रिपोर्टर एसोसिएशन छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष हेमंत वर्मा ने छत्तीसगढ़ शासन से मांग किया है कि जिस तरीके से आवारा कुत्तों को लेकर सुप्रीम कोर्ट की निर्देशों का राज्य सरकार ने कड़ाई से पालन किया इसी तरह देश का चौथा स्तंभ पत्रकारों को लेकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का भी कड़ाई से पालन करने का एडवाइजरी जारी करने का कष्ट करें एवं फर्जी एफआईआर करने वाले पुलिसकर्मियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करें

