एएमयू के हॉस्टल के कमरे से बरामद सामान में देसी पिस्टल की 32 बोर की दो मैगजीन, 315 बोर के चार खोखे, 9 एमएम का एक जिंदा कारतूस, 12 बोर के चार कारतूस और कई खाली खोखे शामिल हैं.
अलीगढ़ में दो दिन पहले एफएम टॉवर इलाके में हुई फायरिंग की घटना ने अब नया मोड़ ले लिया है. इस मामले की जांच कर रही पुलिस ने जब सुरागों के आधार पर अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के हॉस्टल में दबिश दी, तो वहां से जो बरामदगी हुई उसने पूरे विश्वविद्यालय परिसर और शहर में हलचल मचा दी है. पुलिस को एक छात्र के कमरे से न सिर्फ हथियारों से जुड़ा सामान मिला, बल्कि नकली नोट और संदिग्ध दस्तावेज भी बरामद हुए.
दरअसल पूरा मामला अलीगढ मुस्लिम विश्वविद्यालय का है जहां पुलिस टीम ने एएमयू के सर जियाउद्दीन हॉल में छापेमारी की. यह कार्रवाई एफएम टॉवर क्षेत्र में हुई फायरिंग की घटना के सिलसिले में की गई थी, जिसमें पुलिस पहले से ही कुछ संदिग्धों की तलाश कर रही थी. जांच के दौरान मिले इनपुट के आधार पर पुलिस सीधे हॉस्टल तक पहुंची और एक कमरे को चिन्हित कर तलाशी ली तो तलाशी के दौरान पुलिस को कमरे से आपत्तिजनक सामग्री का बड़ा जखीरा मिला. बरामद सामान में देसी पिस्टल की 32 बोर की दो मैगजीन, 315 बोर के चार खोखे, 9 एमएम का एक जिंदा कारतूस, 12 बोर के चार कारतूस और कई खाली खोखे शामिल हैं.

इसके अलावा पुलिस को 100 रुपये के छह नकली नोट भी मिले हैं, जिससे यह आशंका जताई जा रही है कि आरोपी छात्र किसी बड़े फर्जीवाड़े या आपराधिक नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है. इतना ही नहीं, कमरे से आठ मोबाइल फोन और एक लैपटॉप भी बरामद हुआ है. पुलिस अब इन इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी किन लोगों के संपर्क में था और उसका नेटवर्क कितना बड़ा है. इन डिवाइसों से कई अहम सुराग मिलने की उम्मीद जताई जा रही है. सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह रही कि पुलिस को छात्र के नाम से दो अलग-अलग हाईस्कूल मार्कशीट मिलीं, जिनमें उम्र अलग-अलग दर्ज है.
इसके साथ ही दो अलग-अलग नामांकन पत्र भी बरामद हुए हैं. इस खुलासे के बाद यह शक गहराता जा रहा है कि आरोपी छात्र ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए विश्वविद्यालय में प्रवेश लिया था या फिर किसी और की पहचान का इस्तेमाल कर रहा था. पुलिस के मुताबिक, जिस छात्र के कमरे से यह सभी सामान बरामद हुआ है उसकी पहचान शहबाज उर्फ छोटू के रूप में हुई है, जो द्वितीय वर्ष का छात्र बताया जा रहा है.
हालांकि पुलिस जब मौके पर पहुंची तो वह पहले ही फरार हो चुका था. इससे यह भी संकेत मिलता है कि उसे पुलिस की कार्रवाई की भनक पहले ही लग गई थी. पुलिस के अनुसार इस मामले में सिविल लाइन थाने में आरोपी छात्र के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है और उसकी गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं. पुलिस ने आसपास के इलाकों में दबिश देना शुरू कर दिया है और उसके संभावित ठिकानों की तलाश की जा रही है. इसके साथ ही पुलिस आरोपी के करीबी लोगों और दोस्तों से भी पूछताछ कर रही है.

