Saturday, January 31, 2026
Home Blog Page 1116

हरियाणा में धराशाही हुई कचरा प्रबंधन योजना, नहीं हो रहा कचरे का निस्तारण: कुमारी सैलजा

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि प्रदेश में कचरा प्रबंधन योजना पूरी तरह से धराशाही हो चुकी है, पहले से स्थापित कचरा प्रबंधन प्लांट बंदी के कगार पर है, वहां पर कूड़े के पहाड़ बने हुए, न तो वहां पर खाद का निर्माण हो पाया और न ही कचरे से बिजली का उत्पादन हो पाया है। अब भाजपा सरकार फिर से कचरे से बिजली पैदा करने की घोषणा कर जनता के जख्मों पर नमक छिड़क रही है। भाजपा सरकार चाहे प्रदेश की हो या केंद्र की इसे झूठी घोषणाएं कर जनता को गुमराह करना अच्छी तरह से आता है। सबसे पहले सरकार को कचरा प्रबंधन की दिशा में ठोस और कारगर कदम उठाना चाहिए।

PunjabKesari

बता दें कि सिरसा के गांव बकरियांवाली में कचरा प्रबंधन प्लांट की स्थापना 2006 में की गई थी, इस प्लांट पर 14 वर्षों से डंप सैकडों हजार टन कचरा आज भी पड़ा हुआ है। वर्ष 2006 से कचरा प्लांट पर कचरा निस्तारण के लिए मशीन लगाई है और कूड़े से खाद बनाई जाती है। आज यह प्लांट खुद एक कचरा बनकर रह गया है। इसी प्रकार का कचरा प्रबंधन प्लांट अंबाला में भी लगाया गया था। जहां पर न तो खाद बनाई गई और न ही बिजली का उत्पादन शुरू हुआ क्योंकि भाजपा सरकार ने सत्ता में आते ही वायदा किया था कि कचरे से बिजली बनाई जाएगी। कुमारी सैलजा ने कहा कि केंद्रीय ऊर्जा मंत्री और हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने घोषणा की है कि हरियाणा में कचरे से बिजली बनाई जाएगी और इस कार्य की शुरुआत गुरुग्राम-फरीदाबाद से की जाएगी जहां पर वेस्ट टू एनर्जी प्लांट लगेंगे।

कुमारी सैलजा ने कहा कि बिजली पैदा करना अच्छी बात है पर पहले से स्थापित कचरा प्रबंधन प्लांट की ओर भी ध्यान देना चाहिए जहां पर प्लांट न चलने से कचरे के पहाड़ जैसे ढेर लगे हुए। गांव बकरियांवाली के ग्रामीण कई बार धरना प्रदर्शन और अनशन कर चुके है क्योंकि कचरे का निस्तारण न होने से बदबू फैल रही है। लोग विभिन्न प्रकार के रोगों की चपेट में आ रही है, आसपास के खेतों में फसलें तक नहीं हो रही है। सैलजा ने कहा कि सिरसा जिला के इस प्लांट में भी बिजली पैदा करने की घोषणा की गई थी पर ये घोषणाएं आज भी कागजों में कैद होकर रह गई है। सरकार कहती है कि हरियाणा को अपनी बिजली की जरूरतें पूरी करने के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भर रहना पड़ता है। हरियाणा में हर साल बिजली की मांग बढ़ती जा रही है। इसको लेकर अब कचरे से बिजली पैदा करने के लिए प्रदेश और केंद्र के बीच एक एमओयू साइन हुआ है।

सिरसा और अंबाला में कचरा निस्तारण जरूरी

कुमारी सैलजा ने कहा कि अंबाला और सिरसा में वायु सेना केंद्र है जहां से प्रतिदिन लडाकू विमान अभ्यास के लिए उड़ान भरते है। कचरे से पक्षी आकर्षित होते है ऐसे में उड़ान के दौरान हादसे का खतरा रहता है। इसी को लेकर कचरा प्रबंधन प्लांट स्थापित किए गए थे, ऐसे में इन स्थानों पर कचरे का निस्तारण बेहद जरूरी है। कुमारी सैलजा ने कहा कि गुरूग्राम और फरीदाबाद में भी कचरे से बुरा हॉल है, वहां के जनप्रतिनिधि तक खुद इस अव्यवस्था को लेकर आवाज उठा चुके हैं।  उन्होंने कहा कि सरकार को वो ही घोषणाएं करनी चाहिए जिन्हें वे पूरा कर सके, जनता को गुमराह करने के लिए कोई  घोषणा नहीं की जानी चाहिए।

Haryana : करनाल में कोहरे के कारण निजी रोडवेज बस दुर्घटनाग्रस्त, 20 लोगों को आई चोटें

करनाल में घने कोहरे के चलते भीषण हादसा हुआ। दरअसल, मधुबन के पास एनएच 44 पर निर्माणाधीन पुल का कार्य चल रहा है। इसके कारण घने कोहरे में निजी रोडवेज बस दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में बस का आगे का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं। हादसे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। क्रेन की मदद से बस को किनारे कराया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

जानकारी के अनुसार रविवार की सुबह कोहरे के कारण विजिबिलिटी बहुत कम थी। लखनऊ से पंजाब जा रही एक प्राइवेट बस जैसे ही मधुबन ओवरब्रिज पार करके नीचे उतरी तो आगे एक और पुल का निर्माण कार्य चल रहा था। वहां डायवर्जन लिखा हुआ था, लेकिन ड्राइवर को आगे कुछ दिखाई नहीं दिया और वह बस को सर्विस रोड पर मोड़ नहीं सका और बस सीधे एक बड़े पत्थर से टकरा गई। टक्कर होते ही बस में सवार यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई।

हादसे के समय बस में करीब 30 से 35 यात्री थे जिसमें 20 से ज्यादा लोगों को मामूली चोटें आई है। हालांकि कोई भी यात्री अस्पताल नहीं पहुंचा। इस दौरान यात्री दूसरी बस पकड़कर चले गए। हादसे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। क्रेन की मदद से बस को किनारे कराया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

Delhi के बाद Haryana में भी दौड़ेगी Namo Bharat Train, जानें कहां-कहां बनेंगे Station

दिल्ली में सफर का नया अध्याय लिखने वाली नमो भारत ट्रेन (Namo Bharat Train) से जुड़ी खबर हरियाणा के लिए खुशखबरी लेकर आएगी। बता दें कि पीएम मोदी आज रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) के साहिबाबाद से न्यू अशोक नगर के बीच के खंड का उद्घाटन करेंगे। इस ट्रेन के संचालन से दिल्ली से गाजियाबाद और मेरठ के बीच सफर बेहद आसान हो जाएगा। आगामी चरण में नमो भारत ट्रेन दिल्ली के सराय काले खां से लेकर वाया गुरुग्राम होते हुए रेवाड़ी के धारूहेड़ा तक दौड़ेगी।

हरियाणा के गुरुग्राम और रेवाड़ी में 9 जगहों पर स्टेशन बनेंगे जिनमें साइबर सिटी, इफको चौक, राजीव चौक, हीरो होंडा चौक, खेड़की दौला, मानेसर, पंचगांव, बिलासपुर और धारूहेड़ा शामिल हैं।

एक चरण में दौड़ेगी नमो भारत 

पिछले साल अक्टूबर में आवास एवं शहरी मंत्री मनोहर लाल खट्टर और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी के बीच एक बैठक हुई थी जिसमें निर्णय लिया गया है कि सराय काले खां से लेकर धारूहेड़ा तक नमो भारत ट्रेन के रूट का निर्माण एक चरण में किया जाएगा। इस रूट पर राजीव चौक, हीरो होंडा चौक, खेड़कीदौला और मानेसर में भूमिगत स्टेशन का निर्माण किया जाएगा। हरियाणा में नमो भारत ट्रेन के प्रोजेक्ट को धरातल पर अमलीजामा पहनाने के लिए सूबे की नायब सैनी सरकार 34 हजार करोड़ रूपए की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) को अपनी मंजूरी प्रदान कर चुकी हैं। अब शहरी एवं आवास मंत्रालय से डीपीआर मंजूरी का इंतजार हो रहा है।

हरियाणा में नए अपराधिक कानूनों को लेकर बुलाई गई बैठक, जानिए क्या रहेगा खास

हरियाणा में अपराध की बढ़ती घटनाओं को नियंत्रित करने और नए अपराधिक कानूनों के लागू होने से पहले प्रदेश के पुलिस अधिकारियों की एक अहम बैठक बुलायी गई है। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने इस बैठक के जरिए प्रदेश के पुलिस अधिकारियों से रिपोर्ट लेने का निर्णय लिया है। यह बैठक मुख्यमंत्री बनने के बाद सैनी द्वारा पुलिस अधिकारियों के साथ की जाने वाली पहली बैठक होगी, जिससे प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार की प्राथमिकताओं का स्पष्ट संकेत मिलेगा।

10 जनवरी को चंडीगढ़ में होने वाली इस बैठक में हरियाणा की सभी पुलिस रेंज के आईजी, सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक, और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद होंगे। इसके अलावा, गृह सचिव, पुलिस महानिदेशक, और एडीजीपी स्तर के अधिकारी भी इस बैठक में शामिल होंगे। बैठक के दौरान, सभी जिला पुलिस अधीक्षक अपने-अपने जिलों की क्राइम रिपोर्ट पेश करेंगे, जो कि प्रदेश में हो रही आपराधिक घटनाओं और पुलिस की कार्रवाई के बारे में जानकारी देंगे।

हरियाणा में पिछले कुछ समय से अपराधिक घटनाओं में वृद्धि देखने को मिली है। इन घटनाओं में फिरौती मांगने जैसी घटनाएं भी शामिल हैं, जिन पर पुलिस की कार्रवाई सवालों के घेरे में है। इसके अलावा, प्रदेश में अपराधों को नियंत्रित करने में पुलिस की सफलता को लेकर विपक्षी दलों द्वारा लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। ऐसे में, यह बैठक मुख्यमंत्री के लिए खास अहमियत रखती है, खासकर विधानसभा के आगामी बजट सत्र से पहले, जब विपक्ष सरकार को कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर घेर सकता है।

इस बैठक में नए अपराधिक कानूनों को लागू करने की दिशा में अब तक की गई तैयारियों पर भी रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएगी। हरियाणा में अगले महीने से नए अपराधिक कानून लागू किए जाएंगे। इन कानूनों के बारे में पुलिस कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जा रही है और विभिन्न पुलिस थानों और चौकियों में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि पुलिस कर्मियों को इन नए कानूनों के बारे में जानकारी मिल सके। पुलिस महानिदेशक शत्रुजीत कपूर इस प्रक्रिया की निगरानी कर रहे हैं।

हरियाणावाले हो जाएं तैयार, फिर होगी बारिश…जानें आगे कैसा रहेगा मौसम

हरियाणा में ठंड ने प्रचंड रुप दिखाना शुरु कर दिया है। प्रदेश में ठंड के साथ-साथ घने कोहरे का असर देखा गया है। सुबह राज्य के सभी शहरों में घना कोहरा छाया रहा। इससे दृश्यता शून्य दर्ज की गई। इससे शहरों के तापमान में काफी उछाल देखा गया है। राज्य में सबसे ठंडा नारनौल रहा, जहां शहर का न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक अगले दो दिन कुछ शहरों में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान जताया गया है।

मौसम विभाग ने जारी किया यलो अलर्ट

चंडीगढ़ मौसम विभाग के निदेशक सुरेंद्र पाल ने बताया कि आज और कल कुछ शहरों में बारिश की संभावना है। उसके बाद दस को फिर से एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसका भी असर मैदानी इलाकों में देखा जाएगा। जनवरी के अगले दो हफ्ते में फिलहाल ठंड से राहत की उम्मीद नहीं है। बारिश व कोहरे को देखते हुए मौसम विभाग ने अगले दो दिन के लिए यलो अलर्ट जारी किया है।

झज्जर क्षेत्र में लगातार तीसरे दिन घना कोहरा

झज्जर शहर व आसपास के क्षेत्र में लगातार तीसरे दिन रविवार को घना कोहरा छाया रहा, जिसके कारण दृश्यता करीब 5 से 10 मीटर रही। इस दौरान लोगों व वाहन चालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।

हरियाणा में अपराध के मामलों में गिरावट, महिलाओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान

हरियाणा में अपराध के आंकड़ों में 14.62% की कमी दर्ज की गई है। 2023 में जहां 1,59,610 मामले दर्ज हुए थे, वहीं 2024 में यह संख्या घटकर 1,36,269 रह गई—कुल 23,341 मामलों की कमी। महिलाओं के खिलाफ अपराध, जैसे बलात्कार, में 19.24% की कमी आई है। बलात्कार के प्रयास के मामलों में 43.72%, यौन उत्पीड़न में 36.82%, और दहेज हत्या के मामलों में 14% की गिरावट दर्ज की गई।

2023 में हत्या के कुल 1,042 मामले दर्ज किए गए थे, जबकि 2024 में यह संख्या घटकर 950 हो गई। यह 2009 के बाद पहली बार है जब हत्या के मामलों में इतनी कमी देखी गई है।

पुलिस के प्रयासों का असर
हरियाणा के डीजीपी शत्रुजीत कपूर ने बताया कि पुलिस के प्रयासों के कारण 2024 में अपराध में 14.62% की कमी आई है। महिलाओं की सुरक्षा को लेकर विशेष कदम उठाए गए हैं। 443 संवेदनशील स्थानों को चिन्हित किया गया है, जहां छेड़छाड़ की घटनाएं अधिक होती थीं। इन स्थानों पर 1,381 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और विशेष पुलिस बल तैनात किया गया है, जिससे महिलाओं के खिलाफ अपराधों में कमी आई है। पुलिस हेल्पलाइन 112 पर शिकायतों का औसत जवाबी समय 6 मिनट 41 सेकंड रह गया है, जो 2021 में 16 मिनट 14 सेकंड था।

2024 में बलात्कार के मामलों में 19.24% की कमी आई है। 2023 में जहां 1,772 मामले दर्ज किए गए थे, वहीं 2024 में यह संख्या घटकर 1,431 रह गई। बलात्कार के प्रयास के मामले 199 से घटकर 112 हो गए, जिसमें 43.72% की कमी दर्ज हुई। यौन उत्पीड़न के मामले 2,265 से घटकर 1,431 हो गए।

महिलाओं के लिए ट्रिप मॉनिटरिंग सेवापुलिस ने अकेले यात्रा कर रही महिलाओं के लिए ट्रिप मॉनिटरिंग सेवा शुरू की है। महिलाएं 112 पर कॉल करके अपनी यात्रा का विवरण दर्ज करवा सकती हैं, और पुलिस उनकी यात्रा की निगरानी करती है जब तक कि वे अपने गंतव्य तक सुरक्षित न पहुंच जाएं। अब तक 114 महिलाओं ने इस सेवा का लाभ उठाया है।

Mandi: कल इन गांवों में बिजली रहेगी बाधित

0

बीर फीडर में 6 जनवरी को पुरानी बिजली की तारों को बदलने तथा नए बिजली पोल लगाने का कार्य किया जाएगा। कार्य के दृष्टिगत विद्युत अनुभाग बीर के गांव बीर, लाग, कथवारी, बरयारा, धार, कठयाना, सदोह, नलहोग, डोलरा बल्ह, जमाणा, कलोथर, खपरेहड़ा, भलेड़, घेरू, हिउन, नेरन, थाम्बा, रोपड़ी तथा साथ लगते गांव में 6 जनवरी को सुबह 10 से सायं 5 बजे तक बिजली बाधित रहेगी।

Himachal: सिरमौर में वन विभाग ने छुड़ाया 34 वर्ष पुराना कब्जा, मकान पर जड़े 6 ताले

0

जिला सिरमौर के वन मंडल नाहन के तहत आने वाली कोलर रेंज में विभाग ने 34 साल पुराने अवैध कब्जे को छुड़वा लिया है। यह कब्जा रिजर्व फोरैस्ट डरडांवाला के कंपार्टमैंट-1 में किया था। शनिवार को वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए 5.3 बीघा जमीन से अवैध कब्जा छुड़वाकर अपने कब्जे में ले लिया। वन विभाग की टीम पुलिस को साथ लेकर मौके पर पहुंची और मकान पर तालाबंदी कर दी। विभाग ने मकान पर 6 ताले जड़ दिए।

वन विभाग ने अवैध कब्जे को छुड़वाने के लिए कई नोटिस दिए, लेकिन कब्जाधारी ने पहले जिला अदालत में याचिका दायर की। इसके बाद मामला हाईकोर्ट में पहुंचा। 3 अक्तूबर, 2024 को हाईकोर्ट ने अपनी जजमैंट दी। लिहाजा, 18 नवम्बर 2024 को हाईकोर्ट के आदेशों का पालन करते हुए वन विभाग ने नायब तहसीलदार माजरा से निशानदेही ले ली। 19 नवम्बर को कब्जाधारी ने शीर्ष अदालत से स्टे ले लिया। इसके बाद 19 दिसम्बर, 2024 को शीर्ष अदालत ने यह केस खारिज कर दिया।

इसके उपरांत वन विभाग ने 3 जनवरी तक कब्जाधारी को ये कब्जा खाली करने का नोटिस जारी किया। शनिवार को वन परिक्षेत्राधिकारी कोलर वीरेंद्र कुमार की अगुवाई में विभागीय टीम पुलिस की मौजूदगी में मौके पर पहुंची। जहां टीम ने अवैध कब्जा छुड़वा लिया। साथ ही मौके पर कब्जाधारी के मकान पर ताले लगा दिए। इस कार्रवाई के दौरान बीओ सुरेंद्र, नरेंद्र, सुनील दत्त, गोपाल, फोरैस्ट गार्ड नायब सिंह और शुभम मौजूद रहे।

वन परिक्षेत्राधिकारी कोलर वीरेंद्र कुमार ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि इस अवैध कब्जे पर बने मकान को 21 जनवरी को गिराकर नष्ट कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस अवैध कब्जे को छुड़वाने के लिए वन विभाग ने प्रदेश हाईकोर्ट और शीर्ष अदालत के आदेशों का पालन किया है।

Himachal News: उच्च शिक्षा निदेशालय का आदेश, अब सभी स्कूलों और कॉलेजों में स्टाफ नहीं बना सकेगा वीडियो-रील्स

0

हिमाचल प्रदेश में उच्च शिक्षा निदेशालय ने सभी स्कूलों और कॉलेजों के प्रिंसिपलों को निर्देश जारी किए हैं कि शिक्षण संस्थानों में गैर-शैक्षणिक वीडियो और रील्स बनाने पर तत्काल रोक लगाई जाए। इसके साथ ही, सोशल मीडिया का अनावश्यक उपयोग भी प्रतिबंधित किया गया है। यह कदम विद्यार्थियों पर हो रहे नकारात्मक प्रभाव को रोकने और शैक्षणिक गतिविधियों पर अधिक ध्यान केंद्रित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।

क्या है फैसला?

उच्च शिक्षा निदेशक, डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा के अनुसार, यह फैसला शैक्षणिक माहौल को बेहतर बनाने और ध्यान भटकाने वाली गतिविधियों पर नियंत्रण लगाने के लिए लिया गया है।

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर शिक्षकों और कर्मचारियों द्वारा गैर-शैक्षणिक वीडियो और रील्स बनाना, जो छात्रों के शैक्षिक विकास में योगदान नहीं देते, शैक्षणिक लक्ष्यों से ध्यान हटाने का कारण बन सकता है। इसके परिणामस्वरूप, विद्यार्थियों का मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य भी प्रभावित हो सकता है।

निर्देशों का पालन न करने पर होगी कार्रवाई

निदेशालय ने चेतावनी दी है कि अगर स्कूलों और कॉलेजों के शिक्षक या अन्य कर्मचारी इन निर्देशों का उल्लंघन करते हैं, तो उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। स्कूलों-कॉलेजों के प्रिंसिपलों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि संस्थान में एक सकारात्मक और शैक्षिक माहौल हो, जिससे विद्यार्थियों का समग्र विकास हो सके।

उद्देश्य क्या है?

ध्यान भटकाने वाली गतिविधियों पर नियंत्रण: सोशल मीडिया पर शैक्षिक, खेल या पाठ्यक्रम से संबंधित सामग्री के बजाय गैर-शैक्षिक गतिविधियों को बढ़ावा देने से विद्यार्थियों का ध्यान भटकता है, जो उनकी शिक्षा और मानसिक स्थिति के लिए हानिकारक हो सकता है।

बेहतर माहौल की आवश्यकता: स्कूलों और कॉलेजों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि वे विद्यार्थियों के चरित्र निर्माण और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनाने में योगदान दें। साथ ही, विद्यार्थियों के शैक्षिक लक्ष्यों को प्राथमिकता दी जाए।

भविष्य की दिशा

यह कदम सोशल मीडिया के प्रभाव को संतुलित करने और विद्यार्थियों को स्वस्थ और प्रेरणादायक माहौल प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

उम्मीद की जा रही है कि इससे शैक्षिक संस्थानों में एक सकारात्मक बदलाव आएगा और विद्यार्थियों का ध्यान केवल शैक्षणिक गतिविधियों पर केंद्रित रहेगा।

Himachal: शिमला में जनवरी महीने में अब तक का सबसे अधिक तापमान दर्ज

0

हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में इस वर्ष जनवरी माह में अब तक का सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया है, जिसने वर्ष 2006 के रिकॉर्ड को तोड़ दिया है। इस महीने के मौसम के लिहाज से यह एक असामान्य घटना मानी जा रही है। शिमला में बीते शुक्रवार का दिन सबसे गर्म रहा तथा अधिकतम तापमान 22 डिग्री सैल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इससे पहले जनवरी 2006 में 21.4 डिग्री सैल्सियस तापमान रिकॉर्ड हुआ था।

PunjabKesari

मौसम विभाग के अनुसार यह तापमान इस समय के मौसम के सामान्य तापमान से कहीं अधिक है, जो औसतन 12 से 15 डिग्री सैल्सियस के बीच रहता है। विशेषज्ञों के अनुसार वैश्विक तापमान वृद्धि और मौसम पैटर्न में बदलाव के कारण इस तरह के प्रभाव देखे जा रहे हैं। शिमला में इस वर्ष जनवरी के महीने में गर्मी की लहर ने स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को चौंका दिया है। जनवरी में तापमान का यह उच्च स्तर शीतल जलवायु वाले इस शहर के लिए असाधारण है, जहां सर्दी और बर्फबारी ही प्रमुख आकर्षण होते हैं।

शिमला में इस समय तापमान में इस अप्रत्याशित वृद्धि से पर्यटन पर भी असर पड़ सकता है, क्योंकि सर्दी में आने वाले पर्यटक बर्फबारी के लिए ही शिमला का रुख करते हैं। स्थानीय निवासियों और पर्यटकों ने गर्मी के इस नए रिकॉर्ड के बारे में अपनी चिंताएं जताई हैं। वहीं मौसम विभाग ने भी भविष्यवाणी की है कि आने वाले दिनों में तापमान में उतार-चढ़ाव हो सकता है और यदि यह वृद्धि जारी रहती है तो यह इलाके के पारंपरिक मौसम पैटर्न को प्रभावित कर सकता है।

- Advertisement -

News of the Day