बड़े अफसर बनने का सपना देख रहे पंजाब के युवा लड़के-लड़कियों को पंजाब सरकार ने एक सुनहरा मौका दिया है। पंजाब पब्लिक सर्विस कमिशन (पी.पी.एस.सी.) ने स्टेट सिविल सर्विस कंबाइंड कॉम्पिटिटिव एग्जाम के लिए नोटिफिकेश जारी कर दी है।
जारी शेड्यूल के मुताबिक इस परीक्षा के लिए आवेदन 3 जनवरी से शुरू हो गए थे। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट https://ppsc.gov.in/ पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। इस परीक्षा के जरिए कुल 322 पदों पर भर्ती की जाएगी। इनमें से 46 पद पंजाब सिविल सेवा कार्यकारी शाखा के लिए और 27 पद डिप्टी सुपरीडैंट ऑफ पुलिस के लिए होंगे। इसके अलावा 121 तहसीलदार, 13 आबकारी एवं कर अधिकारी, 49 खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति अधिकारी, ब्लॉक विकास एवं पंचायत अफसर के पदों पर नियुक्ती की जाएंगी। इसके अलावा सहायक रजिस्ट्राट सहकारी समितियां के 21 पद और लेबर कम कंसिलिएशन अफसर के 3 पद समेत अन्य पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।
जानें कैसे करें आवेदन
- सबसे पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक वेबसाइट https://www.ppsc.gov.in/ पर जाना होगा।
- अब होमपेज पर ppsc भर्ती 2025 पर Click करें और आवश्यक विवरण प्रदान करें।
- आवेदन पत्र जमा करें, अब आवश्यक दस्तावेज जमा करें और भविष्य के संदर्भ के लिए उसका प्रिंटआउट अपने पास रखें।
- उम्मीदवारों को आवेदन करते समय केवल इतना ध्यान रखना होगा कि आधिकारिक जानकारी को ध्यान से पढ़ें और उसके बाद ही आवेदन करें क्योंकि यदि आवेदन पत्र में कोई गड़बड़ी पाई जाती है तो आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसलिए इन बातों का खास ख्याल रखें।


पटाखा बनाने वाली इस इकाई में सुरक्षा उपायों की स्थिति पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है, और यह सुनिश्चित करने के लिए भी कदम उठाए जा रहे हैं कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। विस्फोट के कारणों का पता लगाने के लिए विशेषज्ञों की टीम बनाई गई है। प्रारंभिक जांच के मुताबिक विस्फोट उस वक्त हुआ जब श्रमिक रसायनों को मिलाने में व्यस्त थे। इस प्रकार के विस्फोटों में अक्सर सुरक्षा नियमों का पालन न होने की वजह से हादसे होते हैं, और यही कारण माना जा रहा है। हालांकि, विस्फोट की असल वजह का पता अभी तक नहीं चल पाया है।

उत्तर मध्य रेलवे का पहला गेमिंग जोन


सूत्रों के अनुसार, यह छापेमारी आय से अधिक संपत्ति के मामले में की जा रही है। सरकारी आवास और जेल परिसर के अंदर छानबीन जारी है। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, अधीक्षक के पास आय से अधिक संपत्ति होने की आशंका है। इस कार्रवाई के बाद जेल प्रशासन और राज्य के अन्य विभागों में हड़कंप मच गया है।
केजरीवाल ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि दिल्ली में उनकी सरकार ने 20,000 लीटर पानी फ्री देने की योजना लागू की थी, ताकि आम आदमी को राहत मिल सके। उन्होंने आरोप लगाया कि जब वह जेल गए थे, तब भाजपा ने दिल्ली में पानी के बिलों में हेरफेर करना शुरू कर दिया, जिसके कारण दिल्लीवासियों के लाखों रुपए के पानी के बिल आ गए। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनकी सरकार बनने के बाद यह सारे गलत बिल माफ कर दिए जाएंगे और दिल्ली के लोग फिर से राहत महसूस करेंगे।

