महाराष्ट्र के ठाणे में एक कपल से जबरन वसूली करने के आरोप में तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है. निलंबित पुलिसकर्मियों में कॉन्स्टेबल जयेश अंबिकर, राकेश कुंटे और सोनाली माराठे शामिल हैं. इन पर आरोप है कि झूठे केस में फंसाने की धमकी दी और रिश्वत मांगी. दबाव और गिरफ्तारी के डर से कपल ने पहले ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के माध्यम से 40,500 ट्रांसफर किए, फिर एटीएम से 10,000 नकद भी निकालकर दिए.

महाराष्ट्र के ठाणे में पद का दुरुपयोग कर एक कपल से जबरन वसूली करने के आरोप में तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है. निलंबन आदेश शुक्रवार, 2 मई को जारी किया गया, जिसमें कहा गया है कि इन पुलिसकर्मियों का आचरण पुलिस बल की मर्यादा के विपरीत था और इससे पुलिस विभाग की साख को ठेस पहुंची है.
न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक अधिकारी ने बताया कि निलंबित पुलिसकर्मियों में कॉन्स्टेबल जयेश अंबिकर, राकेश कुंटे और सोनाली माराठे शामिल हैं. इन पर आरोप है कि उन्होंने 30 अप्रैल की रात पुलिस की एस्कॉर्ट गाड़ी का गलत इस्तेमाल करते हुए ठाणे के तलावपाली क्षेत्र में एक कपल को रोककर अवैध रूप से जांच की थी.
कपल मुंबई से डिनर के लिए ठाणे आया था. पुलिसकर्मियों ने उन्हें अनैतिक गतिविधियों में लिप्त होने का झूठा आरोप लगाते हुए धमकाया और उनके माता-पिता के मोबाइल नंबर मांगने लगे. इतना ही नहीं, आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने कपल से बदसलूकी की, गाली-गलौज की और मारपीट तक की.
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इन कॉन्स्टेबलों ने कपल को झूठे केस में फंसाने की धमकी दी और रिश्वत मांगी. दबाव और गिरफ्तारी के डर से कपल ने पहले ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के माध्यम से 40,500 ट्रांसफर किए, फिर एटीएम से 10,000 नकद भी निकालकर दिए.
घटना के तुरंत बाद कपल ने नाउपाड़ा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई. जांच के बाद पुष्टि हुई कि तीनों पुलिसकर्मियों ने न केवल अपने पद का दुरुपयोग किया, बल्कि विभागीय आचार संहिता का भी गंभीर उल्लंघन किया है.
ठाणे पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘जांच में तीनों पुलिसकर्मियों की भूमिका गैरकानूनी और अनुशासनहीन पाई गई है, जिसके बाद तत्काल प्रभाव से उन्हें निलंबित कर दिया गया है. विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है.’


