अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में पाकिस्तानी वायुसेना ने बीती रात पांच जगहों पर हमला किया. इस हमले में 400 नागरिकों की मौत हुई और 250 से अधिक लोग घायल हैं. पाकिस्तान की वायुसेना ने बीती रात (16 मार्च) अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में कई जगहों पर हमला किया. इस हमले में सैकड़ों नागरिक शहीद हुए और कई लोग घायल हुए. पाकिस्तानी पश्तून मानवाधिकार कार्यकर्ता और पश्तून तहफ्फुज मूवमेंट के प्रमुख मंजूर पश्तीन ने इस हमले की कड़ी निंदा की.
रमज़ान की सत्रहवीं तारीख को आतंकवादी पंजाबी औपनिवेशिक ताकत (पाकिस्तान) ने काबुल के एक अस्पताल पर आतंकवादी हवाई हमला किया. इस हमले में सैकड़ों निर्दोष नागरिक शहीद हो गए और कई अन्य घायल हुए. उन्होंने कहा कि पीटीएम इस मासूम खून की आवाज़ को दुनिया के हर हिस्से तक पहुंचाने की योजना बनाएगा. मंज़ूर पश्तीन ने यह भी लिखा कि पाकिस्तान के कुछ उलेमा ने हर दौर में काबुल को तबाह करने के फतवे दिए हैं; उन्हें कम से कम इन निर्दोष लोगों और अस्पताल में पड़े मरीजों के टुकड़े-टुकड़े हुए बेगुनाह शवों को देखकर शर्म करनी चाहिए.

मंज़ूर पश्तीन ने कहा कि सीमा के दोनों ओर औपनिवेशिक ताकतों और उनकी परियोजनाओं के अत्याचार दिन-प्रतिदिन बढ़ते जा रहे हैं. ऐसे समय में बड़े दिल के साथ राष्ट्रीय मशविरा और राष्ट्रीय उठान का आयोजन राष्ट्र की ताकत को एक करेगा, जिससे राष्ट्र को फायदा होगा और दुश्मन को नुकसान पहुंचेगा.
जानकारी के अनुसार बीती रात साढ़े 9 बजे पाकिस्तानी वायुसेना ने अपने JF-17 और F-16 विमानों से काबुल में हमला किया. इस हमले में अफगानिस्तान के रक्षा मंत्रालय के पास रिहायशी इलाके, खुफिया एजेंसी GDI के हेडक्वार्टर के पास रिहायशी इलाके, राष्ट्रपति भवन के पास रिहायशी इलाके और काबुल एयरपोर्ट के पास पुराने नाटो बेस में स्थित 2 हजार बेड वाला सरकारी अस्पताल शामिल था. पाकिस्तानी वायुसेना के भारी पेलोड के इस्तेमाल से रक्षा मंत्रालय और GDI के हेडक्वार्टर के पास पूरा आसमान आग से भर गया. राष्ट्रपति भवन के पास के रिहायशी इलाके में भी आग की लपटें उठीं. काबुल के पार्की सनाई कोचक इलाके में नशे के आदी मरीजों के इलाज वाले 2 हजार बेड वाले अस्पताल पर बमबारी के बाद पूरा अस्पताल आग के गोले की तरह धधकने लगा.
कुल 23 मिनट में काबुल की पांच जगहों पर पाकिस्तानी सेना द्वारा की गई बमबारी में रात 2 बजे तक की जानकारी के अनुसार 400 लोगों की मौत हो गई और 250 से अधिक लोग घायल हुए. काबुल के अलावा पाकिस्तानी सेना ने अफगानिस्तान के नंगरहार प्रांत में भी बमबारी की, जिसमें फिलहाल किसी के मारे जाने या घायल होने की सूचना नहीं मिली है. काबुल में फिलहाल रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा है और अस्पताल समेत रिहायशी इलाकों से लाशों और दबे लोगों को निकालने का काम जारी है.


