हाल ही में रूस की यात्रा पूरी करने वाले विदेश मंत्री एस. जयशंकर अब यूक्रेन जा रहे हैं। जयशंकर तीन से पांच सितंबर तक यूक्रेन और पोलैंड की आधिकारिक यात्रा पर रहेंगे।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, वे यूक्रेन के विदेश मंत्री आंद्री सिबिहा और पोलैंड के उप प्रधानमंत्री एवं विदेश मंत्री राडोस्लाव सिकोरस्की से द्विपक्षीय बातचीत करेंगे। यात्रा का मकसद दोनों देशों के साथ संबंध मजबूत करना और क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर विचारों का आदान-प्रदान करना है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने चार दिन पहले ही बिश्केक में एससीओ सम्मेलन के दौरान रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात कर ‘अनंत युद्ध’ से ‘युद्ध के अंत’EfO की ओर बढ़ने की बात कही थी। इसके कुछ दिन बाद जयशंकर की कीव यात्रा इसलिए भी अहम मानी जा रही है कि भारत मास्को से संपर्क बनाए रखते हुए कीव और यूरोप से भी संवाद बढ़ा रहा है।जयशंकर इससे पहले 23-24 अगस्त को रूस की यात्रा पर गए थे। वहां उन्होंने पुतिन और विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से मुलाकात की तथा भारत-रूस अंतर-सरकारी आयोग की बैठक की सह-अध्यक्षता की।
मास्को में ऊर्जा, उर्वरक, व्यापार और परमाणु सहयोग प्रमुख मुद्दे रहे। भारत ने व्यापार घाटे को भी उठाया था। जबकि रूस के राष्ट्रपति पुतिन भी अगले हफ्ते भारत आने वाले हैं।
जयशंकर की यूक्रेन यात्रा से ठीक पहले वहां युद्ध में एक भारतीय नागरिक की मौत हुई है। इसकी सूचना राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने देते हुए कहा था कि रूस के ताजा मिसाइल और ड्रोन हमलों में 12 लोगों की जान गई, जिनमें एक भारतीय भी शामिल है।स्थानीय तौर पर जो सूचना आई है उसके मुताबिक मृतक गुजरात के 40 वर्षीय सुदर्शन भाभीलाला हैं जबकि एक अन्य भारतीय गणेश कल्लेडा घायल हुए और उनकी स्थिति स्थिर बताई गई। मृतक के पार्थिव शरीर को भारत लाने की प्रक्रिया चल रही है।


