पिछले 3 सालों में नैनीताल के कैंचीधाम में अनियंत्रित भीड़ ने प्रशासन की टेंशन बढ़ा दी है. कैरिंग केपेसिटी से ज्यादा श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं तो स्थानीय लोग भी इस जाम से परेशान हैं. हालांकि अब कैंचीधाम में भी चारधाम की तर्ज पर रजिस्ट्रेशन जरुरी करने पर काम शुरु कर दिया गया है. प्रशासन की ओर से बाकायदा शासन को इसका प्रस्ताव भेजा गया है. इस पर मुहर लगने के बाद सभी लोगों को कैंचीधाम जाने से पहले रजिस्ट्रेशन करवाना होगा. चलिए जानते हैं इस बारे में पूरी डिटेल…

अगर सब ठीक रहा तो चारधाम की तर्ज पर ही नैनीताल के कैंचीधाम में भी रजिस्ट्रेशन शुरु हो जायेगा. नैनीताल कैंचीधाम में जाम की समस्या पर सुनवाई के दौरान आईआईएम काशीपुर ने कोर्ट को श्रद्धालुओं के लिये रजिस्ट्रेशन अनिवार्य बताया है. अब तक यहां बिना किसी रजिस्ट्रेशन के ही लाखों लोग पहुंच रहे हैं, जिससे पार्किंग समस्या के साथ सड़कों पर ऐसे ही जाम लग रहा है. हालांकि अब नैनीताल जिला प्रशासन कैंचीधाम में रजिस्ट्रेशन व्यवस्थाओं को बनाने की तरफ बढ़ रहा है, जो चारधाम तर्ज पर ही होंगी..
इस बारे में नैनीताल की डीएम वंदना सिंह कहती हैं कि क्योंकि कैंचीधाम में आने वाले लोगों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है और वहां जो इंफ्रास्ट्रक्चर है, उसकी कैरिंग कैपेसिटी लिमिटेड है. उसके लिए ये सुझाव समय-समय पर अलग-अलग स्टेकहोल्डर्स के माध्यम से आता है कि वहां पंजीकरण की व्यवस्था करके कुछ लिमिटेड नंबर्स में ही प्रतिदिन दर्शन के लिए अनुमति दी जाए. इस पर अभी विचार-विमर्श चल रहा है. इसका एक प्रस्ताव भी नंबर्स को असेसमेंट करने के लिए पर्यटन विभाग को भेजा गया था. शासन में तो चार धाम यात्रा पोर्टल पर ही इसका रजिस्ट्रेशन कराना विचाराधीन है. जो भी अंतिम निर्णय पर्यटन विभाग से शासन से उसमें होता है, उसके अनुसार आगे कार्रवाई करी जाएगी.
दरअसल, पिछले तीन सालों में कैंचीधाम दुनिया की आस्था का केन्द्र बना तो लाखों लोग यहां पहुंच रहे हैं. यहां पार्किंग शौचालय समेत मूलभूत सुविधाओं का भी अभाव बन रहा है. वहीं कैंचीधाम की भीड़ के चलते हल्द्वानी से नैनीताल-भीमताल आने वाली सड़कों पर घंटों जाम की स्थिति बन रही है, जिससे स्थानीय लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. हांलाकि हाईकोर्ट भी सड़कों के जाम को लेकर सख्त है तो स्थानीय लोग रजिस्ट्रेशन से कंट्रोल करने की बात कर रहे हैं.
बहरहाल अगर रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था को शुरू किया जाता है तो न केवल आसानी से श्रद्धालुओं को दर्शन होंगे, बल्कि स्थानीय लोगों को भी जाम से राहत मिलेगी. ऐसे में जरुरी है कि सरकार जल्द कैंचीधाम में भी चारधाम की तर्ज पर रजिस्ट्रेशन की व्यवस्थाएं बनाए ताकि अनियंत्रित दवाब को भी यहां कम किया जा सके, जिससे पर्यावरण को भी नुकसान ना हो.


