उत्तराखंड की राजधानी देहरादून स्थित सहस्रधारा में सोमवार15 सितंबर 2025 की देर रात बादल फटने की घटना के बाद कारलीगाढ़ नदी में बाढ़ आ गई.
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून स्थित आपातकालीन परिचालन केंद्र से चमोली और अन्य क्षेत्रों में भारी वर्षा से उत्पन्न स्थिति की समीक्षा की. मुख्यमंत्री ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए. प्रभावित लोगों को आवश्यक राहत सामग्री शीघ्र उपलब्ध कराने का निर्देश दिया. अवरुद्ध सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर खोलने के निर्देश दिए. बिजली और पानी जैसी आवश्यक सेवाओं को तत्काल बहाल करने के आदेश दिए. जिला प्रशासन को आपदा प्रभावित क्षेत्रों में निरंतर निगरानी बनाए रखने और लोगों को हर संभव सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए. सभी विभागों को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सतर्क और तैयार रहने पर बल दिया.

मसूरी के सर्किल ऑफिसर मनोज असवाल ने कहा कि , “सड़क (देहरादून-मसूरी राजमार्ग) कई जगहों पर क्षतिग्रस्त हो गई है. अधिकांश स्थानों पर सड़क अब बहाल कर दी गई है. मसूरी में लगभग 1500-2000 पर्यटक हैं और सभी सुरक्षित हैं. घबराने की कोई जरूरत नहीं है.”


