Monday, June 22, 2026
Home Blog Page 26

NATIONAL : 3.5 लाख श्रद्धालु रजिस्टर्ड, 3 जुलाई से शुरू होगी 57 दिन की श्री अमरनाथ यात्रा 2026, सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर

0

श्री अमरनाथ यात्रा 2026 के लिए 3.5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने पंजीकरण कराया है, जो 3 जुलाई से शुरू होकर 57 दिनों तक चलेगी। यात्रा के लिए नए
इस साल की वार्षिक श्री अमरनाथ जी यात्रा के लिए अब तक 3.5 लाख से अधिक यात्रियों का रजिस्ट्रेशन हो चुका है। 15 अप्रैल से देशभर में PNB, J&K बैंक, SBI और यस बैंक की 550 नामित शाखाओं में पंजीकरण चल रहा है।

यह 57 दिवसीय यात्रा 3 जुलाई से बालटाल-सोनमर्ग और नुनवान-पहलगाम दोनों मार्गों से शुरू होगी। 28 अगस्त को श्रावण पूर्णिमा और रक्षाबंधन के दिन यात्रा का समापन होगा।

पहली बार श्रीनगर में लाइट एंड साउंड शो
श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड ने पहली बार यात्री निवास पंथा चौक, श्रीनगर में लाइट एंड साउंड शो शुरू किया है। यात्रा अवधि के दौरान यह शो रोजाना चलेगा। इसमें यात्रा मार्ग, व्यवस्थाओं के साथ भजन और कीर्तन दिखाए जाएंगे।

दोनों ट्रैकों पर बर्फ हटाने और रास्ता बहाल करने का काम जोरों पर है। बालटाल ट्रैक पर 9 किमी और नुनवान-पहलगाम मार्ग पर 8 किमी तक बर्फ साफ हो चुकी है। सामान्य जगहों पर 8 फीट और एवलांच जोन में 10 फीट से ज्यादा बर्फ है। सूत्रों के मुताबिक नुनवान की तरफ महा गणेश टॉप तक और बालटाल की तरफ काली माता टॉप तक बर्फ हट चुकी है। 12 फीट चौड़े ट्रैक की बहाली का काम चल रहा है। रिटेनिंग वॉल, ब्रेस्ट वॉल और कलवर्ट का निर्माण भी जारी है। अधिकारियों को उम्मीद है कि 15 जून तक दोनों ट्रैक पूरी तरह तैयार हो जाएंगे।

नुनवान-पहलगाम, बालटाल-सोनमर्ग और बिजबेहरा अनंतनाग में बने नए यात्री भवनों का इस्तेमाल इस साल से होगा। बिजबेहरा और नुनवान में 90 करोड़ की लागत से बने चार मंजिला यात्री निवास में 1000-1000 श्रद्धालु रुक सकेंगे। बालटाल में 80 करोड़ का यात्री निवास 800 लोगों की क्षमता वाला है।

बादल फटने वाले क्षेत्रों में नहीं लगेंगे कैंप
पिछली आपदाओं को देखते हुए इस बार कमजोर और बाढ़ संभावित जगहों पर कैंप नहीं लगाए जाएंगे। सभी कैंप सुरक्षित स्थानों पर ही बनेंगे। दर्शन के बाद किसी भी यात्री को पवित्र गुफा के पास रुकने की अनुमति नहीं होगी। संवेदनशील इलाके श्रद्धालुओं के लिए प्रतिबंधित रहेंगे।

सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
PWD, PHE और बाढ़ नियंत्रण विभाग ने यात्रा सुविधाओं का काम शुरू कर दिया है। जिला प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हैं। लंगर फाइनल करने की प्रक्रिया चल रही है। ग्रामीण विकास विभाग ने ट्रैक, बेस कैंप और गुफा के पास सफाई के लिए टेंडर जारी कर दिए हैं।

NATIONAL : तमिलनाडु में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग, सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई याचिका, हॉर्स ट्रेडिंग-भ्रष्टाचार मामले में CBI जांच की मांग

0

कथित हॉर्स ट्रेडिंग और भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई जांच की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. याचिका में जांच पूरी होने तक राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की गई है.

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में कथित हॉर्स ट्रेडिंग और भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई जांच की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. याचिका में जांच पूरी होने तक राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की गई है. मदुरै के रहने वाले केके रमेश ने याचिका दायर की है. उन्होंने आरोप लगाया कि टीवीके ने हाल के विधानसभा चुनावों केबाद हॉर्स ट्रेडिंग के जरिए दूसरे विधायकों से समर्थन हासिल किया है. हाल ही में टीवीके चीफ सी.जोसेफ विजय तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री बने हैं.

यह PIL चेन्नई के रहने वाले केके रमेश ने दायर की है. इसमें उन्होंने बीजेपी के खिलाफ सीबीआई जांच की मांग की है. याचिका में भारतीय संघ, सीबीआई और तमिलनाडु सरकार को पक्षधर बनाया गया है.

याचिका में कहा गया है कि तमिलनाडु में टीवीके सबसे बड़ी पार्टी बनी थी. लेकिन सरकार बनाने के लिए बहुमत नहीं था. इस बार के विधानसभा चुनाव में टीवीके ने चौंकाते हुए चार मई को 108 सीटें जीती थी. पार्टी राज्य में सबसे बड़ा दल बनकर उभरी. इसके बाद कांग्रेस, सीपीआई, सीपीआईएम और IUML ने विजय की पार्टी को समर्थन देने का ऐलान किया. जिसके बाद विजय ने दस मई को शपथ ली, और इसके बाद विधानसभा में बहुमत साबित किया.

लेकिन विवाद बहुमत साबित करने पर हुआ. जब विजय की पार्टी ने विधानसभा में बहुमत साबित किया तो सभी हैरान रह गए. AIADMK के 25 विधायकों ने टीवीके को समर्थन दे दिया. जिससे टीवीके गठबंधन का आंकड़ा 144 को पार कर गया.

तमिलनाडु में कांग्रेस के दो विधायक गुरुवार को सरकार मंत्रिमंडल में मंत्री पद की शपथ लेंगे. कांग्रेस के विधायक राजेश कुमार और पी. विश्वनाथन तमिलनाडु सरकार हिस्सा बनेंगे. इन विधायकों के साथ ही कांग्रेस तमिलनाडु के मंत्रिमंडल में 59 साल बाद शामिल हो रही है.

NATIONAL : बिहार कैबिनेट के फैसले: युवा पेशेवर नीति-2026 को मंजूरी, कैमूर में इथेनॉल तो नालंदा में चावल मिल को हरी झंडी

0

विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग और उसके अधीनस्थ संस्थानों में तकनीकी व विशेषज्ञ सेवाओं के लिए राज्य मंत्रिमंडल ने युवा पेशेवर चयन नीति-2026 को मंजूरी दे दी है। इस नीति के लागू होने से विभाग और उससे जुड़े संस्थानों को प्रतिभाशाली युवा पेशेवरों की त्वरित उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी।प्रदेश के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई। बैठक में कुल 13 प्रस्ताव स्वीकृत किए गए।

इसके साथ ही कैमूर के कुदरा में मेसर्स ईएसई एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड को 60 केएलपीडी ग्रेन बेस्ड इथेनॉल प्लांट और दो मेगावाट को-जेनेरेशन पावर प्लांट तथा नालंदा के अरावन, बेन में 960 एमटीपीडी क्षमता वाली पारबॉइल्ड राइस उत्पादन इकाई की भी स्थापना होगी।की बैठक के बाद कैबिनेट के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने बताया कि नई नीति के तहत विभिन्न तकनीकी, शोध और विशेषज्ञ कार्यों के लिए योग्य युवा पेशेवरों की नियुक्ति की जाएगी।

इससे संस्थानों की कार्यक्षमता बढ़ेगी और अनुसंधान सहित अन्य महत्वपूर्ण कार्यों के बेहतर निष्पादन में सहायता मिलेगी। इस पहल से आधुनिक तकनीकी आवश्यकताओं के अनुरूप कुशल मानव संसाधन उपलब्ध होंगे और संस्थानों में नवाचार व गुणवत्ता को बढ़ावा मिलेगा।

एसटीएफ में 50 दक्ष पुलिसकर्मियों की प्रतिनियुक्ति मंजूर
मंत्रिमंडल ने वामपंथी उग्रवादियों के खिलाफ अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए विशेष कार्य बल (एसटीएफ) में 50 दक्ष पुलिसकर्मियों को अधिकतम 15 वर्षों तक प्रतिनियुक्ति पर रखने की स्वीकृति दी है।

सप्तम वित्त आयोग की रिपोर्ट लंबित, पुराने फॉर्मूले से मिलेगा अनुदान
सप्तम राज्य वित्त आयोग की अनुशंसाएं अब तक प्राप्त नहीं होने के कारण मंत्रिमंडल ने वर्ष 2026-27 में स्थानीय निकायों को अनुदान देने के लिए षष्ठम राज्य वित्त आयोग की पूर्व स्वीकृत अनुशंसाओं को लागू रखने का फैसला किया है।

सरकार ने कहा है कि यदि अनुदान राशि का हस्तांतरण नहीं होता तो ग्रामीण और शहरी निकायों की जनकल्याणकारी योजनाएं प्रभावित होतीं। ऐसे में 2021-25 तक लागू व्यवस्था के अनुरूप ही राशि का हस्तांतरण और योजनाओं का क्रियान्वयन जारी रहेगा।

15वें वित्त आयोग मद से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी मजबूती
मंत्रिमंडल ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में ग्रामीण स्थानीय निकायों के लिए 15वें वित्त आयोग की अनुशंसा के तहत हेल्थ सेक्टर ग्रांट मद की राशि जारी करने के लिए बिहार आकस्मिकता निधि से 7,47,97,64,000 की अग्रिम स्वीकृति दी है।

इस राशि का उपयोग ग्रामीण क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर किया जाएगा।

कैमूर में 73.45 करोड़ के इथेनॉल प्लांट को मंजूरी
कैमूर के कुदरा में मेसर्स ईएसई एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड को 60 केएलपीडी ग्रेन बेस्ड इथेनॉल प्लांट और दो मेगावाट को-जेनेरेशन पावर प्लांट स्थापित करने के लिए 73.45 करोड़ रुपये के निजी निवेश पर वित्तीय प्रोत्साहन की स्वीकृति मिली है। परियोजना से राज्य में 93 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।

नालंदा में 88.18 करोड़ के निवेश से लगेगी पारबॉइल्ड राइस यूनिट
मंत्रिमंडल ने मेसर्स पटेल वेयरहाउसिंग प्राइवेट लिमिटेड, अरावन, बेन (नालंदा) को बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नियमावली के तहत 960 एमटीपीडी क्षमता वाली पार-बाइल्ड राइस उत्पादन इकाई स्थापित करने के लिए 88 करोड़ 18 लाख रुपये के निजी पूंजी निवेश की स्वीकृति प्रदान की है। इस परियोजना के जरिए 185 कुशल एवं अकुशल कामगारों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।

बिहार विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद में 53 नए पद सृजित
बिहार सरकार ने विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के तहत बिहार विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद तथा इसके अधीनस्थ कार्यालयों के लिए बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है।

सरकार ने पूर्व से स्वीकृत 94 पदों में से 87 पदों को प्रत्यर्पित करने के साथ ही पदाधिकारियों और कर्मियों के 53 अतिरिक्त पदों के सृजन को मंजूरी दी है। इस निर्णय से परिषद और उसके अधीनस्थ संस्थानों के कार्यों के संचालन एवं वैज्ञानिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी।

अन्य निर्णय
सहरसा के सलखुआ में आउटडोर स्टेडियम बनेगा। अंतर्विभागीय जमीन हस्तांतरण का प्रस्ताव मंजूर।
औरंगाबाद के देव में स्पोर्ट्स कांप्लेक्स देव का निर्माण होगा। जमीन ट्रांसफर का प्रस्ताव स्वीकृत।
अरवल के करपी में स्पोर्ट्स कांप्लेक्स का होगा निर्माण, जमीन ट्रांसफर का प्रस्ताव स्वीकृत।

NATIONAL : शुभेंदु सरकार का एक और बड़ा फैसला: बंगाल में अवैध घुसपैठियों के धरपकड़ का काम शुरू

0

बंगाल में शुभेंदु अधिकारी की अगुवाई वाली नई भाजपा सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर बुधवार को एक बड़ा व निर्णायक फैसला लेते हुए राज्य में अवैध तरीके से रह रहे बांग्लादेशी घुसपैठियों की आज से ही धरपकड़ करने के निर्देश दिए हैं।भारत- बांग्लादेश सीमा पर कंटीले बाड़ लगाने के लिए जमीन हस्तांतरण और सीमा सुरक्षा मजबूत करने को लेकर राज्य सचिवालय नवान्न में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिदेशक प्रवीण कुमार व वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के दौरान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने इसकी घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साल 14 मई 2025 को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्य सरकार को पत्र लिखकर अवैध तरीके से रह रहे बांग्लादेशी घुसपैठियों को पकड़कर बीएसएफ को हैंडओवर करने का निर्देश दिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि वोट बैंक व तुष्टीकरण की राजनीति के चलते पूर्ववर्ती तृणमूल कांग्रेस सरकार ने इसको लेकर कोई कदम नहीं उठाया।

मुख्यमंत्री शुभेंदु ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जो लोग नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के अंतर्गत नहीं आएंगे उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाएगा। उन्होंने डीजीपी को तत्काल प्रभाव से इसे राज्य में लागू करने और अवैध घुसपैठियों की धरपकड़ शुरू करने का निर्देश दिया। शुभेंदु ने कहा कि पुलिस घुसपैठियों को पकड़कर बीएसएफ को सौंपेगी। इसके बाद बीएसएफ उन्हें वापस बांग्लादेश डिपोर्ट करने (भेजने) का प्रबंध करेगी। बंगाल के सभी थानों को आज से ही इस निर्देश का पालन करने का निर्देश दिया गया है।

इसके साथ ही बंगाल की नई भाजपा सरकार ने सत्ता में आने के 10 दिन बाद ही भारत- बांग्लादेश सीमा पर कंटीले बाड़ के लिए जमीन हस्तांतरण की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री की मौजूदगी में बीएसएफ महानिदेशक प्रवीण कुमार को आज 27 किमी सीमा इलाके में बाड़ लगाने के लिए 75 एकड़ जमीन हस्तांतरण के दस्तावेज सौंपे गए।

मालूम हो कि हाल में राज्य में नवगठित शुभेंदु अधिकारी की अगुवाई वाली भाजपा सरकार ने बीते 12 मई को अपनी पहली ही कैबिनेट बैठक में बीएसएफ को सीमा पर कंटीले बाड़ लगाने के लिए अगले 45 दिनों के भीतर जमीन हस्तांतरित करने का बड़ा फैसला लिया था। बताते चलें कि बंगाल की बांग्लादेश के साथ 2,216 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा लगती है, जिसमें से 569 किमी सीमा पर अब तक बाड़ नहीं हैं।

NATIONAL : विजय कैबिनेट में शामिल होगी कांग्रेस, 59 साल बाद तमिलनाडु की सत्ता में बनेगी भागीदार

0

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन भले ही कमजोर रहा हो मगर करीब छह दशक के लंबे अंतराल के बाद पार्टी राज्य में सत्ता की भागीदार बनने जा रही है। कांग्रेस के दो विधायक गुरूवार को मुख्यमंत्री विजय के नेतृत्व वाली टीवीके सरकार में बतौर कैबिनेट मंत्री शपथ लेंगे।

विधानसभा चुनाव में पूर्व सीएम एमके स्टालिन के नेतृत्व वाली द्रमुक संग गठबंधन में उतरी कांग्रेस ने बहुमत से पीछे रहे विजय के मुख्यमंत्री बनने की राह बनाने में अहम भूमिका निभाई। द्रविड राजनीति के वर्चस्व वाले तमिलनाडु में कांग्रेस के दो सदस्यों का मंत्री बनना इस लिहाज से भी महत्वपूर्ण है कि वस्तुत: छह दशक बाद कोई राष्ट्रीय पार्टी राज्य की सत्ता में भागीदारी बन रही है।

कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने राज्य में पार्टी के दो विधायकों के मंत्री बनने की जानकारी एक्स पोस्ट पर साझा करते हुए कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने विधायक एडवोकेट राजेश कुमार और पी. विश्वनाथन को तमिलनाडु कैबिनेट में शामिल करने की मंजूरी दे दी है और गुरूवार को दोनों मंत्री पद की शपथ लेंगे।

तमिलनाडु की सत्ता-सियासत में पार्टी के लिए यह घटनाक्रम महत्वपूर्ण है क्योंकि दो दशक तक द्रमुक संग गठबंधन में होने के बाद भी उसने कांग्रेस को कभी सत्ता में भागीदारी नहीं दी। वेणुगोपाल ने भी माना कि यह हमारे लिए एक ऐतिहासिक अवसर है क्योंकि 59 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद कांग्रेस तमिलनाडु कैबिनेट में शामिल हो रही है।

कांग्रेस कोटे से शामिल हो रहे दोनों मंत्रियों को शुभकमानाएं देते हुए यह भी कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि वे तमिलनाडु की जनता की आशाओं और आकांक्षाओं को पूरा करेंगे। साथ ही लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी द्वारा निर्धारित कल्याणकारी और जन-हितैषी शासन के साहसी दृष्टिकोण को साकार करने की दिशा में काम करेंगे।

मालूम हो कि विधानसभा चुनाव में 108 सीटों के साथ टीवीके के सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरने के बाद बहुमत से पीछे रहे विजय के मुख्यमंत्री बनने की राह बनाने में राहुल गांधी की अहम भूमिका रही क्योंकि नतीजे के अगले ही दिन उनकी पहल पर कांग्रेस ने अपने पांच विधायकों के समर्थन का एलान कर टीवीके के पक्ष में विधायकों की संख्या 113 पहुंचा दी जिसके बाद धीरे-धीरे अन्य छोटे दलों के नए गठबंधन में आने की राह बनी।

द्रमुक संग पुराने गठबंधन को छोड़ कर तत्काल विजय को समर्थन देने के कांग्रेस के एलान ने स्टालिन को भी हतप्रभ किया और उन्होंने इसकी खूब आलोचना भी की। वैसे तमिलनाडु के चुनाव से पहले ही राज्य कांग्रेस का एक वर्ग विजय की पार्टी से गठबंधन की जमकर पैरोकारी कर रहा था मगर हाईकमान ने यह जोखिम नहीं लिया, लेकिन चुनाव नतीजों ने पार्टी को राज्य की राजनीति में नए विकल्प के रास्ते पर चलने का मौका दे दिया है।

NATIONAL : बंगाल के फलता में पुनर्मतदान जारी, सुबह 11 बजे तक 43% वोटिंग

0

पश्चिम बंगाल की फलता विधानसभा सीट पर कड़ी सुरक्षा के बीच पुनर्मतदान जारी है। चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था पहले से दोगुनी कर दी है। …और पढ़ें
बंगाल की फलता विधानसभा सीट पर बेहद कड़ी सुरक्षा में पुनर्मतदान जारी है। मतदाता अपना वोट डालने के लिए मतदान केंद्र पर पहुंच रहे हैं। चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था को पहले की तुलना में दोगुना कर दिया है।

दरअसल, बंगाल में हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनाव के दौरान यहां दूसरे चरण में 29 अप्रैल को मतदान हुआ था, लेकिन चुनाव के जदौरान लगे गड़बड़ी के आरोप के बाद बाद चुनाव आयोग ने फिर से मतदान कराने का निर्णय लिया था।

पश्चिम बंगाल के फलता विधानसभा क्षेत्र में कड़ी सुरक्षा के बीच पुनर्मतदान (Repoll) जारी है। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, आज सुबह 9 बजे तक
दोबारा चुनाव के लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल की कुल 35 कंपनियां तैनात की गई हैं, जिसमें हर बूथ पर आठ जवान मौजूद हैं।एक मतदाना ने समाचार एजेंसी ANI से बातचीत के दौरान बताया कि “यह बिल्कुल वैसा ही है जैसा मेरे बचपन में हुआ करता था। 15 साल पहले हमें वोट डालने से डर लगता था, लेकिन अब ऐसा नहीं है। 15 साल पहले तो हमें बूथ तक आने की भी इजाज़त नहीं थी, गुंडे हमें गेट पर ही रोक देते थे… आज मैं बहुत खुश हूं।”

फलता विधानसभा क्षेत्र से BJP उम्मीदवार देबांग्शु पांडा ने कहा, “माहौल ठीक है, कोई दिक्कत नहीं है। उत्सव जैसा माहौल है। वोटर आ रहे हैं, वोट डाल रहे हैं और जा रहे हैं। माहौल बहुत अच्छा है। BJP ही जीतेगी… मुझे नहीं पता कि पुष्पा (जहांगीर खान) कहां हैं। उन्हें (जहांगीर खान को) एहसास हो गया है कि उन्हें 5-7 हजार से जहाज वोट नहीं मिलेंगे, इसलिए उन्होंने ये सब बातें कहीं… लोग खुशी-खुशी वोट डाल रहे हैं, BJP डेढ़ लाख से ज्यादा वोटों के अंतर से जीतेगी।”

बता दें कि पुनर्मतदान से 48 घंटे पहले तृणमूल प्रत्याशी जहांगीर खान चुनावी मैदान छोड़ दिए थे। मंगलवार को चुनाव प्रचार के आखिरी दिन जहांगीर ने एलान किया, “मैं अब यह चुनाव नहीं लड़ रहा हूं।”

हालांकि, खान ने चुनाव से हटने की घोषणा कर दी थी, फिर भी उनका नाम EVM पर बना रहा, क्योंकि वह आधिकारिक तौर पर अपनी उम्मीदवारी वापस नहीं ले पाए थे। चूंकि नामांकन वापस लेने की तारीख पहले ही बीत चुकी है, इसलिए ईवीएम पर जहांगीर खान का नाम और चुनाव चिह्न बरकरार रहेगा, लेकिन वे व्यक्तिगत रूप से रेस से बाहर हो चुके हैं। अन्य उम्मीदवारों में BJP के देबांग्शु पांडा, CPI(M) के शंभू नाथ कुर्मी और कांग्रेस के अब्दुर रज्जाक मोल्ला शामिल हैं।

जहांगीर खान ने एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा, “मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने फलता के विकास के लिए ‘स्पेशल पैकेज’ की घोषणा की है। मैं इस चुनाव से पीछे हट रहा हूं।” हालांकि, उन्होंने यह साफ नहीं किया कि क्या यह फैसला अभिषेक बनर्जी या तृणमूल शीर्ष नेतृत्व के किसी निर्देश पर लिया गया है।

वहीं, बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने इस पर टिप्पणी करते हुए कहा है कि ‘वह इसलिए भाग गया क्योंकि उसे कोई पोलिंग एजेंट नहीं मिलेगा।’

चुनाव अधिकारियों ने बताया कि पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की फलता विधानसभा सीट पर दोबारा चुनाव के लिए गुरुवार सुबह कड़ी सुरक्षा के बीच वोटिंग शुरू हो गई है। दोबारा चुनाव में 285 बूथों पर 2.36 लाख से ज्यादा लोग वोट डालने के हकदार हैं, जिनमें 1.15 लाख महिलाएं और नौ तीसरे लिंग के लोग शामिल हैं। वोटिंग सुबह 7 बजे शुरू हुई।

अधिकारियों ने बताया कि दोबारा चुनाव के लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) की कुल 35 कंपनियां तैनात की गई हैं, जिसमें हर बूथ पर आठ जवान (एक पूरी टुकड़ी के बराबर) मौजूद हैं। इसके अलावा, किसी भी गड़बड़ी पर तुरंत कार्रवाई करने के लिए 30 क्विक रिस्पॉन्स टीमें (QRTs) भी तैयार रखी गई हैं।

इस विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक तनाव तब से बढ़ा हुआ है, जब कई बूथों से ये आरोप सामने आए कि पिछली वोटिंग के दौरान EVM पर परफ्यूम जैसे पदार्थ और चिपकने वाली टेप लगाई गई थी। चुनाव आयोग के पूर्व विशेष पर्यवेक्षक सुब्रत गुप्ता ने इस विधानसभा क्षेत्र का दौरा किया और जांच-पड़ताल की, जिसके बाद कम से कम 60 बूथों पर कथित छेड़छाड़ के सबूत मिले।

EVM के साथ कथित छेड़छाड़ के अलावा, अधिकारियों को कई मतदान केंद्रों पर लगे वेब कैमरों में कैद फुटेज के साथ भी छेड़छाड़ की कोशिशें मिलीं। इसके बाद बूथ-स्तरीय अधिकारियों (BLOs), पीठासीन अधिकारियों, मतदान कर्मियों और चुनाव पर्यवेक्षकों की भूमिका पर सवाल उठाए गए।

NATIONAL : एक देश-एक चुनाव: गुजरात दौरे पर संसदीय समिति, अध्यक्ष PP चौधरी बोले- एक साथ चुनाव से बच सकते हैं ₹7 लाख करोड़

0

वन नेशन, वन इलेक्शन’ के प्रस्ताव की जांच कर रही संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के अध्यक्ष पीपी चौधरी ने एक बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि अगर देश में लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ होते हैं, तो इससे 7 लाख करोड़ रुपये की बचत हो सकती है। यह बड़ी राशि बुनियादी ढांचे, गरीबों के कल्याण, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे सार्वजनिक कार्यों में इस्तेमाल की जा सकती है।

जेपीसी की 41 सदस्यीय टीम इन दिनों गुजरात के तीन दिवसीय दौरे पर है। गांधीनगर के गिफ्ट सिटी में समिति ने मुख्य सचिव एमके दास, भाजपा पदाधिकारियों और विभिन्न विभागों के सचिवों के साथ बैठक की। पीपी चौधरी ने गुजरात सरकार को एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया है। यह रिपोर्ट उद्योगों, उत्पादन, मजदूरों के पलायन, रोजगार, जीएसटी संग्रह, अर्थव्यवस्था और पर्यटन पर चुनाव के असर का आकलन करेगी। इस रिपोर्ट को पूरे भारत के अन्य राज्यों के लिए एक मॉडल के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।

चौधरी ने बताया कि अर्थशास्त्रियों के अनुसार एक साथ चुनाव कराने से देश की जीडीपी में 1.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो सकती है। प्रधानमंत्री मोदी का विजन है कि चुनाव सुधारों का लाभ राष्ट्र को मिले। पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के नेतृत्व वाली समिति ने भी अपनी 18,000 पन्नों की रिपोर्ट में एक साथ चुनाव कराने की सिफारिश की थी। सरकार ने इस रिपोर्ट को स्वीकार कर लिया है।
विज्ञापन

कानूनी पहलुओं पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि भारत के छह पूर्व मुख्य न्यायाधीशों ने समिति को भरोसा दिया है कि इससे संघीय ढांचे या मौलिक अधिकारों का कोई उल्लंघन नहीं होता। समिति फिलहाल संविधान (129वां संशोधन) विधेयक और केंद्र शासित प्रदेशों के कानूनों से जुड़े विधेयकों की जांच कर रही है। प्रस्ताव के अनुसार, लोकसभा और विधानसभा चुनावों के 100 दिनों के भीतर ही पंचायत और नगर निकाय चुनाव भी करा लिए जाने चाहिए।

WORLD : पीएम मोदी के सामने हिंदी बोलने लगीं मेलोनी, कहा- परिश्रम ही सफलता की कुंजी, वायरल हो रहा वीडियो

0

इटली दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने इटली की पीएम मेलोनी ने हिंदी में परिश्रम ही सफलता की कुंजी है कहकर सभी का ध्यान खींच लिया. मेलोनी का यह वीडियो सोशल मीडिया काफी वायरल हो रहा है.

इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने अचानक हिंदी बोलने लगीं. मेलोनी ने पीएम मोदी की मौजूदगी में हिंदी में कहा- परिश्रम ही सफलता की कुंजी है. उन्होंने इसका अर्थ भी समझाया. मेलोनी ने कहा कि पीएम मोदी का यह दौरा इटली के लिए बेहद सम्मान की बात है और इससे भारत-इटली संबंधों को नई मजबूती और दिशा मिलेगी. उन्होंने कहा कि यह उस लंबी कहानी का आखिरी पन्ना नहीं होगा, जिसे हम दृढ़ संकल्प और सहयोग के साथ आगे बढ़ा रहे हैं.

मेलोनी ने कहा- एक भारतीय शब्द है जो इसे बहुत अच्छी तरह व्यक्त करता है- परिश्रम. इसका अर्थ है कड़ी मेहनत. यह शब्द भारत में अक्सर इस्तेमाल किया जाता है. एक लोकप्रिय कहावत है-‘परिश्रम ही सफलता की कुंजी है. यानी मेहनत ही सफलता का रास्ता बनाती है. हमारा प्रयास भी यही है कि हम अपने रिश्तों को इसी सोच और मेहनत के साथ और मजबूत बनाएं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इटली की पीएम मेलोनी के बीच बुधवार को हुई द्विपक्षीय वार्ता के बाद भारत और इटली ने अपने रिश्तों को विशेष रणनीतिक साझेदारी (Special Strategic Partnership) के स्तर तक बढ़ाने पर सहमति जताई है. दोनों देशों ने व्यापार, निवेश, नई प्रौद्योगिकी और स्वच्छ ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने का भी फैसला किया.

मेलोनी के साथ बातचीत के बाद जारी संयुक्त प्रेस बयान में पीएम मोदी ने कहा- हमने भारत-इटली संबंधों को और मजबूत बनाने के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की. प्रधानमंत्री मोदी पांच देशों की अपनी यात्रा के अंतिम चरण में मंगलवार रात रोम पहुंचे थे. मेलोनी के साथ बैठक के लिए पहुंचने पर उन्हें औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया.

अपने इटली दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने इटली के राष्ट्रपति सर्जियो मटारेला (Sergio Mattarella) से भी मुलाकात की. इस दौरान दोनों नेताओं ने व्यापार, प्रौद्योगिकी, स्वच्छ ऊर्जा, संस्कृति और नवाचार जैसे क्षेत्रों में साझेदारी को और मजबूत बनाने पर चर्चा की. यात्रा से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि इस दौरे का मुख्य उद्देश्य भारत और इटली के बीच सहयोग को नई दिशा देना है. उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में बताया कि दोनों देश व्यापक सहयोग ढांचे और संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-2029 की समीक्षा भी करेंगे.

इटली स्थित भारतीय दूतावास के अनुसार, हाल के सालों में भारत और इटली के बीच आर्थिक संबंध तेजी से मजबूत हुए हैं. साल 2025 में भारत और इटली के बीच द्विपक्षीय व्यापार 14.25 अरब यूरो (लगभग 1.60 लाख करोड़ रुपये) तक पहुंच गया. इसमें भारत का निर्यात 8.55 अरब यूरो (करीब 95,800 करोड़ रुपये) रहा, जबकि इटली का भारत को निर्यात 5.70 अरब यूरो (करीब 64,000 करोड़ रुपये) दर्ज किया गया, जो 2024 की तुलना में 9.42 प्रतिशत अधिक है.

NATIONAL : पांच देशों के दौरे से लौटे पीएम मोदी की मंत्रिपरिषद के साथ बैठक…….

0

केंद्रीय मंत्री परिषद की बैठक गुरुवार को हो सकती है। पांच देशों के अपने छह दिनी दौरे से लौटे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इसकी अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक में सभी केंद्रीय मंत्री, स्वतंत्र प्रभार वाले केंद्रीय राज्य मंत्री और अन्य केंद्रीय राज्य मंत्री शामिल हो सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, बैठक में विभिन्न सरकारी योजनाओं और कार्यक्रमों के साथ मंत्रालयों एवं विभागों के कामकाज की समीक्षा की जाएगी। यह बैठक पश्चिम बंगाल और असम में हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की जीत और पुदुचेरी में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सरकार दोबारा बनने के बाद हो रही है।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह दक्षिण कोरिया के दौरे पर हैं। आज उनका इस दौरे का आखिरी दिन है। इस दौरान वह कोरिया के रक्षा मंत्री आन ग्यू-बैक के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों मंत्री दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग की समीक्षा करेंगे और द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने के लिए नई पहलों पर विचार-विमर्श करेंगे।

तृणमूल कांग्रेस गुरुवार को भाजपा के खिलाफ प्रदर्शन करेंगी। पश्चिम बंगाल में नवनिर्वाचित भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार की बुलडोजर संस्कृति और रेलवे भूमि एवं स्टेशन के आसपास के क्षेत्रों से फेरीवालों को कथित तौर पर जबरन हटाए जाने के खिलाफ टीएमसी के कार्यकर्ता सड़कों पर उतरेंगे

वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) और दिल्ली सरकार की नीतियों के विरोध में ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस (एआईएमटीसी) के नेतृत्व में दिल्ली-एनसीआर की 68 से अधिक परिवहन एसोसिएशनों और यूनियनों ने 21 से 23 मई तक तीन दिन चक्का जाम का एलान किया है। संगठनों का आरोप है कि पर्यावरण क्षतिपूर्ति शुल्क (ईसीसी) में भारी बढ़ोतरी और बीएस-4 कमर्शियल वाहनों पर प्रस्तावित प्रतिबंध से परिवहन उद्योग पर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

देश में 21 मई को आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया जाता है। दरअसल, 21 मई 1991 को तमिलनाडु के श्रीपेरंबदूर में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या कर दी गई थी। उनकी हत्या के बाद ही 21 मई को आतंकवाद विरोधी दिवस के तौर पर मनाने का फैसला किया गया था।

RAJASTHAN : राजस्थान में भीषण गर्मी, श्रीगंगानगर 46.5 डिग्री के साथ सबसे गर्म

0

जयपुर, 21 मई (हि.स.)। राजस्थान में नौतपा से पहले ही भीषण गर्मी और लू ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। बुधवार को प्रदेश के अधिकांश शहर तेज धूप और झुलसाने वाली गर्म हवाओं की चपेट में रहे। श्रीगंगानगर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस मापा गया। वहीं पिलानी (झुंझुनूं) में 45.3 डिग्री, फलोदी और बीकानेर में 44.8 डिग्री, चूरू में 44.5 डिग्री तथा कोटा और अलवर में 44.2 डिग्री सेल्सियस तापमान मापा गया।

मौसम विभाग ने आगामी तीन से चार दिन तक प्रदेश के आधे से अधिक हिस्सों में हीटवेव का येलो अलर्ट जारी किया है। जयपुर, जोधपुर, बीकानेर, भरतपुर और कोटा संभाग के अधिकांश जिलों में गर्म हवाओं का असर बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल तेज गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम है।

राजधानी जयपुर में तापमान में मामूली गिरावट के बावजूद गर्मी से राहत नहीं मिली। अधिकतम तापमान 42.5 डिग्री और न्यूनतम 31.1 डिग्री सेल्सियस मापा गया। दिनभर चुभती धूप के कारण आमजन बेहाल रहे।

बढ़ती गर्मी को देखते हुए आमेर रोड स्थित जोरावर सिंह गेट के पास पेट्रोल पंप परिसर में लगातार पानी का छिड़काव किया गया। वहीं सहकारिता राज्य मंत्री गौतम कुमार दक ने अपेक्स बैंक परिसर में ‘परिंडा बांधो अभियान’ का शुभारंभ कर पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करने का संदेश दिया।

अलवर में लगातार तीसरे दिन तापमान 45 डिग्री के करीब बना रहा। नगर निगम ने भीषण गर्मी को देखते हुए सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर पानी का छिड़काव कराया। राहगीरों को राहत देने के लिए शहर में जगह-जगह टेंट लगाकर छाया की व्यवस्था की गई। उदयपुर में अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस मापा गया।

गर्म हवाओं और तेज धूप के कारण दोपहर के समय शहर की मुख्य सड़कें और पॉश कॉलोनियां सूनी नजर आईं। लोग केवल जरूरी कार्य होने पर ही घरों से बाहर निकले।

अजमेर में सुबह से ही तेज धूप के तेवर दिखाई दिए। अधिकतम तापमान 40.9 डिग्री और न्यूनतम 28.6 डिग्री सेल्सियस मापा गया। दोपहर के समय बाजारों और सड़कों पर आवाजाही कम रही। लोग गर्मी से बचने के लिए छाते और गमछे का सहारा लेते नजर आए।

शेखावाटी क्षेत्र में लू का असर लगातार बना हुआ है। सीकर में अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस मापा गया। मौसम केंद्र ने अगले चार दिन तक मौसम पूरी तरह शुष्क रहने और हीटवेव जारी रहने की संभावना जताई है।

दिन के साथ अब रातों में भी गर्म हवाओं के कारण लोगों को परेशानी हो रही है।

कोटा में पारा 44.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। न्यूनतम तापमान भी 30 डिग्री के आसपास रहने से रातों में भी गर्मी का असर बना हुआ है। भीषण गर्मी से बचाने के लिए गौशालाओं में गोवंश पर सुबह-शाम पानी का छिड़काव किया जा रहा है। प्रदेश के कुछ दक्षिणी जिलों में तापमान में मामूली गिरावट मापी गई। सिरोही में अधिकतम तापमान 39 डिग्री और प्रतापगढ़ में 39.6 डिग्री सेल्सियस रहा, जिससे वहां के लोगों को कुछ राहत मिली।

- Advertisement -

News of the Day