गुजरात के राजकोट से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है. यहां 6 साल की एक बच्चे से रेप किया गया और बाद में उसके प्राइवेट पार्ट में रॉड डाल दी.
गुजरात में 6 साल की एक बच्ची से निर्भया जैसा सलूक किया गया है. दरिदें ने बच्ची के साथ सारी हदें पार कर दी. मामला राजकोट का है. मानवता को शर्मसार करने वाली यह घटना आथकोट गांव में घटी. रिपोर्टों के अनुसार एक मजदूर की 6 साल की बेटी खेतों में खेल रही थी. आरोपी उसे एक सुनसान इलाके में ले गया और उसके साथ घिनौना काम किया.
जांच में पता चला कि आरोपी ने लड़की का गला घोंटकर बलात्कार करने की कोशिश की. जब लड़की ने चीख पुकार मचाई तो गुस्से में आए आरोपी ने उसके गुप्त अंग में एक रॉड जैसा हथियार डाल दिया. हमले से लड़की बुरी तरह जख्मी हो गई. आरोपी उसे अर्ध बेहोश हालत में छोड़कर भाग गया.
जब परिवार ने अपनी बेटी की तलाश की तो उन्होंने उसे पास ही खून से लथपथ पाया. अपनी बेटी को ऐसी हालत में देखकर परिवार बहुत दुखी हो गया. लड़की को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया. उसकी हालत देखकर डॉक्टरों ने उसे राजकोट के सरकारी बच्चों के अस्पताल में स्थानांतरित कर दिया. उसका इस समय इलाज चल रहा है.
मामले की गंभीरता को देखते हुए राजकोट पुलिस ने विशेष टीमें बनाईं और लगभग 100 लोगों से पूछताछ की. नजदीकी गांवों के सीसीटीवी फुटेज स्कैन किए और मोबाइल डेटा की जांच की. फिर विशेषज्ञों की मदद से लड़की को आरोपी की पहचान करने के लिए कहा गया. उसने उसे पहचान लिया. लंबी और पूरी तलाशी के बाद पुलिस ने अंत में मध्य प्रदेश के अलीराजपुर के रहने वाले रामसिंह तेरसिंग को गिरफ्तार कर लिया.
बताया जा रहा है कि 35 साल का रामसिंह तीन बच्चों का पिता है. रिपोर्टों के अनुसार, रामसिंह ने अपना अपराध कबूल कर लिया है. पुलिस ने उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 65(2) और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है.
बिजनौर से 15 नवंबर को लापता हुईं दो नाबालिग छात्राएं 24 दिन बाद पंजाब के लुधियाना में कपड़े की फैक्ट्री से बरामद हुई हैं. घर की बंदिशों से परेशान होकर उन्होंने ‘आजाद जिंदगी’ जीने के लिए घर छोड़ा था और ‘क्राइम पेट्रोल’ सीरियल देखकर भागने की योजना बनाई थी.
यूपी के बिजनौर से पिछले महीने लापता हुईं दो नाबालिग छात्राएं 24 दिन बाद पंजाब के लुधियाना से सकुशल बरामद कर ली गई हैं. पुलिस ने उन्हें एक कपड़े की फैक्ट्री में काम करते हुए पकड़ा. दोनों छात्राओं ने ‘आजाद जिंदगी’ जीने के लिए घर छोड़ा था और इस भागने की योजना ‘क्राइम पेट्रोल’ सीरियल देखकर बनाई थी.
आपको बता दें कि बिजनौर के गांव से गायब हुईं दो नाबालिग छात्राएं पुलिस द्वारा बरामद कर ली गईं हैं. ये छात्राएं 24 दिन बाद बरामद हुईं हैं. मंगलवार को पंजाब के लुधियाना में एक कपड़े की फैक्ट्री से इनकी बरामदगी हुई. घर की बंदिशों से परेशान होकर आजाद जीवन जीने के लिए वे निकली थीं. दोनों ने टीवी सीरियल क्राइम पेट्रोल देखकर भागने की योजना बनाई थी. 15 नवंबर को वे स्कूल जाने के बहाने घर से निकल गई थीं और फिर वापस नहीं लौटीं.
बिजनौर के अलग-अलग दो गांवों की रहने वाली कक्षा 9 और इंटर की ये छात्राएं 15 नवंबर को लापता हुई थीं. इनकी बरामदगी को लेकर किसान संगठन और परिवार धरने पर थे, और महिला आयोग भी पुलिस पर दबाव बना रहा था. कोई फोन इस्तेमाल न होने के कारण पुलिस के सामने बड़ी चुनौती थी. पुलिस की 28 टीमें, जिनमें करीब 135 पुलिसकर्मी, स्वाट और एसओजी शामिल थे, इनकी तलाश में जुटी थीं.
एसपी अभिषेक झा के अनुसार, दोनों ने पहले बिजनौर से सहारनपुर के लिए बस पकड़ी. वहां से वे बांद्रा जाने वाली ट्रेन में सवार होकर गुजरात के सूरत में उतरीं. इसके बाद अजमेर की ट्रेन से रतलाम गईं, वहां रुकीं और फिर जम्मू की ट्रेन में सवार होकर पंजाब के लुधियाना पहुंचीं. पुलिस ने 66 से 67 रेलवे स्टेशनों के सीसीटीवी फुटेज चेक किए.
छात्राओं ने 20 नवंबर को लुधियाना पहुंचकर एक कपड़ा फैक्ट्री में नौकरी शुरू की और वहीं कमरा लेकर रहने लगी थीं. प्राथमिक पूछताछ में पता चला है कि उनके पास खर्च के लिए सिर्फ 2000 रुपये और दूसरी छात्रा के पास कानों में पहने हुए झुमके थे, जिसे उन्होंने बेच दिया था. घर की बंदिशें, जैसे कि इंटर के बाद शादी का दबाव और जीवनशैली पर रोक-टोक, उनके भागने का मुख्य कारण था. अब दोनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा.
लिफ्ट ऊपर से नीचे आने के बजाय अचानक तेज गति से रिवर्स चली और अपार्टमेंट की छत की दीवार से जा टकराई. लिफ्ट टकराने के साथ ही लाइट, डस्ट और अन्य सामान टूटकर उस पर गिर गया.अगर आप भी इमारतों में ऊपर-नीचे आने-जाने के लिए लिफ्ट की मदद लेते हैं तो सावधान हो जाएं. क्योंकि किसी भी समय लिफ्ट बंद भी हो सकती है और आप घंटों उसमें फंसे रहेंगे. झीलों के शहर उदयपुर में भी एक ऐसा ही मामला सामने आया है. यहां एक अपार्टमेंट की लिफ्ट में महिला करीब ढाई घंटे तक फंसी रही.
जानकारी के मुताबिक, महिला लिफ्ट से ऊपर की मंजिल से नीचे आ रही थी. एकाएक लिफ्ट अचानक तेज स्पीड से रिवर्स चल पड़ी और छत पर दीवार से जा टकराई.घटना मंगलवार सुबह की हैण. जहां न्यू आरटीओ कार्यालय के सामने स्थित अमर विलास अपार्टमेंट की छठी मंजिल पर रहने वाली भाग्यश्री का बेटा स्कूल आईकार्ड भूल गया तो वापस देने के लिए महिला लिफ्ट से जा रही थी.
महिला ने लिफ्ट में ग्राउंड फ्लोर जाने के लिए बटन दबाया तो नीचे चली लिफ्ट एकाएक तेज स्पीड से ऊपर की तरफ चली गई और दीवार से जा टकराई. लिफ्ट टकराने के साथ ही लाइट, डस्ट और अन्य सामान टूटकर उस पर गिर गया.
महिला ने अंदर से आवाज लगाई, लेकिन किसी ने नहीं सुनी. अपार्टमेंट की छत सातवीं मंजिल पर लिफ्ट जाकर दीवार से टकराई थी. ऐसे में वहां कोई नहीं था.tमहिला के शोर के बीच कुछ समय बाद छठी मंजिल पर एक नौकरानी गुजर रही थी तो उसे आवाज सुनाई दी बाद में उसने वहां मौजूद लोगों को बताया.इस बीच भीड़ एकत्र हो गई, लेकिन पता नहीं चल रहा था कि महिला किस जगह फंसी हुई है. गहमागहमी के बीच पता चला कि महिला तो छत की मंजिल पर फंसी है.
इस पर लोग छत पर गए और देखा तो ऊपर सिर्फ दीवार ही है. लोगो ने बाद में ड्रिल मशीन मंगाई और महिला की आवाज के आधार पर दीवार को तोड़ा गया. इसके बाद करीब ढाई घंटे बाद महिला को सुरक्षित बाहर निकाला गया.
महाराष्ट्र में बढ़ते आवारा कुत्तों के हमलों पर विधानसभा में जोरदार बहस के बाद सरकार जल्द ही विशेष बैठक बुलाने वाली है. अर्बन डेवलपमेंट मंत्री माधुरी मिसाल ने बताया कि मुंबई में 90,757 और राज्यभर की 29 नगर निगमों में कुल 11.88 लाख आवारा कुत्ते हैं, जबकि शेल्टर बहुत कम हैं.
अर्बन डेवलपमेंट राज्य मंत्री माधुरी मिसाल ने बताया कि सिर्फ मुंबई में करीब 90,757 आवारा कुत्ते हैं, जबकि BMC के पास उनके लिए सिर्फ आठ शेल्टर हैं. पूरे राज्य की 29 नगर निगमों में लगभग 11.88 लाख आवारा कुत्ते हैं, लेकिन शेल्टर की संख्या सिर्फ 105 है.
बहस के दौरान बीजेपी विधायक महेश लांडगे ने एनिमल लवर्स पर समाधान में बाधा डालने का आरोप लगाया और कहा कि पिछले तीन साल में पुणे में एक लाख से ज्यादा डॉग बाइट के मामले सामने आए हैं. उन्होंने विवाद खड़ा करने वाला बयान देते हुए कहा, ‘कुत्तों को पकड़कर इन एनिमल लवर्स के घरों में ही छोड़ देना चाहिए.’
अन्य विधायकों ने भी नाराजगी जताई. बीजेपी के अतुल भातखलकर ने सरकारी खाली जमीन पर अधिक शेल्टर बनाने की सुझाव दिया, जबकि शिवसेना (यूबीटी) के सुनील प्रभु ने कहा कि जनप्रतिनिधि भी सुरक्षित नहीं हैं, और पूछा कि नसबंदी कार्यक्रमों का विरोध आखिर क्यों हो रहा है.
सरकार की ओर से सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का हवाला दिया गया, लेकिन विधायकों ने असंतोष जताया. मंत्री माधुरी मिसाल ने आश्वासन दिया कि जल्द ही संबंधित विधायकों और अधिकारियों के साथ एक विशेष बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें ठोस और लागू किए जा सकने वाले कदमों पर निर्णय लिया जाएगा.
पंजाब में लॉटरी जीतने वालों पर गैंगस्टरों की नजर बढ़ रही है. फरीदकोट में 1.5 करोड़ जीतने वाले मजदूर परिवार ने धमकियों के डर से घर छोड़ दिया. पुलिस ने सुरक्षा का भरोसा दिया है. इससे पहले जयपुर के सब्जी विक्रेता को 11 करोड़ की लॉटरी जीतने पर धमकियां मिली थीं. लगातार सामने आ रहे मामलों से पता चलता है कि जैकपॉट जीतना अब खतरे के साथ आ रहा है और विजेता डर में जी रहे हैं.
पंजाब में लॉटरी जीतने वालों पर गैंगस्टरों की नजर बढ़ती जा रही है. जयपुर के सब्जी विक्रेता को 11 करोड़ जीतने पर धमकियां मिलने के बाद अब फरीदकोट में 1.5 करोड़ की लॉटरी जीतने वाले एक परिवार ने भी डर के कारण अपना घर छोड़ दिया है. लगातार सामने आ रहे मामलों ने जैकपॉट जीतने के साथ बढ़ते जोखिम के खतरे को उजागर कर दिय
फरीदकोट जिले के सैदके गांव में रहने वाले खेत मजदूर नसीब कौर और उनके पति राम सिंह ने 1.5 करोड़ रुपये की लॉटरी जीती. यह खबर उन्हें लगभग एक दिन बाद तब पता चली जब पास के सादिक कस्बे में लॉटरी बेचने वाले राजू ने कई कॉल किए, लेकिन राम सिंह राजस्थान में थे और फोन नहीं उठा पाए. जब संपर्क हुआ तो वह उन्हें जीत का टिकट जमा करने के लिए चंडीगढ़ लॉटरी ऑफिस लेकर गया.
राम सिंह आम तौर पर ₹50 का टिकट लेते थे, लेकिन इस बार बच्चों के लिए संपत्ति बनाने के इरादे से उन्होंने ₹200 का टिकट ले लिया और वही टिकट उन्हें करोड़पति बना गया. परिवार में तीन शादीशुदा बेटियां और एक अविवाहित बेटा है. लेकिन खुशियां डर में बदल गईं.नेशनल संस्कृत यूनिवर्सिटी में एक दलित B.Ed छात्रा ने दो असिस्टेंट प्रोफेसरों पर यौन उत्पीड़न और जबरदस्ती का आरोप लगाया है. Photo ITG यूनिवर्सिटी के 2 प्रोफेसरों ने स्टूडेंट के साथ किया रेप, वीडियो बनाकर करते थे ब्लैकमेल
चंडीगढ़ ऑफिस में उन्हें पता चला कि पहले भी लॉटरी विजेताओं को गैंगस्टरों से वसूली की धमकियां मिली हैं. यह सुनते ही नसीब कौर और उनका परिवार तुरंत अपना घर छोड़कर एक स्थानीय जमींदार के घर शिफ्ट हो गया. घर बंद है, फोन बंद हैं और पड़ोसी भी परेशान हैं. पहली बार चंडीगढ़ जाने वाले राम सिंह खुद इन चेतावनियों से घबरा गए.
डीएसपी तरलोचन सिंह ने बताया कि पुलिस ने परिवार से मुलाकात कर सुरक्षा का भरोसा दिया है. उन्होंने कहा, “नसीब कौर ने 1.5 करोड़ जीता है और परिवार डरा हुआ है कि उन्हें कोई धमकी दे सकता है. हमने उन्हें कहा कि डरने की जरूरत नहीं, अगर ऐसा कोई कॉल आए तो तुरंत पुलिस को बताएं.”यह डर बेबुनियाद नहीं है. एक महीने पहले जयपुर के सब्जी विक्रेता अमित कुमार, जिसने पंजाब राज्य लॉटरी में 11 करोड़ जीते थे, उसे भी लगातार धमकी भरे कॉल आ रहे थे. डर के कारण वह घर से बाहर निकलना बंद कर चुका है और चंडीगढ़ जाकर जरूरी औपचारिकताएं पूरी करने से भी डर रहा है.
लगातार सामने आ रहे इन मामलों ने चिंता बढ़ा दी है कि पंजाब में लॉटरी विजेताओं की पहचान कर उन्हें गैंगस्टर निशाना बना रहे हैं. जीवन बदलने वाला यह इनाम अब डर के साथ मनाया जा रहा है. परिवारों को खुशियां मिली हैं, मगर एक सतर्क और चिंतित माहौल में.
दिल्ली पुलिस ने गोवा क्लब हादसे के आरोपी अजय गुप्ता को लाजपत नगर के एक प्राइवेट अस्पताल से पकड़ा है. अजय गुप्ता अस्पताल में स्पाइन की बीमारी का हवाला देकर भर्ती हुआ था. उसके हाथ में ड्रिप लगी थी और वह मास्क पहने दिखाई दिया. उसे टैक्सी के जरिए क्राइम ब्रांच ऑफिस लाया गया. इस दौरान अजय गुप्ता ने मीडिया से कहा कि वह केवल क्लब का स्लीपिंग पार्टनर था और उसे कोई जानकारी नहीं थी.
गोवा के बर्च बाय रोमियो लेन नाइट क्लब में 7 दिसंबर को हुए भीषण आग हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी. गोवा पुलिस ने इस मामले में कई आरोपियों को पकड़ा है. इसी केस में आरोपी अजय गुप्ता को दिल्ली से पकड़ा गया है. अजय यहां लाजपत नगर के एक प्राइवेट अस्पताल में स्पाइन की बीमारी बताकर भर्ती हो गया था. पुलिस उसे अस्पताल से लेकर सन लाइट कॉलोनी स्थित क्राइम ब्रांच के दफ्तर पहुंची.
इस दौरान अजय गुप्ता से जब सवाल किया गया तो उसने ‘आजतक’ से कहा कि वो स्लीपिंग पार्टनर था, उसे कुछ नहीं पता. इसके अलावा किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया. पुलिस आरोपी अजय गुप्ता को टैक्सी से लेकर सन लाइट कॉलोनी क्राइम ब्रांच ऑफिस पहुंची थी. अजय ने मास्क लगा रखा था. हाथ में ड्रिप की बैंडेज लगी थी. बीते साल जारी किए गए GST सर्टिफिकेट से सामने आया है कि अजय गुप्ता क्लब में लूथरा बंधुओं के साथ पार्टनर था.
अजय गुप्ता नार्थ दिल्ली के मशहूर बिल्डर अमित गुप्ता का भाई है, जिसकी 2 साल पहले गोगी गैंग ने बुराड़ी में हत्या कर दी थी. बिल्डर अमित गुप्ता की मौत के बाद खुलासा हुआ था कि अमित गुप्ता के पास कई नामी लोगों का पैसा था, जिन पैसों को मार्केट में लगाता था. अमित की हत्या के बाद उसका भाई अजय गुप्ता का पैसा मार्केट में लगाने लगा. लूथरा बंधुओं के क्लब्स में भी अमित और अजय गुप्ता ने बड़ी रकम लगा रखी थी. गोवा पुलिस अब अजय गुप्ता को गिरफ्तार कर लूथरा बंधुओं के साथ हुई उसकी ट्रांजेक्शंस के बारे में पता लगाएगी.
गोवा क्लब में आग लगने की घटना में 25 लोगों की मौत हो गई. इस हादसे के बाद क्लब के मालिक गौरव लूथरा और सौरभ लूथरा देश छोड़कर थाईलैंड भाग गए. दोनों के पासपोर्ट रद्द कराने के लिए गोवा पुलिस ने रीजनल पासपोर्ट ऑफिस को पत्र भेजा. इसके अलावा क्लब के अन्य साझेदार गुरुग्राम के अजय गुप्ता और ब्रिटिश नागरिक सुरिंदर कुमार खोसला के खिलाफ लुकआउट सर्कुलर (LOC) जारी किया गया था.
हादसे के दिन क्लब के मालिक लूथरा भाइयों ने दिल्ली एयरपोर्ट से विदेश जाने की तैयारी कर ली थी और दोनों विदेश निकल गए थे. वहीं इस घटना के बाद अजय गुप्ता की तलाश गोवा पुलिस के लिए अहम हो गई थी.
अजय गुप्ता दिल्ली के लाजपत नगर के एक प्राइवेट अस्पताल में स्पाइन की बीमारी का हवाला देकर भर्ती हो गया था. गोवा पुलिस और दिल्ली पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए उसे पकड़ा है. पुलिस ने कहा कि अस्पताल से डिस्चार्ज होने के बाद अजय गुप्ता को क्राइम ब्रांच ऑफिस में लाया गया. अब उसे ट्रांजिट रिमांड पर गोवा लेकर जाने की तैयारी है. गोवा पुलिस आज उसे कोर्ट में पेश कर सकती है.
धुरंधर में गौरव गेरा का पहचान में न आने वाला जासूस लुक वायरल हो रहा है. एक्टर ने बताया कैसे उन्हें ये फिल्म मिली और कैसे उनका लुक, लयारी का लहजा तैयार किया गया. गौरव ने बताया कि उन्हें सालों बाद ऐसा मौका मिला जिससे वो बेहद खुश हैं.
आदित्य धर की फिल्म धुरंधर बॉक्स ऑफिस पर आग लगा रही है. फिल्म ने सिर्फ 3 दिनों में 100 करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया और अभी भी इसका क्रेज कम होने का नाम नहीं ले रहा. रणवीर सिंह और अक्षय खन्ना की परफॉर्मेंस की खूब तारीफ हो रही है, लेकिन असली सरप्राइज बने हैं- गौरव गेरा. जो फिल्म में इतने अलग दिख रहे हैं कि कई लोग उन्हें पहचान ही नहीं पाए.
टीवी के हिट शो जस्सी जैसी कोई नहीं और कभी चुटकी के नाम से कॉमेडी वीडियोज बनाकर फेमस हुए गौरव ने फिल्म में मोहम्मद आलम का रोल निभाया है. जो कि एक जूसवाला है लेकिन असल में वो एक जासूस है. उनका छोटा-सा लेकिन अहम किरदार फैंस की नजरों में बस गया है, फैंस उनकी जमकर तारीफ कर रहे हैं. इस बात ने एक्टर को भी खूब खुशी दी है. उन्होंने अपने इस ‘पहचान में न आने वाले’ लुक पर रिएक्ट किया है.
जूम को दिए इंटरव्यू में गौरव गेरा ने बताया कि वो कमेंट्स पढ़ रहे हैं और लोगों से मिल रहे प्यार से बेहद भावुक हो गए हैं. उन्होंने कहा- मैंने ऑनलाइन कमेंट्स पढ़े हैं. उन्हें पढ़कर इतनी खुशी हुई कि कुछ ने तो आंखों में आंसू ला दिए. ये बहुत अच्छा समय है और मैं लंबे समय से इसका इंतजार कर रहा था.उन्होंने आगे कहा कि वो खुद को बहुत खुश और खुशनसीब मानते हैं कि उन्हें इस फिल्म का हिस्सा बनने का मौका मिला. गौरव ने कहा- चुटकी समेत कई तरह के किरदार निभाने के बाद मैं ऐसे मौके का इंतजार कर रहा था जहां मैं अपनी एक्टिंग के अलग-अलग रंग दिखा सकूं. कभी-कभी एक्टर टाइपकास्ट हो जाता है और दर्शक समझ ही नहीं पाते कि वो असल में क्या करने लायक है. धुरंधर एक ऐसी फिल्म है जिसने मुझे वो मौका दिया और मेरा वो रूप दिखाया जो लोगों ने पहले कभी नहीं देखा था.
जस्सी जैसी कोई नहीं से मशहूर हुए गौरव गेरा ने धुरंधर में अपने बिल्कुल बदले हुए लुक पर रिएक्ट किया. उन्होंने कहा- बिल्कुल, मेरा किरदार मेरी असली उम्र से काफी बड़ा दिख रहा था. असल में लोग मेरी सही उम्र का अंदाजा ही नहीं लगा पाते. फिल्म की टीम ने मेरे बाल भी सामान्य से ज्यादा छोटे कर दिए. मैंने सफेद दाढ़ी रखी, जो असल में भी सफेद है. इतने सालों के मेकअप की वजह से. लेकिन हां, लोगों ने आखिरकार मेरा असली रूप देख ही लिया.
पाकिस्तानी लोकल डायलॉग और लहजा कैसे इतना सही बैठा, इस पर गौरव गेरा ने बताया- पहले मैंने एक ऐसा किरदार निभाया था जिसमें मुझे मुल्तानी लहजा बोलना था. मैं वो इसलिए कर पाया क्योंकि मेरी जड़ें मुल्तान से जुड़ी हैं. इसलिए लयारी के आदमी का बोलने का तरीका पकड़ना मुश्किल नहीं था. आदित्य ने मुझे पूरी आजादी दी थी. उन्होंने थाईलैंड में पूरी लयारी जैसी जगह बना दी. एक मार्केट जिसे उन्होंने पूरा टाउन जैसा सेट कर दिया, इतनी बारीकियों के साथ.
जहां कुछ हिस्सों में गौरव एक्शन सीक्वेंस में भी नजर आए, वहीं ज्यादातर सीन में उनका काम रणवीर के किरदार की मदद करना था. 26/11 के बाद वाले पुल के दर्दनाक सीन को याद करते हुए उन्होंने बताया-ये ब्रिज वाला सीन अमृतसर में कड़ाके की ठंड में शूट हुआ था. मैं हाफ-स्लीव स्वेटर पहने था. हम सब ठिठुर रहे थे, लेकिन सीन एक ही दिन में पूरा कर लिया.
गौरव ने कहा कि फिल्म में दोनों के किरदार जासूस हैं, इसलिए सेट पर भी वो कम बातचीत करते थे, ज्यादातर चेहरों और आंखों से एक्ट करते थे. उन्होंने बताया कि रणवीर कैमरे के पीछे भी अपने किरदार में बने रहते थे. वो दोनों हमेशा आंखों-आंखों से कनेक्ट करते थे.
1500 करोड़ की ठगी के आरोपी रविंद्र नाथ सोनी ने SIT पूछताछ में खुद को दुबई में कचौड़ी बेचकर गुजारा करने वाला बताया, लेकिन जांच में उसकी 16 फर्जी कंपनियों, विदेशी निवेश और हाई-प्रोफाइल नेटवर्क का खुलासा हुआ. अब तक 700 से अधिक पीड़ित सामने आ चुके हैं. कानपुर पुलिस ने मामले की गहराई से जांच के लिए पहले ही SIT गठित कर दी है. जिसमें अब जांच तेज कर दी है.
1500 करोड़ की अंतरराष्ट्रीय ठगी के जाल का मास्टरमाइंड समझा जाने वाला रविंद्र नाथ सोनी जब स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) के सामने आया तो उसका रौब नदारद था. पांच स्टार होटलों में निवेशकों की भीड़ लगवाने वाला, बुर्ज खलीफा के पास अपना ऑफिस बताने वाला और विदेशी कंपनियों को करोड़ों का मुनाफा दिखाने वाला यही शख्स, पूछताछ के शुरुआती मिनटों में ही हाथ जोड़कर बोला ‘साहब, मैं तो दुबई में कचौड़ी बेचकर गुजारा कर रहा हूं… परिवार चलाना मुश्किल हो गया था.’
लेकिन एसआईटी के पास उसके इस दावे पर यकीन करने का कोई कारण नहीं था. सामने ढेरों कागज, लैपटॉप, बैंक स्टेटमेंट, निवेशकों की शिकायतें और विदेशी अकाउंट्स की डिटेल पड़ी थी. पुलिस अफसरों को पता था कि कहानी सिर्फ ‘कचौड़ी बेचने’ की नहीं है बल्कि कहानी करोड़ों की उस ठगी की है जिसने भारत ही नहीं, जापान, चीन, अमेरिका और कई देशों में बैठे लोगों की नींद उड़ा दी है.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पूछताछ के दौरान SIT ने सोनी के सामने उसके बैंक खातों, कंपनी रजिस्ट्रेशन, विदेशी फंडिंग और सहयोगियों की जानकारी रखी. ये वही कंपनियां थीं जिनका इस्तेमाल कर वह पिछले सात वर्षों से निवेशकों को ऊंचे रिटर्न का झांसा देता रहा.एडीसीपी क्राइम अंजली विश्वकर्मा की टीम ने उससे उसके कथित हाई-प्रोफाइल रिश्तों पर भी सवाल पूछे. टीम ने अभिनेता और रेसलर के साथ उसके वीडियो दिखाए, जिनका इस्तेमाल वह निवेशकों को भरोसा दिलाने के लिए करता था. सोनी यह कहकर बचने की कोशिश करता रहा कि ये सिर्फ फॉर्मल मुलाकातें’ थीं, पर SIT लगातार उसकी कहानी में झोल ढूंढती रही. उसने स्वीकार किया कि कंपनी में कई डायरेक्टर थे और समय-समय पर सभी अपने हिस्से के पैसे निकाल लेते थे. निवेशकों का दबाव बढ़ा तो वह घबरा गया और दुबई से भागकर देहरादून जा पहुंचा.
पूछताछ के दौरान सोनी बार-बार खुद को गरीब दिखाने की कोशिश करता रहा. उसका दावा था कि वह दुबई में एक छोटे से आउटलेट पर कचौड़ी बेच रहा था, ताकि किसी तरह परिवार चल सके. लेकिन उसके पास मिले इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स, बिजनेस कार्ड्स और ईमेल ट्रेल कुछ और ही कहानी कहते हैं. सोनी के दुबई स्थित दफ्तर में लाखों डॉलर का लेन-देन होता था. वह विदेशी निवेशकों को लुभाने के लिए अक्सर पांच सितारा होटलों में ग्लैमरस इवेंट आयोजित करता था, ताकि कंपनी को ग्लोबल ब्रांड की छवि मिले. उसकी मुख्य कंपनी ब्लूचिप कमर्शियल ब्रोकर 2018 से सक्रिय थी और इसके जरिए ही विदेशी निवेशकों के पैसे रियल एस्टेट और गोल्ड माइनिंग में निवेश के नाम पर घूमाए जाते थे.
दुबई पुलिस के रिकॉर्ड में उसका देश छोड़ने का कोई उल्लेख नहीं था. इसका मतलब था वह कानूनी प्रक्रिया से नहीं, किसी और रास्ते से निकला. बाद में पता चला कि अगस्त में उसने दुबई का रेगिस्तान पैदल पार किया, एक स्मगलर गैंग की मदद से ओमान में दाखिल हुआ और वहां से भारत की फ्लाइट लेकर देहरादून आ गया. स्थानीय निवेशकों ने जब दुबई पुलिस से शिकायत की, तो उन्हें बताया गया कि सोनी देश छोड़कर जा ही नहीं सकता पर कुछ दिनों बाद जब कानपुर से उसकी गिरफ्तारी की खबर आई, तो सभी हैरान रह गए.
जांच में पता चला है कि सोनी की कम से कम 16 कंपनियां रजिस्टर थीं. इनमें से कई अलग-अलग नाम और प्रमोटरों पर दर्ज थीं, ताकि किसी एक कंपनी की जांच होने पर पूरा नेटवर्क प्रभावित न हो. इनमें शामिल हैं: ब्लूचिप कमर्शियल ब्रोकर, ब्लूचिप फ्रीहोल्ड रियल एस्टेट ब्रोकर्स, वॉल स्ट्रीट इन्वेस्टमेंट LLC, ब्लूचिप फाइनेंशियल मार्केट लिमिटेड ब्रांच, ब्लूचिप इन्वेस्टमेंट LLC. इन कंपनियों के जरिए वह विदेशी नागरिकों को बड़े मुनाफे का झांसा देकर निवेश कराने के लिए राजी करता था. जांच में सामने आया है कि उसके साथ काम करने वालों में गुरमीत, हितेश, धरवेश, अभिषेक सिंगल, सुरेंद्र मधुकरराव दुधवाडकर और रितु परिहार जैसे नाम भी शामिल हैं. इनमें से कई की भूमिका पर SIT की नजर है.
कानपुर पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल ने बताया कि अब तक 700 से अधिक लोग इस ठगी का शिकार पाए गए हैं. कई पीड़ित कानपुर आकर FIR दर्ज करा चुके हैं, जबकि कई ने ईमेल के जरिए शिकायत की है. कुछ शिकायतकर्ताओं ने दावा किया कि प्रचार के दौरान सोनी की टीम ने ‘बड़े सेलेब्रिटी’ का नाम लेकर भरोसा दिलाया. कई निवेशक खली और सोनू सूद के नाम का उल्लेख कर रहे हैं. पुलिस इसका एंगल भी जांच में शामिल कर चुकी है, ताकि पता लगाया जा सके कि कहीं उनके फोटो का दुरुपयोग तो नहीं हुआ. करीब 90% पीड़ित भारतीय हैं, जबकि बाकी नेपाल, चीन, जापान, अमेरिका और फ्रांस जैसे देशों से हैं. जापानी कंपनियों ने ब्लूचिप में भारी निवेश किया था और ऐसे कई जापानी निवेशक अब भी अपनी पूंजी वापस पाने के लिए कानूनी मदद मांग रहे हैं.
सोनी ने SIT को बताया कि जैसे-जैसे विदेशी निवेशकों को रिटर्न नहीं मिला, वैसे-वैसे दबाव बढ़ने लगा. कई विदेशी नागरिक उसके दफ्तर पहुंच गए थे और दुबई में उसके खिलाफ शिकायतें दर्ज होने लगीं. उधर, उसके भारतीय नेटवर्क ने भी पैसे निकालने शुरू कर दिए, जिससे उसकी कंपनियों की नकदी और कम हो गई. इसी कारण उसने दुबई छोड़ने का फैसला लिया और बिना पासपोर्ट मोहर लगे, सीमा पार की.
मामला बड़ा होने की वजह से पुलिस कमिश्नर ने रविवार को स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन किया था. टीम की अगुवाई एडीसीपी क्राइम अंजली विश्वकर्मा कर रही हैं. टीम में कुल छह अधिकारी शामिल हैं. यह टीम 16 कंपनियों से जुड़े वित्तीय लेन-देन की जांच, बैंक खातों और विदेशी ट्रांजैक्शन की परतें खोलना, क्रिप्टो वॉलेट्स की गतिविधियों की जांच, सोनी और उसकी टीम द्वारा अर्जित प्रॉपर्टीज का पता लगाना, विदेशों में ठगी गए निवेशकों की सूची तैयार करना आदि है. तेजी से कार्रवाई करते हुए SIT ने सोनी के लैपटॉप, मोबाइल और अन्य गैजेट्स का पूरा डेटा खंगालना शुरू कर दिया है.
पूछताछ के अंत तक ‘कचौड़ी बेचने’ का दावा करने वाला सोनी खुद अपनी कहानी में उलझ गया था. SIT अधिकारियों के मुताबिक, सोनी बेहद चालाकी से बातें घुमाता है, लेकिन सबूत उसके खिलाफ मजबूत हैं. यह साफ हो चुका है कि मामला केवल भारत का नहीं, बल्कि बहु-देशीय धोखाधड़ी का है. जैसे-जैसे पूछताछ आगे बढ़ेगी, और बड़े नाम सामने आने की उम्मीद है
आज का दिन आपके लिए नए अवसर लेकर आएगा। कार्यक्षेत्र में आपकी ऊर्जा और आत्मविश्वास बढ़ेगा। किसी महत्त्वपूर्ण व्यक्ति से मुलाकात लाभदायक साबित हो सकती है। परिवार में माहौल शांत रहेगा और आपकी सलाह का सम्मान होगा। आर्थिक स्थिति मजबूत रहने की संभावना है। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन बहुत अधिक भागदौड़ से बचें।
*वृषभ *
आज आप स्वयं को मानसिक रूप से संतुलित और सकारात्मक महसूस करेंगे। परिवार में खुशी का माहौल बना रहेगा। नौकरी या व्यापार में स्थिरता बनी रहेगी। आर्थिक मामलों में कोई लाभ मिल सकता है। मित्रों के साथ किसी खास विषय पर चर्चा होगी, जिससे आपको नए विचार मिलेंगे। सेहत अच्छी रहेगी लेकिन भोजन में लापरवाही न करें।
*मिथुन * आज आपका संवाद कौशल आपकी सबसे बड़ी ताकत रहेगा। किसी महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट में सफलता आपके आत्मविश्वास को बढ़ाएगी। नए अवसरों के लिए तैयार रहें। परिवार के साथ समय अच्छा बीतेगा। आर्थिक मामलों में लाभ संभव है। यात्रा के योग बन रहे हैं, जो लाभदायक साबित होंगे। स्वास्थ्य ठीक रहेगा।
*कर्क * आज भावनात्मक रूप से आप थोड़ा संवेदनशील रह सकते हैं। परिवार का सहयोग मिलने से मन शांत रहेगा। करियर में कोई नई जिम्मेदारी मिल सकती है जो आगे चलकर लाभदायक होगी। आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी। किसी पुराने मित्र से मुलाकात हो सकती है। सेहत में सुधार रहेगा लेकिन तनाव से बचें।
*सिंह * आज का दिन आत्मविश्वास से भरपूर रहेगा। नौकरी में पदोन्नति या प्रशंसा मिल सकती है। व्यापारियों के लिए समय अच्छा है। कोई पुरानी समस्या आज हल हो सकती है। परिवार में किसी समारोह या शुभ घटना की चर्चा हो सकती है। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। सेहत बढ़िया रहेगी, बस दिनचर्या में संतुलन रखें।
*कन्या * आज आपका ध्यान काम पर अधिक रहेगा। अनुशासन और योजनाबद्ध तरीके से काम करेंगे तो सफलता निश्चित है। आर्थिक तौर पर स्थिति अच्छी रहेगी, लेकिन खर्च बढ़ सकते हैं। किसी रिश्तेदार से मुलाकात खुशी देगी। कार्यस्थल पर सहकर्मी आपके सहयोग की सराहना करेंगे। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, केवल हल्का व्यायाम करें
*तुला *
आज रचनात्मक कार्यों में सफलता मिलेगी। किसी नए प्रोजेक्ट या काम की शुरुआत के लिए दिन अच्छा है। मित्रों से सहयोग मिलेगा। आर्थिक मामलों में समझदारी से निर्णय लें। परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी। प्रेम जीवन में सकारात्मकता आएगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, विश्राम जरूर करें।
**वृश्चिक *
आज कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेते समय सावधानी बरतें। आर्थिक रूप से लाभ होने की संभावना है, परंतु खर्च भी बढ़ सकते हैं। परिवार में किसी बात को लेकर चर्चा हो सकती है, इसलिए धैर्य रखें। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत रंग लाएगी। स्वास्थ्य ठीक रहेगा, लेकिन तनाव से बचें।
*धनु * आज का दिन नए अवसरों और सकारात्मक बदलावों से भरा रहेगा। यात्रा के योग बन रहे हैं, जो शुभ साबित होंगे। व्यवसाय में विस्तार की योजना सफल हो सकती है। परिवार में प्रेम और सहयोग मिलेगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। स्वास्थ्य बेहतर रहेगा और मन में उत्साह बना रहेगा।
*मकर *
आज काम की व्यस्तता अधिक रहेगी। जिम्मेदारियों को पूरा करने में समय लगेगा, लेकिन परिणाम आपके पक्ष में होंगे। आर्थिक मामलों में सावधानी बरतें। परिवार में किसी मुद्दे पर चर्चा हो सकती है। धैर्य रखें। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत की सराहना होगी। स्वास्थ्य ठीक रहेगा, केवल थकान महसूस हो सकती है।
*कुंभ *
आज आपके विचारों की स्पष्टता आपको दूसरों से अलग बनाएगी। कार्यस्थल पर नई योजना बन सकती है, जिसमें आपकी भूमिका महत्वपूर्ण होगी। आर्थिक मामलों में लाभ संभव है। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा। विद्यार्थियों के लिए दिन अच्छा रहेगा। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, पानी का सेवन बढ़ाएं।
*मीन *
आज का दिन आध्यात्मिकता और आत्मचिंतन का है। मन शांत रहेगा और आप अपने काम पर बेहतर ध्यान दे पाएंगे। आर्थिक मामलों में सुधार होगा। परिवार के साथ समय अच्छा गुज़रेगा। कामकाज में प्रगति होगी और नए अवसर मिलेंगे। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन नींद पूरी करें।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में कुछ लोग आपस में बहस करते दिखाई दे रहे हैं, जो देखते-ही-देखते धक्का-मुक्की तक पहुंच गई. इस दौरान हॉल में मौजूद अन्य दर्शकों में अफरा-तफरी जैसी स्थिति बन गई राजधानी भोपाल के एक प्रमुख सिनेप्लेक्स में फिल्म ‘धुरंधर’ की स्क्रीनिंग के दौरान अफरातफरी मच गई. हॉल में मौजूद दर्शकों के बीच अचानक झगड़ा शुरू हो गया. इस घटना का वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें लोग एक-दूसरे से धक्का-मुक्की करते दिखाई दे रहे हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यह विवाद फिल्म शुरू होने के कुछ समय बाद पैदा हुआ. बताया जा रहा है कि दो दर्शकों के बीच किसी सीट या आवाज को लेकर कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हाथापाई और धक्कामुक्की में बदल गई.झगड़े के कारण हॉल का माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया और कई दर्शक डर के मारे अपनी सीटों से उठकर बाहर की ओर भागने लगे.
सिनेप्लेक्स प्रबंधन ने बताया कि विवाद बढ़ते ही मौके पर मौजूद स्टाफ ने तुरंत हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को अलग किया और स्थिति को नियंत्रित किया. प्रबंधन ने पुष्टि की है कि घटना में किसी के गंभीर रूप से घायल होने की खबर नहीं है, लेकिन अन्य दर्शक काफी परेशान दिखाई दिए.
यह घटना मनोरंजन स्थलों पर सुरक्षा और अनुशासन को लेकर चिंताएं बढ़ा रही है, खासकर सप्ताहांत में भारी भीड़ वाले शो के दौरान. पुलिस ने घटना की जानकारी मिलने के बाद सिनेप्लेक्स प्रबंधन से मामले की रिपोर्ट मांगी है और कहा है कि वायरल वीडियो तथा प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर मामले की जांच की जाएगी.