आप्रेशन सिंदूर में बुरी तरह से मार खाने के बाद भी पाकिस्तान भारत के खिलाफ साजिशें रचने से बाज नहीं आ रहा है। आए दिन किसी न किसी नए तरीके से साजिशों को अंजाम देने में लगा रहता है। सूत्रों के अनुसार अब पाक की खुफिया एजैंसी ISI के भारत भर में उभरते हुए हाइब्रिड जासूसी मॉड्यूल का खुलासा हुआ है, जिसमें ISI जासूसी कार्यों के लिए 16-17 वर्ष के किशोरों की भर्ती कर रही है। इसका भारत में मुख्य लक्षित क्षेत्र रेलवे, रक्षा स्थल, सार्वजनिक केंद्र और शहरी अवसंरचना है।

इस रणनीति में खासकर कमजोर किशोरों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, जो नशे के आदी या आर्थिक रूप से कमजोर हैं। किशोरों की भर्ती के दौरान उनको तुरंत नकद भुगतान, नशीली दवाओं की सहायता दी जा रही है। इस तरह की भर्ती जिसे मेरठ मॉड्यूल केस स्टडी के रूप में अंजाम दिया गया था, का मास्टरमाइंड सुहैल मलिक था, जो 21 सदस्यों का नैटवर्क चलाता था, जिसमें 9 किशोर शामिल थे। इनकी मुख्य गतिविधियों में संवेदनशील स्थलों (दिल्ली, सोनीपत रेलवे स्टेशन, सुरक्षा क्षेत्र) पर सी.सी.टी.वी. कैमरे लगाना शामिल था। जिन्होंने पाकिस्तान स्थित संचालकों को लाइव निगरानी फीड उपलब्ध कराई।
आपको बता दें कि कुछ दिन पहले दिल्ली पुलिस के स्पैशल सैल द्वारा कई राज्यों की तरह कठुआ में भी सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थानों पर सोलर सी.सी.टी.वी. लगाने के षड्यंत्र में शामिल होने का खुलासा भी हुआ था।


