गुजरात की राजधानी गांधीनगर में अल्ताफ लुहार नामक युवक द्वारा पहचान छिपाकर ‘साहिल देसाई’ बनकर एक 17 वर्षीय नाबालिग को प्रेम जाल में फंसाने और शारीरिक शोषण का मामला सामने आया है. इंस्टाग्राम से शुरू हुए इस रिश्ते का खुलासा तब हुआ, जब हिंदू संगठनों ने आरोपी को पीड़िता के घर की छत पर रंगे हाथों पकड़ा. आरोपी के मोबाइल से आपत्तिजनक वीडियो भी मिले हैं. सेक्टर-21 पुलिस ने पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है.
गुजरात की राजधानी गांधीनगर में अपनी पहचान और धर्म छुपाकर एक हिंदू लड़की को प्रेम के जाल में फंसाने का एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है. पता चला है कि सेक्टर-26 में रहने वाले अल्ताफ लुहार नाम के एक युवक ने ‘साहिल देसाई’ बनकर सेक्टर-24 की एक नाबालिग लड़की के साथ शारीरिक दुर्व्यवहार किया. यह सिलसिला इंस्टाग्राम पर शुरू हुआ. हिंदू संगठन के अनुसार, अल्ताफ वली खान लुहार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए कक्षा 10 में पढ़ने वाली 17 वर्षीय नाबालिग से संपर्क किया. अल्ताफ ने अपनी असली पहचान छुपाकर अपना नाम ‘साहिल देसाई’ बताया और नाबालिग का विश्वास जीतकर उसे प्रेम के जाल में फंसा लिया.

युवक ने नाबालिग के साथ शारीरिक शोषण किया. युवक ने लड़की की मासूमियत का फायदा उठाया और लगातार उसके साथ शोषण किया. हालांकि, नाबालिग के परिवार को लगभग छह महीने पहले इस बात का पता चला था. उस समय परिवार ने युवक को घर बुलाया और उसे कड़ी फटकार लगाई और नाबालिग से दूर रहने की चेतावनी भी दी. लेकिन अल्ताफ ने अपनी हरकतें नहीं रोकीं.
अब हिंदू संगठनों ने उसे छत पर रंगे हाथों पकड़ा. जब नाबालिग घर पर अकेली थी, अल्ताफ उर्फ साहिल उसके घर पहुंचा. पड़ोसियों को इसकी भनक लगते ही उन्होंने विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं को सूचना दी. इसके चलते हिंदू संगठन के कार्यकर्ता तुरंत मौके पर पहुंचे. घर की तीसरी मंजिल पर बने अटारी कमरे का दरवाजा खोलने पर अल्ताफ और नाबालिग एक साथ मिले.
कार्यकर्ताओं ने जब युवक का मोबाइल चेक किया तो उसमें नाबालिग के साथ आपत्तिजनक तस्वीरें और वीडियो भी मिले, जिससे मामला और भी गंभीर हो गया. विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने युवक को रंगे हाथों पकड़ा और पुलिस के हवाले कर दिया. इस मामले में सेक्टर-21 पुलिस ने पोस्को अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर युवक की गिरफ्तारी किया है.

