जगन गुर्जर की मौत के कारणों को लेकर पोस्टमार्टम में खुलासा हुआ है। जगन गुर्जर की मौत गले और गर्दन पर अत्यधिक गंभीर दबाव पड़ने की वजह से हुई। रिपोर्ट में गले की हड्डी टूटने की पुष्टटि हुई है।
धौलपुर/ अजमेर: अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में मारे गए कुख्यात डकैत जगन गुर्जर का आज (बुधवार) उसके पैतृक गांव में भारी पुलिस सुरक्षा के बीच अंतिम संस्कार किया जाएगा। इससे पहले डकैत जगन गुर्जर के शव का पोस्टमार्टम हुआ है, जिसमें चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा
जगन गुर्जर की मौत के कारणों को लेकर मेडिकल बोर्ड की प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बेहद चौंकाने वाली है। छह सदस्यीय मेडिकल बोर्ड की शुरुआती जांच के अनुसार, जगन गुर्जर की मौत गले और गर्दन पर अत्यधिक गंभीर दबाव पड़ने की वजह से हुई।

मेडिकल बोर्ड ने निकाला ये निष्कर्ष
हमले के दौरान गर्दन को इतनी बेरहमी और ताकत से दबाया गया कि जगन की गर्दन की मुख्य प्रमुख गले की हड्डी टूट गई। अत्यधिक दबाव के कारण गर्दन के बीच वाले हिस्से में भारी अंदरूनी ब्लीडिंग होना पाया गया है। इसके अलावा सांस की नली और भोजन नली के आसपास भी गंभीर चोट के निशान मिले हैं। डॉक्टरों के अनुसार, गला घोंटे जाने के मात्र 3 मिनट के भीतर ही जगन की सांसें पूरी तरह थम गई थीं।
अजमेर से भारी सुरक्षा में लाया गया शव
इससे पहले, जेल में हुई इस हत्या के बाद आक्रोशित परिजनों और प्रशासन के बीच लंबी समझाइश और सहमति बनने के बाद मंगलवार को अजमेर में शव का पोस्टमार्टम कराया गया था। पोस्टमार्टम प्रक्रिया पूरी होने के तुरंत बाद परिजन शव को लेकर धौलपुर के लिए रवाना हो गया। जगन का शव सुबह करीब साढ़े सात बजे धौलपुर के डांग क्षेत्र स्थित भवुतीपुरा गांव पहुंचा है। यहां सुबह 6 बजे से ही ग्रामीणों और रिश्तेदारों की भारी भीड़ जुटना शुरू हो गई है। प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए गांव में कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं।
अजमेर जेल प्रशासन ने कहा-गमछे से घोंटा गया गला
उल्लेखनीय है कि इससे पहले अजमेर जेल प्रशासन ने आरोपी विष्णु से मिली इनपुट के आधार पर जानकारी मीडिया से साझा किया थी। इसमें बताया गया था कि जगन गुर्जर पर सोते समय हमला किया था। उसने पास ही रखे एक सूती गमछे (तौलिये) को जगन के गले में लपेटकर विण्णु ने उसे दोनों हाथों से पूरी ताकत से खींच दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आई गर्दन की टूटी हुई हड्डी (हायोड बोन) और सांस की नली पर मिले गंभीर चोट के निशान भी इसी थ्योरी की पुष्टि कर रही है।
डांग क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात
जगन गुर्जर के भवुतीपुरा गांव (डांग क्षेत्र) में शव के पहुंचते ही सन्नाटा पसरा हुआ है। साथ ही सुरक्षा के लिहाज से चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात है। इधर, हाई-प्रोफाइल हत्याकांड के बाद अब पुलिस और जेल प्रशासन दोनों ही सुरक्षा के मोर्चे पर जांच जारी है।
खुशेंद्र तिवारी
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