NATIONAL : UAE से लेकर यूरोप तक, पांच देशों के दौरे पर जाएंगे पीएम मोदी; कई अहम बैठकों से संबंध होंगे मजबूत

0
40

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 देशों की छह दिवसीय विदेश यात्रा पर रवाना होंगे, जिसमें यूएई, नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली शामिल हैं। इस दौरे का उद्देश्य भारत के वैश्विक संबंधों को मजबूत करना और आर्थिक व रणनीतिक सहयोग बढ़ाना है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार से छह दिन के पांच देशों के दौरे पर रवाना होंगे। इस दौरान वह संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली की यात्रा करेंगे। विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस दौरे का उद्देश्य भारत के द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करना तथा वैश्विक भू-राजनीतिक परिस्थितियों के बीच सहयोग बढ़ाना है।

प्रधानमंत्री मोदी अपनी यात्रा की शुरुआत यूएई से करेंगे, जहां वह राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात करेंगे। दोनों नेताओं के बीच ऊर्जा सहयोग, व्यापार, निवेश और पश्चिम एशिया की स्थिति समेत विभिन्न क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा होगी। यूएई भारत का तीसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है और वहां 45 लाख से अधिक भारतीय समुदाय निवास करता है। इसके बाद प्रधानमंत्री 15 से 17 मई तक नीदरलैंड की यात्रा पर रहेंगे। वह वहां किंग विलेम-अलेक्जेंडर, क्वीन मैक्सिमा और प्रधानमंत्री रॉब जेटन से मुलाकात करेंगे। दोनों देशों के बीच रक्षा, सुरक्षा, नवाचार, ग्रीन हाइड्रोजन, सेमीकंडक्टर और जल प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा होगी। वर्ष 2024-25 में भारत-नीदरलैंड व्यापार 27.8 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच चुका है।

नीदरलैंड के बाद प्रधानमंत्री मोदी 17 और 18 मई को स्वीडन जाएंगे और वहां प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। दोनों देश ग्रीन ट्रांजिशन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, उभरती तकनीक, स्टार्टअप, रक्षा, अंतरिक्ष और जलवायु परिवर्तन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर देंगे। इस दौरान दोनों नेता यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन के साथ यूरोपियन राउंड टेबल फॉर इंडस्ट्री को भी संबोधित करेंगे।

यात्रा के चौथे चरण में प्रधानमंत्री 18 से 19 मई तक नॉर्वे में रहेंगे। वह ओस्लो में आयोजित तीसरे भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इसके अलावा वह किंग हैराल्ड पंचम, क्वीन सोन्या और प्रधानमंत्री जोनास गार स्टोर से मुलाकात करेंगे। भारत और नॉर्वे के बीच व्यापार, निवेश, स्वच्छ और हरित प्रौद्योगिकी तथा ब्लू इकोनॉमी के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा होगी। यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की 43 वर्षों बाद नॉर्वे यात्रा होगी। भारत-नॉर्डिक शिखर सम्मेलन में नॉर्वे, डेनमार्क, फिनलैंड, आइसलैंड और स्वीडन के प्रधानमंत्रियों की भागीदारी होगी। सम्मेलन में तकनीक, नवाचार, नवीकरणीय ऊर्जा, रक्षा, अंतरिक्ष और आर्कटिक क्षेत्र से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।

अपने दौरे के अंतिम चरण में प्रधानमंत्री मोदी 19 से 20 मई तक इटली की यात्रा करेंगे। वह राष्ट्रपति सर्जियो मातारेला और प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से मुलाकात करेंगे। दोनों देशों के बीच निवेश, रक्षा, स्वच्छ ऊर्जा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर रहेगा। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, यह दौरा भारत और यूरोप के बीच व्यापार और निवेश संबंधों को नई गति देने में महत्वपूर्ण साबित होगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here