Monday, June 29, 2026
Home Blog Page 101

ENTERTAINMENT : समय रैना के जोक से परेशान हुए अमिताभ बच्चन ? लिखा- सब कुछ छोड़कर आराम से बैठ जाते हैं

सदी के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने नए ब्लॉग में एंग्जाइटी और नए आइडियाज को बैलेंस करने के बारे में लिखा है. उन्होंने ‘इंटरनेट के तूफान’, ‘असलियत और सच’ पर भी बात की.

कॉमेडियन समय रैना ने हाल ही में अपने स्पेशल ‘स्टिल अलाइव’ में अमिताभ बच्चन पर एक जोक मारा था, जिसके कारण उनकी खूब आलोचना हुई. एक्टर एजाज खान ने भी समय रैना को धमकी दी थी. अब सदी के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने नए ब्लॉग में एंग्जाइटी और नए आइडियाज को बैलेंस करने के बारे में लिखा है. उन्होंने ‘इंटरनेट के तूफान’, ‘असलियत और सच’ पर भी बात की.

अमिताभ बच्चन ने अपने ब्लॉग में लिखा, ‘हर दिन नए विचार और कल्पनाएं लेकर आता है और हर एक को पूरी लगन से आगे बढ़ाने की इच्छा भी. सब कुछ एक ही बार में नहीं मिल सकता, इसलिए आप ‘एक समय में एक’ के सिद्धांत पर काम करते हैं, लेकिन मन लगातार उन कामों की याद दिलाता रहता है, जो अभी बाकी हैं और उनकी चिंता भी. तो आप सब कुछ छोड़कर आराम से बैठ जाते हैं. उम्मीद करते हैं कि मन अपना सफर बंद कर देगा, लेकिन ऐसा नहीं होता और इंटरनेट का तूफान इतना तेज चलता है कि आपका ध्यान इतने सारे पहलुओं की ओर खींच लेता है कि यह तय करना बहुत मुश्किल हो जाता है कि ‘असली बात’ क्या है और सच क्या है.’

अमिताभ ने आगे लिखा है, ‘विचारों को ढूंढने, सुधारने और उत्तर खोजने के प्रावधान मौजूद हैं, लेकिन इससे स्थिति में काफी सुधार हुआ है. जानकारी प्राप्त करने की गति अब एक बटन दबाने जितनी है, दिमाग के ‘सोचने वाले बटन’ जितनी नहीं. यह सब इंटरनेट के कारण दब गया है और नए खुलासे हमें लेटेस्ट चीजों और बातों का अनुसरण करने और पुराने तौर-तरीकों को पीछे छोड़ने के लिए विवश करते हैं. जो लोग शुरुआती दौर से गुजर चुके हैं और आज बिल्कुल अलग कार्यप्रणाली से हैरान हैं, उनके लिए यह समय की एक दिलचस्प कहानी है.’

बता दें कि अमिताभ बच्चन का यह पोस्ट ऐसे समय में आया है, जब समय रैना ने उन्हें हाल ही ‘स्टिल अलाइव’ में रोस्ट किया था और जोक मारा था. गौरतलब है कि समय रैना बिग बी के लोकप्रिय शो ‘कौन बनेगा करोड़पति’ में नजर आ चुके हैं.

ENTERTAINMENT : शाहरुख-सलमान को क्या तोहफे देते हैं लोग? एकता कपूर ने बताया बॉलीवुड पार्टियों का सच

फैंस के मन में हमेशा से सवाल रहा है कि आखिर एक्टर्स को क्या तोहफे मिलते हैं? क्या कोई तोहफा मिलता भी है या नहीं. प्रोड्यूसर एकता कपूर ने हाल ही में इसका जवाब दिया. एक बातचीत में उनसे पूछा गया कि शाहरुख खान या सलमान खान जैसे सुपरस्टार्स की बर्थडे पार्टी में वे क्या गिफ्ट ले जाती हैं.

बॉलीवुड स्टार्स को अक्सर इंडस्ट्री के अपने साथी कलाकारों, डायरेक्टर और अन्य लोगों के बर्थडे और वेडिंग फंक्शन्स पर जाते देखा जाता है. आम तौर जब आप किसी के घर फंक्शन में शामिल होते हैं तो गिफ्ट लेकर जाना जरूरी होता है. लेकिन सितारों को अक्सर एक-दूसरे को गिफ्ट देते नहीं देखा जाता. ऐसे में फैंस के मन में हमेशा से सवाल रहा है कि आखिर एक्टर्स को क्या तोहफे मिलते हैं? क्या कोई तोहफा मिलता भी है या नहीं.

प्रोड्यूसर एकता कपूर ने हाल ही में एक इंटरव्यू में इस सवाल का जवाब दिया. एमके टॉक्स के साथ बातचीत में उनसे पूछा गया कि शाहरुख खान या सलमान खान जैसे सुपरस्टार्स की बर्थडे पार्टी में वे क्या गिफ्ट ले जाती हैं. एकता का जवाब कुछ लोगों को निराश कर सकता है. उन्होंने कहा, ‘बड़े नामों जैसे सलमान या शाहरुख के जन्मदिन पर लोग आमतौर पर गिफ्ट नहीं ले जाते. आप उनके जन्मदिन पर क्या ले जाएंगे? असल में मैं ज्यादा बर्थडे पार्टी में नहीं जाती. अपने जन्मदिन पर मैं तिरुपति चली जाती हूं और किसी को इनवाइट नहीं करती.’ उन्होंने आगे कहा, ‘अगर आप पूछ रहे हैं कि आमतौर पर बड़े लोगों के जन्मदिन पर क्या दिया जाता है, तो मैंने ज्यादातर देखा है कि लोग सिर्फ आशीर्वाद देते हैं.’

एकता कपूर ने बॉलीवुड के ‘पार्टी कल्चर’ पर भी बात की. उन्होंने कहा, ‘फिल्म इंडस्ट्री के बारे में यह धारणा है कि महंगे गिफ्ट्स एक्सचेंज होते हैं, लोग बहुत शराब पीते हैं और रातभर पार्टी करते हैं, वो बिल्कुल गलत है. असल में इससे ज्यादा बोरिंग इंडस्ट्री आपको नहीं मिलेगी. फिल्म इंडस्ट्री सबसे बोरिंग इंडस्ट्री है.’

उन्होंने आगे बताया, ‘हर कोई बोरिंग है. सब 8 बजे सो जाते हैं, सुबह जल्दी उठते हैं, कम खाते हैं और सिर्फ काम और हेल्थ पर फोकस रहता है. लोग जितने ग्लैमरस या वाइल्ड लगते हैं, उससे कहीं ज्यादा साधारण हैं. हर कोई फैमिली ओरिएंटेड और प्राइवेट है, बल्कि नॉर्मल लाइफ से भी ज्यादा.’ उन्होंने यह भी कहा कि ‘फिल्म इंडस्ट्री में लोग बहुत फैमिली ओरिएंटेड हैं, क्योंकि उन्हें पता है कि बाहर की दुनिया काफी उथली है, इसलिए वे अपनी असली दुनिया परिवार और अपने करीबी लोगों के बीच रखते हैं.’

हाल ही में एकता कपूर ने उषा काकडे प्रोडक्शंस के यूट्यूब चैनल पर अपने डेली रूटीन के बारे में भी बताया था. उन्होंने कहा था, ‘मैं देर से उठती हूं. मेरा रूटीन अगर कोई सुनेगा तो हैरान रह जाएगा. मैं लगभग सुबह 11 बजे के आसपास उठती हूं. फिर मैं तीन घंटे फोन कॉल्स और कंटेंट राइटिंग पर बिताती हूं, वो मेरा क्रिएटिव टाइम होता है. उसके बाद मैं घर से 1:30–2 बजे के आसपास निकलती हूं. मैं सुबह अपने बेटे को स्कूल छोड़ने के लिए 10 मिनट के लिए उठ जाती हूं और फिर सो जाती हूं, लेकिन उसे मैं काउंट नहीं करती. मैं अपने बेटे को स्कूल से पिकअप करके अपनी मां के पास छोड़ देती हूं. उसके बाद मैं वर्कआउट करती हूं और फिर ऑफिस 4 बजे के आसपास पहुंचती हूं. मैं आमतौर पर 4 बजे सुबह काम खत्म करती हूं. हम ऑफिस में लगभग 12 घंटे रहते हैं.’

प्रोजेक्ट्स की बात करें तो एकता कपूर ने अक्षय कुमार की नई फिल्म ‘भूत बंगला’ को प्रोड्यूस किया है. फिलहाल इसकी रिलीज की तैयारी वो कर रही हैं. डायरेक्टर प्रियदर्शन के निर्देशन में बनी ये पिक्चर 16 अप्रैल को रिलीज होगी.

NATIONAL : सिर्फ दुआ नहीं देंगे, दुल्हनें सजाएंगे ट्रांसजेंडर…, रामगढ़ में किन्नरों के लिए बड़ी पहल

0

रामगढ़ में ट्रांसजेंडर समुदाय के सशक्तिकरण की नई पहल सामने आई है, जहां उन्हें ब्यूटीशियन प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है. अब यह समुदाय ब्यूटी पार्लर चलाकर सम्मानजनक जीवन जी सकेगा. यह कदम उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अहम साबित हो रहा है.

झारखंड के रामगढ़ जिले से ट्रांसजेंडर समुदाय की आत्मनिर्भर एव स्वाबलंबी बनने की एक बेहद ही खूबसूरत तस्वीर सामने आई है. ये समुदाय वर्षों से समाज से वंचित एव उपेक्षित रहा है. ये समाज की रूढ़िवादी सोच को बदलने और समावेशी विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है.

अब यह समुदाय मुख्यधारा से जुड़कर स्वरोजगार के माध्यम से सम्मानजनक जीवन यापन कर सकेगा. झारखंड के रामगढ़ जिले से इसकी शुरुआत हो चुकी है. किन्नरों की हाथ अब केवल बधाई और दुआओं और तालिया बजाने तक ही सीमित नहीं रहेंगे , बल्कि ये ट्रांसजेंडर समुदाय के लोग शादी विवाह में दुल्हनों को सजाने संवारने की काम को भी बाखूबी करेंगे. यही नहीं ये ट्रांसजेंडर समुदाय के लोग अपने ब्यूटीपार्लर में किफायती दरों में महिलाओं को बेहतर सेवा देने का भी काम करेंगी.

दरअसल रामगढ़ जिले के डीसी फैज अक अहमद मुमताज के पहल पर 16 फरवरी से 2 मार्च 2026 तक ट्रांसजेंडर समुदाय के सशक्तिकरण के लिए ब्यूटीशियन प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया गया था. प्रशिक्षण समाप्त होने के बाद समाहरणालय सभा कक्ष में प्रशिक्षित किन्नरों को डीसी ने प्रमाण पत्र दिया. अब इस समुदाय के लोग अपने अपने ब्यूटीपार्लर खोल कर न सिर्फ स्वरोजगार से जुड़ कर मुख्य धारा से जुड़ेंगे बल्कि सम्मानजनक जीवन भी यापन करेंगी.

सालों से हाशिए पर रहे ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए यह केवल कौशल विकास कार्यक्रम नहीं बल्कि उनके आत्मसम्मान की बहाली है. पारंपरिक रूप से बधाई मांगने तक सीमित रहा यह समुदाय अब प्रोफेशनल ब्यूटीशियन के रूप अपना पहचान बनाएगा. खुद की ब्यूटी पार्लर खोलकर वे केवल न सिर्फ आत्मनिर्भर बनेंगे बल्कि दूसरों के लिए रोजगार का अवसर भी पैदा कर सकते है.

इस मामले में ट्रांसजेंडर समुदाय के रामगढ़ प्रमुख हिमांशी ने बताई कि अब हमारे लोग शादी ब्याह में ब्राइडल मेकअप नॉर्मल मेकअप और भी जो भी ब्यूटीशियन से जुड़ी चीजें होती है उनको प्रोफेशनली तरीके से कर सकते है. इससे उन्हें आय का एक नया आयाम मिलेगा. इसके साथ ही वे मुख्य धारा से जुड़ पाएंगे.

NATIONAL : 2018 में शादी, टैक्सी ड्राइवर से अफेयर और 50 लाख की डिमांड… बैंक मैनेजर की खूबसूरत पत्नी अर्चना अरोड़ा की कहानी

0

अर्चना अरोड़ा की शादी प्राइवेट बैंक में काम करने वाले मैनेजर अर्णव से हुई थी. 32 साल का अर्णव जयपुर में पोस्टेड था. दोनों के दो बच्चे भी थे. अलवर में रह रही अर्चना उससे मिलने अक्सर टैक्सी से जाती थी. इसी बीच अर्चना का टैक्सी ड्राइवर से अफेयर हो गया. इसके बाद जो हुआ, वो बेहद हैरान कर देने वाला है. अर्चना पति को ब्लैकमेल करने लगी. 50 लाख रुपए मांगे और यहां तक कि पति की हत्या करने तक की साजिश रच डाली.

2018 में शादी, दो बच्चे और सामान्य पारिवारिक जिंदगी… लेकिन जयपुर आने-जाने के दौरान टैक्सी ड्राइवर से एक महिला का अफेयर शुरू हो गया. हालात यहां तक पहुंचे कि पति को रास्ते से हटाने की बात तक सामने आई. मामला बिगड़ा तो पति से अलग होने के लिए 50 लाख की डिमांड रखी गई. ये कहानी बैंक मैनेजर की खूबसूरत पत्नी अर्चना अरोड़ा की है, जिसे पुलिस अरेस्ट कर चुकी है.

एक शादी, दो बच्चे और बाहर से परफेक्ट दिखती जिंदगी… लेकिन अंदर ही अंदर एक ऐसी कहानी चल रही थी, जिसने रिश्तों और भरोसे को कटघरे में खड़ा कर दिया. प्यार, साजिश और लालच के इस खेल में हर मोड़ पर कहानी और उलझती चली गई. लेकिन इस कहानी में मोड़ तब आया, जब अर्चना की मुलाकात एक टैक्सी ड्राइवर ऋषभ शर्मा से हुई.

यह कहानी राजस्थान के अलवर की है. साल 2018 में अर्चना अरोड़ा नाम की महिला की शादी जयपुर में एक प्राइवेट बैंक में मैनेजर के पद पर तैनात अर्णव खत्री से हुई थी. शादी के बाद दोनों की जिंदगी सामान्य तरीके से चल रही थी. उनके दो बच्चे भी हुए और परिवार बाहर से खुशहाल नजर आ रहा था.

अर्णव की नौकरी जयपुर में थी, जबकि अर्चना अलवर में रहती थी. पति-पत्नी के बीच दूरी जरूर थी, लेकिन रिश्ते में कोई बड़ी दरार नजर नहीं आती थी. अर्चना समय-समय पर जयपुर जाती, पति से मिलती और फिर वापस लौट आती. जयपुर आने-जाने के इस सफर में अर्चना की मुलाकात हुई टैक्सी ड्राइवर ऋषभ शर्मा से. शुरुआत में यह सिर्फ एक सवारी और ड्राइवर का रिश्ता था. रास्ते की छोटी-छोटी बातें, हल्की बातचीत… और फिर धीरे-धीरे यह बातचीत लंबी कॉल्स और मैसेज में बदलने लगी. समय के साथ यह रिश्ता एक अफेयर बन चुका था.

फोन पर घंटों बात करना, एक-दूसरे के बिना रहना मुश्किल होना… अर्चना और ऋषभ के बीच यह रिश्ता अब उस मोड़ पर पहुंच चुका था, जहां उन्होंने साथ रहने का फैसला कर लिया था. यहीं से कहानी ने खतरनाक मोड़ लेना शुरू किया. पुलिस जांच में सामने आया कि अर्चना और ऋषभ के बीच सिर्फ अफेयर ही नहीं था, बल्कि दोनों ने अर्णव को रास्ते से हटाने की बात भी की थी.

एक दिन, अर्णव जयपुर से अलवर लौट रहा था. संयोग से वह उसी टैक्सी में बैठा था, जिसे ऋषभ चला रहा था. अर्णव पीछे की सीट पर था और उसे नींद आ गई. ऋषभ को लगा कि अर्णव सो चुका है. उसने तुरंत अर्चना को फोन लगाया. फोन पर जो बातचीत हुई, उसने इस पूरी कहानी की दिशा बदल दी. ऋषभ ने अर्चना से कहा- तुम कहो तो आज इसे रास्ते से हटा देता हूं…’ लेकिन उसे नहीं पता था कि अर्णव जाग चुका है. अर्णव ने यह बातचीत सुन ली… और सिर्फ सुनी ही नहीं, उसने इसे रिकॉर्ड भी कर लिया. यहीं से उसकी पत्नी और उसके प्रेमी की साजिश सामने आई.

इसके बाद अर्णव ने चुपचाप अपनी पत्नी पर नजर रखना शुरू किया. उसने अर्चना के फोन की जांच की, कॉल रिकॉर्डिंग देखीं और उसे कई ऐसे सबूत मिले, जिन्होंने उसके शक को यकीन में बदल दिया. जब उसने अर्चना से इस बारे में सवाल किए, तो मामला और उलझ गया. रिश्ते में दरार अब साफ नजर आने लगी थी. बात तलाक तक पहुंच गई. इसी बीच एक नया मोड़ सामने आया. अर्चना ने अर्णव से अलग होने के बदले 50 लाख रुपये की डिमांड कर दी. यह मांग सुनकर अर्णव हैरान रह गया. उसने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया. इसके बाद हालात और बिगड़ गए.

कुछ ही दिनों में अर्चना ने एक ऐसा कदम उठाया, जिसने पूरे परिवार को हिला कर रख दिया- वह अपने प्रेमी ऋषभ के साथ फरार हो गई. वह अपने दोनों बच्चों को पीछे छोड़ गई थी. मार्च 2026 में अर्णव ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई. उसने अपनी पत्नी और उसके प्रेमी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. लेकिन अर्चना और ऋषभ दोनों गायब थे. कोई सुराग नहीं, कोई जानकारी नहीं. पुलिस उनकी तलाश में जुटी रही, लेकिन दोनों का पता नहीं चल सका.

फिर कहानी में एक और बड़ा ट्विस्ट आया. अर्चना और ऋषभ खुद अलवर के एसपी ऑफिस पहुंच गए. उन्हें लगा कि अब बचना मुश्किल है… या शायद कहानी को खत्म करने का यही तरीका था. जैसे ही पुलिस को इसकी सूचना मिली, टीम तुरंत मौके पर पहुंची और दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया. पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए. फिलहाल अर्चना को जेल भेज दिया गया है, जबकि उसका प्रेमी ऋषभ पुलिस रिमांड पर है और उससे पूछताछ की जा रही है. इस कहानी का सबसे बड़ा सबक भी है- हर रास्ता मंजिल तक नहीं पहुंचता, कुछ रास्ते जिंदगी को बिखेर भी देते हैं.

NATIONAL : यमुना नदी में नाव पलटने से मरने वालों की संख्या बढ़कर हुई 11, लापता 4 लोगों की तलाश अभी भी जारी

0

वृंदावन और मांट के बीच यमुना नदी में नाव पलटने से हुए हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर अब 11 हो गई है और चार लोग अब भी लापता हैं. NDRF, SDRF, PAC और गोताखोर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं. एसपी ने बताया कि शुक्रवार रात से ही अभियान लगातार जारी है और सभी टीमें मिलकर नदी में सघन तलाशी अभियान चला रही हैं.

मथुरा के वृंदावन और मांट के बीच शुक्रवार (10 अप्रैल) को हुए नाव हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर अब 11 हो गई है. इस हादसे में अभी भी चार लोग लापता हैं. हादसे के बाद से लापता लोगों की तलाश के लिए राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है.

इस मामले में एसपी देहात सुरेश चंद रावत ने बताया कि शुक्रवार दोपहर करीब 3 बजे वृंदावन और मांट के बीच पॉन्टून पुल के पास नाव पलटने से यह हादसा हुआ था. घटना के बाद से प्रशासन और बचाव एजेंसियां लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं. उन्होंने बताया कि इस दुखद हादसे में अब तक 11 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि पहले पांच लोग लापता बताए गए थे. घटनास्थल से करीब 800 मीटर दूरी पर एक और शव बरामद किया गया, जिससे मृतकों की संख्या 11 हो गई.

पुलिस के अनुसार, बरामद हुए ग्यारहवें मृतक की पहचान मानिक टंडन के रूप में की गई है. शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है.देहात ने बताया कि अब भी चार लोग लापता हैं, जिनकी तलाश के लिए सर्च अभियान लगातार जारी है. प्रशासन का कहना है कि लापता लोगों की तलाश में कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही है.

राहत और बचाव कार्य के लिए कई एजेंसियों की टीमें मौके पर तैनात हैं. राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की आठ टीमें, राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की पांच टीमें, प्रांतीय सशस्त्र बल (PAC) की तीन फ्लैट और छह निजी गोताखोर लगातार सर्च ऑपरेशन में जुटे हुए हैं.एसपी देहात ने बताया कि शुक्रवार रात से ही यह अभियान लगातार जारी है और सभी टीमें मिलकर नदी में सघन तलाशी अभियान चला रही हैं, ताकि शेष लापता लोगों को जल्द से जल्द खोजा जा सके.

NATIONAL : नकली सोना गिरवीं रखकर ले लिया 57 लाख का गोल्ड लोन, बैंक में 16 लोगों पर एक्शन

0

प्रयागराज में गोल्ड लोन के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है. यहां ठगों ने नकली सोना बैंक में गिरवीं रखकर लाखों रुपये का गोल्ड लोन ले लिया. दोबारा जांच जब की गई तो सोना नकली निकला. इस पर बैंक अधिकारियों के होश उड़ गए. इस पूरे सिंडिकेट का खुलासा हो गया है. 16 लोगों के खिलाफ केस दर्ज हुआ है.

प्रयागराज के सिविल लाइंस स्थित प्राइवेट बैंक शाखा में गोल्ड लोन के नाम पर एक बड़ा घोटाला सामने आया है, जिसने बैंकिंग सिस्टम की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं. यहां ठगों ने बेहद शातिर तरीके से नकली सोना गिरवीं रखकर असली गोल्ड लोन हासिल कर लिया और लाखों रुपये का चूना बैंक को लगा दिया.

इस पूरे मामले में बैंक के सहायक महाप्रबंधक पंकज वर्मा की तहरीर पर सिविल लाइंस थाने में 16 नामजद और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश में जुट गई है. जांच में सामने आया कि कुल 18 गोल्ड लोन अकाउंट्स में फर्जीवाड़ा किया गया. इन खातों के जरिए आरोपियों ने बैंक से करीब 57 लाख 19 हजार 800 रुपये का लोन लिया. ब्याज सहित यह रकम बढ़कर करीब 64 लाख रुपये से अधिक हो गई है.

इस फ्रॉड का तरीका बेहद सुनियोजित था. आरोपियों ने बैंक में नकली सोना गिरवीं रखा और गोल्ड अप्रेजर की रिपोर्ट के आधार पर लोन पास करवा लिया. बैंक आमतौर पर अप्रेजर ( सोने की जांच करने वाले) की रिपोर्ट पर ही गोल्ड लोन मंजूर करता है, जिसका फायदा उठाकर इस पूरे सिंडिकेट ने धोखाधड़ी को अंजाम दिया.

मामले का खुलासा तब हुआ, जब बैंक की नियमित प्रक्रिया के तहत गिरवीं रखे गए सोने की दोबारा जांच कराई गई. दूसरे गोल्ड अप्रेजर से जांच कराई गई तो पता चला कि जो सोना गिरवीं रखा गया था, वह असली नहीं, नकली है.इसके बाद बैंक में हड़कंप मच गया और अधिकारियों ने तुरंत पूरे मामले की गहराई से जांच कराई. जांच में यह भी सामने आया कि इस फर्जीवाड़े में सिर्फ ग्राहक ही नहीं, बल्कि गोल्ड अप्रेजर की भूमिका भी संदिग्ध है.

बैंक की ओर से जुलाई 2025 में ही इस मामले की शिकायत दी गई थी, लेकिन जांच के बाद 10 अप्रैल 2026 को सिविल लाइंस थाने में एफआईआर दर्ज की गई.पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि यह कोई अकेला मामला नहीं है, बल्कि एक पूरा सिंडिकेट काम कर रहा था, जो इसी तरह दूसरे जिलों के बैंकों में भी धोखाधड़ी कर चुका है. फिलहाल पुलिस सभी आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है और मामले की जांच जारी है.

NATIONAL : घर में बेटी की शादी थी, पिता परेशान थे कि खाना कैसे बनेगा, गुहार सुनी तो DM ने 24 घंटे में दिला दिए 20 गैस सिलेंडर

0

ग्रेटर नोएडा के अनिल भाटी के घर में बेटी की शादी थी, लेकिन गैस सिलेंडर का इंतजाम नहीं हो पा रहा था. परेशान होकर अनिल ने आखिरी उम्मीद के तौर पर जिलाधिकारी मेधा रूपम से गुहार लगाई. इसके बाद महज 24 घंटे में 20 सिलेंडरों की व्यवस्था हो गई. ग्रेटर नोएडा में प्रशासन की इस तत्परता ने परिवार की बड़ी चिंता दूर कर दी.

ग्रेटर नोएडा में एक पिता की परेशानी को जिलाधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए 24 घंटे के भीतर उसका समाधान कर दिया. मामला ग्रेटर नोएडा के खानपुर गांव का है. यहां रहने वाले अनिल भाटी अपनी बेटियों की शादी की तैयारियों में जुटे थे. शादी की तारीख 27 अप्रैल तय थी. घर में तैयारियां जोर-शोर से चल रही थीं. लेकिन इसी बीच एक बड़ी समस्या सामने आ गई. शादी समारोह के लिए जरूरी कमर्शियल गैस सिलेंडर उपलब्ध नहीं हो पा रहे थे.

अनिल भाटी को शादी के कार्यक्रम के लिए करीब 20 कमर्शियल गैस सिलेंडरों की जरूरत थी. उन्होंने स्थानीय गैस एजेंसियों से संपर्क किया, लेकिन हर जगह से उन्हें निराशा ही हाथ लगी. समय कम था. चिंता बढ़ती जा रही थी. ऐसे में उन्होंने आखिरी उम्मीद के तौर पर जिलाधिकारी से मदद मांगने का फैसला किया.जिलाधिकारी मेधा रूपम ने इस समस्या को गंभीरता से लिया और तुरंत संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि अनिल भाटी को जल्द से जल्द जरूरी सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएं. उन्होंने अनिल भाटी को आश्वासन दिया कि उनकी समस्या का समाधान किया जाएगा.

जिलाधिकारी मेधा रूपम के निर्देशों का असर तुरंत देखने को मिला. महज 24 घंटे के भीतर शुक्रवार को अनिल भाटी को गैस एजेंसी से पूरे 20 कमर्शियल सिलेंडर उपलब्ध करा दिए गए. सिलेंडर मिलते ही अनिल भाटी और उनके परिवार ने राहत की सांस ली. उन्होंने जिलाधिकारी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब शादी के कार्यक्रम में किसी तरह की कोई कमी नहीं रहेगी. अनिल भाटी ने बताया कि उन्होंने गुरुवार को जिलाधिकारी को लिखित रूप से समस्या बताई थी और गुहार लगाई थी. इसके बाद आज ही सिलेंडरों की व्यवस्था हो गई. अनिल भाटी ने जिलाधिकारी का आभार जताया.

NATIONAL : प्रेमी-प्रेमिका ने किया ससुाइड, जमीन पर लिखा दोनों को एक साथ जलाना, जंगल में मिले शव

0

रायगढ़ के छाल इलाके में प्रेमी-प्रेमिका ने शादी न हो पाने से दुखी होकर जंगल में एक साथ फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. दोनों के शव पेड़ से लटके मिले. जमीन पर उन्होंने आखिरी इच्छा लिखी कि उनके शव एक साथ जलाए जाएं. पुलिस मामले की जांच कर रही है.

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले से एक दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक प्रेम कहानी का दुखद अंत हो गया. शादी नहीं हो पाने से परेशान प्रेमी-प्रेमिका ने जंगल में एक साथ फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिजन गहरे सदमे में हैं. यह मामला रायगढ़ जिले के छाल थाना क्षेत्र के ग्राम एडुकला का है. बुधवार सुबह जब गांव के लोग रोज की तरह महुआ बिनने जंगल पहुंचे, तो वहां का दृश्य देखकर उनके होश उड़ गए. एक पेड़ की डाल पर एक युवक और युवती का शव फंदे से लटका हुआ था. यह खबर फैलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई.

मृतकों की पहचान 25 वर्षीय रामकुमार अगरिया और 20 वर्षीय परमेश्वरी अगरिया के रूप में हुई. दोनों एक-दूसरे से प्रेम करते थे और पिछले एक साल से उनके बीच संबंध था. घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दी गई. सूचना मिलते ही छाल थाना पुलिस के साथ फॉरेंसिक और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और दोनों शवों को नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का ही प्रतीत हो रहा है, लेकिन पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है.

परिजनों के अनुसार रामकुमार एक कंपनी में मजदूरी करता था और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत नहीं थी. इसी बीच उसका परमेश्वरी से प्रेम संबंध हो गया था. दोनों शादी करना चाहते थे और परिवार में भी इस बात की चर्चा थी, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण उनकी शादी नहीं हो पा रही थी.

माना जा रहा है कि यही परेशानी दोनों के लिए बड़ी वजह बनी और उन्होंने एक साथ यह कदम उठा लिया. परिजन भी इस आशंका को सही मान रहे हैं कि शादी में हो रही देरी और आर्थिक हालात ने उन्हें यह फैसला लेने पर मजबूर कर दिया. घटना स्थल से एक और मार्मिक बात सामने आई है. पुलिस को मौके पर कोई सुसाइड नोट नहीं मिला, लेकिन जमीन पर कुछ शब्द लिखे हुए पाए गए. प्रेमी-प्रेमिका ने अपनी आखिरी इच्छा के रूप में जमीन पर लिखा था कि दोनों के शवों को एक साथ जलाया जाए.

यह दृश्य वहां मौजूद हर व्यक्ति को भावुक कर गया. इस लिखावट ने यह साफ कर दिया कि दोनों एक-दूसरे से कितना गहरा प्रेम करते थे और मरने के बाद भी साथ रहना चाहते थे. पुलिस ने घटनास्थल से एक मोबाइल फोन भी बरामद किया है, जिसे जब्त कर लिया गया है. इसके साथ ही परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सके.

इस मामले में रायगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया कि सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है. उन्होंने कहा कि जांच के बाद ही घटना के सभी पहलुओं का खुलासा हो सकेगा. यह घटना न सिर्फ एक प्रेम कहानी का अंत है, बल्कि यह भी दिखाती है कि कैसे आर्थिक तंगी और सामाजिक परिस्थितियां कभी-कभी लोगों को ऐसे कदम उठाने पर मजबूर कर देती हैं. गांव में इस घटना के बाद से सन्नाटा पसरा हुआ है और हर कोई इस दुखद घटना से स्तब्ध है.

नोट:- (अगर आपके या आपके किसी परिचित के मन में आता है खुदकुशी का ख्याल तो ये बेहद गंभीर मेडिकल एमरजेंसी है. तुरंत भारत सरकार की जीवनसाथी हेल्पलाइन 18002333330 पर संपर्क करें. आप टेलिमानस हेल्पलाइन नंबर 1800914416 पर भी कॉल कर सकते हैं. यहां आपकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और विशेषज्ञ आपको इस स्थिति से उबरने के लिए जरूरी परामर्श देंगे. याद रखिए जान है तो जहान है.)

BUSINESS : 34000 रुपये की जैकेट पर 21000 रुपये का भरा टैक्स, क्या पैसे वापस करेगी सरकार? जानें पूरा मामला

अमेरिका में जब एलेक्स को जैकेट की डिलीवरी मिली, तो पता चला कि 34000 रुपये की जैकेट पर लगभग 21000 रुपये का टैक्स वसूला जा रहा है, लेकिन कानूनन यह टैक्स अवैध था.

आमतौर पर खरीदारी करते वक्त कई बार हमें अच्छी डील पर बेहतर क्वॉलिटी का सामान मिल जाता है. हालांकि, कई दफा पेमेंट करते वक्त पैरों तले उस वक्त जमीन खिसक जाती है, जब पता चलता है कि कीमत के बराबर उससे टैक्स वसूला जा रहा है. कुछ ऐसे ही वाक्ये से रूबरू हुए मैसाचुसेट्स (massachusetts) के पर्सनल ट्रेनर एलेक्स ग्रोसोमेनाइड्स (Alex Grossomanides).

एलेक्स ने पिछले साल फ्रांस की एक कंपनी से ऑनलाइन जैकेट खरीदा. अमेरिका में जब उन्हें जैकेट की डिलीवरी मिली, तो उन्हें 248.04 डॉलर (लगभग 21000 रुपये) का एक्स्ट्रा टैक्स भरना पड़ा. इससे एलेक्स को बड़ी हैरानी हुई. यह टैक्स इसलिए भरना पड़ा क्योंकि जैकेट म्यांमार में बनी थी. उस दौरान म्यांमार से अमेरिका आने वाले सामानों पर 40 परसेंट की दर से टैरिफ वसूला जा रहा था.

इसके चलते ही कोट पर एक्स्ट्रा कॉस्ट का बोझ बढ़ गया. एलेक्स ने शिपिंग कंपनी DHP के जरिए टैरिफ का भुगतान करना पड़ा. बता दें कि अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लगाए गए टैरिफ को अमान्य करार दिया है. इसके साथ ही रिफंड की एक प्रक्रिया शुरू हो गई है, जो अमेरिकी इतिहास का सबसे बड़ा रिपेमेंट प्रोग्राम बनने जा रहा है.

मामला जब अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट और इंटरनेशनल ट्रेड कोर्ट में लड़ा गया, तो दोनों ही कोर्ट ने फैसला सुनाया कि अमेरिकी राष्ट्रपति म्यांमार जैसे देशों से आने वाले सामान पर लगाए गए टैरिफ अवैध थे. एलेक्स की ही तरह कुछ दूसरे ग्राहकों ने भी कंपनियों के खिलाफ सामूहिक मुकदमा दर्ज करते हुए कहा कि सरकार की तरफ से उन्हें जो रिफंड मिलेगा, वह उन्हें वापस किया जाए. कोर्ट ने ग्राहकों को रिफंड दिए जाने का फैसला इसलिए सुनाया क्योंकि टैरिफ इम्पोर्टर्स पर लागू होते हैं इसलिए एलेक्स जैसे आम ग्राहकों को पैसा लौटाना पड़ेगा.

मार्च में US Court of International Trade ने कस्टम अधिकारियों को आदेश दिया कि वे सरकार द्वारा जमा किए गए 160 बिलियन डॉलर (करीब 13 लाख रुपये) से ज्यादा की रकम वापस करें. इससे लगभग 330,000 इंपोर्टर्स को अपनी कुछ रकम वापस मिलने की उम्मीद जगी है. इस मामले पर काम कर रहे कस्टम अधिकारियों ने बताया है कि रिफंड सिस्टम इस महीने शुरू होने के लिए तैयार हो जाना चाहिए. उन्हें 14 अप्रैल को Court of International Trade को अपनी प्रगति के बारे में जानकारी देनी है.

हालांकि अदालत के आदेश के बावजूद एलेक्स जैसे कस्टमर्स को पैसा मिलना अभी निश्चित नहीं है क्योंकि चूंकि यह रिफंड DHL या दूसरी शिपिंग कंपनियों जैसे इम्पोर्टर्स को दिए जाएंगे. अब कंपनियां ये पैसे कब तक ग्राहकों को लौटाएगी या खुद अपने पास रख लेगी यह चिंता का विषय है.

MAHARASHTRA : पुणे में कलयुगी मां की शर्मनाक करतूत! प्रेमी के साथ मिलकर की 6 साल के बेटे की हत्या

0

आरोपी महिला और उसे प्रेमी ने 4 अप्रैल (शनिवार) की रात करीब 11:30 बजे आवेज की हत्या की साजिश रची. उसे पानी की बाल्टी में डुबोया और फिर उसके सिर को दीवार और जमीन पर पटक-पटक मार दिया.

महाराष्ट्र के पुणे से एक ऐसी घटना सामने आई है, जहां एक कलयुगी मां ने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही 6 साल के बेटे की हत्या कर दी. इस कलयुगी मां ने अपने बच्चे की हत्या केवल इसलिए कर दी क्योंकि वह उसके प्रेम संबंधों में रोड़ा बन रहा था. हत्या के बाद आरोपी मां ने दिल का दौरा पड़ने की झूठी कहानी रचकर शव को ठिकाने लगाने की कोशिश की. अब पुलिस ने इस मामले की परतें खोल दीं हैं और पूरी साजिश का पर्दाफाश कर दिया है.

यह घटना पुणे के खेड़ तालुका स्थित कुरुली गांव की है. यहां आरोपी महिला बसरीन मेहबूब शेख (27 वर्ष) का आरोपी राम विनायक कजेवाड के साथ प्रेम प्रसंग था. बसरीन का 6 साल का बेटा, आवेज महबूब शेख इन दोनों के संबंधों के बीच बाधा बन रहा था. ऐसे में दोनों ने बच्चे को ठीकाने लगाने की साजिश रची.

आरोपी महिला और उसे प्रेमी ने 4 अप्रैल (शनिवार) की रात करीब 11:30 बजे आवेज की हत्या की साजिश रची. दोनों ने मासूम का सिर बाथरूम में पानी से भरी बाल्टी में डुबोया और फिर उसके सिर को दीवार और जमीन पर पटक-पटक कर उसे बेरहमी से मार डाला. हत्या के बाद गुनाह छुपाने के लिए आरोपियों ने इसे प्राकृतिक मौत का रूप देने की कोशिश की. दोनों आवेज के शव को अर्टिगा कार से बीड़ जिले के परली क्षेत्र के धर्मापुरी ले गए. यहां बसरीन का मायका है. उसने अपने घरवालों को बताया कि आवेज की मौत ‘हार्ट अटैक’ (दिल का दौरा) आने से हुई है.

अंतिम संस्कार की तैयारी के दौरान शिकायतकर्ता इसाक अहमद शेख (49 वर्ष) को संदेह हुआ और उन्होंने तुरंत परली ग्रामीण पुलिस स्टेशन में इसकी सूचना दी. इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू की. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संदिग्ध हरकतों के आधार पर पुलिस ने बसरीन शेख से कड़ाई से पूछताछ की.

शुरुआत में वह टालमटोल करती रही, लेकिन पुलिसिया सख्ती के आगे वह टूट गई और अपना जुर्म कबूल कर लिया, इस मामले में दक्षिण म्हालुंगे पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 103(1), 238, 61(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने आरोपी मां बसरीन शेख को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके प्रेमी राम कजेवाड की तलाश जारी है.

- Advertisement -

News of the Day