Sunday, June 21, 2026
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NATIONAL : 25 दिन की शादी, 5 दिन का साथ और 48 घंटे में दो मौतें… दूल्हा-दुल्हन को था किस बात का गम? ग्वालियर में साइलेंट सुसाइड मिस्ट्री की पॉइंट टू पॉइंट

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ग्वालियर से सामने आया नवविवाहित जोड़े का दोहरा सुसाइड केस अब एक ऐसी मिस्ट्री बन चुका है, जिसने पुलिस प्रशासन के भी होश उड़ा दिए हैं. हुरावली लिंक रोड की मेघा उर्फ ज्योति और पिंटो पार्क के सिद्धार्थ कांदिल की मौत ने कई ऐसे सुलगते सवाल पीछे छोड़ दिए हैं, जिनका जवाब फिलहाल किसी के पास नहीं है. 25 दिन पहले जिस घर से धूमधाम से बारात निकली थी, वहां से अब दो अर्थियां उठ चुकी हैं. सात जन्मों का सफर महज पांच दिन के साथ के बाद श्मशान घाट पर जाकर खत्म हो गया.

25 दिन की शादी, 5 दिन का साथ और 48 घंटे में दो मौतें… दूल्हा-दुल्हन को था किस बात का गम? ग्वालियर में साइलेंट सुसाइड मिस्ट्री की पॉइंट टू पॉइंट जो शादियां धूमधाम से शुरू होती हैं, अमूमन उनके पीछे खुशियों की एक लंबी दास्तान होती है. लेकिन मध्य प्रदेश में ग्वालियर के हुरावली लिंक रोड और पिंटो पार्क इलाके की यह कहानी किसी खौफनाक सस्पेंस थ्रिलर से कम नहीं है. महज 25 दिन पहले जिस घर से शहनाइयां गूंजी थीं, वहां आज दोनों परिवारों में ऐसा सन्नाटा है कि कोई रोने की भी हिम्मत नहीं जुटा पा रहा. सात जन्मों का वादा सिर्फ 5 दिन के साथ में ही दम तोड़ गया. पहले 23 साल की नई नवेली दुल्हन मेघा उर्फ ज्योति ने अपने मायके में फांसी लगाई, और ठीक 48 घंटे बाद 26 वर्षीय पति सिद्धार्थ कांदिल ने उसी दूल्हे के साफे से बाथरूम में फंदा बनाकर अपनी जान दे दी.

इस दोहरे सुसाइड ने पुलिस महकमे से लेकर आम जनता तक को हैरान कर दिया है. सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उन 5 दिनों में बंद कमरे के भीतर ऐसा क्या हुआ था, जिसने दो हंसते-खेलते युवाओं को मौत के रास्ते पर धकेल दिया.इस पूरे दर्दनाक घटनाक्रम को समझने के लिए इन तारीखों को देखना जरूरी है, जो किसी भी हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ने के लिए काफी हैं.

25 अप्रैल 2026 : हुरावली के रहने वाले गुरुवीर सिंह ने अपनी बेटी मेघा की शादी पिंटो पार्क निवासी ठेकेदार सिद्धार्थ कांदिल से बड़े ही धूमधाम से की. शादी में पानी की तरह पैसा बहाया गया, दोनों तरफ खुशियां थीं.

1 मई 2026 : शादी के महज 5 दिन बाद रस्मों के मुताबिक मेघा अपने मायके लौट आई. ऊपरी तौर पर वह बेहद खुश दिख रही थी.

20 मई 2026 : दोपहर मेघा के पिता एक रिश्तेदार की गमी में गए थे. घर पर मां गीता ने जब पहली मंजिल के कमरे में जाकर देखा, तो पैरों तले जमीन खिसक गई. मेघा का शव दुपट्टे के फंदे पर लटका हुआ था. अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

22 मई 2026 : सुबह पत्नी की मौत के सदमे में डूबा सिद्धार्थ दो दिनों से गुमसुम था. शुक्रवार सुबह जब पिता परमाल सिंह ने उसे बेड पर नहीं देखा, तो बाथरूम की तरफ गए तो देखा अंदर से दरवाजा बंद था. भतीजे श्यामवीर ने दरवाजा तोड़ा तो अंदर सिद्धार्थ दूल्हे के साफे के फंदे से लटका हुआ था.

कहते हैं कि शादी की मेहंदी का रंग जितनी देर से छूटता है, रिश्ता उतना ही गहरा होता है. मेघा के हाथों में रची वो मेहंदी अभी पूरी तरह से फीकी भी नहीं पड़ी थी कि उसे कफन में लपेट दिया गया. पिता गुरुवीर सिंह ने अपनी लाडली को विदा करते वक्त जो सपने देखे थे वे 20 मई की दोपहर को एक झटके में टूट गए. वहीं दूसरी तरफ, सिद्धार्थ का अपनी पत्नी के जाने के गम को बर्दाश्त न कर पाना इस कहानी को और ज्यादा मार्मिक और पेचीदा बनाता है. जिस साफे को सिर पर बांधकर वह मेघा को ब्याहने गया था, उसी पवित्र कपड़े को उसने मौत का फंदा बना लिया. महज 48 घंटे के भीतर एक ही मंडप के नीचे बंधा जोड़ा, अलग-अलग श्मशान घाटों पर पंचतत्व में विलीन हो गया.

इस पूरी घटना में सबसे चौंकाने वाला मोड़ दोनों परिवारों का रवैया है. आम तौर पर ऐसे मामलों में मायके और ससुराल पक्ष एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने लगते हैं, लेकिन यहां कहानी बिल्कुल उलट है. हादसे के बाद से दोनों ही परिवारों ने मीडिया और जांच से बनाई दूरी बना ली है. सिद्धार्थ के परिजन इस कदर टूट चुके हैं कि वे शुरुआत में बेटे के शव का पोस्टमॉर्टम तक नहीं कराना चाहते थे. वहीं, मेघा के मायके वालों ने भी इस पूरे मामले पर रहस्यमयी चुप्पी साध रखी है.

पुलिस के सामने सबसे बड़ा यक्ष प्रश्न यही है कि शादी के बाद मेघा सिर्फ 5 दिन ही ससुराल में रही. अगर कोई बड़ा विवाद था, तो मेघा ने मायके आने के तुरंत बाद कदम क्यों नहीं उठाया, वह 1 मई से 20 मई तक मायके में सामान्य रही, फिर अचानक 20 तारीख को ऐसा क्या हुआ जिसने उसे उकसाया. आत्महत्या से पहले दोनों में से किसी ने भी मरने से पहले कोई खत या संदेश नहीं छोड़ा, जो कई सवाल खड़े कर रहे हैं.

वहीं, पूरे मामले में सीएसपी अतुल सोनी का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस हर पहलू पर बारीकी से काम कर रही है. दोनों मृतकों के स्मार्टफोन जब्त कर लिए गए हैं. उनके डिलीटेड चैट्स, कॉल रिकॉर्डिंग्स CDR, और आखिरी 24 घंटों की सोशल मीडिया एक्टिविटी की जांच की जा रही है. मोबाइल का डेटा रिकवर होते ही यह साफ हो जाएगा कि दोनों के बीच आखिरी बातचीत क्या हुई थी. इसके साथ ही दोनों पक्षों के विस्तृत बयान भी दर्ज किए जाएंगे.

मामला हाई-प्रोफाइल और नवविवाहित जोड़े की संदिग्ध मौत से जुड़ा है. इसलिए पुलिस प्रशासन फूंक-फूंक कर कदम रख रहा है. मुरार और गोला का मंदिर थाना पुलिस के साथ-साथ अब साइबर एक्सपर्ट्स को इस केस में लगाया गया है. सबूतों से छेड़छाड़ न हो, इसके लिए दोनों घटनास्थलों कमरों को पूरी तरह सीज कर दिया गया है. क्या यह मामला किसी पुराने रिश्ते का था या शादी के बाद उपजा कोई ऐसा गंभीर विवाद जिसे दोनों बर्दाश्त नहीं कर पाए इन तमाम सवालों का जवाब अब सिर्फ फॉरेंसिक लैब में बंद उन दो मोबाइल फोनों के लॉक खुलने के बाद ही सामने आ पाएगा.

WORLD : 60 दिन के लिए बढ़ेगा अमेरिका-ईरान युद्धविराम?: होर्मुज खोलने पर सहमति के संकेत, अमेरिकी प्रतिबंधों पर ढील संभव

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अमेरिका और ईरान 60 दिन के युद्धविराम विस्तार के करीब पहुंच गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार समझौते में होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने, ईरान के यूरेनियम भंडार को कम करने और अमेरिकी प्रतिबंधों में ढील जैसे मुद्दे शामिल हैं। ईरान और पाकिस्तान ने अमेरिका को नया प्रस्ताव भेजा है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी बातचीत में प्रगति होने के संकेत दिए हैं।

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने को लेकर बड़ी कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है। रिपोर्ट के अनुसार दोनों देश 60 दिन के लिए युद्धविराम बढ़ाने के करीब पहुंच गए हैं। इस समझौते में होर्मुज जलडमरूमध्य को धीरे-धीरे दोबारा खोलने और ईरान के उच्च स्तर पर संवर्धित यूरेनियम भंडार को कम करने या सौंपने जैसे मुद्दे शामिल हैं। इसके बदले अमेरिका ईरानी बंदरगाहों पर लगी पाबंदियों में ढील देने और कुछ प्रतिबंध हटाने पर सहमत हो सकता है। इस पूरे घटनाक्रम को पश्चिम एशिया में तनाव कम करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

पाकिस्तान में ईरान के राजदूत रजा अमीरी ने कहा कि युद्धविराम वार्ता में सम्मानजनक आधार पर सकारात्मक प्रगति हो रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि कूटनीतिक प्रयास क्षेत्र में स्थायी शांति का रास्ता खोल सकते हैं। मोगहदम ने बताया कि पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने तेहरान वार्ता के बाद उन्हें बातचीत में हुई प्रगति पर बधाई दी। रिपोर्ट के अनुसार ईरान और पाकिस्तान ने मिलकर अमेरिका को नया प्रस्ताव भेजा है, जिसमें युद्ध खत्म करने और होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की योजना शामिल है। अब वॉशिंगटन की प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रस्तावित समझौते के तहत ईरान अपने उच्च संवर्धित यूरेनियम भंडार को कम करने या अंतरराष्ट्रीय निगरानी में सौंपने पर विचार कर सकता है। इसके बदले अमेरिका ईरान पर लगे आर्थिक प्रतिबंधों में राहत देगा और विदेशों में फंसी तेहरान की संपत्तियों को जारी करने पर सहमति दे सकता है। इस समझौते का एक अहम हिस्सा होर्मुज जलडमरूमध्य को धीरे-धीरे खोलना भी है। यह समुद्री मार्ग दुनिया में तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।

रुबियो ने कहा कि बातचीत में कुछ प्रगति हुई है। भारत यात्रा पर आए रुबियो ने पत्रकारों से कहा कि जल्द ही इस मुद्दे पर कोई बड़ा बयान सामने आ सकता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप पहले ही साफ कर चुके हैं कि इस मुद्दे का समाधान हर हाल में निकाला जाएगा। रिपोर्ट के अनुसार अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ लगातार मध्यस्थों के संपर्क में हैं। वहीं ईरानी प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराघची कर रहे हैं।

NATIONAL : ‘रक्षा क्षेत्र में प्राइवेट कंपनियों की भूमिका अब सिर्फ नट-बोल्ट तक सीमित नहीं’, बोले राजनाथ सिंह

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रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि रक्षा क्षेत्र में निजी कंपनियों की भूमिका अब सिर्फ नट-बोल्ट बनाने तक सीमित नहीं। बल्कि अब हम न सिर्फ अपनी जरूरत के सभी हथियार बना रहे हैं और इसमें बड़ी महत्त्वपूर्ण भूमिका निजी क्षेत्र की कंपनियां निभा रही हैं।

रक्षामंत्री ने आज यह बात महाराष्ट्र के शिरडी नगर में निजी क्षेत्र की रक्षा उत्पादक कंपनी निबे लिमिटेड के आर्टिलरी शेल्स (तोप के गोले) बनानेवाले कारखाने का उद्घाटन करते हुए कही। इस मेगा प्रोजेक्ट का नेतृत्व निबे लिमिटेड के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर गणेश निबे कर रहे हैं, जो शिरडी के ही मूल निवासी हैं।

राजनाथ सिंह ने कहा कि आज का कार्यक्रम, एक नहीं, दो नहीं, बल्कि कई ‘मील के पत्थर’ स्थापित करनेवाला है। पहला तो यह कि तोप के गोले बनानेवाले एक आधुनिक कारखाने का उद्घाटन हो रहा है, जिसकी वार्षिक क्षमता पांच लाख शेल्स बनाने की होगी।

दूसरा, यूनिवर्सल रॉकेट लॉन्चिंग सिस्टम से जुड़े मिसाइल कॉम्प्लेक्स की आधारशिला रखी जा रही है। तीसरा, अमरीकी कंपनी ब्लैक स्काई के साथ एक ऐसा समझौता किया जा रहा है, जो सैटेलाइट एसेंबलिंग की दिशा में हमारी प्राइवेट इंडस्ट्री को अंतरिक्ष की ऊंचाइयों तक ले जाएगा।सिंह ने कहा कि आज जिस प्लांट का उद्घाटन हो रहा है, वह एडवांस्ड एक्सप्लोजिव्स, आरडीएक्स एवं आधुनिक प्रोपल्सन तकनीक पर आधारित होगा। इसलिए यह प्लांट हमारे सशस्त्र बलों की जरूरतों को पूरा करते हुए भारत के रक्षा उद्योग को मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

रक्षामंत्री ने रक्षा क्षेत्र में निजी क्षेत्र की कंपनियों के महत्त्व को रेखांकित करते हुए कहा कि स्वतंत्रता के बाद एक लंबा समय ऐसा रहा, जब हम अपनी पुरानी क्षमताओं और आधुनिक रक्षा जरूरतों के बीच प्रभावी तालमेल नहीं बिठा सके। इसकी एक वजह रही रक्षा क्षेत्र में निजी क्षेत्र की कंपनियों को पर्याप्त अवसर न मिलना।इसके कारण रक्षा उद्योग मुख्यतः सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों एवं आयुध कारखानों तक ही सीमित रहा। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमने यह समझा कि आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया के लिए निजी क्षेत्र की ऊर्जा का उपयोग आवश्यक है।

इसलिए नीतिगत सुधार किए गए, एफडीआई लिबरलाइज किया गया, रणनीतिक साझेदारी का मॉडल लाया गया, पॉजिटिव इंडिजिनाइजेशन लिस्ट लाई गई तथा कई योजनाओं के जरिए युवा उद्द्यमियों को प्रोत्साहन दिया गया।इन प्रयासों के फलस्वरूर रक्षा क्षेत्र में निजी कंपनियों की भागीदारी आज 25 से 30 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है। हमारा लक्ष्य है कि आनेवाले वर्षों में हम इसे 50 प्रतिशत तक ले जाएं। निबे लि. का यह आर्टिलरी शेल्स बनाने का कारखाना, मिसाइल काम्प्लेक्स और अंतरिक्ष काम्प्लेक्स इसी बदलाव का जीवंत प्रमाण है।

रक्षामंत्री ने निजी क्षेत्र की कंपनियों की दक्षता की तारीफ करते हुए कहा कि आज भारत का निजी क्षेत्र भी भविष्य की युद्ध जरूरतों को अच्छी तरह समझता है और उस दिशा में काम कर रहा है।राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत को म्यूनिशन (रक्षा क्षेत्र की सभी जरूरतों) और आटोमेशन का हब बनाने के लिए सबको मिलजुलकर काम करना होगा। तभी देश का सुरक्षा चक्र और अधिक मजबूत होगा।

राजनाथ सिंह ने कहा कि अगर डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग के लिए हम दूसरों पर निर्भर रहते हैं, तो हमारी सुरक्षा और अर्थव्यवस्था दोनों खतरे में पड़ सकती हैं। इसलिए हमारी सरकार लगातार इस बात पर जोर दे रही है कि क्रिटिकल टेक्नोलॉजी और एडवांस्ड सिस्टम्स में मेक इन इंडिया को बढ़ावा मिले।म्यूनिशन और आटोमेटेड सिस्टम्स में भारत अगुआ बनकर उभरे। इसके लिए सरकार हर जरूरी कदम उठाने के लिए तैयार है।

WORLD : राष्ट्रपति ट्रंप की ईरान पर वार्ता के दौरान व्हाइट हाउस के पास गोलीबारी, सीक्रेट सर्विस ने संदिग्ध को मार गिराया

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वाशिंगटन, 24 मई (हि.स.)। अमेरिकी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास व्हाइट हाउस के पास शनिवार शाम हुई गोलीबारी से पूरा इलाका दहल गया। बताया गया है कि घटना के समय राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान समझौते पर कुछ लोगों से बातचीत कर रहे थे। गोलीबारी के बाद सीक्रेट सर्विस के एजेंट्स ने समूचा इलाका घेर लिया। सुरक्षा के लिए से कुछ समय के लिए व्हाइट हाउस को बंद कर दिया गया। अनहोनी की आशंका के मद्देनजर व्हाइट हाउस को कवर करने वाले मीडिया कर्मियों को तत्काल ब्रीफिंग रूम में जाने का आदेश दिया गया। पता चला है कि गोलीबारी में दो लोग घायल हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि सीक्रेट सर्विस एजेंट्स की गोलीबारी में घायल एक संदिग्ध ने कुछ देर बाद दम तोड़ दिया।

सीबीएस न्यूज, एबीसी न्यूज और सीएनएन चैनल की रिपोर्ट के अनुसार, व्हाइट हाउस के बाहर सीक्रेट सर्विस के चेकपॉइंट के अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी के बाद घायल संदिग्ध को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। गोलीबारी एक राहगीर भी घायल हो गया। सीक्रेट सर्विस के किसी भी एजेंट को कोई नुकसान नहीं हुआ। सीक्रेट सर्विस के प्रवक्ता ने बताया कि घटना के समय राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप व्हाइट हाउस में ही थे।

जांच अधिकारियों के अनुसार, मारे गए संदिग्ध की पहचान 21 वर्षीय नासिर बेस्ट के रूप में हुई है। बेस्ट का जुलाई 2025 में भी सीक्रेट सर्विस के साथ आमना-सामना हो चुका है। तब उसने व्हाइट हाउस में घुसने की कोशिश की थी। उसे गिरफ्तार कर मनोरोग वार्ड में भेज दिया गया था। यह गोलीबारी व्हाइट हाउस के बाहर 17वीं स्ट्रीट और पेंसिल्वेनिया एवेन्यू एनडब्ल्यू पर आइजनहावर एग्जीक्यूटिव ऑफिस बिल्डिंग के पास हुई। इस दौरान लगभग 15 से 30 गोलियां चलाई गईं। व्हाइट हाउस में मौजूद पत्रकारों के अनुसार उन्हें पूर्वी समयानुसार करीब 6 बजे व्हाइट हाउस परिसर की तरफ से गोली चलने जैसी आवाज सुनाई दी। इसके बाद सीक्रेट सर्विस एजेंट्स उन्हें अंदर ले गए। लगभग एक घंटे तक व्हाइट हाउस बंद रहा।

व्हाइट हाउस के प्रवक्ता स्टीवन च्युंग ने पहले बताया था कि शाम चार बजे तक राष्ट्रपति ट्रंप व्हाइट हाउस में ही थे। इसके बाद कुछ अधिकारियों ने पुष्टि की कि राष्ट्रपति घटना के समय भी अपने आधिकारिक आवास पर मौजूद थे। परिसर में मौजूद पत्रकार एम्मा निकोलसन कहती हैं कि हम रिकॉर्डिंग की तैयारी कर रहे थे। तभी उन्हें व्हाइट हाउस के पास कई गोलियों की आवाज सुनाई दी। वह तत्काल जमीन पर झुक गईं। इसके बाद व्हाइट हाउस को बंद कर दिया गया। करीब एक घंटे बाद मीडिया को व्हाइट हाउस के नॉर्थ लॉन में वापस आने की अनुमति दी गई है।

सूत्रों के मुताबिक, संदिग्धों ने सीक्रेट सर्विस के एजेंट्स को निशाना बनाया पर वह कामयाब नहीं हो सके। सीक्रेट सर्विस के एजेंट्स ने भी माकूल जवाब दिया। एजेंट्स को भी गोली चलानी पड़ी। यूएस सीक्रेट सर्विस के प्रवक्ता एंथनी गुग्लिएल्मी ने कहा कि एजेंसी ने संदिग्धों के मंसूबे को विफल कर दिया। संघीय जांच ब्यूरो (एफबीआई) के निदेशक काश पटेल ने एक्स पर कहा कि सूचना पाते ही मौके पर हमारे अधिकारी पहुंचे।

सीक्रेट सर्विस और एफबीआई ने एक्स पर कहा कि शनिवार शाम कथित तौर पर गोलियों की आवाज सुनाई देने के बाद व्हाइट हाउस के नॉर्थ लॉन को खाली करवा लिया गया। यहां मौजूद सभी पत्रकारों को ब्रीफिंग रूम ले जाया गया। नॉर्थ लेन में गोली की आवाज सुनाई देने पर पत्रकारों में क्या प्रतिक्रिया हुई, इस पर संवाददाता सेलिना वांग कहती हैं, हम सब लोग तुरंत छुप गए। गोलीबारी बंद होने पर दौड़कर व्हाइट हाउस के प्रेस ब्रीफिंग रूम में चले गए।

यह घटना व्हाइट हाउस पत्रकारों के डिनर के एक महीने से भी कम समय बाद हुई है। तब भी गोलियां चली थीं और पत्रकारों के साथ अधिकारियों को मेजों के नीचे छुपना पड़ा था। सीक्रेट सर्विस के एजेंट्स राष्ट्रपति को तत्काल सुरक्षित स्थान पर ले गए थे।वीडियो फुटेज के अनुसार गोलीबारी का संदिग्ध कोल टॉमस एलन हाथ में शॉटगन लिए एक सुरक्षा चौकी से तेजी से भागा और अपना पीछा कर रहे सीक्रेट सर्विस एजेंट्स पर गोलीबारी की। उस पर राष्ट्रपति ट्रंप की हत्या की कोशिश करने का आरोप लगा है। यह घटना व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर के दौरान वाशिंगटन हिल्टन होटल में हुई थी।


आईपीएल 2026 : पंजाब ने लखनऊ को हराकर प्लेऑफ की उम्मीदें रखीं जिंदा, अय्यर ने जड़ा पहला आईपीएल शतक

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लखनऊ, 24 मई (हि.स.)। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2026 में पंजाब किंग्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए लखनऊ सुपर जायंट्स को सात विकेट से हराकर प्लेऑफ की दौड़ में खुद को मजबूती से बनाए रखा है। इकाना स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में पंजाब ने दमदार बल्लेबाजी के दम पर 197 रन के लक्ष्य को आसानी से हासिल कर महत्वपूर्ण जीत दर्ज की।

पहले बल्लेबाजी करते हुए लखनऊ सुपर जायंट्स ने निर्धारित 20 ओवर में छह विकेट खोकर 196 रन बनाए। टीम के लिए जोश इंग्लिस ने सबसे बड़ी पारी खेलते हुए 72 रन बनाए और मध्यक्रम में आयुष बडोनी ने तेज बल्लेबाजी करते हुए महत्वपूर्ण योगदान दिया। अंतिम ओवरों में अब्दुल समद ने तेज रन जुटाकर टीम को प्रतिस्पर्धी स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

हालांकि लखनऊ की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही और नियमित अंतराल पर विकेट गिरते रहे। पंजाब के गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में रन गति पर नियंत्रण बनाए रखा। युजवेंद्र चहल और मार्को यानसन ने दो-दो विकेट लेकर विपक्षी टीम को बड़े स्कोर की ओर बढ़ने से रोका।

197 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी पंजाब की टीम ने आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी की। प्रभसिमरन सिंह ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए टीम को तेज शुरुआत दिलाई और अर्धशतकीय पारी खेली। इसके बाद कप्तान श्रेयस अय्यर ने मोर्चा संभालते हुए जिम्मेदारी के साथ खेल को आगे बढ़ाया।

अय्यर ने अपनी पारी के दौरान बेहतरीन शॉट्स लगाए और अंत तक नाबाद रहते हुए टीम को जीत दिलाई। उन्होंने छक्का लगाकर अपना पहला आईपीएल शतक पूरा किया, जो उनकी टी-20 करियर की सबसे यादगार पारियों में शामिल हो गया। उनकी यह कप्तानी पारी पंजाब के लिए बेहद अहम साबित हुई।

इस जीत के साथ पंजाब किंग्स के अंक बढ़ गए हैं और टीम की प्लेऑफ में पहुंचने की संभावनाएं मजबूत हुई हैं। वहीं लखनऊ सुपर जायंट्स को इस हार से बड़ा झटका लगा है और उसकी राह अब पहले से अधिक कठिन हो गई है।

RAJASTHAN : नौतपा से पहले ही तपने लगा राजस्थान, 18 जिलों में लू का अलर्ट

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जयपुर, 24 मई (हि.स.)। नौतपा शुरू होने से पहले ही राजस्थान भीषण गर्मी और लू की चपेट में आ गया है। प्रदेश के 18 जिलों में रविवार को हीटवेव का ऑरेंज और यलो अलर्ट जारी किया गया है। शनिवार को जयपुर समेत कई जिलों में आंधी और हल्की बारिश हुई, लेकिन उमस और गर्मी से लोगों को राहत नहीं मिल सकी। पश्चिमी राजस्थान में सीवियर हीटवेव के कारण तापमान लगातार बढ़ रहा है। जैसलमेर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 45.9 डिग्री सेल्सियस मापा गया।

मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर ने अगले 2 से 4 दिनों तक तेज गर्मी और लू चलने की चेतावनी जारी की है। सोमवार से नौतपा की शुरुआत हो रही है। इस बार गंगा दशहरा के दिन नौतपा शुरू होने का संयोग बन रहा है। इससे पहले ऐसा संयोग वर्ष 1980 में बना था।

शनिवार सुबह श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ में हल्की बारिश हुई, जबकि दोपहर बाद जयपुर, अलवर, टोंक और सवाई माधोपुर के कुछ इलाकों में आंधी के साथ बूंदाबांदी हुई। जयपुर-अलवर सीमा क्षेत्र में कहीं-कहीं ओले भी गिरे। इसके बावजूद गर्म हवाओं और उमस ने लोगों को बेहाल रखा।

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार प्रदेश में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक पराबैंगनी विकिरण (यूवी इंडेक्स) बेहद ऊंचे स्तर पर रहेगा। ऐसे में सीधी धूप आंखों और त्वचा के लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है। लोगों को धूप से बचने, पर्याप्त पानी पीने और जरूरी होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी गई है।

राजधानी जयपुर में दोपहर तक तेज धूप और लू का असर रहा। बाद में मौसम बदला और कई इलाकों में धूलभरी आंधी चली। आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी हुई। अधिकतम तापमान 42.6 डिग्री और न्यूनतम 30.8 डिग्री सेल्सियस रहा। लेकसिटी उदयपुर में गर्मी लगातार बढ़ रही है। गर्मी से राहत के लिए शहर में कई सामाजिक संस्थाओं ने छाछ और ठंडे पानी की नि:शुल्क व्यवस्था की। अजमेर में सुबह से ही तेज गर्मी और उमस बनी रही। अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री और न्यूनतम 29.7 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अगले कुछ दिनों तक राहत की संभावना कम है।

सीकर में देर रात से तेज हवाएं चलीं और शनिवार दोपहर बूंदाबांदी हुई। बादलों के कारण उमस बनी रही। अलवर में दोपहर बाद मौसम बदला और करीब 15 मिनट तक बारिश हुई। हालांकि तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहा। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में पारा 46 डिग्री तक पहुंचने की संभावना जताई है।

जोधपुर शहर में अधिकतम तापमान 42.8 डिग्री और न्यूनतम 32 डिग्री सेल्सियस मापा गया। गर्मी और उमस के कारण बाजारों और अस्पतालों में भीड़ सामान्य दिनों की तुलना में कम रही। कोटा में अधिकतम तापमान 43.8 डिग्री सेल्सियस मापा गया। गर्मी का असर वन्य जीवों पर भी दिखाई दे रहा है। अभेड़ा बायोलॉजिकल पार्क में जानवरों के लिए कूलर और डक्टिंग सिस्टम लगाए गए हैं।

NATIONAL : इबोला पर केंद्र सरकार का देशवासियों को परामर्श, कांगो, युगांडा और दक्षिण सूडान की यात्रा करने से बचें

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नई दिल्ली, 24 मई (हि.स.)। केंद्र सरकार ने इबोला प्रभावित देशों में बदलती स्थिति को देखते हुए और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की सिफारिशों के अनुरूप सभी भारतीय नागरिकों को अगली सूचना तक कांगो, युगांडा और दक्षिण सूडान की गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी है। कांगो, युगांडा और उसकी सीमा से लगे दक्षिण सूडान और अन्य देशों में बीमारी फैलने सबसे अधिक खतरा है।

स्वास्थ मंत्रालय ने यह परामर्श जारी किया है। परामर्श के अनुसार भारतीय नागरिक जो वर्तमान में इन देशों में रह रहे हैं या यात्रा कर रहे हैं, उन्हें सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय अधिकारियों द्वारा जारी सार्वजनिक स्वास्थ्य दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें और अतिरिक्त सावधानी बरतें। डब्ल्यूएचओ की आपातकालीन समिति ने 22 मई को आगमन के प्रवेश बिंदुओं पर बीमारी की निगरानी को मजबूत करने के लिए कुछ अस्थायी सिफारिशें जारी कीं। इन सिफारिशों में ‘बुंडिबुग्यो वायरस पाए जाने वाले क्षेत्रों की यात्रा न करने’ की भी सलाह दी गई है।

भारत में बुंडिबुग्यो वायरस स्ट्रेन के कारण होने वाली इबोला बीमारी का अबतक कोई भी मामला सामने नहीं आया है। इबोला रोग एक वायरल हेमोरेजिक बुखार है, जो इबोला वायरस के ‘बुंडीबुग्यो’ स्ट्रेन के संक्रमण के कारण होता है। यह एक गंभीर बीमारी है, जिसमें मृत्यु दर काफी अधिक है। वर्तमान में बुंडीबुग्यो स्ट्रेन के कारण होने वाले इबोला रोग की रोकथाम या उपचार के लिए किसी भी टीके या विशिष्ट उपचार को मंजूरी नहीं दी गई है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन ने अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विनियम, 2005 के तहत 17 मई को इस स्थिति को ‘अंतरराष्ट्रीय चिंता का सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल’ घोषित किया था। अफ्रीकी रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र ने भी डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ द कांगो और युगांडा को प्रभावित करने वाले बुंडिबुग्यो स्ट्रेन इबोला वायरस रोग के मौजूदा प्रकोप को आधिकारिक तौर पर ‘महाद्वीपीय सुरक्षा का सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल’ घोषित किया है।

ARTICLE : इतिहास के पन्नों में २४ मईः…आवाज़ मैंं न दूंगा

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1 अक्टूबर, 1919 को उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में जन्मे मजरुह सुल्तानपुरी हिन्दी सिनेमा के प्रसिद्ध शायर और गीतकार थे। इनका पूरा नाम ‘असरार उल हसन ख़ान’ था। इनके लिखे हुए कलाम में ज़िंदगी के अनछुए पहलुओं से रूबरू कराने की ज़बरदस्त क्षमता थी। मजरूह सुल्तानपुरी ने चार दशक से भी ज़्यादा अपने लंबे सिने कैरियर में क़रीब 300 फ़िल्मों के लिए लगभग 4000 गीतों की रचना की। मजरूह सुल्तानपुरी के महत्त्वपूर्ण योगदान को देखते हुए वर्ष 1993 में उन्हें फ़िल्म जगत् के सर्वोच्च सम्मान ‘दादा साहब फाल्के पुरस्कार’ से नवाजा गया। इसके अलावा वर्ष 1964 मे प्रदर्शित फ़िल्म ‘दोस्ती’ में अपने रचित गीत ‘चाहूँगा मैं तुझे सांझ सवेरे’ के लिए वह सर्वश्रेष्ठ गीतकार के ‘फ़िल्म फ़ेयर’ पुरस्कार से भी सम्मानित किए गए। इस महान शायर और गीतकार ने 24 मई, 2000 को ८० साल की आयु में दुनिया को अलविदा कह दिया।

अन्य अहम घटनाएं-1994 – मीना (सऊदी अरब) में भगदड़ मच जाने से 250 लोगों से भी अधिक हाजियों की मृत्यु।2000 – दक्षिण लेबनान से 22 साल का ख़ूनी दौर समाप्त कर इस्रायली सेना वापस लौटी।2002 – नेपाल में नेपाली कांग्रेस ने प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा को नेपाली कांग्रेस पार्टी से निलंबित किया।2003 – इस्रायल के प्रधानमंत्री एरियल शैरोन ने पश्चिम एशिया शांति योजना को स्वीकार किया।2005 – एनबी इंकबेयर मंगोलिया के राष्ट्रपति चुने गये।2007 – एमा निकोलसन रिपोर्ट यूरोपीय संघ की संसद में पारित।2008- उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों का मंहगाई भत्ता छह प्रतिशत बढ़ाने का फैसला किया।

जन्म1969 – सुधीर कुमार वालिया – भारतीय थल सेना के जांबाजों में से एक थे।1955 – राजेश रोशन – हिन्दी फ़िल्मों के प्रसिद्ध संगीतकार हैं।1952 – रंजन मथाई – भारत के पूर्व ‘भारतीय विदेश सचिव’।1954 – बछेंद्री पाल – माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाली प्रथम भारतीय महिला।1937 – थौनाओजम चौबा सिंह- भारतीय जनता पार्टी के राजनीतिज्ञ हैं।1928 – जन कृष्णमूर्ति – 2001 से 2002 तक भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे।1920 – नीलमणि राउत्रे – भारतीय राजनीतिज्ञ तथा उड़ीसा राज्य के भूतपूर्व मुख्यमंत्री थे।1899 – काज़ी नज़रुल इस्लाम – प्रसिद्ध बांग्ला कवि, संगीतज्ञ और दार्शनिक थे।1896 – करतार सिंह सराभा – भारत के प्रसिद्ध क्रान्तिकारियों में से एक।1819 – महारानी विक्टोरिया – ग्रेट ब्रिटेन और आयरलैण्ड की महारानी

निधन2023 – टी. रिनपोछे – लद्दाख़ के प्रसिद्ध आध्यात्मिक और राजनीतिक नेता थे।2000 – मजरूह सुल्तानपुरी- हिन्दी फ़िल्मों के प्रसिद्ध गीतकार और शायर।1999 – गुरु हनुमान – भारत के महान् कुश्ती प्रशिक्षक (कोच) व पहलवान।1981 – एस. के. पाटिल – भारत के प्रमुख राजनेता।1905 – प्रतापचंद्र मज़ूमदार – ब्रह्मसमाज के प्रसिद्ध नेता।1990 – के. एस. हेगड़े- भारतीय विधिवेत्ता, राजनीतिज्ञ और पूर्व लोकसभा अध्यक्ष1879 – विलियम लायड गैरिसन – अमेरीकी दासता विरोधी आंदोलन के नेता1543 – निकोलस कॉपरनिकस – प्रसिद्ध यूरोपिय खगोलशास्त्री व गणितज्ञ थे

SPORTS : आज पंजाब किंग्स के लिए प्लेऑफ का इम्तिहान, लखनऊ के खिलाफ रिकॉर्ड शानदार

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आईपीएल में आज शनिवार को पंजाब किंग्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच मुकाबला होगा. पंजाब किंग्स के लिए आज का मैच ‘करो या मरो’ जैसा है. यानी प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए उन्हें हर हाल में जीतना ही होगा. पंजाब की शुरुआत इस सीजन में बहुत अच्छी रही थी. उसने पहले 7 मैचों में से 6 मैच जीते थे, लेकिन इसके बाद टीम लगातार 6 मैच हार गई. अब पंजाब की किस्मत सिर्फ अपनी जीत पर ही नहीं, बल्कि रविवार को होने वाले दूसरे मैचों के नतीजों पर भी टिकी है. वहीं दूसरी तरफ, लखनऊ सुपर जायंट्स की टीम पहले ही प्लेऑफ की रेस से बाहर हो चुकी है, इसलिए उनके पास खोने के लिए कुछ नहीं है.

आईपीएल के इतिहास में ये दोनों टीमें अब तक 7 बार एक-दूसरे के आमने-सामने आ चुकी हैं. आंकड़ें की बात करें तो, पलड़ा पंजाब का थोड़ा भारी है. पंजाब ने लखनऊ के खिलाफ 4 मैच जीते हैं, जबकि लखनऊ को 3 मैचों में जीत मिली है. दोनों के बीच एक मैच टाई भी रहा है. इस मौजूदा सीजन में दोनों टीमें दूसरी बार टकराने जा रही हैं. इससे पहले जब इस सीजन में दोनों की भिड़ंत हुई थी. तब पंजाब ने अपने घरेलू मैदान पर लखनऊ को मात दी थी.

लखनऊ के इकाना स्टेडियम की पिच बाकी मैदानों से काफी अलग है. यहाँ चौके-छक्कों की बरसात देखना थोड़ा मुश्किल होता है. इस पिच पर बल्लेबाज़ों के लिए बड़े शॉट्स लगाना आसान नहीं होता. यहाँ स्पिन गेंदबाजों को पिच से काफी मदद मिलती है. इसके अलावा, मैच की शुरुआत में तेज़ गेंदबाज़ों को भी स्विंग मिलती है, जो बल्लेबाज़ों को परेशान कर सकती है.

लखनऊ में मैच के दिन मौसम काफी गर्म और सूखा रहेगा. दिन के समय तेज़ धूप खिलेगी और लू चलने की भी संभावना है, जिससे गर्मी का असर ज़्यादा रहेगा. शाम को जब 7:30 बजे मैच शुरू होगा, तब भी गर्मी से बहुत ज़्यादा राहत नहीं मिलने वाली है. राहत की बात यह है कि बारिश होने की कोई उम्मीद नहीं है. आसमान बिल्कुल साफ रहेगा.

लखनऊ- मिचेल मार्श, जोश इंग्लिस, निकोलस पूरन, आयुष बडोनी, ऋषभ पंत (कप्तान और विकेटकीपर), अब्दुल समद, शाहबाज अहमद, मोहसिन खान, मयंक यादव, आकाश सिंह, प्रिंस यादव, दिग्वेश सिंह राठी

पंजाब- प्रियांश आर्या, प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर), कूपर कोनोली, श्रेयस अय्यर (कप्तान), शशांक सिंह, सूर्यांश शेडगे, अजमतुल्लाह ओमरजई, हरप्रीत बरार, जेवियर बार्टलेट, लॉकी फर्ग्यूसन, अर्शदीप सिंह, युजवेंद्र चहल

WORLD : ईरान-अमेरिका समझौते की कोशिशों में पाकिस्तान की हुई एंट्री?: तेहरान पहुंचे आसिम मुनीर, होर्मुज पर बढ़ी चिंता

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पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर तेहरान पहुंचे हैं, जहां ईरान और अमेरिका के बीच चल रही शांति वार्ता और परमाणु विवाद को लेकर नई हलचल तेज हो गई है। ईरान ने कहा कि अमेरिका से समझौता अभी दूर है, जबकि राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया कि ईरान समझौता करना चाहता है। आइए, विस्तार से मामले को जानते हैं…

पश्चिम एशिया में जारी तनाव और ईरान-अमेरिका के बीच चल रही शांति वार्ता के बीच पाकिस्तान के चीफ ऑफ डिफेंस फोर्सेज आसिम मुनीर का तेहरान पहुंचना नई हलचल पैदा कर गया है। ईरान के मजार-ए-शरीफ स्थित वाणिज्य दूतावास ने उनकी यात्रा की पुष्टि की। यह दौरा ऐसे समय हुआ है जब ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु कार्यक्रम, युद्धविराम और होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर तनाव लगातार बना हुआ है। दूसरी तरफ अमेरिका और नाटो देश भी संभावित संकट की स्थिति के लिए वैकल्पिक रणनीति तैयार करने में जुटे हैं.

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने साफ कहा कि दोनों देशों के बीच मतभेद अभी भी बहुत गहरे हैं। उन्होंने कहा कि ईरान पहले भी दो बार परमाणु वार्ता में नुकसान उठा चुका है, इसलिए अब वह बातचीत के हर कदम पर सतर्क है।

अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि ईरान समझौता करने के लिए बेहद उत्सुक है। ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान पर कड़ी कार्रवाई की क्योंकि वह किसी भी हालत में ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देना चाहता। हालांकि दूसरी ओर ईरान का कहना है कि वह अभी किसी अंतिम समझौते के करीब नहीं पहुंचा है। इससे साफ है कि दोनों देशों के बीच अविश्वास अब भी बना हुआ है।
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अमेरिकी विदेश मंत्री ने नाटो सहयोगियों के साथ होर्मुज जलडमरूमध्य की स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि अगर ईरान इस समुद्री रास्ते को बंद कर देता है तो उसके लिए वैकल्पिक योजना यानी प्लान बी तैयार रखना जरूरी है।

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