लंदन में द हंड्रेड (The Hundred 2026) ऑक्शन में सनराइजर्स लीड्स ने पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद को 1.90 लाख पाउंड (करीब 2.34 करोड़ रुपये) में खरीदा. भारतीय फैन्स ने इस फैसले पर नाराजगी जताते हुए काव्या मारन को सोशल मीडिया पर ट्रोल किया. विवाद बढ़ने पर BCCI का बयान भी आ गया है.
लंदन में द हंड्रेड (The Hundred 2026) की पहली पुरुष खिलाड़ियों की नीलामी के बाद बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद (Abrar Ahmed) को काव्या मारन के स्वामित्व वाली फ्रेंचाइजी सराइइजर्स लीड्स (Sunrisers Leeds) ने खरीद लिया, जिसके बाद सोशल मीडिया पर भारतीय फैन्स का गुस्सा फूट पड़ा है.
इस फ्रेंचाइजी की कमान उद्योगपति कलानिधि मारन (Kalanithi Maran) के सन ग्रुप के पास है और टीम की सीईओ उनकी बेटी काव्या मारन (Kavya Maran) हैं. IPL में सनराइजर्स हैदराबाद की CEO भी काव्या ही हैं. पाकिस्तानी खिलाड़ी को खरीदने के फैसले के बाद सोशल मीडिया पर काव्या मारन को निशाने पर ले लिया गया और सोशल मीडिया पर उनकी जमकर आलोचना हुई.

पाकिस्तान के लेग स्पिनर अबरार अहमद का बेस प्राइस करीब 92.5 लाख रुपये था, लेकिन नीलामी में उन्हें खरीदने के लिए सनराइजर्स लीड्स और ट्रेंट रॉकेट्स ( Trent Rockets) के बीच लंबी बोली लगी.
आखिरकार सनराइजर्स ने £190,000 (करीब 2.34 करोड़ रुपये) में उन्हें अपनी टीम में शामिल कर लिया.अबरार अहमद इस तरह किसी भारतीय स्वामित्व वाली टीम के लिए द हंड्रेड में खेलने वाले पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी बन गए.
विवाद बढ़ने के बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने भी इस मामले पर प्रतिक्रिया दी है. BCCI के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने साफ कहा कि यह मामला बोर्ड के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता. उन्होंने कहा-यह हमारे अधिकार क्षेत्र में नहीं है. यह विदेशी लीग का मामला है और उसी लीग को इस पर फैसला लेना होगा. इसमें BCCI कुछ नहीं कर सकता.
विवाद के बीच टीम के हेड कोच डेनियल विटोरी ने भी इस फैसले पर सफाई दी. उन्होंने बताया कि टीम की पहली पसंद इंग्लैंड के स्टार स्पिनर आदिल रशीद थे. लेकिन ऑक्शन में उन्हें साउदर्न ब्रेव ने खरीद लिया. इसके बाद सनराइजर्स लीड्स ने विदेशी स्पिनर के विकल्पों पर ध्यान दिया और आखिरकार अबरार अहमद को टीम में शामिल किया.
विटोरी ने कहा कि टीम की रणनीति शुरू से ही एक प्रमुख स्पिनर लेने की थी. उन्होंने बताया कि टीम के पास चार-पांच विकल्प थे, जिनमें बांग्लादेश के रिशाद हुसैन, पाकिस्तान के उस्मान तारिक और अबरार अहमद शामिल थे.अबरार अहमद को खरीदने के बाद भारत में सोशल मीडिया पर काफी नाराजगी देखने को मिली. इसी बीच सनराइजर्स लीड्स का आधिकारिक X (एक्स) अकाउंट भी सस्पेंड हो गया, जिससे विवाद और बढ़ गया. हालांकि अकाउंट सस्पेंड होने की असली वजह अभी सामने नहीं आई है.
विटोरी ने साफ कहा कि ऑक्शन से पहले पाकिस्तानी खिलाड़ियों को लेकर टीम मैनेजमेंट के बीच कोई चर्चा नहीं हुई थी और खिलाड़ियों का चयन सिर्फ क्रिकेटिंग जरूरतों के आधार पर किया गया.उन्होंने कहा कि अबरार अहमद की गेंदबाजी में काफी वैराइटी है और वह पावरप्ले या मिडिल ओवरों में विकेट निकालने की क्षमता रखते हैं, जो हेडिंग्ले मैदान जैसे पिच पर टीम के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है.
गौरतलब है कि ‘द हंड्रेड’ ऑक्शन में अबरार अहमद दूसरे पाकिस्तानी खिलाड़ी रहे जिन्हें खरीदा गया. उनसे पहले बर्मिंघम फीनिक्स ने उस्मान तारिक को अपनी टीम में शामिल किया था.

