भारत तेजी से परमाणु हथियारों का जखीरा बढ़ाने में लगा है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (सिपरी) द्वारा सोमवार को जारी ईयर बुक से खुलासा हुआ है। भारत के पास कुल 190 जबकि पाकिस्तान के पास सिर्फ 170 वॉरहेड हैं। भारत चीन और पाकिस्तान को ध्यान में रखकर लंबी दूरी तक मार करने वाले हथियार बनाने में जुटा है। तैनात हैं 26 परमाणु वॉरहेड
भारत के परमाणु हथियारों की स्थिति
रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2025 में भारत ने एक भी परमाणु वॉरहेड नहीं तैनात किया था, लेकिन 2026 में 12 परमाणु हथियारों को तैनात कर रखा है। पिछले साल सैन्य भंडार में 180 वॉरहेड का भंडारण किया जो 2026 में बढ़कर 190 हो गया है। पाकिस्तान के परमाणु हथियारों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है।
दुनिया में परमाणु वॉरहेड की संख्या
वर्ष 2026 की शुरुआत में दुनिया के नौ देशों, अमेरिका, रूस, ब्रिटेन, फ्रांस, चीन, भारत, पाकिस्तान, उत्तर कोरिया और इजरायल के पास कुल 12,187 परमाणु वॉरहेड हैं। इसमें से 9745 वॉरहेड सेना के भंडार गृह में हैं जो इस्तेमाल के लिए पूरी तरह तैयार हैं। 4012 परमाणु वॉरहेड पहले से तैनात हैं।

हथियार सेवानिवृत्त करने वाले देश
तीन देशों में हथियार सेवानिवृत्त
सिपरी के अनुसार अमेरिका, रूस और फ्रांस सिर्फ तीन देशों ने परमाणु हथियारों को सेवानिवृत्त किया है। अमेरिका ने कुल 1342, रूस ने 1020 और फ्रांस ने 80 वॉरहेड को बेड़े से सेवानिवृत्त किया है। इजरायल के पास सिर्फ 90 हथियारों का जखीरा है। इसमें कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है।
सैन्य संघर्ष का बढ़ता दायरा
रिपोर्ट के अनुसार 2024 में तीन देशों के बीच सैन्य संघर्ष था जो 2025 में बढ़कर छह हो गया। कुल 13 देशों के बीच सैन्य तनातनी की स्थिति रही। वर्ष 2021 से 2025 के बीच 162 देशों को सबसे अधिक हथियार बेचा गया। इसमें यूक्रेन, सऊदी अरब, कतर और पाकिस्तान जैसे कई देश शामिल हैं।

