कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार को ऑटो-रिक्शा चालकों की स्थिति को लेकर नरेंद्र मोदी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि ‘आमदनी का मीटर’ बंद हो गया है, महंगाई पर लगाम लगाने के दावे विफल हो गए हैं और सरकार बहरी बनी हुई है। राहुल गांधी ने यह टिप्पणी एक्स पर एक वीडियो साझा करते हुए की। एक दिन पहले उन्होंने ऑटो-रिक्शा चालकों से मुलाकात की थी।
उन्होंने लिखा, हम बर्बाद हो गए हैं और सुनने वाला कोई नहीं है। एक ऑटो चालक ने यह बात दोपहर के भोजन के दौरान कही थी। उसी एक वाक्य में देश के लाखों गरीबों की पूरी कहानी छिपी है। राहुल गांधी ने लिखा, आय का मीटर थम गया है, महंगाई के ब्रेक फेल हो गए हैं और सरकार जो सुनने के लिए बनी है, वह बहरी बनी हुई है।
उन्होंने आगे लिखा, सीएनजी से एलपीजी तक। बच्चों की पढ़ाई से इलाज तक। दूध से लेकर खाने के तेल तक। हर बढ़ता रुपया इनके बजट पर, इनकी रसोई पर सीधा हमला है। महंगाई मानव मोदी जी सलाह देते हैं- सार्वजनिक परिवहन इस्तेमाल कीजिए। जो लोग सार्वजनिक परिवहन की रीढ़ हैं वो आज महंगाई के बोझ तले टूट रहे हैं। आज इनकी थाली में रोटी-दाल के साथ एक सवाल भी है- कल की रोटी कहां से आएगी?

इससे पहले शुक्रवार को उन्होंने दिल्ली के टोडरमल पार्क में ऑटो-रिक्शा चालकों से मुलाकात की थी और उनकी समस्याएं सुनी थीं। इस दौरान उन्होंने ऑटो चालक की वर्दी भी पहनी और बच्चों के साथ सेल्फी ली। बाद में वह स्वयं ऑटो रिक्शा में बैठकर वहां से रवाना हुए।

