Thursday, September 24, 2026
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NATIONAL : बंगाल में चुनाव प्रचार थमा, BJP ने किया धुआंधार प्रचार, 21 रैलियों में PM मोदी ने जनता को साधा और विपक्ष को घेरा

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत सुनिश्चित करने के लिए 21 चुनावी रैलियां और तीन रोड शो किए. उन्होंने बंगाल की जनता को साधने के साथ विपक्ष पर भी हमला किया.

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के लिए दूसरे चरण का मतदान बुधवार (29 अप्रैल, 2026) को होना है. नियमों के मुताबिक, मतदान के दो दिन पहले ही राज्य में राजनीतिक पार्टियों की तरफ से दिए जाने वाले भाषणों, जनसभाओं, रैलियों और रोड शो पर विराम लग चुके हैं. जहां बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) केंद्र की भाजपा सरकार के साथ पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साध रही है, वहीं भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सभी बड़े नेताओं ने पश्चिम बंगाल में धुआंधार प्रचार अभियान को अंजाम दिया है.

भाजपा ने इस चुनाव में अपनी जीत को सुनिश्चित करने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा दी है. पार्टी नेताओं की ओर से प्रचार में अलग-अलग रंग भी दिखाई दिए, कभी झालमुडी खाकर प्रचार हुआ, तो कभी नाव की यात्रा हुई. मंदिरों में दर्शन के जरिए हिंदू मतदाताओं को संदेश देने की बड़ी कोशिश की गई. ऐसे में भाजपा की ये मेहनत और कोशिश बंगाल में कितनी सफल होती है, ये 4 मई, 2026 को चुनाव के नतीजों के सामने आने पर ही पता चलेगा.

चुनाव आयोग की तरफ से 15 मार्च, 2026 को राज्य में चुनावी बिगुल बजा और बंगाल सियासी अखाड़े में बदल गया. इस दौरान बंगाल की जनता को साधने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 रैलियां और तीन रोड शो किए. इसके अलावा, उन्होंने हुगली नदी में नौका विहार कर बता दिया कि सत्ता की राह अब सड़क से ही नहीं, बल्कि नदी के रास्ते भी तलाश की जा रही है.

भाजपा को बंगाल की सत्ता में काबिज करने की मंशा के साथ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी 20 जनसभाएं, 11 रोड शो और संगठनात्मक बैठकों से चुनावी इंजन को फुल स्पीड पर रखा. वहीं, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी बंगाल में तीन सभाओं और 12 रोड शो के जरिए मोर्चा संभाला. बीजेपी ने इस चुनाव में आस्था को भी पूरी राजनीतिक आस्था के साथ अपनाया.

इसके अलावा, BJP की ओर से सुवेंदु अधिकारी ने 60 से ज्यादा सभाएं कीं, दिलीप घोष ने 35 से 40 कार्यक्रम किए और समिक भट्टाचार्य ने 30 से अधिक सभाओं से मोर्चा संभाला. कुल मिलाकर बीजेपी के स्थानीय नेताओं ने 500 से ज्यादा छोटे-बड़े कार्यक्रम कर राज्य में कमल खिलाने के लिए पूरी बागवानी की.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने थंथानिया कालीबाड़ी, मतुआ ठाकुरबाड़ी, दक्षिणेश्वर काली मंदिर और बेलूर मठ में मत्था टेका. वहीं, गृह मंत्री अमित शाह ने इस्कॉन मंदिर, रामकृष्ण मिशन केंद्रों में दर्शन किए और गंगासागर में स्नान कर आध्यात्मिक संदेश भी दिया और राजनीतिक तापमान भी बढ़ाया. जबकि नितिन नवीन ने नैहाटी की बड़ी मां काली के दरबार में पूजा की और बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय के आवास पर श्रद्धांजलि दी.

बंगाल का चुनाव इस बार सिर्फ भाषणों का नहीं, स्वाद का भी रहा. झाड़ग्राम में प्रधानमंत्री मोदी अचानक एक दुकान पर रुके, झालमुड़ी खाई और खुद पैसे भी चुकाए. संदेश साफ था राजनीति में मसाला भी जरूरी है और कभी-कभी मुरमुरे भी. उन्होंने कहा कि बंगाल की झालमुड़ी का स्वाद, बंगाल की मिट्टी की तरह ही अनोखा है. मोदी के भाषणों में विकास भी था और विपक्ष पर तगड़ा तड़का भी.

पश्चिम बंगाल में प्रधानमंत्री का धुआंधार प्रचार और गृह मंत्री अमित शाह की रणनीति ने बीजेपी कार्यकर्ताओं के मन में उत्साह भर दिया. बीजेपी शीर्ष नेतृत्व के चौतरफा वार की रणनीति ने पश्चिम बंगाल चुनाव को दिलचस्प बना दिया है. ऐसे में अब 29 अप्रैल, 2026 को होने वाले दूसरे चरण के चुनाव और 4 मई को जारी होने वाले नतीजों को इंतजार रहेगा.

NATIONAL : ‘बंगाल में पहली बार बनेगी बीजेपी की सरकार’, नितिन नवीन का बड़ा दावा

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बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने पश्चिम बंगाल चुनाव को लेकर बड़ा दावा करते हुए कहा है कि राज्य में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने जा रही है. उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को अग्रिम बधाई देते हुए कहा कि 4 मई का दिन पश्चिम बंगाल के लिए बेहद ऐतिहासिक साबित होगा. उनके अनुसार यह दिन राज्य में नई आज़ादी, नई उमंग और नई उड़ान का प्रतीक बनेगा.

जयपुर दौरे पर पहुंचे नितिन नवीन ने कहा कि बंगाल में बदलाव के लिए वहां की जनता जिस तरह से सड़कों पर उतरकर सामने आई है, वह अपने आप में बड़ा संकेत है. उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने लंबे समय तक संघर्ष किया है और उसी मेहनत का परिणाम 4 मई को देखने को मिलेगा. उन्होंने भरोसा जताया कि उस दिन निश्चित रूप से भाजपा का भगवा लहराएगा और राज्य में पार्टी की सरकार बनेगी.उन्होंने कहा कि भाजपा की जीत का पूरा श्रेय कार्यकर्ताओं को जाएगा, जिन्होंने जमीनी स्तर पर लगातार काम किया है. नितिन नवीन ने यह भी कहा कि पार्टी का संकल्प पंचायत से लेकर पार्लियामेंट तक हर स्तर पर भगवा लहराने का है और इसके लिए संगठन लगातार काम कर रहा है.

राजस्थान के कार्यकर्ताओं को संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि वे अभी से पंचायत और नगर निकाय चुनाव की तैयारियों में जुट जाएं. उन्होंने इन चुनावों को संगठन के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि यह चुनाव पार्टी को नई दिशा देने वाले साबित होंगे. उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती कार्यकर्ताओं की मेहनत से ही संभव है और यही ताकत भाजपा को लगातार आगे बढ़ा रही है.

नितिन नवीन ने बंगाल से लेकर राजस्थान तक के सभी कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पार्टी हर राज्य में अपनी स्थिति मजबूत कर रही है. उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं का समर्पण और मेहनत ही भाजपा की सबसे बड़ी पूंजी है.

अपने एक दिवसीय राजस्थान दौरे के दौरान नितिन नवीन टोंक जिले पहुंचे, जहां उन्होंने विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लिया. इस दौरान उन्होंने राज्य में पार्टी के सात जिला कार्यालयों का शुभारंभ किया, जबकि नागौर जिले में नए कार्यालय का शिलान्यास भी किया. टोंक में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कांग्रेस पर भी निशाना साधा. यह क्षेत्र कांग्रेस नेता सचिन पायलट का गढ़ माना जाता है. उन्होंने कहा कि भाजपा लगातार अपने संगठन को मजबूत कर रही है, जबकि कांग्रेस कमजोर होती जा रही है.

राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नवीन का यह पहला राजस्थान दौरा है, जिसे संगठन के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है. उनके दौरे के दौरान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ पूरे समय उनके साथ मौजूद रहे.

शाम करीब 4 बजे नितिन नवीन टोंक से जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे, जहां पार्टी के चुनिंदा नेताओं ने उनका स्वागत किया. एयरपोर्ट के बाहर भी उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और उनकी पीठ थपथपाते हुए कहा कि राजस्थान में पार्टी की सत्ता कार्यकर्ताओं की बदौलत ही संभव हो पाई है. उन्होंने कहा कि अब इसी तरह की मेहनत बंगाल में भी जीत दिलाएगी.

NATIONAL : पश्चिम बंगाल चुनाव: 142 सीटों पर प्रचार थमा, हिंसा के बीच दिग्गजों ने झोंकी ताकत

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पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के तहत 142 निर्वाचन क्षेत्रों के लिए सोमवार को शाम छह बजे आधिकारिक रूप से प्रचार अभियान समाप्त हो गया। आजतक की रिपोर्ट के अनुसार, प्रचार के अंतिम दिन भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के शीर्ष नेताओं ने मतदाताओं को लुभाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी।

सोमवार को प्रचार की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बैरकपुर जनसभा से हुई, जहाँ उन्होंने जनता के साथ भावनात्मक जुड़ाव बनाने पर ध्यान केंद्रित किया। इस दौरान प्रधानमंत्री ने संकेत दिया कि बीजेपी की जीत के बाद वह जल्द ही कोलकाता का दौरा करेंगे।

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन के दौरान रैली में उपस्थित लोगों से सीधा संवाद करते हुए उन्हें पत्र लिखने के लिए भी प्रोत्साहित किया। प्रधानमंत्री के अलावा गृहमंत्री अमित शाह ने कोलकाता के बेहाला पश्चिम इलाके में एक भव्य रोड शो के जरिए बीजेपी के लिए समर्थन मांगा, जिसे पिछले 15 वर्षों से टीएमसी का मजबूत गढ़ माना जाता है।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी बंगाल के चुनावी दंगल में हिस्सा लिया और अंतिम चरण के लिए कई रैलियों को संबोधित किया। दूसरी ओर, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपनी पारंपरिक सीट भवानीपुर सहित कोलकाता के विभिन्न हिस्सों में लगभग 14 किलोमीटर लंबी पदयात्रा की और 200 रैलियों के साथ अपने अभियान का समापन किया।

टीएमसी के वरिष्ठ नेता अभिषेक बनर्जी ने भी राज्य के विभिन्न हिस्सों में चुनावी मोर्चा संभाला और लगभग 100 रैलियों के साथ अपना प्रचार अभियान पूरा किया। भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र में मुकाबला काफी रोचक हो गया है, जहाँ बीजेपी उम्मीदवार शुभेंदु अधिकारी ने भी ममता बनर्जी के खिलाफ पदयात्रा कर प्रचार किया।

प्रचार के अंतिम दिन चुनावी सरगर्मी के बीच राज्य के कई हिस्सों से हिंसक झड़पों की सूचना मिली है। हुगली, वर्धमान, दक्षिण 24 परगना और उत्तर 24 परगना जिलों में छिटपुट हिंसा की घटनाओं के बावजूद सभी राजनीतिक दलों ने तय समय पर अपनी गतिविधियां समाप्त कर दीं।

NATIONAL : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु छह दिवसीय दौरे पर शिमला पहुंचीं, अटल सुरंग का दौरा करेंगी

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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु सोमवार को अपने छह दिवसीय दौरे पर हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला पहुंचीं। राष्ट्रपति यहां अटल सुरंग का दौरा करने के अलावा लोक भवन में आयोजित भोज में शामिल होंगी। राज्यपाल कविंदर गुप्ता, मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खु और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने राष्ट्रपति का स्वागत छराबड़ा स्थित कल्याणी हेलीपैड पर किया, जो यहां से लगभग 14 किलोमीटर दूर है। इसके बाद उन्हें मशोबरा स्थित राष्ट्रपति निवास ले जाया गया।

2 मई तक राज्य में अपने प्रवास के दौरान राष्ट्रपति मुर्मु कांगड़ा जिले के पालमपुर कृषि विश्वविद्यालय और कुल्लू जिले की अटल सुरंग का दौरा करेंगी। मंगलवार को, वह शिमला में राज्यपाल द्वारा आयोजित भोज में शामिल होंगी। 29 अप्रैल को राष्ट्रपति अटल सुरंग का दौरा करेंगी। इस दौरान वे सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) के अधिकारियों से बातचीत करेंगी और इस ऐतिहासिक सुरंग के बारे में जानकारी लेंगी।

मनाली को लाहौल-स्पीति घाटी से जोड़ने वाली 9.02 किलोमीटर लंबी अटल सुरंग का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 3 अक्टूबर, 2020 को किया था। इससे पहले, भारी बर्फबारी के कारण घाटी लगभग छह महीने तक कटी रहती थी। यह सुरंग हिमालय की पीर पंजाल पर्वतमाला में समुद्र तल से 3,000 मीटर (10,000 फीट) की ऊंचाई पर अत्याधुनिक तकनीकों से निर्मित है।

30 अप्रैल को राष्ट्रपति पालमपुर स्थित चौधरी सरवन कुमार हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। उसी दिन वे शिमला स्थित एआरट्रैक में आयोजित एक कार्यक्रम में भी भाग लेंगी। राष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।शिमला में एक हजार से अधिक सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं।पालमपुर, मनाली, अटल सुरंग और अन्य स्थानों पर भी विशेष सुरक्षा व्यवस्था की गई है।

शिमला के बाहरी इलाके में स्थित 175 साल पुरानी धरोहर ‘द रिट्रीट’ राष्ट्रपति का ग्रीष्मकालीन अवकाश स्थल है, जिसे पहले प्रेसिडेंशियल रिट्रीट के नाम से जाना जाता था। अप्रैल 2023 में, राष्ट्रपति मुर्मु ने शिमला यात्रा के दौरान इस ऐतिहासिक संपत्ति को आधिकारिक तौर पर जनता के लिए खोल दिया। पर्यटकों के लिए मुख्य आकर्षण मुख्य भवन है, जो राष्ट्रपतियों के जीवन की झलक दिखाता है; साथ ही, आधिकारिक भोजन कक्ष और ऐतिहासिक धरोहरें भी यहां मौजूद हैं।

पर्यटकों की सुविधा के लिए, राष्ट्रपति निवास में एक क्लॉकरूम, व्हीलचेयर की सुविधा, एक कैफे, एक स्मारिका स्टोर, शौचालय, पूरे परिसर में पानी के डिस्पेंसर, विद्वान गाइडों के साथ निर्देशित दौरे और एक प्राथमिक चिकित्सा सुविधा भी उपलब्ध है।(इनपुट-आईएएनएस)

WORLD : क्या खत्म होगा पश्चिम एशिया संघर्ष?: 48 घंटे में तीसरी बार PAK पहुंचे अराघची, जानें रूस का क्या है कनेक्शन

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ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची 48 घंटों में तीसरी बार पाकिस्तान पहुंचे हैं। इस्लामाबाद शांति वार्ता में अहम भूमिका निभा रहा है। उनकी यात्रा अमेरिका के साथ जारी तनाव को कम करने की कूटनीतिक कोशिशों का हिस्सा मानी जा रही है।

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची मंगलवार को एक बार फिर से पाकिस्तान पहुंचे हैं। यह पिछले 48 घंटों में उनकी इस्लामाबाद की तीसरी यात्रा है। यह यात्रा रूस में अपने दौरे को खत्म के बाद हुई है। माना जा रहा है कि 48 घंटों में इस तीसरी यात्रा का उद्देश्य अमेरिका के साथ चल रहे संघर्ष को समाप्त करने के लिए एक व्यापक कूटनीतिक प्रयास का हिस्सा है।

अराघची की बार-बार की पाकिस्तान यात्राएं इस बात का संकेत देती हैं कि इस्लामाबाद वर्तमान स्थिति में एक शांति दूत की भूमिका निभा रहा है। खास तौर से यह यात्रा ईरान और अमेरिका के बीच अप्रत्यक्ष आदान-प्रदान को सुगम बनाने में पाकिस्तान की भूमिका को रेखांकित करती है।

इससे पहले अराघची ने सेंट पीटर्सबर्ग में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ बातचीत की थी। इस बैठक में द्विपक्षीय संबंधों और क्षेत्रीय विकास पर ध्यान केंद्रित किया गया। एक टेलीग्राम बयान में अराघची ने बताया कि यह बैठक डेढ़ घंटे से अधिक चली और इसमें अमेरिका और इस्राइल द्वारा थोपे गए युद्ध और आक्रामकता के संबंध में विस्तृत चर्चा हुई।

ईरानी विदेश मंत्री ने कहा, “रूसी राष्ट्रपति पुतिन के साथ हमारी बैठक बहुत अच्छी रही। इसमें द्विपक्षीय संबंधों, क्षेत्रीय मुद्दों के साथ-साथ अमेरिका और जायोनी शासन द्वारा युद्ध और आक्रामकता के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा हुई।”

अराघची ने तेहरान और मॉस्को के बीच सहयोग पर भी चर्चा की, जिसमें संबंधों को और मजबूत करने के प्रस्ताव शामिल थे। उन्होंने ईरान-रूस संबंधों को एक रणनीतिक साझेदारी बताया और संघर्ष के दौरान मास्को के समर्थन के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा, “हाल के युद्ध में यह स्पष्ट हो गया कि ईरान के रूस जैसे महान मित्र और सहयोगी हैं; हम आपके रुख और समर्थन के लिए धन्यवाद करते हैं।”

ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, राष्ट्रपति पुतिन ने कहा कि रूस पश्चिम एशिया में शांति बहाल करने के प्रयासों का समर्थन करेगा और ईरान के हितों को आगे बढ़ाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि क्षेत्र में जल्द से जल्द स्थिरता लौटेगी।

इस बीच वॉशिंगटन में व्हाइट हाउस ने पुष्टि की है कि ईरान द्वारा संघर्ष समाप्त करने और होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने के प्रस्ताव पर चर्चा चल रही है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलीन लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ इस प्रस्ताव पर चर्चा की है।

लेविट ने कहा, “प्रस्ताव पर चर्चा की जा रही थी और आगे के विवरण राष्ट्रपति द्वारा साझा किए जाएंगे।” इस प्रस्ताव में परमाणु वार्ता को बाद के चरण में लेने के साथ, होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने और युद्ध खत्म करने के लिए एक रूपरेखा तैयार की गई है। यह कूटनीतिक चहलकदमी ऐसे समय में हो रही है जब क्षेत्र में तनाव का माहौल है, और यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि ये प्रयास शांति स्थापित करने में कितने सफल होते हैं।

NATIONAL : प्रधानमंत्री मोदी का सिक्किम में आज अंतिम दिन, राज्य स्थापना की 50वीं वर्षगांठ के समापन समारोह में भाग लेंगे

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गंगटोक,28 अप्रैल (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज राजधानी गंगटोक में स्वर्ण जयंती मैत्री मंजरी पार्क में आर्केडेरियम का दौरा करेंगे। इसके बाद वे पाल्जोर स्टेडियम में सिक्किम राज्य की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ के समापन समारोह में भाग लेंगे।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी दो दिवसीय दौरे पर सोमवार को सिक्किम पहुंचे। कल प्रधानमंत्री ने देवराली के गंजू लामा द्वार से लोक भवन तक रोड शो किया। इस अवसर पर राज्य भर से लोगों ने गर्मजोशी के साथ प्रधानमंत्री मोदी का भव्य स्वागत किया। प्रधानमंत्री ने राष्ट्रीय राजमार्ग 10 पर कतार में खड़े लोगों को हाथ हिलाकर अभिवादन किया।

प्रधानमंत्री सिक्किम की अपनी यात्रा के दूसरे और अंतिम दिन की शुरुआत आज सुबह राजधानी के स्वर्ण जयंती मैत्री मंजरी पार्क में ऑकेडेरियम की यात्रा के साथ करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने पिछले साल मई में सिक्किम राज्य की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ के अवसर पर इस उद्यान का उद्घाटन किया था।

प्रतिकूल मौसम के कारण वह उस समय सिक्किम नहीं आ सके। वह बागडोगरा हवाई अड्डे (पश्चिम बंगाल) तक आए थे। उन्होंने बागडोगरा से आभासी रुप में पार्क का उद्घाटन किया। इस बार वह राज्य की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ के समापन समारोह के अवसर पर उद्यान का दौरा करेंगे।

इसके बाद प्रधानमंत्री राजधानी के पाल्जोर स्टेडियम में राज्य की स्थापना की 50वीं वर्षगांठ के समापन समारोह में भाग लेंगे। प्रधानमंत्री इस कार्यक्रम को संबोधित करेंगे और 4000 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और आधारशिला रखेंगे। यहां से वह अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी (उत्तर प्रदेश) के लिए रवाना होंगे और एक विशाल महिला सम्मेलन में भाग लेंगे।

BUSINESS : कोल इंडिया का मुनाफा 11% बढ़कर ₹10,839 करोड़ रहा:चौथी तिमाही में रेवेन्यू भी 5.75% बढ़ा; कंपनी अपने निवेशकों को ₹5.25 का लाभांश देगी

कोल इंडिया का वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) में मुनाफा सालाना आधार (YoY) पर 11% बढ़कर ₹10,839 करोड़ रहा। एक साल पहले की समान तिमाही में कंपनी का कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट ₹9,751 करोड़ रहा था।कोल इंडिया ने आज यानी 27 अप्रैल को चौथी तिमाही के नतीजे जारी किए हैं। कंपनी के ऑपरेशन से कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू यानी आय में सालाना आधार पर 5.75% की बढ़ोतरी है।

FY26 की चौथी तिमाही में ऑपरेशन से रेवेन्यू ₹46,490 करोड़ रहा। एक साल पहले की समान तिमाही यानी FY25 की चौथी तिमाही में रेवेन्यू ₹43,961 करोड़ रहा था।कंपनी ने अपने शेयरधारकों को प्रति शेयर पर 5.25 रुपए का लाभांश यानी डिविडेंड देने का ऐलान किया है। कंपनियां अपने मुनाफे का कुछ हिस्सा शेयर होल्डर्स को भी देती हैं, इसे ही लाभांश कहा जाता है।

कोल इंडिया का शेयर आज 0.33% गिरकर ₹454.50 पर बंद हुआ। पिछले एक साल में कंपनी का शेयर 15% चढ़ा है। बीते 6 महीने में शेयर 14.5% चढ़ा है। कंपनी का मार्केट कैप 2.79 लाख करोड़ रुपए है।कंपनियों के रिजल्ट दो भागों में आते हैं- स्टैंडअलोन और कंसॉलिडेटेड। स्टैंडअलोन में केवल एक यूनिट का वित्तीय प्रदर्शन दिखाया जाता है। जबकि, कंसॉलिडेटेड या समेकित फाइनेंशियल रिपोर्ट में पूरी कंपनी की रिपोर्ट दी जाती है।

SPORTS : कोहली IPL में 9 हजार रन बनाने वाले पहले बैटर:दिल्ली का पावरप्ले में सबसे कम स्कोर; बेंगलुरु ने 81 बॉल रहते मैच जीता

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रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने IPL 2026 के 39वें मैच में दिल्ली कैपिटल्स को 9 विकेट से हरा दिया। सोमवार को अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में दिल्ली की बल्लेबाजी फ्लॉप रही। टीम ने पावरप्ले का सबसे कम स्कोर बनाया। दिल्ली की पारी 75 रन पर ढेर हो गई। जवाब ने बेंगलुरु ने 81 गेंद रहते टारगेट हासिल कर लिया। 23 रन बनाकर नाबाद रहने वाले विराट कोहली IPL इतिहास में 9 हजार रन पूरे करने वाले पहले बल्लेबाज बन गए।

दिल्ली ने पावरप्ले में 6 विकेट खोकर मात्र 13 रन बनाए। यह IPL इतिहास में पावरप्ले का सबसे कम स्कोर है। दूसरे नंबर पर राजस्थान रॉयल्स हैं, जिसने 2009 में RCB के खिलाफ 2 विकेट खोकर 14 रन बनाए थे।

इस मैच में दिल्ली ने सिर्फ 7 रन बनाने में 5 विकेट गंवा दिए थे। इसके बावजूद यह IPL में सबसे कम रन में 5 विकेट गंवाने का रिकॉर्ड नहीं है। कोच्चि टस्तकर्स केरल की टीम 2011 में डेक्कन चार्जर्स के खिलाफ सिर्फ 6 रन पर 5 विकेट गंवा बैठी थी। अब कोच्चि टस्कर्स और डेक्कन चार्जर्स दोनों टीमों लीग से बाहर हो चुकी हैं।

भुवनेश्वर कुमार ने DC के खिलाफ पहले ओवर में ही डेब्यूटेंट साहिल पारख को क्लीन बोल्ड कर दिया। ये 29वीं बार है, जब उन्होंने IPL में पहले ओवर में ही विकेट लिया हो। वे इस मामले में दूसरे नंबर पर हैं। टॉप पर ट्रेट बोल्ट हैं, जिन्होंने 32 बार यह कारनामा किया है।

दिल्ली के खिलाफ भुवनेश्वर ने पावरप्ले में 3 विकेट लिए। उन्होंने IPL 2023 के बाद पावरप्ले में अब तक 32 विकेट लिए हैं। वे इस मामले में ट्रेट बोल्ट के साथ नंबर एक पर हैं। बोल्ट ने भी 32 विकेट लिए हैं। मोहम्मद सिराज और मोहम्मद शमी ने पावरप्ले में 28-28 विकेट लिए हैं।

भुवनेश्वर ने दिल्ली के खिलाफ 3 ओवर में 5 रन देकर 3 विकेट लिए। IPL में उन्होंने 20वीं बार 3 या उससे ज्यादा विकेट लिए। इस लिस्ट में जसप्रीत बुमराह नंबर एक पर हैं, जिन्होंने 25 बार यह स्पेल डाला है। लसिथ मलिंगा ने 19 बार 3+ विकेट लिए हैं और तीसरे नंबर पर हैं।

दिल्ली कैपिटल्स 16.3 ओवर में 75 रन पर ऑलआउट हो गई। यह IPL में तीसरी बार है, जब दिल्ली की टीम 75 या उससे कम स्कोर पर ऑलआउट हुई। RCB इस मामले में नंबर-1 पर हैं, जो 4 बार 75 या इससे नीचे ऑल आउट हुई है।

विराट कोहली 9 हजार रन पूरे करने वाले पहले IPL बैटर बने। उनके नाम 9012 रन हो गए हैं। दूसरे स्थान पर रोहित शर्मा हैं, जिनके नाम 7183 रन हैं।

बेंगलुरु ने दिल्ली के खिलाफ 76 रन का लक्ष्य 81 गेंद बाकी रहते हासिल कर लिया। यह IPL में गेंद बाकी रहने के हिसाब से दूसरा सबसे बड़ा रनचेज रहा। इस लिस्ट में पहले स्थान पर मुंबई इंडियंस है, जिसने 87 गेंद रहते चेज किया था, जबकि बेंगलुरु दूसरे स्थान पर है।

विराट कोहली ने दिल्ली के खिलाफ अपने रन 1172 तक पहुंचा दिए। हालांकि इस लिस्ट में पहला स्थान भी उनके ही नाम है, जहां उन्होंने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ 1174 रन बनाए हैं, जबकि दिल्ली के खिलाफ उनका यह रिकॉर्ड दूसरा सबसे ज्यादा है।

बेंगलुरु ने दिल्ली को 21वीं बार हरा दिया। एक टीम के खिलाफ सबसे ज्यादा जीत का रिकॉर्ड मुंबई इंडियंस के नाम हैं, जिसने कोलकाता के खिलाफ 25 जीत दर्ज की हैं, जबकि 21 जीत के साथ कई टीमें दूसरे स्थान पर हैं।

साहिल परख का डेब्यू मैच किसी बुरे सपने की तरह रहा। पारी के पहले ओवर में ही भुवनेश्वर कुमार ने उन्हें शून्य पर क्लीन बोल्ड कर दिया। ओवर की दूसरी गेंद भुवनेश्वर ने सटीक इनस्विंग यॉर्कर डाली, जिसे पारिख बिल्कुल समझ नहीं पाए और गेंद विकेटों में समा गई।

दिल्ली की पारी के दौरान ऐसा दो बार हुआ, जब एक ही ओवर में दो विकेट गिर गए। हेजलवुड ने दूसरे ओवर में पहली दो गेंद पर 2 विकेट लिए। पहली गेंद हेजलवुड ने शॉर्ट डाली, जिसे राहुल पुल करने गए। गेंद बल्ले का एज लेकर ऊपर खड़ी हो गई और विकेटकीपर जितेश शर्मा ने आसान कैच पकड़ा। अगली गेंद पर ही समीर रिजवी शून्य पर कट बिहाइंड हो गए। तीसरे ओवर में भुवनेश्वर ने भी ट्रिस्टन स्टब्स और अक्षर पटेल को पवेलियन भेजा।

पहली पारी में 10वें ओवर की शुरुआत से पहले कुछ देर तक खेल रुका रहा। दिल्ली में खेले गए मुकाबले में अचानक धूल भरी आंधी से खेल रुक गया। खिलाड़ी धूल से बचने के लिए पीछे मुड़कर खड़े हो गए। कुछ देर बाद धूल कम हुई, तब जाकर फिर खेल शुरु हुआ।

डेविड मिलर को आउट करने के बाद RCB के गेंदबाज रसिख सलाम ने अनोखे अंदाज में जश्न मनाया। 9वें ओवर की आखिरी गेंद पर रसिख ने शॉर्ट पिच गेंद डाली। मिलर ने पुल शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद उनके बैट के टो-एंड से लगकर हवा में चली गई और विकेटकीपर जितेश शर्मा ने आसानी से कैच पकड़ लिया। इसके बाद रसिख ने दोनों कानों को बंद कर साइलेंस लुक दिया।

तीसरे ओवर में जैकब बेथेल ने काइल जेमिसन की गेंद पर लंबा छक्का जड़ा। ओवर की दूसरी गेंद जेमिसन ने शॉर्ट ऑफ लेंथ गेंद डाली, जिसपर बेथेल ने जोरदार पुल शॉट खेला। शॉट इतना जबरदस्त था कि गेंद 104 मीटर दूर सेकेंड टियर में जाकर गिरी।

बेंगलुरु की पारी के तीसरे ओवर में टी नटराजन ने शानदार रनिंग कैच पकड़ा। ओवर की 5वीं गेंद को बेथेल ने लॉफ्ट करने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले पर ठीक से नहीं लगी। मिड-ऑन से पीछे दौड़ते हुए टी. नटराजन ने बाउंड्री रोप के बेहद करीब बैलेंस बनाते हुए कैच पकड़ा और टीम को पहली सफलता दिलाई।

WORLD : ट्रम्प ने राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ ईरान के नए प्रस्ताव पर की चर्चा, हॉर्मुज और परमाणु मुद्दा केंद्र में

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सोमवार को ईरान के साथ चल रहे संघर्ष को समाप्त करने से जुड़े एक नए प्रस्ताव पर अपने शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों के साथ चर्चा की। यह जानकारी व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलाइन लेविट ने मीडिया ब्रीफिंग के दौरान दी।

लेविट ने बताया कि प्रस्ताव में हॉर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने और ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर बाद में बातचीत करने का सुझाव शामिल है। हालांकि, उन्होंने इस प्रस्ताव पर प्रशासन की कोई स्पष्ट राय देने से इनकार किया और कहा कि इस पर अभी केवल प्रारंभिक चर्चा हुई है।

उन्होंने कहा, “मैं यह नहीं कहूंगी कि इस पर विचार किया जा रहा है। बस इतना कह सकती हूं कि आज सुबह इस विषय पर चर्चा हुई है। इस पर अंतिम टिप्पणी राष्ट्रपति स्वयं करेंगे।”

लेविट के मुताबिक, ट्रम्प की प्राथमिक मांगें पहले की तरह ही बनी हुई हैं। इनमें हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तेल परिवहन को सुचारु रूप से बहाल करना और ईरान द्वारा अपने संवर्धित यूरेनियम को सौंपना शामिल है।

यह प्रस्ताव ऐसे समय में सामने आया है जब क्षेत्र में तनाव चरम पर है और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर असर पड़ रहा है। हॉर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्गों में से एक है, जहां किसी भी तरह की बाधा का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर पड़ता है।

हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि यह प्रस्ताव औपचारिक वार्ता का हिस्सा बनेगा या नहीं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस पर और स्पष्टता सामने आ सकती है, जब राष्ट्रपति स्वयं इस मुद्दे पर अपना रुख सार्वजनिक करेंगे।

WORLD : ईरानी विदेश मंत्री ने पुतिन से मुलाकात की:रूसी राष्ट्रपति बोले- ईरान अपनी आजादी के लिए लड़ रहा; ट्रम्प अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे

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ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सोमवार को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। बैठक में रूस ने ईरान के प्रति खुला समर्थन जताया।रूसी मीडिया के मुताबिक, पुतिन ने कहा कि ईरानी जनता साहस और वीरता के साथ अपनी आजादी और संप्रभुता के लिए लड़ रही है। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई का संदेश मिला है।अराघची की यह यात्रा ऐसे समय हुई है, जब अमेरिका और ईरान के बीच हालिया बातचीत किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी। ऐसे में ईरान रूस का समर्थन मजबूत करने में जुटा है।उधर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प आज अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के साथ अहम बैठक करेंगे। इसमें ईरान के साथ जारी तनाव, रुकी बातचीत और आगे की रणनीति पर चर्चा होगी।

अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बैठक में ईरान पर दोबारा बमबारी शुरू करने के विकल्प पर भी चर्चा हो सकती है ट्रम्प ने रविवार को ईरान को चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा कि उसके पास युद्ध खत्म करने के लिए सीजफायर पर सहमत होने के लिए सिर्फ तीन दिन हैं, नहीं तो उसकी तेल पाइपलाइन में ब्लास्ट हो जाएगा। ट्रम्प ने कहा कि अगर ईरान तेल का निर्यात नहीं कर पाता, तो पाइपलाइन में दबाव बढ़ेगा। ऐसा इसलिए होगा क्योंकि तेल को जहाजों या स्टोरेज टैंकों में भेजने का रास्ता बंद है और उस पर नाकेबंदी लगी हुई है।

उन्होंने दावा किया कि जब तेल का बहाव अचानक रोकना पड़ता है, तो पाइपलाइन के अंदर दबाव बनता है और तकनीकी व प्राकृतिक कारणों से वह फट सकती है। ट्रम्प के मुताबिक, अगर ऐसा हुआ तो पाइपलाइन को पहले जैसी हालत में दोबारा बनाना लगभग नामुमकिन होगा और उसकी क्षमता भी काफी घट जाएगी।

डोनाल्ड ट्रम्प शनिवार को पाम बीच इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मीडिया से बात करते हुए दिखाई दिए।
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