Monday, February 2, 2026
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UP : मोबाइल गेम की लत ने छीना मानसिक संतुलन! अस्पताल में ‘अंधा कानून’ गाने लगा 20 साल का अमृतलाल

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उत्तर प्रदेश के हमीरपुर में मोबाइल गेमिंग का एक डरावना अंजाम सामने आया है. यहां एक युवक गेम खेलते-खेलते अपना मानसिक आपा खो बैठा और पागलों की तरह गाने व शायरी सुनाने लगा. बहन की मौत और गेम के तनाव ने उसे अस्पताल पहुंचा दिया है.

हमीरपुर जिले के राठ नगर निवासी 20 वर्षीय अमृतलाल का मोबाइल गेम खेलने के दौरान मानसिक संतुलन बिगड़ गया. सिकंदरपुरा स्थित अपने घर में गेम खेलते समय वह अचानक “ये अंधा कानून है” जैसे फिल्मी गाने, भक्ति गीत और शायरी तेज आवाज में पढ़ने लगा. ईंट-भट्टे पर मजदूरी करने वाले उसके पिता रमेश और मां गुड्डी ने उसे शांत करने की कोशिश की, लेकिन हालत न सुधरने पर उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक मोबाइल चलाने, नींद की कमी और हाल ही में अपनी बहन गायत्री की मौत के सदमे के कारण उसे ‘एंजायटी न्यूरोसिस’ की समस्या हुई है.

अमृतलाल की हालत इतनी विचित्र थी कि अस्पताल पहुंचने के बाद भी वह लगातार बड़बड़ाता रहा. उसने “ये जिंदगी एक कहानी है” जैसी शायरियां सुनाईं और फिर “जय बाला जी महाराज” के जयकारे लगाने लगा. परिजनों ने बताया कि वह अक्सर घंटों बाग में छिपकर मोबाइल चलाता था. घरवाले उसे समझाते थे कि आंखें खराब हो जाएंगी, लेकिन वह नहीं माना. डॉक्टरों ने बताया कि यह एक तरह की नशे जैसी लत है, जिसका इलाज दिमाग को शांत कर और गहरी नींद दिलाकर किया जा रहा है.

युवक की इस हालत के पीछे सिर्फ मोबाइल ही नहीं, बल्कि पारिवारिक दुख भी शामिल है. करीब 20 दिन पहले अमृतलाल की बहन गायत्री की बीमारी से मौत हो गई थी, जिससे वह गहरे तनाव में था. पिता के अनुसार, वह पिछले एक साल से मोबाइल गेम का आदी हो चुका था और बहन के जाने के बाद वह और भी अधिक फोन में खोया रहने लगा. मनोचिकित्सकों का कहना है कि अत्यधिक स्ट्रेस लेने के बाद “एंजायटी न्यूरोसिस” जैसी स्थिति उत्पन्न होती है, जिससे इंसान अजीब व्यवहार करने लगता है.

राठ सीएचसी और जिला अस्पताल के विशेषज्ञों ने इस मामले को गंभीरता से लिया है. डॉक्टर आर.एस. प्रजापति के मुताबिक, यह बीमारी नशे की लत की तरह होती है, लेकिन सही इलाज से इसे ठीक किया जा सकता है. उन्होंने युवाओं को सलाह दी है कि वे हिंसक या तनाव बढ़ाने वाले मोबाइल गेम से दूर रहें. फिलहाल अमृतलाल का इलाज जारी है और उसकी स्थिति में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है. परिजनों को उम्मीद है कि वह जल्द ही सामान्य होकर घर लौट सकेगा.

ENTERTAINMENT : अक्षय कुमार के शो ‘व्हील ऑफ फॉर्च्यून’ का नया प्रोमो आया सामने, नाग वाला ट्विस्ट है बेहद खतरनाक

अक्षय कुमार टीवी पर वापसी करने के लिए बिल्कुल तैयार हैं. वो अपने रिएलिटी शो ‘व्हील ऑफ फॉर्च्यून’ में पैसे कमाने और अमीर बनने का नया तरीका बताने वाले हैं. इसी बीच शो का नया प्रोमो सामने आया है.

अक्षय कुमार के रिएलिटी शो ‘व्हील ऑफ फॉर्च्यून’का नया प्रोमो सामने आ चुका है. 27 जनवरी से ये शो टेलीकास्ट जा रहा है, जिसे अक्षय कुमार होस्ट करते हुए दिखाई देंगे. कई साल बाद अक्षय बतौर होस्ट टीवी पर वापसी करने जा रहे हैं. साथ ही वो अपने शो के जरिए दर्शकों को पैसा कमाने का नया तरीका बताने वाले हैं.’व्हील ऑफ फॉर्च्यून’ के प्रीमियर से पहले मेकर्स ने शो का नया प्रोमो रिलीज किया है.लेटेस्ट प्रोमो में अक्षय कुमार शो के फॉर्मेट के बारे में बात करते हुए दिखाई दे रहे हैं.’व्हील ऑफ फॉर्च्यून’के नए प्रोमो में अक्षय तीन कंटेस्टेंट्स से बात करते हुए दिखाई देते हैं.

वो उनसे कहते हैं, ‘मैं आप तीनों के लिए एक नई कैटेगरी लेकर आया हूं-पति पत्नी. फिर बजर टाइम का ऐलान करते हैं और ‘व्हील ऑफ फॉर्च्यून’दिखाते हैं.अक्षय इसके बारे में कहते हैं-स्पिन करो और विन करो.खास बात ये है कि अगर व्हील स्पिन करने पर ना आ गया तो कंटेस्टेंट ने जितना भी पैसा जीता है, वो वापस चला जाएगा यानी कंटेस्टेंट से छिन जाएगा.’

प्रोमो में दिखाया गया है कि पहले कंटेस्टेंट को अक्षय कुमार एक पहेली सुलझाने का टास्क देते हैं. कंटेस्टेंट जो अक्षर बताता है, उसके साथ ही वो व्हील को घुमाता है. व्हील पर अलग-अलग रकम लिखी है और जहां-जिस रकम पर व्हील घूमने के बाद रुकेगा, उतनी रकम कंटेस्टेंट जीत जाएगा.अगर व्हील नाग की फोटो पर रुकी तो जीती रकम हार जाएगा और कमाई जीरो हो जाएगी.

व्हील में वर्ड पजल भी है और लकी व्हील भी.यानी कंटेस्टेंट को पहेली भी सुलझानी होगी और व्हील भी घुमाना होगा. व्हील पर रकम के अलावा बोनस, बैंकरप्ट और लूज ए टर्न जैसे ऑप्शन हैं.सांप की इमेज बनी है. व्हील घुमाने पर यह जहां भी रुकेगा, उस पर जो लिखा होगा, वो कंटेस्टेंट को मिलेगा.’व्हील ऑफ फॉर्च्यून’के बारे में बता दें कि ये इसी नाम के अमेरिका के नंबर वन शो का इंडियन फॉर्मेट है.

MP : मलाई कोफ्ता से लेकर मुफ्त एंबुलेंस तक… Bhopal में इस विधायक ने फैमिली नहीं, मरीजों के लिए डिजाइन करवाया सरकारी बंगला

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MP की राजधानी भोपाल के वीआईपी इलाके ’74 बंगला’ स्थित सरकारी आवास अमूमन सत्ता और राजनीति के केंद्र होते हैं, लेकिन बंगला नंबर B-1 एक अलग ही मिसाल पेश कर रहा है. रहली विधायक और पूर्व मंत्री गोपाल भार्गव का यह सरकारी घर अब एक ‘मरीज घर’ और ‘सेवा सदन’ बन चुका है.मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और मौजूदा बीजेपी गोपाल भार्गव ने अपने भोपाल स्थित सरकारी बंगले को पूरी तरह से मरीजों और उनके परिजनों के लिए समर्पित कर दिया है. पिछले 23 साल से जारी यह मिशन अब और अधिक आधुनिक और सर्व-सुविधायुक्त हो गया है.

भार्गव की पुत्रवधु शिल्पी भार्गव ने इस आवास में एक अनोखा बदलाव किया है. उन्होंने दिल की बीमारियों से जूझ रहे बच्चों के लिए एक खास किड्स गेस्ट रूम डिजाइन करवाया है, जो प्ले स्कूल की तरह दिखता है. यही नहीं, दीवारों पर कार्टून पेंटिंग्स, खिलौने और झूले लगाए गए हैं ताकि गंभीर बीमारी के बीच भी बच्चों का मानसिक स्वास्थ्य और मूड ठीक रहे.

मरीजों के लिए केवल छत ही नहीं, बल्कि सम्मानजनक भोजन की भी व्यवस्था है. बंगले के बड़े हिस्से में 70 नए बेड, ताज़ा चादर, तकिया और कंबल की व्यवस्था की गई है.वहीं, ‘गोपाल जी की रसोई’ में मरीजों को मटर पनीर, मलाई कोफ्ता से लेकर दलिया और खिचड़ी तक, घर जैसा पौष्टिक और स्वादिष्ट भोजन दिया जाता है. रहना, नाश्ता और दोनों समय का भोजन पूरी तरह मुफ्त है.

बता दें कि सेवा का यह चक्र सागर जिले के गढ़ाकोटा से शुरू होकर राजधानी भोपाल तक आता है. हर रविवार सुबह 11 बजे गढ़ाकोटा स्थित ‘गणनायक’ निवास से एंबुलेंस मरीजों को लेकर करीब 250 किमी का सफर कर भोपाल आती है. भोपाल में मरीजों को अस्पताल ले जाने और वापस लाने के लिए निजी वाहन और एंबुलेंस 24 घंटे तैनात रहते हैं. बंगले पर प्राथमिक इलाज, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और इमरजेंसी के लिए सेवक मौजूद रहते हैं.

गोपाल भार्गव के अनुसार, सरकारी बंगले का ढांचा भले ही सरकारी हो, लेकिन अंदर की तमाम व्यवस्थाएं, बिस्तर, एंबुलेंस का ईंधन और भोजन का खर्च वहखुद के निजी फंड से वहन करते हैं. पहले आयुष्मान कार्ड या मुख्यमंत्री सहायता निधि से मदद ली जाती है, अगर वहां से संभव न हो तो भार्गव स्वयं इलाज का खर्च उठाते हैं. दुर्भाग्यवश यदि किसी मरीज की मृत्यु हो जाती है, तो पार्थिव शरीर को सम्मानपूर्वक उनके गृह ग्राम तक पहुंचाने के लिए विशेष वाहन की व्यवस्था भी निशुल्क है.

विधायक गोपाल भार्गव का यह मिशन 2004 से निरंतर जारी है. अब तक लगभग 30 हजार गरीब मरीज इस व्यवस्था का लाभ उठा चुके हैं. उनका मानना है कि कोई भी व्यक्ति धन के अभाव में इलाज से वंचित न रहे और न ही इलाज के बोझ तले कर्जदार बने.

SPORTS : बांग्लादेश की सारी ‘हीरोपंति’ निकल जाएगी, ICC करने जा रहा ये बड़ा काम; टी20 वर्ल्ड कप विवाद पर ताजा अपडेट

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टी20 वर्ल्ड कप विवाद में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड अपने ही बुने जाल में फंसता दिख रहा है. आईसीसी का प्रतिनिधिमंडल जल्द बांग्लादेश का दौरा कर सकता है.टी20 वर्ल्ड कप विवाद में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) अपने ही बुने जाल में फंसता दिख रहा है. अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) के कुछ उच्च स्तरीय अधिकारी अगले दो से तीन दिनों में बांग्लादेश का दौरा कर सकते हैं. इस दौरे पर आईसीसी का प्रतिनिधिमंडल बीसीबी अधिकारियों के साथ वर्ल्ड कप के मुद्दे पर चर्चा कर सकता है.

2026 टी20 वर्ल्ड कप का आगाज 7 फरवरी से होने वाला है. बांग्लादेश का पहला मैच 7 फरवरी को वेस्टइंडीज के साथ होगा, जो मौजूदा शेड्यूल अनुसार कोलकाता में खेला जाना है. मगर बीसीबी ने सुरक्षा कारणों का हवाला देकर वर्ल्ड कप के लिए भारत यात्रा करने से मना कर दिया था.बताया जा रहा है कि आईसीसी और बीसीबी की जल्द होने वाली बैठक में बांग्लादेश की टी20 वर्ल्ड कप में भागीदारी और उसके मैचों के वेन्यू को लेकर चर्चा संभव है. मौजूदा शेड्यूल अनुसार बांग्लादेश के मैच कोलकाता और मुंबई में होने हैं. बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड लगातार तेवर दिखा रहा है, उसने अपने मैच श्रीलंका में शिफ्ट करने की मांग की थी, लेकिन फिलहाल आईसीसी ने उसकी मांग को ठुकरा दिया है.

पिछले दिनों बांग्लादेश सरकार का खेल सलाहकार आसिफ नजरुल लगातार भारत के खिलाफ जहर उगलता रहा है. उसने यह प्रस्ताव भी सामने रखा कि बांग्लादेश टीम के मैच पाकिस्तान में शिफ्ट कर दिए जाएं. उन्होंने हद पार करते हुए झूठ का प्रचार भी किया कि ICC ने बांग्लादेश की वेन्यू बदलने की मांग को स्वीकार कर लिया है और भारत में बांग्लादेशी खिलाड़ियों की सुरक्षा को खतरा होने की बात भी मानी है. मगर बीसीबी ने अपने एक हालिया स्टेटमेंट में आईसीसी द्वारा ऐसी कोई भी स्वीकृति देने की बात को नकार दिया था.

UP : पत्नी की हत्या कर शव के टुकड़ों को ड्रम में भरा

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फिरोजाबाद के नगला नंदे गांव में संपत्ति विवाद को लेकर पति आशुतोष और उसके तीन भाइयों ने अपनी पत्नी लता देवी की हत्या कर दी. महिला के शव को दो टुकड़ों में काटकर गर्दन का हिस्सा ड्रम में छिपा दिया गया. पुलिस ने चारपाई और ड्रम से शव के टुकड़े बरामद किए. घटना के बाद आशुतोष को गिरफ्तार कर लिया गया. परिवार के अनुसार हत्या में आशुतोष के भाइयों ने षड्यंत्र रचा. फोरेंसिक टीम ने जांच शुरू कर दी है.

यूपी के फिरोजाबाद जिले के थाना नगला खंगर क्षेत्र के गांव नगला नंदे में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई. संपत्ति विवाद को लेकर पति आशुतोष ने अपने तीन भाइयों के साथ मिलकर अपनी पत्नी लता देवी की हत्या कर दी. आरोप है कि धारदार हथियार से महिला के शव को दो टुकड़ों में काटा गया और गर्दन के ऊपर का हिस्सा ड्रम में छिपा दिया गया.

मंगलवार सुबह पुलिस मौके पर पहुंची तो ड्रम से कटी हुई गर्दन और घर के अंदर चारपाई पर पड़ा धड़ बरामद किया. घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया. मृतका की शादी करीब 25-26 साल पहले आशुतोष से हुई थी और लंबे समय से संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था.परिवार के अनुसार आशुतोष को उसके भाइयों ने अपने षड्यंत्र में शामिल कर इस नृशंस घटना को अंजाम दिया. घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची. संजिव दीक्षित, महिला के भाई ने बताया कि चारों भाइयों ने मिलकर मेरी बहन का गला काटकर हत्या की. शव के टुकड़े चारपाई और ड्रम में छिपाए गए थे.

NATIONAL : बुर्का पहनने वालों को ज्वेलरी शॉप में नहीं मिलेगी एंट्री… छत्तीसगढ़ के सराफा व्यापारियों का फैसला

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छत्तीसगढ़ में हालिया लूट की घटनाओं के बाद सराफा व्यापारियों ने बड़ा और सख्त फैसला लिया है. छत्तीसगढ़ प्रदेश सराफा एसोसिएशन ने तय किया है कि अब कोई भी व्यक्ति बुर्का, नकाब, हेलमेट या चेहरा ढंकने वाली किसी वस्तु को पहनकर सराफा दुकानों में एंट्री नहीं कर सकेगा. यह फैसला व्यापारियों और ग्राहकों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर पूरे प्रदेश में लागू किया जाएगा.

छत्तीसगढ़ में सराफा कारोबार से जुड़ा बड़ा फैसला सामने आया है. हालिया लूट की घटनाओं के बाद प्रदेश के सराफा व्यापारियों ने सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया है. छत्तीसगढ़ प्रदेश सराफा एसोसिएशन ने तय किया है कि अब कोई भी व्यक्ति बुर्का, नकाब, हेलमेट, मास्क या चेहरा ढंकने वाली किसी भी वस्तु को पहनकर सोना-चांदी की खरीदारी नहीं कर सकेगा. यह फैसला पूरे प्रदेश की सराफा दुकानों पर लागू होगा.

यह निर्णय नवापारा-राजिम में हाल ही में हुई सनसनीखेज लूट की घटना के बाद लिया गया है, जिसने प्रदेशभर के सराफा व्यापारियों में डर और असुरक्षा की भावना पैदा कर दी थी. व्यापारियों का कहना है कि बीते कुछ वर्षों में हुई ज्यादातर लूट और चोरी की घटनाओं में अपराधी चेहरा ढंककर दुकानों में दाखिल हुए, जिससे बाद में उनकी पहचान करना बेहद मुश्किल हो गया.

इस मुद्दे को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश सराफा एसोसिएशन की एक इमरजेंसी हाई-प्रोफाइल बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई. बैठक की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी ने की, जिसमें प्रदेश के अलग-अलग जिलों से जुड़े पदाधिकारी और सराफा व्यापारी शामिल हुए. लंबी चर्चा और विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि सुरक्षा कारणों से अब चेहरा ढंककर आने वाले ग्राहकों को सराफा दुकानों में घुसने नहीं दिया जाएगा.

प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी ने कहा कि यह निर्णय किसी भी धर्म, समुदाय या वर्ग को निशाना बनाकर नहीं लिया गया है. इसका उद्देश्य केवल व्यापारियों और ग्राहकों दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. उन्होंने कहा कि सीसीटीवी कैमरों में स्पष्ट पहचान होना बेहद जरूरी है, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अपराध की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके.

बैठक में व्यापारियों ने यह भी कहा कि पहले हुई कई वारदातों में आरोपी बुर्का, नकाब या हेलमेट पहनकर आए थे. इससे सीसीटीवी फुटेज से भी पहचान नहीं हो सकी, पुलिस जांच में भी देरी हुई. इसी के आधार पर अब पूरे प्रदेश में एक समान नियम लागू करने का फैसला लिया गया है.

सराफा एसोसिएशन ने यह भी तय किया है कि दुकानों में अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए जाएंगे. हाई-रेजोल्यूशन सीसीटीवी कैमरे, अलार्म सिस्टम और अन्य आधुनिक सुरक्षा उपकरण लगाने पर जोर दिया जा रहा है. इसके साथ ही खरीदारी के दौरान पैन कार्ड, आधार कार्ड को अनिवार्य करने की दिशा में भी विचार किया जा रहा है.

कमल सोनी ने बताया कि इस फैसले को लेकर पुलिस प्रशासन का भी सहयोग मिल रहा है. कई बार पुलिस और प्रशासन की ओर से ही व्यापारियों को सुरक्षा मजबूत करने की सलाह दी गई है. सराफा एसोसिएशन ने सरकार और पुलिस से यह भी मांग की है कि नवापारा लूटकांड के आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए और व्यापारियों को पर्याप्त सुरक्षा दी जाए. सराफा व्यापारियों का कहना है कि सुरक्षा होगी, तभी व्यापार होगा. एसोसिएशन का मानना है कि यह फैसला भले ही सख्त लगे, लेकिन मौजूदा हालात में यह बेहद जरूरी है.

BIHAR : सेक्सुअल एसॉल्ट के बाद नीट छात्रा की मौत, परिवार का आरोप 15 लाख में केस दबाने की कोशिश

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पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में रहकर नीट की तैयारी कर रही एक छात्रा की संदिग्ध हालात में मौत हो गई. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत से पहले यौन उत्पीड़न की आशंका जताई गई है. परिजनों ने हॉस्टल संचालक, अस्पताल और पुलिस पर मिलीभगत के आरोप लगाए हैं और हाईकोर्ट जाने की बात कही है.

पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट की तैयारी कर रही एक छात्रा की मौत के मामले ने पूरे बिहार में आक्रोश पैदा कर दिया है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद यह साफ हो गया है कि मौत से पहले छात्रा के साथ सेक्सुअल एसॉल्ट की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है. रिपोर्ट में छात्रा के शरीर पर कई जगह चोट के निशान पाए गए हैं.मृतका के पिता का कहना है कि उनकी बेटी एम्स की डॉक्टर बनना चाहती थी. आज उसी बेटी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट एम्स भेजी गई है. उन्होंने सरकार के सुशासन के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह कैसी व्यवस्था है जहां बेटियों के साथ दरिंदगी होती है और फिर उन्हें मौत के घाट उतार दिया जाता है.

इस मामले की पड़ताल के लिए टीम बिहार के जहानाबाद जिले में पीड़ित परिवार के गांव पहुंची. छात्रा की मौत के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है. घर में परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है और मां की तबीयत बार बार बिगड़ रही है. मृतका के चाचा ने हॉस्टल संचालक पर सेक्स रैकेट चलाने का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि पुलिस प्रशासन और अस्पताल इस मामले को दबाने की कोशिश कर रहे थे. चाचा ने यह भी कहा कि अगर अपराधी उन्हें सौंप दिया जाए तो वे उसे तालिबानी सजा देंगे.

मृतका के मामा ने बताया कि परिवार को केस रफा दफा करने के लिए 15 लाख रुपये तक का ऑफर दिया गया. उन्होंने आरोप लगाया कि इलाज के दौरान छात्रा होश में थी और अपनी मां से कुछ कहना चाहती थी, लेकिन डॉक्टरों ने उसे बेहोशी की दवा देकर चुप करा दिया. छात्रा के पिता ने कहा कि यह लड़ाई सिर्फ उनकी बेटी की नहीं है. वे हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर करेंगे और अपराधी को फांसी की सजा दिलाने तक पीछे नहीं हटेंगे.

ENTERTAINMENT : बॉर्डर 2 में सनी देओल का बेटा बनेगा ये एक्टर, झेले कई रिजेक्शन, म‍िलेगी पहचान?

बॉर्डर 2 का लोगों में क्रेज बना हुआ है. फिल्म 23 जनवरी को रिलीज होगी. मूवी में गुनीत संधू, सनी देओल के ऑनस्क्रीन बेटे का किरदार निभा रहे हैं. ये उनके करियर के लिए बड़ा मौका है. उन्होंने मुंबई में अपनी मेहनत और जुनून के जरिए इस मुकाम को हासिल किया है.

23 जनवरी को सिनेमाघरों में धमाका होने वाला है. सनी दओल, दिलजीत दोसांझ, वरुण धवन स्टारर फिल्म बॉर्डर 2 बड़े पर्दे पर दस्तक देगी. 28 साल बाद बॉर्डर का सीक्वल देखने को मिलेगा. इसके गाने ‘संदेशे आते हैं’ और ‘ऐ जाते हुए लम्हें’ सुनकर फैंस पहले से नोस्टालजिया फील कर रहे हैं. गुरुवार को देशभक्ति के जज्बे और इमोशंस से सराबोर मूवी का ट्रेलर रिलीज हुआ.इसमें सनी की ललकार देख रोंगटे खड़े होते हैं. फिल्म के पुराने-नए हर किरदार की चर्चा हो रही है. मूवी में एक कैरेक्टर ऐसा भी है जिससे अभी कम लोग वाकिफ हैं. वो कैरेक्टर है सनी देओल के ऑनस्क्रीन बेटे का. मूवी में सनी की पत्नी का रोल मोना सिंह ने प्ले किया है. दोनों का एक बेटा है, वो भी सेना में भर्ती है. किरदार का नाम है अंगद सिंह कलेर.

सनी के रील बेटे का रोल मूवी में गुनीत संधू ने प्ले किया है. कम ही लोग उनके बारे में जानते हैं. इंडस्ट्री में उनका काम अभी हाईलाइट नहीं हुआ है. वो छोटे मोटे रोल और ऐड्स में दिखे हैं. बॉर्डर उनके करियर की बड़ी फिल्म होने वाली है. इस रिपोर्ट में जानते हैं कैसे गुनीत का इंडस्ट्री में करियर शुरू हुआ.

सनी देओल की बॉर्डर और गदर जैसी फिल्मों को देखकर बड़े हुए गुनीत के लिए उनके साथ काम करना ट्रीट से कम नहीं था. सेट पर गुनीत ने सबके साथ अच्छा टाइम बिताया. सीनियर एक्टर्स से गुनीत को काफी कुछ सीखने को मिला. मीडियम को दिए इंटरव्यू में गुनीत ने अपने सफर के बारे में बताते हुए कहा कि 16 की उम्र में 10वीं पास करने के बाद वो आगे की पढ़ाई के लिए मुंबई गए.

वहां उनके सपनों को उड़ान मिली. मायानगरी ने उन्हें इमोशनली, प्रोफेशनली और क्रिएटिवली टेस्ट किया. सालों की मेहनत, एक्टिंग वर्कशॉप, ऑडिशंस, रिजेक्शन और कुछ करने की उम्मीद ने उन्हें अपनी मंजिल तक पहुंचाया. एक्टर ने कहा कि उन्होंने हर चीज के लिए ऑडिशन दिया था. उन्हें विज्ञापनों के जरिए इंडस्ट्री में पहला ब्रेक मिला.

एक ब्रैंड कैंपेन में उन्होंने शाहरुख खान संग काम किया था. करीब 4 साल तक वो ऐड्स करने में बिजी रहे. उनका लाइफ सर्कल बस इसी डायरेक्शन में चल रहा था. वो कुछ नया करना चाहते थे. उसी फेज में उन्होंने बॉर्डर 2 के लिए ऑडिशन दिया. इतने बड़े प्रोजेक्ट में काम मिलना उनके लिए सपने जैसा था. फिल्म के लिए कंफर्म होने के बाद उन्होंने अपने पापा को फोन कर गुडन्यूज दी. बेटे को मिले अवसर ने पिता की आंखें नम कर दी थीं.

बॉर्डर 2 से पहले उन्होंने अभिषेक बच्चन की फिल्म घूमर में काम किया था. फिल्म में शायद ही किसी ने उन्हें नोटिस किया होगा. वो वेब शो ‘जब वी मैच्ड’ में भी दिखे थे. गुनीत के इंस्टा पर 9,445 फॉलोअर्स हैं. फैंस को उम्मीद है बॉर्डर 2 उनके करियर को बुलंदियों पर पहुंचाएगी. बॉर्डर 2 फिल्म को अनुराग सिंह ने बनाया है. एक्शन वॉर ड्रामा को जेपी दत्ता, भूषण कुमार ने प्रोड्यूस किया है. फिल्म में मेधा राणा, अहान शेट्टी, मोना सिंह, आन्या सिंह, सोनम बाजवा को भी देखा जाएगा.

ENTERTAINMENT : फरहाना भट्ट ने अमाल मलिक की उड़ाई खिल्ली, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो को देख फूटा लोगों का गुस्सा

बिग बॉस 19 की कंटेस्टेंट फरहाना भट्ट ने कुछ दिनों पहले अमाल मलिक को अपना दोस्त बताया था. अब वो उन्हीं का मजाक उड़ा हुई नजर आई. ये बात अमाल के फैंस को बिल्कुल भी हजम नहीं हुई.बिग बॉस 19 को खत्म हुए काफी दिन हो चुका है. लेकिन, फरहाना भट्ट अब भी लाइमलाइट में छाई हुई हैं, इसके पीछे की वजह है उनका बड़बोलापन. वो बिना कुछ सोचे और समझे कुछ भी कह देती हैं. बता दें बीते दिनों अमाल मलिक के संग फरहाना की दोस्ती हो गई थी.

लेकिन, अब फिर से फरहाना की दोस्ती पर सवाल उठने लगे हैं. दऱअसल, सुबह से ही सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसकी वजह से अमाल मलिक चर्चा में आ गए हैं. दरअसल, एक इवेंट में फरहाना बात कर रही थीं, इसी बीच किसी ने चिल्लाकर कहा,’फरहाना, अमाल मलिक तू है कौन!’इतना सुनते ही फरहाना हंस पड़ीं.

फरहाना की इस हरकत को देख लोगों का गुस्सा फूट गया.सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि कुछ दिनों पहले तो फरहाना ने अमाल को अपना दोस्त बताया था और अब उन्हीं पर हंस रही हैं.इतना ही नहीं फरहाना की दो तरफा पर्सनैलिटी पर भी लोग सवाल उठा रहे हैं.

वहीं, फरहाना ने कहा कि सीजन खत्म होने के बाद वो सलमान खान से नहीं मिलीं और उनसे किसी तरह की बातचीत भी नहीं की है.फरहाना ने कहा,’कोई मुलाकात नहीं हुआ.उन्होंने ग्रैंड फिनाले में विनर को घोषित किया उसके बाद आज तक उनसे कोई बात नहीं हुआ कभी.’फरहाना से जब पूछा गया कि क्या वो सलमान खान से मिलना चाहेंगी.

इस पर फरहाना ने कहा कि अगर वो मिलना चाहें भी तो वो उनसे नहीं मिलेंगे. फरहाना ने कहा,’पूरे सीजन में वो मुझसे नाराज रहे हैं, तो शायद उन्हें मेरी पर्सनैलिटी अच्छी नहीं लगी.वैसे भी फरहाना भट्ट कभी गलत नहीं हो सकती, पर शायद उन्हें मेरी काफी चीजें बुरी लगती होंगी.’आपको बता दें बिग बॉस 19 के विनर गौरव खन्ना बने थे. वहीं, फरहाना भट्ट और प्रणित मोरे पहले और दूसरे रनरअप रहे, जबकि तान्या मित्तल और अमाल मलिक ने टॉप 5 में अपनी जगह बना ली थी.

NATIONAL : अट्रैक्ट करने वाली तस्वीरें और प्राइवेट वीडियो… पत्नी के साथ मिलकर बिजनेसमैन चलाने लगा सेक्स रैकेट

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तेलंगाना के करीमनगर से सनसनीखेज मामला सामने आया है. पुलिस ने पति-पत्नी को सेक्स रैकेट चलाने के मामले में अरेस्ट किया है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ये दोनों सोशल मीडिया के जरिए पुरुषों को अट्रैक्टर करते थे, घर बुलाकर प्राइवेट वीडियो बना लेते थे. इसके बाद उनसे पैसों की वसूली की जाती थी.

तेलंगाना के करीमनगर से सनसनीखेज कहानी सामने आई है. यहां पति-पत्नी सेक्स रैकेट चलाने और लोगों से लाखों रुपये की उगाही करने के मामले में पकड़े गए हैं. पुलिस ने मांचेरियल जिले के रहने वाले इस कपल को अरेस्ट कर लिया है, जो फिलहाल करीमनगर में रह रहा था. इस कपल के दो बच्चे भी हैं. पुलिस का कहना है कि दोनों ने आर्थिक तंगी से उबरने के लिए यह अवैध रास्ता अपनाया.

पुलिस की जांच में सामने आया है कि पति-पत्नी का मार्बल का बिजनेस था, जिसमें उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा. इसके अलावा, उन्होंने एक प्लॉट भी खरीदा था, जिसकी वे ईएमआई नहीं चुका पाए. लगातार बढ़ते कर्ज और आर्थिक दबाव के चलते दोनों ने गलत रास्ता चुन लिया.पुलिस का कहना है कि महिला सोशल मीडिया पर तस्वीरें पोस्ट कर पुरुषों को अट्रैक्ट करती थी. वह अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर तस्वीरों के साथ कंटेंट शेयर करती थी, जिससे कई लोग अट्रैक्ट हो जाते थे. इसके बाद पुरुषों को करीमनगर स्थित अपने घर बुलाती थी.

आरोप है कि घर बुलाने के बाद कपल उन लोगों के साथ प्राइवेट वीडियो रिकॉर्ड कर लेते थे. बाद में इन्हीं वीडियो के जरिए पीड़ितों से पैसे वसूले जाते थे. पुलिस का कहना है कि वीडियो वायरल करने की धमकी देकर लोगों से मोटी रकम वसूली जाती थी. कई पीड़ित डर के चलते चुप रहे और पैसे देते रहे.

जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले तीन वर्षों में इस कपल ने कथित तौर पर 100 से ज्यादा लोगों से बड़ी रकम वसूली. उगाही की रकम लाखों रुपये में है. एक मामले में आरोप है कि कपल ने एक बिजनेसमैन को से 13 लाख रुपये वसूले और बाद में उससे 5 लाख रुपये और मांगे.इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ, जब उस बिजनेसमैन ने हिम्मत जुटाकर पुलिस से मामले की शिकायत की. शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने केस दर्ज किया और कार्रवाई करते हुए पति-पत्नी को पकड़ लिया. पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आई हैं. पुलिस का कहना है कि कपल के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर जांच की जा रही है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस रैकेट में और कौन-कौन लोग शामिल थे.

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