Friday, May 1, 2026
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SPORTS : रोहित शर्मा ने बनाया छक्कों का ‘महारिकॉर्ड’, SENA देशों में ऐसा करने वाले बने पहले एशियाई बल्लेबाज

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रोहित शर्मा ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एडिलेड वनडे में 73 रनों की शानदार पारी खेली, जिसमें हिटमैन ने 7 चौके और 2 छक्के लगाए. ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे वनडे में दो छक्के लगाने के साथ ही रोहित शर्मा ने छक्कों का महारिकॉर्ड बना दिया. रोहित SENA देशों (साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया) में 150 छक्के लगाने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए. वहीं एशिया के भी किसी क्रिकेटर ने आज तक ये मुकाम हासिल नहीं किया है.

हिटमैन ने जड़ दिए 150 छक्के
रोहित शर्मा ने SENA देशों में 150 छक्के जड़कर एक बड़ा रिकॉर्ड कायम किया है. भारत के पावर हिटर और पूर्व बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग भी ऐसा नहीं कर पाए. रोहित शर्मा से पहले भारत तो क्या, एशिया का कोई भी खिलाड़ी साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया में मिलाकर 150 छक्के नहीं लगा पाया है.

भारत के स्टार बल्लेबाज रोहित शर्मा ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले वनडे में 8 रन बनाकर आउट हो गए थे. रोहित के साथ ओपनिंग पर आए कप्तान शुभमन गिल और उसके बाद विराट कोहली के आउट होते ही रोहित ने पारी को संभाला. भारत के स्कोर को आगे बढ़ाने में उपकप्तान श्रेयस अय्यर ने रोहित का साथ निभाया. रोहित ने एडिलेड वनडे में 97 गेंदों में 73 रनों पारी खेली.

रोहित शर्मा ने पूरे किए 1000 रन
एडिलेड वनडे में रोहित शर्मा ने एक और बड़ा रिकॉर्ड बनाया. रोहित ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ऑस्ट्रेलिया में ही 1000 रन बनाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं. सचिन तेंदुलकर से लेकर विराट कोहली तक कोई भी भारतीय खिलाड़ी अब तक ऐसा नहीं कर पाया है. रोहित ने एडिलेड वनडे में 2 रन बनाते ही ये रिकॉर्ड अपने नाम किया.

BUSINESS : 1 नवंबर 2025 से बदल जाएंगे बैंक के कई नियम, जान लें वरना होगा भारी नुकसान

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 वित्त मंत्रालय की ओर से देश की बैंकिंग सेवा क्षेत्रों में अहम बदलाव किए जा रहे हैं. मंत्रालय की ओर से बैंकिंग कानून अधिनियम, 2025 के तहत नए नियम लागू करने की घोषणा की गई है. नए नियम 1 नवंबर 2025 से लागू हो जाएंगे.

जिसका सीधा असर भारत के करोड़ों बैंक उपभोक्ताओं पर होगा. सरकार की ओर से जानकारी दी गई है कि, नए कानून से ग्राहकों का अपने पैसे और संपत्ति पर ज्यादा नियंत्रण होगा. साथ ही, ग्राहकों के लिए बैंकिंग सेवा को और अधिक लचीला बनाया गया है. जिससे उन्हें फायदा पहुंचेगा और वे पहले की तुलना में आसानी से सेवाओं का लाभ ले पाएंगे. 

1 नवंबर से हो रहे बदलाव

  • 1 नवंबर से आप अपनी जमा राशि पर 4 लोगों के नाम रख सकते हैं. साथ ही आपको यह तय करने की सुविधा भी मिलेगी कि हर किसी को कितना हिस्सा मिलेगा, जैसे किसी को 70 प्रतिशत, किसी को 20 प्रतिशत और बाकी दो लोगों को 5-5 प्रतिशत. इससे सब कुछ साफ होगा और बाद में किसी भी तरह के विवाद होने की संभावना कम हो जाएगी.
  • 1 नवंबर से लॉकर और बैंक में रखी गई वस्तुओं के लिए अब से केवल क्रमिक नामांकन (Sequential Nomination) की अनुमति होगी. यानी कि पहले नामांकित व्यक्ति की मृत्यु के बाद ही दूसरे नंबर का व्यक्ति लॉकर को एक्सेस कर पाएगा. 
  • 1 नवंबर से आप अपने बैंक खातों के लिए 4 नॉमिनी रख सकते है. इससे पहले केवल 1 या 2 नॉमिनी की अनुमति मिलती थी. यानि कि, आप अपने बैंक खाते में 4 लोगों को नामांकित कर पाएंगे. जिससे भविष्य में क्लेम प्रोसेस आसान हो जाएगा और बड़ी आसानी से आपके परिजनों को आपका पैसा मिल सकेगा. 

क्या है वित्त मंत्रालय का कहना?

वित्त मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि, इन नए बदलावों से बैंकिंग सिस्टम में ट्रांसपेरेंसी बढ़ेगी और क्लेम प्रोसेस आसान हो जाएगा. साथ ही बैंक जमाकर्ताओं का अपनी जमा पूंजी पर पहले से ज्यादा नियंत्रण होगा. 

ENTERTAINMENT : अनुपमा’ ने आगे ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ ने तोड़ा दम, Bigg Boss 19 की बढ़ी रेटिंग, लेकिन टॉप 10 से बाहर

टीवी सीरियल्स को पसंद करने वाले दर्शकों का इंतजार खत्म हो चुका है. क्योंकि 41वें हफ्ते की टीआरपी सामने आ चुकी है. नए शोज और पुराने शोज दोनों ने ही टीआरपी चार्ज में अपना दबदबा बना रखा है. वहीं, ‘बिग बॉस 19’ और ‘पति पत्नी और पंगा’ की रेटिंग में इजाफा देखने को मिला है. चलिए जानते हैं कौन सा शो किस नंबर पर है.

अनुपमा है नंबर वन

रुपाली गांगुली का शो ‘अनुपमा’ पिछले कई हफ्ते से नंबर वन पर कायम है. इस हफ्ते भी शो को 2.3 रेटिंग के साथ नंवर 1 स्थान हासिल हुआ है. बता दें अनुपमा में आने वाले ट्विस्ट एंड टर्न दर्शकों को खूब पसंद आ रहे हैं. मेकर्स ने शो को टॉप पर बनाए रखने के लिए अपनी जान झोंक दी है.

वहीं, ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ इस बार भी टीआरपी लिस्ट में नंबर 2 पर है. इस शो को 2.2 रेटिंग मिली है. मेकर्स की तमाम कोशिशों के बाद भी अनुपमा को तुलसी पछाड़ नहीं पा रही हैं. हालांकि, स्मृति ईरानी के शो को काफी पसंद किया जा रहा है.

वहीं, इस बार भी पिछले हफ्ते की तरह ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ लिस्ट में तीसरे नंबर पर है. इस शो को 1.9 रेटिंग मिली है. बता दें ‘उड़ने की आशा: सपनों का सफर’ को भी 1.9 रेटिंग ही मिली है, लेकिन ये शो लिस्ट में नंबर चार पर है.

टॉप 10 में इन शोज ने बनाई जगह

‘तुम से तुम तक’ शो टॉप 5 में अपनी जगह बना पाने में एक बार फिर से कामयाब रही है. इस शो ने 1.7 रेटिंग के साथ पांचवें स्थान पर कब्जा किया है. ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ पिछले हफ्ते की तरह ही इस बार भी नंबर 6 पर है. इस शो को 1.7 रेटिंग मिली है. वहीं, नंबर 7 पर ‘उड़ने की आशा’ ने 1.7 रेटिंग केसाथ अपनी जगह बनाई है और ‘वसुधा’ 1.5 रेटिंग के साथ नंबर आठ पर है.

‘गंगा माई की बेटियां’ एक दम नया शो है फिर भी पिछले बार की तरह इस बार भी टॉप 10 में है. इस शो ने 1.4 रेटिंग के साथ नंबर 9 पर अपनी जगह बनाई है. 10वें नंबर पर 1.4 रेटिंग के साथ ‘धमाल विद पति पत्नी और पंगा’ ने अपनी जगह बनाई है. 11वें नंबर पर 1.4 रेटिंग के साथ ‘मंगल लक्ष्मी’ शो है, जबकि 1.3 रेटिंग के साथ बिग बॉस 12वें नंबर पर है.

NATIONAL : बिहार चुनाव: 35 सालों से कुम्हरार में जीत रही BJP, इस बार नया उम्मीदवार, जान लीजिए समीकरण

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बिहार की राजधानी पटना स्थित कुम्हरार विधानसभा क्षेत्र ऐसी सीट है जो चुनावी मैदान नहीं, बल्कि उस गौरवशाली मगध साम्राज्य की आत्मा है, जहां से भारत का सबसे बड़ा साम्राज्य शुरू हुआ था. पहले इस विधानसभा सीट को ‘पटना सेंट्रल’ के नाम से जाना जाता था, जिसकी स्थापना 1977 में हुई थी. बीजेपी ने अरुण कुमार सिन्हा की जगह इस बार (2025) संजय गुप्ता को उम्मीदवार बनाया है. वहीं कांग्रेस ने इस सीट से इंद्रदीप कुमार चंद्रवंशी को उम्मीदवार बनाया है. 

कुम्हरार विधानसभा सीट के बारे में जानिए

2008 के परिसीमन के बाद इसका नाम बदलकर कुम्हरार कर दिया गया. यह पटना नगर निगम के आठ वार्ड और पटना ग्रामीण ब्लॉक के एक क्षेत्र को मिलाकर बना है और यह पूरी तरह शहरी क्षेत्र में आता है. पटना सेंट्रल (अब कुम्हरार) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए एक ऐसी शक्ति है, जिसे जीतना विपक्ष के लिए लगभग असंभव रहा है. यहां बीजेपी ने पहली बार 1980 में जीत दर्ज की और केवल 1985 के चुनाव को छोड़कर, जब कांग्रेस से हार का सामना किया, तब से यह सीट लगातार बीजेपी के पास है.

इस किले को बीजेपी के कद्दावर नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने सबसे पहले मजबूती दी. उन्होंने 1990 से 2000 तक, यानी लगातार तीन बार, पटना सेंट्रल से जीत हासिल की. उनके बाद, अरुण कुमार सिन्हा ने इस सीट पर अपनी पकड़ मजबूत की और लगातार पांच बार विधायक चुने गए हैं.

पिछले 35 वर्षों से यह सीट बीजेपी के लिए एकतरफा मुकाबला बनी हुई है. 2020 के विधानसभा चुनाव में भी बीजेपी के अरुण कुमार सिन्हा ने राष्‍ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के धर्मेंद्र कुमार को बड़े अंतर से मात दी थी. अरुण कुमार सिन्हा को 81,400 वोट मिले, जबकि धर्मेंद्र कुमार को 54,937 वोट हासिल हुए.

बीजेपी की जीत का अंतर भी उल्लेखनीय रहा है. 2010 में 67,808 वोटों से, 2015 में 37,275 और 2020 में 26,463 मतों से जीत मिली थी. इसी तरह लोकसभा चुनावों में भी बीजेपी ने कुम्हरार में 2014 में 64,033, 2019 में 62,959 और 2024 में 47,149 मतों की बढ़त हासिल की है. यह सीट पटना साहिब लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आती है.

कायस्थ वोट जीत में निर्णायक साबित

दशकों से, कायस्थ वोट बैंक ही भाजपा की जीत में निर्णायक साबित हुआ है. कायस्थों के अलावा, यहां भूमिहार और अति पिछड़ा वर्ग के वोट भी काफी ज्यादा संख्या में हैं. जातियों की बात करें तो यादव, राजपूत, कोयरी, कुर्मी, ब्राह्मण और मुस्लिम वोटर भी इस विधानसभा सीट में अपनी मौजूदगी दर्ज कराते हैं. 2020 के आंकड़ों के अनुसार, अनुसूचित जाति के मतदाता 7.21 प्रतिशत और मुस्लिम मतदाता 11.6 प्रतिशत थे. अब तक विपक्ष इस सीट पर जगह बनाने में नाकाम रहा है. 

यह वह पवित्र भूमि है, जहां कभी शक्तिशाली पाटलिपुत्र नगरी बसी थी, जिसने सदियों तक पूरे उपमहाद्वीप पर शासन किया. राजा बिंबिसार के पुत्र अजातशत्रु ने जब राजधानी को राजगीर से यहां स्थानांतरित किया, तब से लेकर चाणक्य के मार्गदर्शन में चंद्रगुप्त मौर्य द्वारा मौर्य साम्राज्य की नींव रखने तक, पाटलिपुत्र सत्ता का केंद्र रहा. बाद में, सम्राट अशोक की राजधानी भी यही बनी, जिनका साम्राज्य अफगानिस्तान से लेकर बांग्लादेश तक फैला था.

BUSINESS : IRCTC पर नहीं दिख रहा No Food ऑप्शन, क्या टिकट के साथ खाना भी बुक करना जरूरी?

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IRCTC No-Food Option: इंटरनेट पर लोग दावा कर रहे हैं कि IRCTC की वेबसाइट से टिकट बुक करते वक्त अब नो फुड का ऑप्शन नहीं मिल रहा है. यानी अब रेलवे जबरदस्ती यात्रियों को भोजन देना चाह रहा है. आइए जानते हैं इस दावे में कितना सच है और आप No-Food का ऑप्शन कैसे सेलेक्ट कर सकते हैं?

कुछ लोग इंटरनेट पर शिकायत कर रहे हैं कि IRCTC की वेबसाइट से अब टिकट के साथ यात्रियों को खाना भी जबरदस्ती बुक करना पड़ रहा है. लोग कह रहे हैं कि जहां पहले IRCTC टिकट बुक करते वक्त No-Food का ऑप्शन देता था अब यह ऑप्शन लोगों को नहीं मिल रहा है. आइए जानते हैं आप इस No-Food के ऑप्शन को आप कैसे चुन सकते है.

क्या है इस दावे की सच्चाई?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर Thellantop ने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें बताया गया है कि कई लोग इंटरनेट पर दावा कर रहे हैं कि IRCTC की वेबसाइट या ऐप से टिकट बुक करने पर No-Food का ऑप्शन नजर नहीं आ रहा है. इस दावे की सच्चाई को वीडियो में बताया गया है.

क्या जबरदस्ती दिया जाएगा रेल यात्रियों को भोजन?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर शेयर की गई वीडियो में Thellantop ने बताया है कि सच में यह ऑप्शन अब पहले वाले स्थान पर नहीं मिल रहा है. इसी वजह से लोग परेशान हो रहे हैं. बता दें, रेलवे ने इंटरफेस में बदलाव कर दिया है. इसी कारण कई यूजर्स को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. अब यह No-Food का ऑप्शन वेबसाइट पर अलग जगह पर (नीचे की ओर) दिया गया है. यह बदलाव IRCTC की ऐप पर भी देखा जा सकता है.

जहां खाने के बाकी विकल्पों के साथ पहले यह No-Food का ऑप्शन सिलेक्ट करने को मिल जाता था, अब यह ऑप्शन वहां से हटाकर नीचे की ओर शिफ्ट कर दिया गया है. आपको अब से टिकट बुक करते वक्त सावधानी रखनी पड़ सकती है, अगर आप जल्दबाजी में टिकट बुक करते हैं तो आपको टिकट के साथ भोजन के भी पैसे देने पड़ सकते हैं.

NATIONAL : पति ने भैया दूज पर मायके जाने से रोका तो भड़की पत्नी, 9 साल के बेटे संग पी लिया जहर, दोनों ने तोड़ा दम

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शाहजहांपुर के नारायणपुर गंगा गांव में भैया दूज पर मायके जाने को लेकर हुए झगड़े के बाद पत्नी आरती ने खौफनाक कदम उठाया. पति के मना करने पर आरती ने 9 वर्षीय बेटे प्रतीक को कीटनाशक पिला दिया और खुद भी पी लिया, जिससे दोनों की उपचार के दौरान मौत हो गई. इस हृदय विदारक घटना से इलाके में सनसनी फैल गई है.

यूपी के शाहजहांपुर में भैया दूज पर मायके जाने को लेकर हुए झगड़े के बाद एक हृदय विदारक घटना सामने आई है. पति के मना करने पर पत्नी आरती ने अपने 9 वर्षीय बेटे प्रतीक को कीटनाशक पिला दिया और फिर खुद भी पी लिया, जिससे दोनों की उपचार के दौरान मौत हो गई.

दरअसल, बंडा थाना क्षेत्र के नारायणपुर गंगा गांव निवासी पंकज और आरती के बीच भैया दूज पर मायके जाने की जिद को लेकर झगड़ा हुआ था. इसी बात से नाराज होकर आरती ने यह खौफनाक कदम उठा लिया. कीटनाशक पीने के बाद परिजन आनन-फानन में दोनों को बंडा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर गए, लेकिन इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई. इस हृदय विदारक घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है.

एसपी ग्रामीण, दीक्षा भवरे ने बताया कि बंडा थाना में नारायणपुर गंगा गांव में आरती और उनके बेटे प्रतीक की जहर की वजह से मौत की सूचना मिली थी. पुलिस ने संज्ञान लिया तो पता चला कि रात में जहर खाने के कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था और आज उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई.

फिलहाल, पुलिस ने दोनों मां-बेटे के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. प्रारंभिक जांच में पति-पत्नी के बीच झगड़े की बात सामने आई है. पुलिस पूरे मामले की तहकीकात कर रही है और फॉरेंसिक टीम साक्ष्य एकत्र कर रही है.

NATIONAL : रामलला के दर्शन और आरती का समय बदला, नई दिनचर्या को लेकर राम मंदिर का शेड्यूल जारी

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Ayodhya News: शीतकालीन के लिए नया शेड्यूल लागू किया है, ताकि ठंड के मौसम में भक्तों को दर्शन में असुविधा न हो. सुबह और रात के समय में बदलाव से श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए पर्याप्त समय मिल सकेगा.

उत्तर प्रदेश के अयोध्या में भगवान राम के दर्शन के लिए बदलते मौसम को देखते हुए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने अब भक्तों के लिए दर्शन का समय बदला है, साथ ही विभिन्न आरतियों का भी नया शेड्यूल जारी किया है.जिसमें प्रातः काल होने वाली मंगला आरती 4:30 बजे से 4:40 तक हो होगी. जबकि रामलला के दर्शन सुबह सात बजे शुरू होकर 11:45 तक हो सकेंगे.

दरसल राम मंदिर ट्रस्ट ने शीतकालीन सत्र के लिए नया शेड्यूल लागू किया है, ताकि ठंड के मौसम में भक्तों को दर्शन में असुविधा न हो. सुबह और रात के समय में बदलाव से श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए पर्याप्त समय मिल सकेगा. वहीं ट्रस्ट ने सभी भक्तों से अनुरोध किया है कि वे नए शेड्यूल का पालन करें और दर्शन के दौरान मंदिर के नियमों का सम्मान करें.

दर्शन के लिए समय सारिणी
अब रामलला की मंगला आरती होगी 4:30 बजे से 4:40 तक.
सुबह 6:30 होगी श्रंगार आरती और 7:00 शुरू हो जाएगा रामलला का दर्शन.
सुबह 9:00 बजे बंद होगा भगवान राम लला का पट बालभोग के लिए बंट.
5 मिनट बाद 9:05 पर खुलेगा भगवान राम लला का पट.
11:45 तक अनवरत चलेगा सुबह प्रथम बेला में रामलला का दर्शन.
11:45 से 12:00 तक भगवान के राजभोग के लिए बंद रहेगा राम मंदिर का कपाट.
रामलला का कपट 12:00 बजे होगी भोग आरती.
12:15 पर दर्शन का प्रवेश होगा प्रथम चेकिंग से बंद.
12:30 पर दर्शन पूर्ण रूप से कर दिया जाएगा राम मंदिर का कपाट श्रद्धालुओं के लिए बंद.
1:30 बजे तक भगवान राम लला का दर्शन रहेगा बंद.
शाम 7:45 पर भगवान राम लला के भोग के लिए कपट किया जाएगा बंद.
7:00 बजे होगी संध्या आरती शाम 7:00 बजे से 8:30 तक अनवर चलेगा दर्शन.
9:00 बजे रात्रि में राम लला के दर्शन के लिए प्रवेश होगा पूर्णतया बंद.
9:15 से 9:30 तक भगवान को लगाया जाएगा भोग.
9:30 से 9:45 तक होगी शयन आरती 9:45 रात्रि से सुबह 4:30 बजे तक के लिए बंद किया जाएगा राम मंदिर का पट.
इसलिए बदला गया शेड्यूल
राममंदिर ट्रस्ट ने ये फैसला आने वाले तीर्थ यात्रियों की सुगमता के लिए लिया है, ताकि दर्शन के साथ-साथ भक्त यात्री में भी समय पर शामिल हो सकेंगे.

NATIONAL : केदारनाथ मंदिर के कपाट शीतकाल के लिए बंद, 17.39 लाख श्रद्धालुओं ने किए बाबा केदार के दर्शन

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कपाट बंद होने से पूर्व भगवान केदारनाथ की पंचमुखी चल विग्रह डोली को मंदिर के सभामंडप में विराजमान किया गया था. प्रातः डोली को सभामंडप से बाहर लाया गया, मंदिर की परिक्रमा कराई गई.

भाई दूज के पावन अवसर पर आज गुरुवार (23 अक्तूबर) को भगवान केदारनाथ के कपाट वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक परंपराओं के बीच शीतकाल के लिए विधिवत बंद कर दिए गए. सुबह चार बजे से विशेष पूजा-अर्चना की प्रक्रिया आरंभ हुई, जिसके बाद सुबह 8:30 बजे कपाटों को श्रद्धा और आस्था के वातावरण में बंद किया गया. इस शुभ बेला में पूरी केदारघाटी हर हर महादेव और जय बाबा केदार के जयघोष से गूंज उठी.

कपाट बंद होने की इस पावन घड़ी में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी केदारनाथ धाम पहुंचे और बाबा केदारनाथ के दर्शन कर राज्य की सुख-समृद्धि की कामना की. उन्होंने कहा कि बाबा केदार की कृपा से उत्तराखंड निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ रहा है.

कपाट बंद होने से पूर्व बुधवार को भगवान केदारनाथ की पंचमुखी चल विग्रह डोली को मंदिर के सभामंडप में विराजमान किया गया था. आज प्रातः डोली को सभामंडप से बाहर लाया गया और मंदिर की परिक्रमा कराई गई. परिक्रमा के बाद मंत्रोच्चार और जयकारों के बीच कपाट बंद कर दिए गए. इसके बाद बाबा की डोली रात्रि प्रवास के लिए रामपुर के लिए रवाना हुई. अब अगले छह माह तक भगवान केदारनाथ की पूजा ऊखीमठ स्थित शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर में संपन्न होगी.

कपाट बंद होने के अवसर पर मंदिर को भव्य रूप से फूलों से सजाया गया था. श्रद्धालुओं ने इस दिव्य दृश्य के दर्शन किए और बाबा के चरणों में नमन किया. इस अवसर पर बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी, उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती, विजय कप्रवाण, केदारसभा के अध्यक्ष पंडित राजकुमार तिवारी, मंत्री पंडित अंकित प्रसाद सेमवाल, धर्माधिकारी ओंकार शुक्ला, पुजारी बागेश लिंग, आचार्य संजय तिवारी और अखिलेश शुक्ला सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे.

इस वर्ष केदारनाथ यात्रा अत्यंत सफल रही, यात्रा के दौरान कुल 17.39 लाख श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन कर पुण्य अर्जित किया. कपाट बंद होने की पूर्व संध्या तक भी पांच हजार से अधिक श्रद्धालु धाम पहुंचे थे. फिलहाल धाम में कड़ाके की ठंड शुरू हो चुकी है और बुधवार दोपहर बाद यहां घना कोहरा छा गया था, जिससे तीर्थयात्रियों को शाम ढलते ही अपने ठहराव स्थलों पर लौटना पड़ा. इसी क्रम में आज दोपहर 12:30 बजे मां यमुना के यमुनोत्री मंदिर के कपाट भी शीतकाल के लिए बंद किए जाएंगे. इसके बाद मां यमुना की उत्सव मूर्ति को पारंपरिक डोली में खरसाली गांव ले जाया जाएगा, जहां सर्दियों में उनकी पूजा-अर्चना होगी.

BUSINESS : भाई दूज के दिन सोने की कीमत में इजाफा, जानें आज 23 अक्टूबर को अपने शहर का ताजा भाव

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घरेलू फ्यूचर मार्केट में सोने की कीमतों में गुरुवार को तेजी देखने को मिल रही है. MCX पर 5 दिसंबर का एक्सपायरी वाला गोल्ड फ्यूचर वायदा 1,22,300 रुपए (प्रति 10 ग्राम) पर ओपन हुआ है.

घरेलू फ्यूचर मार्केट में सोने की कीमतों में गुरुवार को हल्की तेजी देखने को मिल रही है. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 5 दिसंबर का एक्सपायरी वाला गोल्ड फ्यूचर वायदा गुरुवार, 23 अक्टूबर को 1,22,300 रुपए (प्रति 10 ग्राम) पर ओपन हुआ. इसके आखिरी कारोबारी दिन एमसीएक्स पर सोना 1,21,857 रुपए पर ट्रेड करते हुए बंद हुआ था. जो कि सोने की कीमतों में 443 रुपए की उछाल को दिखाता है.

23 अक्टूबर सुबह 11:15 बजे, एमसीएक्स पर 5 दिसंबर का एक्सपायरी वाला गोल्ड 1,22,963 रुपए पर ट्रेड कर रहा था. जो कि पिछले दिन की बंद कीमत से लगभग 1000 रुपए की तेजी है. एमसीएक्स गोल्ड शुरुआती कारोबार में 1,23,074 रुपए के हाई लेवल पर पहुंचा था.

एमसीएक्स पर चांदी की कीमतों में भी तेजी देखी जा रही है. 23 अक्टूबर को 5 दिसंबर का एक्सपायरी वाला चांदी 1,47,799 रुपए पर ओपन हुआ. खबर लिखे जाने तक, चांदी 1,47,099 रुपए पर ट्रेड कर रहा था. सोने और चांदी की कीमतों में आई इस तेजी को भारत अमेरिकी व्यापार वार्ता से जोड़ कर देखा जा रहा है. उम्मीद जताई जा रही है कि, आने वाले कुछ दिनों में दोनों देशों के बीच व्यापार समझौता हो सकता है. जिससे अमेरिकी के भारी टैरिफ से राहत मिलने की उम्मीद है.

आपके शहर में सोने का भाव(गुड रिटर्न के अनुसार)

दिल्ली में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,26,030 रुपए
22 कैरेट – 1,14,800 रुपए
18 कैरेट – 94,560 रुपए

मुंबई में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,25,080 रुपए
22 कैरेट – 1,14,650 रुपए
18 कैरेट – 93,810 रुपए

चेन्नई में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,25,460 रुपए
22 कैरेट – 1,15,000 रुपए
18 कैरेट – 96,500 रुपए

कोलकाता में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,25,080 रुपए
22 कैरेट – 1,14,650 रुपए
18 कैरेट – 93,810 रुपए

अहमदाबाद में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,25,130 रुपए
22 कैरेट – 1,14,700 रुपए
18 कैरेट – 93,860 रुपए

लखनऊ में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम)

24 कैरेट – 1,26,030 रुपए
22 कैरेट – 1,14,800 रुपए
18 कैरेट – 94,560 रुपए

पिछले कुछ सालों में सोना ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है. यहीं कारण है कि, लोगों की सोने और चांदी में दिलचस्पी बनी रहती है. निवेशक सेफ निवेश विकल्प के तौर पर सोने और चांदी में निवेश करते हैं. चांदी की मांग तो पूरी दुनिया में तेजी से बढ़ी हैं. पिछले दिनों भारत में चांदी की कमी हो गई थी. मांग ज्यादा और सप्लाई कम होने से चांदी की कीमतें भी आसमान छू रही हैं.

NATIONAL : DRDO के ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम इंजीनियर आकाशदीप की लखनऊ में मौत, 6 महीने पहले हुई थी शादी

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लखनऊ DRDO में कार्यरत ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम इंजीनियर आकाशदीप गुप्ता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें लोकबंधु अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी मृत्यु हो गई. पुलिस ने हार्ट अटैक की आशंका जताई है, लेकिन मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगी. जांच जारी है.

राजधानी लखनऊ के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) में कार्यरत ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम इंजीनियर आकाशदीप गुप्ता की मंगलवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. अचानक तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने उन्हें लोकबंधु अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई.अस्पताल प्रशासन की सूचना पर आलमबाग पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस के मुताबिक, प्रथम दृष्टया मौत का कारण हार्ट अटैक माना जा रहा है, हालांकि वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी.

डीआरडीओ (DRDO) में ब्रह्मोस मिसाइल प्रोजेक्ट में सिस्टम इंजीनियर के पद पर कार्यरत आकाशदीप गुप्ता अपनी पत्नी भारती गुप्ता के साथ दिल्ली में रहते थे. लखनऊ के ओमनगर, आलमबाग के मूल निवासी आकाशदीप की पत्नी भारती दिल्ली में केनरा बैंक में कार्यरत हैं. दोनों की शादी इसी साल अप्रैल में हुई थी. दीपावली के अवसर पर यह दंपति दिल्ली से लखनऊ अपने पैतृक घर आए थे. आकाशदीप के पिता कुलदीप गुप्ता जनवरी में उत्तर प्रदेश होम गार्ड के विभाग से सेवानिवृत्त हुए हैं. परिवार में एक विवाहित बहन भी है.

इस पूरे मामले में आलमबाग इंस्पेक्टर सुभाष चंद्र ने बताया कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है. फिलहाल, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की असल वजह सामने आ पाएगी.

वहीं, आकाशदीप के पिता कुलदीप गुप्ता के मुताबिक, छुट्टी पर बेटा घर आया हुआ था. दिल्ली में उसकी पोस्टिंग थी. उन्होंने अच्छे से दिवाली मनाई. खेलने का शौकीन था. 22 अक्टूबर की शाम को आकाशदीप खेलने गया. रात में जब आया तो खाना खाने के बाद उसे थोड़ी दिक्कत सी महसूस हुई. इसके बाद उसे अस्पताल ले गए, जहां उसने दम तोड़ दिया.

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