Thursday, September 17, 2026
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BUSINESS : आज से बदला शेयर बाजार में ट्रेडिंग का समय, SEBI ने लागू किया नया नियम

निवेशकों के लिए आज से नया नियम लागू कर दिया है। इसके तहत सोमवार, 3 अगस्त से डेरिवेटिव्स ट्रेडिंग के समय में बदलाव किया गया है। अब निवेशकों को स्टॉक मार्केट के फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O trading hours Change) ट्रेडिंग के समय में बदलाव देखने को मिलेगा।

SEBI ने नया सिस्टम आज से क्यों लागू किया है?
मार्केट रेगुलेटर ने ट्रेडिंग का एक नया सिस्टम लागू किया है। इसका मकसद कीमतों का सही पता लगाने की प्रोसेस को ज्यादा मजबूत करना, मार्केट के काम करने के तरीके को बेहतर बनाना और भारत के शेयर मार्केट स्ट्रक्चर को ग्लोबल स्टैंडर्ड्स के अनुरूप बनाना है।

नए ढांचे की एक प्रमुख विशेषता इक्विटी कैश सेगमेंट में शेयरों के लिए क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) की शुरुआत है।

SEBI ने कहा कि इस कदम का उद्देश्य नीलामी तंत्र के माध्यम से क्लोजिंग प्राइस का निष्पक्ष और पारदर्शी निर्धारण सुनिश्चित करना है, साथ ही लिक्विडिटी और सेल और बाइंग सिस्टम में सुधार करना भी है।

आज से शेयर बाजार के बंद होने की नई टाइमिंग क्या होगी?
नए शेड्यूल के तहत, F&O स्टॉक्स (Stock market timings Change) में रेगुलर ट्रेडिंग दोपहर 3:15 बजे तक जारी रहेगी, जिसके बाद 3:20 बजे तक एक ट्रांजिशन पीरियड होगा।

इसके बाद 3:25 बजे से 3:30 बजे तक दूसरा ऑर्डर एंट्री फेज होगा, जिसके दौरान इन्वेस्टर्स को मार्केट ऑर्डर में बदलाव करने या उन्हें कैंसिल करने की इजाजत नहीं होगी।

ऑक्शन इस फेज के आखिरी दो मिनटों में खत्म हो जाएगा।ऑर्डर मैचिंग का काम दोपहर 3:30 बजे से 3:35 बजे के बीच होगा, जिसके बाद ऑक्शन की कीमत तय की जाएगीक्लोजिंग ऑक्शन सेशन से तय हुई कीमत ही सभी F&O स्टॉक्स के लिए आधिकारिक क्लोजिंग प्राइस मानी जाएगी।SEBI ने साफ किया है कि नॉन-F&O इक्विटी कैश स्टॉक्स के लिए ट्रेडिंग के समय में कोई बदलाव नहीं होगा और मार्केट दोपहर 3:30 बजे ही बंद होगा।रेगुलेटर ने इक्विटी डेरिवेटिव्स सेगमेंट में ट्रेडिंग का समय भी 10 मिनट बढ़ा दिया है। F&O सेगमेंट में ट्रेडिंग अब दोपहर 3:40 बजे तक चलेगी, जबकि बाकी सभी मार्केट सेगमेंट के लिए समय में कोई बदलाव नहीं होगा।

एक और अहम बदलाव प्री-ओपन सेशन से जुड़ा है। नए नियमों के तहत, ऑर्डर एंट्री विंडो सुबह 9:00 बजे से 9:07 बजे तक खुली रहेगी, और इसके बाद सुबह 9:07 बजे से 9:15 बजे तक ऑर्डर मैचिंग होगी। रेगुलर ट्रेडिंग सेशन सुबह 9:15 बजे शुरू होगा।

SEBI के इस बदलाव पर निखिल कामथ ने क्या कहा?
इस बदलाव का मकसद दो मुद्दों को हल करना है। जेरोधा के फाउंडर नितिन कामथ ने हाल ही में सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि इस कदम का मकसद स्टॉक की कीमतों में हेर-फेर को रोकना है। उन्होंने कहा कि इंडेक्स को ट्रैक करने वाले पैसिव फंड्स को क्लोजिंग प्राइस से मैच करने के लिए दिन के आखिर में बड़े ऑर्डर पूरे करने होते हैं, और चूंकि इन ऑर्डर्स से कीमतें बदल सकती हैं, इसलिए ट्रैकिंग एरर का रिस्क बढ़ जाता है।

दूसरी बात, उन्होंने देखा कि आखिरी कुछ मिनटों में दिए गए बड़े ऑर्डर, किसी स्टॉक की क्लोजिंग प्राइस और उन इंडेक्स पर काफी असर डाल सकते हैं जिनका वह हिस्सा है। उन्होंने कहा कि ऐसी चिंताएं रही हैं कि इसका इस्तेमाल इंडेक्स को खास क्लोजिंग लेवल तक ले जाने के लिए किया जा सकता है। चूंकि CAS सभी ऑर्डर को एक साथ लाता है और उन्हें एक ही कीमत पर मैच करता है, इसलिए क्लोजिंग प्राइस को प्रभावित करना मुश्किल हो जाता है।

NATIONAL : राजस्थान में आज 5 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, जयपुर-अजमेर में 2 इंच तक बरसात

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बीते 24 घंटे के दौरान जयपुर, अजमेर, सीकर, झुंझुनूं, बूंदी, कोटा और प्रतापगढ़ सहित कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। कई स्थानों पर एक से दो इंच तक पानी बरसा, जिससे मौसम सुहावना हो गया।बीते 24 घंटे के दौरान जयपुर, अजमेर, सीकर, झुंझुनूं, बूंदी, कोटा और प्रतापगढ़ सहित कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। कई स्थानों पर एक से दो इंच तक पानी बरसा, जिससे मौसम सुहावना हो गया।

राजस्थान में अगस्त की शुरुआत मानसून की तेज बारिश के साथ होने जा रही है। मौसम विभाग ने शुक्रवार को प्रदेश के 5 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि बाकी जिलों के लिए यलो अलर्ट लागू किया गया है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि शुक्रवार से अगले तीन दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी। इससे जहां लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं निचले इलाकों में जलभराव और नदी-नालों में पानी बढ़ने की आशंका भी बनी हुई है।

बीते 24 घंटे के दौरान जयपुर, अजमेर, सीकर, झुंझुनूं, बूंदी, कोटा और प्रतापगढ़ सहित कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। कई स्थानों पर एक से दो इंच तक पानी बरसा, जिससे मौसम सुहावना हो गया। कोटा और उदयपुर संभाग के कई इलाकों में तेज बारिश के चलते मौसम विभाग ने विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार, मानसून ट्रफ फिलहाल जैसलमेर, कोटा और रायसेन होते हुए छत्तीसगढ़ के ऊपर बने डीप-डिप्रेशन सिस्टम से होकर गुजर रही है। यह सिस्टम धीरे-धीरे पश्चिम दिशा की ओर बढ़ रहा है। इसी के प्रभाव से राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में 5 से 6 अगस्त तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान में हल्की से मध्यम और कई स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।

एक ओर पूर्वी जिलों में बारिश का सिलसिला जारी है, वहीं पश्चिमी राजस्थान में वेस्टर्न विंड्स के कारण गर्मी का असर बना हुआ है। जैसलमेर और बाड़मेर में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया। गुरुवार को जैसलमेर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 41.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बाड़मेर में 40.1, बीकानेर में 39.6, फलोदी में 38.8 और चूरू में 38.2 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ।

बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो अजमेर जिले के सरवाड़ में सबसे ज्यादा 45 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा सीकर के नीमकाथाना में 34 मिमी, रींगस में 29 मिमी और खंडेला में 27 मिमी बारिश हुई। प्रतापगढ़ के सुहागपुरा में 23 मिमी, पीपलखूंट में 18 मिमी, झुंझुनूं के खेतड़ी में 18 मिमी तथा कोटा के सांगोद में 20 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। इन इलाकों में खेतों और जलाशयों में पानी की अच्छी आवक हुई है।

राजधानी जयपुर में दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही। शहर में हल्की बारिश हुई, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में कई स्थानों पर अच्छी बरसात दर्ज की गई। जालसू में 43 मिमी, कालवाड़ में 34 मिमी, चौमूं में 25 मिमी, फागी में 21 मिमी, शाहपुरा और दूदू में 20-20 मिमी तथा जोबनेर में 14 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। जयपुर का अधिकतम तापमान 34.2 और न्यूनतम 26.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

कई जिलों में बदला मौसम का मिजाज
अलवर में बादलों की आवाजाही के कारण लोगों को तेज धूप से राहत मिली और अगले 24 घंटे में हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। सीकर में सुबह बादल छाए रहे, जबकि दोपहर बाद धूप निकलने से उमस बढ़ी, हालांकि अगस्त के पहले सप्ताह में सामान्य से अच्छी बारिश की उम्मीद है। कोटा में सावन के पहले दिन दोपहर में रिमझिम बारिश हुई, लेकिन बाद में धूप निकलने से उमस बढ़ गई। उदयपुर शहर में शाम के समय हल्की बारिश हुई, जिससे लोगों को कुछ राहत मिली। वहीं जोधपुर में बारिश नहीं होने से उमस बनी रही, हालांकि अगले छह दिनों तक यलो अलर्ट जारी किया गया है। अजमेर में सुबह बारिश के बाद धूप निकलने से उमस बढ़ी, लेकिन अगले 24 से 48 घंटे में मध्यम से तेज बारिश की संभावना मौसम विभाग ने जताई है।

लोगों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम विभाग ने भारी बारिश वाले जिलों के लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। विशेष रूप से नदी-नालों, पुल-पुलियों और जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवाजाही से बचने की सलाह दी गई है। यदि मौजूदा मौसम प्रणाली सक्रिय बनी रहती है तो अगस्त के पहले सप्ताह में राजस्थान के कई जिलों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है, जिससे मानसून और मजबूत होने की उम्मीद है।

CWG 2026: ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण जीतने पर चानू को मिल रही बधाइयां, राष्ट्रपति और पीएम ने सराहा

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भारत की स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू ने राष्ट्रमंडल खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता। मीराबाई की इस उपलब्धि पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उन्हें बधाई दी है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय स्टार भारोत्तोलक मीराबाई चानू को बधाई दी। पीएम मोदी ने कहा कि चानू ने भारतीय भारोत्तोलन के इतिहास में एक और स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है। प्रधानमंत्री ने पुरुष भारोत्तोलक ऋषिकांता सिंह को भी रजत पदक जीतने पर शुभकामनाएं दीं।

मीराबाई ने लगातार तीसरी बार स्वर्ण जीता
मीराबाई ने महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए एक बार फिर साबित कर दिया कि भारतीय भारोत्तोलन में उनका दबदबा बरकरार है। ओलंपिक रजत पदक विजेता मीराबाई ने स्नैच में राष्ट्रमंडल और राष्ट्रमंडल खेलों के रिकॉर्ड तोड़े, जबकि क्लीन एंव जर्क और कुल वजन में भी नए खेल रिकॉर्ड स्थापित कर भारतीय भारोत्तोलन की महानतम खिलाड़ियों में अपनी पहचान और मजबूत कर ली। मीराबाई चानू ने राष्ट्रमंडल खेलों में लगातार तीसरी बार स्वर्ण पदक जीता है।

राष्ट्रपति ने चानू को बधाई देते हुए एक्स पर लिखा, कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में महिलाओं के 48 किलोग्राम भारोत्तोलन इवेंट में भारत के लिए पहला गोल्ड मेडल जीतने पर मीराबाई चानू को हार्दिक बधाई। कॉमनवेल्थ गेम्स में लगातार गोल्ड मेडल जीतकर उन्होंने अद्भुत साहस, दृढ़ संकल्प और बेहतरीन प्रदर्शन का परिचय दिया है। उनकी यह शानदार उपलब्धि देश भर के युवा खिलाड़ियों को प्रेरित करती है। मैं उनके भविष्य के प्रयासों में उनकी निरंतर सफलता की कामना करती हूं।

प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, भारतीय भारोत्तोलन के इतिहास में एक और गौरवशाली अध्याय! प्रतिभाशाली मीराबाई चानू ने 48 किलोग्राम वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए एक बार फिर राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीता। लगातार राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक और कुल मिलाकर चौथा राष्ट्रमंडल पदक जीतने वाली मीराबाई देश के हर नागरिक के लिए प्रेरणा हैं। उन्हें हार्दिक बधाई। उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए मेरी शुभकामनाएं।

रक्षा मंत्री और खेल मंत्री ने भी दी बधाई
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी मीराबाई को बधाई देते हुए कहा कि यह ऐतिहासिक स्वर्ण वर्षों की अथक मेहनत और समर्पण का परिणाम है। उन्होंने एक्स पर लिखा, ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारोत्तोलन में स्वर्ण पदक जीतने पर मीराबाई चानू को हार्दिक बधाई। उनका अटूट संकल्प और उत्कृष्टता हासिल करने का निरंतर प्रयास देश के लिए गौरव का विषय है। यह शानदार उपलब्धि धैर्य, समर्पण और कठिन परिश्रम की उस भावना को दर्शाती है जो देश के लाखों युवाओं को प्रेरित करती है। मैं उनके उज्ज्वल भविष्य और आने वाले वर्षों में और अधिक सफलताओं की कामना करता हूं।

केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने भी मीराबाई की लगातार तीसरी बार राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने की उपलब्धि की सराहना की। मीराबाई ने इससे पहले 2018, 2022 और अब 2026 में भी स्वर्ण पदक जीतकर दुर्लभ स्वर्णिम हैट्रिक पूरी की है। मांडविया ने लिखा, स्वर्ण पदकों की हैट्रिक। ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीतने पर मीराबाई चानू को हार्दिक बधाई। आपका अटूट समर्पण, अद्भुत निरंतरता और असाधारण ताकत भारत को वैश्विक मंच पर लगातार गौरवान्वित कर रही है।

RBI MPC: आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की बैठक शुरू, 6 अगस्त को गवर्नर संजय मल्होत्रा करेंगे फैसलों का एलान

RBI MPC: भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने फरवरी में ब्याज दरों में ढील देने का चक्र शुरू किया था और तब से अब तक तीन चरणों में अल्पकालिक उधार दर (रेपो) में 100 आधार अंकों की कटौती की है। गवर्नर मल्होत्रा की अध्यक्षता वाली छह सदस्यीय दर निर्धारण समिति- मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) – बुधवार (6 अगस्त) को अगली द्विमासिक नीति दर की घोषणा करने वाली है। आइए इस बारे में विस्तार से जानें।

आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा की अध्यक्षता वाली दर निर्धारण समिति की बैठक सोमवार को शुरू हो गई। तीन दिवसीय बैठक में द्विमासिक मौद्रिक नीति तय करने के लिए चर्चा होगी। जानकारों का मानना है कि अगस्त एमपीसी बैठक के दौरान ब्याज दरों में नरमी के चक्र के स्थिर रहने की उम्मीद है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने फरवरी में ब्याज दरों में ढील देने का चक्र शुरू किया था और तब से अब तक तीन चरणों में अल्पकालिक उधार दर (रेपो) में 100 आधार अंकों की कटौती की गई है। गवर्नर मल्होत्रा की अध्यक्षता वाली छह सदस्यीय दर निर्धारण समिति- मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी)- बुधवार (6 अगस्त) को अगली द्विमासिक नीति दर की घोषणा करने वाली है।

अगस्त की बैठक में ब्याज दरों को स्थिर रखती है आरबीआई एमपीसी
विशेषज्ञों का मानना है कि रिजर्व बैंक इस बार यथास्थिति बनाए रख सकता है और अमेरिका की ओर से 7 अगस्त से भारतीय आयात पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने की घोषणा के बाद और अधिक मैक्रो डेटा का इंतजार कर सकता है। हालांकि, उद्योग जगत के एक वर्ग को बुधवार को ब्याज दरों में 25 आधार अंकों की कटौती की उम्मीद है।

बैंक ऑफ बड़ौदा के मुख्य अर्थशास्त्री मदन सबनवीस ने कहा कि ऋण नीति जून के लिए कम मुद्रास्फीति और 25 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ के हालिया घटनाक्रम पर आधारित नहीं होगी। उन्होंने कहा कि जून में नीति में पहले से ही 26 प्रतिशत टैरिफ को शामिल कर लिया गया था, जो अप्रैल में स्थगित दर थी।
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टैरिएफ के एलान के बाद केंद्रीय बैंक विकास के आंकड़ों को कैसे देखता है, इस पर रहेगी नजर
सबनवीस ने कहा, “इसलिए, टैरिफ से वास्तव में विकास पर नजरिया नहीं बदलेगा, हालांकि यह देखना दिलचस्प होगा कि आरबीआई इस आंकड़े को कैसे देखता है। वर्ष के लिए मुद्रास्फीति के अनुमान में 0.1-0.2 प्रतिशत की मामूली कमी हो सकती है, यानी 3.7 प्रतिशत के बजाय 3.5-3.6 प्रतिशत।”

हालांकि, वर्तमान संदर्भ में, अर्थव्यवस्था के लिए तेल की लागत भी एक विचारणीय बात होगी। उन्होंने कहा, “इसलिए, इस बार हमें रुख या नीतिगत दर में किसी बदलाव की उम्मीद नहीं है। लचीले विकास के मोर्चे पर कुछ राहत मिलने के साथ ही रुख अधिक सतर्क रहेगा।” केयरएज रेटिंग्स ने आगे कहा कि पिछली दरों में कटौती का अधूरा लाभ लोगों तक पहुंचाने के मद्देनजर, आरबीआई द्वारा आगे और कटौती नहीं करने की उम्मीद है, ताकि पहले के उपायों का पूरा प्रभाव दिखने के लिए समय मिल सके।

खुदरा महंगाई दर भारतीय रिजर्व बैंक की टॉलरेंस बैंड के भीतर
उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) आधारित खुदरा मुद्रास्फीति फरवरी से 4 प्रतिशत से नीचे बनी हुई है। जून में यह 2.1 प्रतिशत थी। सरकार ने आरबीआई को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि मुद्रास्फीति 4 प्रतिशत पर बनी रहे, तथा दोनों तरफ 2 प्रतिशत का मार्जिन हो। सरकार ने आरबीआई को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि मुद्रास्फीति 4 प्रतिशत पर बनी रहे, और दोनों तरफ 2 प्रतिशत का मार्जिन हो।

वित्त वर्ष 2026 की औसत महंगाई अनुमान में कटौती कर सकती है एमपीसी
इक्रा की मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा कि हाल के सीपीआई इस कैलेंडर वर्ष की दूसरी छमाही में महंगाई के नरम रहने का संकेत देते हैं। एमपीसी वित्त वर्ष 2026 के लिए जून 2025 की बैठक में जताए गए अपने महंगाई अनुमान 3.7 प्रतिशत में कटौती कर सकती है।

नायर ने कहा, “इसके अलावा, अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ जीडीपी वृद्धि के लिए नकारात्मक जोखिम पैदा करेंगे, इससे रुपया भी स्थिर होगा। हमारे विचार में, अगस्त 2025 की नीति समीक्षा में 25 आधार अंकों की अंतिम दर कटौती की ओर संतुलन थोड़ा झुका हुआ है।” उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) आधारित खुदरा मुद्रास्फीति फरवरी से 4 प्रतिशत से नीचे बनी हुई है। जून में यह 2.1 प्रतिशत थी।

NATIONAL : उज्जैन में सावन का पहला सोमवार, बाबा महाकाल की भस्म आरती में उमड़े भक्त, चंद्रमोलेश्वर रूप में निकलेगी भव्य सवारी

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उज्जैन. मध्य प्रदेश के उज्जैन में आज सावन महीने का पहला सोमवार है. इस पावन अवसर पर तड़के 2:30 बजे भगवान श्री महाकाल के पट खोले गए. सबसे पहले भगवान महाकाल का पंचामृत से अभिषेक किया गया. फिर पुजारियों ने बाबा का राजाधिराज स्वरूप में विशेष श्रृंगार किया. इसके बाद महानिर्वाणी अखाड़े के महंत की ओर से बाबा महाकाल को भस्म अर्पित की गई. फिर भव्य भस्म आरती का आयोजन हुआ. इस दिव्य आरती में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और बाबा के दर्शन का लाभ किए. सावन महीने में बाबा महाकाल को बेलपत्र चढ़ाने और जलाभिषेक करने से भक्तों की हर मनोकामना पूरी होती है.
पहले सोमवार की विशेष भस्म आरती में प्रोटोकॉल से जुड़े श्रद्धालुओं के साथ-साथ आम भक्तों के लिए भी विशेष दर्शन व्यवस्था की गई थी. आम श्रद्धालुओं को लाइन में लगाकर आसान दर्शन की सुविधा दी गई.

महाकाल मंदिर में खात तैयारी
महाकाल मंदिर समिति ने दर्शन व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए विशेष प्रबंध किए. मंदिर परिसर और संवेदनशील इलाकों में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी जा रही है. साथ ही श्रद्धालुओं को भस्म आरती के बाद प्रसाद स्वरूप में पोहे का नाश्ता भी दिया गया. आज शाम को बाबा महाकाल चंद्रमोलेश्वर रूप में नगर भ्रमण पर निकलेंगे और अपनी प्रजा का हाल जानेंगे.

इस भव्य सवारी में लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है. सुरक्षा के लिए प्रशासन ने 1500 से अधिक पुलिस जवान तैनात किए हैं. ड्रोन कैमरों से भी पूरे रास्तों पर निगरानी की जाएगी. वहीं पूरे सवारी मार्ग पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. सावन के इस पवित्र महीने में बाबा महाकाल के दर्शन का सौभाग्य पाने के लिए लाखों भक्त उज्जैन पहुंच रहे हैं. प्रशासन हर स्तर पर उनकी सुविधा और सुरक्षा के लिए मुस्तैद है.

NATIONAL : बांकीपुर, दतिया और मंजलपुर उपचुनाव के नतीजे आज, कौन मारेगा बाजी?

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सोमवार (3 अगस्त) को तीन राज्यों में विधानसभा उपचुनावों के नतीजे घोषित कर दिए जाएंगे. इन तीनों सीटों पर दिग्गजों की साख दांव पर लगी है. इनमें सबसे चर्चित जो सीट हैं, वो बिहार की बांकीपुर और एमपी की दतिया सीटें. जिनपर नजर टिकी हुई हैं. तीसरी सीट गुजरात के मंजलपुर की है. इन तीनों उपचुनावों में 30 जुलाई को वोटिंग हुई थी.

बांकीपुर-दतिया दोनों ही बीजेपी के लिए प्रतिष्ठित सीट मानी जाती रही है. ऐसे में बीजेपी के लिए यह प्रतिष्ठा की लड़ाई है. दोनों पारंपरिक रूप से पार्टी के गढ़ माने जाते रहे हैं. बांकीपुर का प्रतिनिधित्व बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन करते थे. जबकि दतिया एमपी के पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा का राजनीतिक गढ़ माना जाता रहा है.

दतिया की सीट

पहले दतिया विधानसभा उपचुनाव की बात कर लेते हैं. इस सीट पर नरोत्तम मिश्रा को उपचुनाव का टिकट नहीं मिला है. 2023 के चुनाव कांग्रेस के राजेंद्र भारती से उन्हें हार का सामना करना पड़ा था. भारती को अप्रैल में दिल्ली की एक अदालत ने धोखाधड़ी के मामले में तीन साल की सजा सुनाई है. इसकी वजह से उनकी विधानसभा सदस्यता खत्म हो गई थी. टिकट न मिलने के बाद हिंसा भड़क गई.

मिश्रा के समर्थकों में झड़प भी देखने को मिली. बाद में पूर्व मंत्री भावुक भी हुए. साथ ही बीजेपी उम्मीदवार आशुतोष तिवारी को पूरा समर्थन देने का वादा भी किया. इस सीट पर फिलहाल मुख्य मुकाबला तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह के बीच माना जा रहा है. सुबह 8 बजे से काउंटिंग शुरू होगी.

बांकीपुर की लड़ाई
चुनाव आयोग की मानें तो बिहार के बांकीपुर-182 सीट पर हुए उपचुनाव में गुरुवार को एवरेज वोटिंग हुई. इसमें कुल 34.16 प्रतिशत वोटिंग हुई है. नितिन नबीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने के बाद से यह सीट खाली हो गई थी. उन्हें पार्टी ने राज्यसभा भेजा है. बीजेपी ने जहां नीरज कुमार सिन्हा को मैदान में उतारा है. वहीं, जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत इस मुकाबले में कूद पड़े हैं. बीजेपी के लिए यह चुनाव आसान हो सकता था, लेकिन प्रशांत किशोर की सीधी एंट्री ने इसे दिलचस्प बना दिया है. किशोर ने दावा किया है कि वे चुनाव में बीजेपी को हरा देंगे.

मंजलपुर उपचुनाव
मंजलपुर, यह गुजरात की एक विधानसभा सीट है. यहां 30 जुलाई को उपचुनाव हुए हैं. इसमें लगभग 37.5 प्रतिशत मतदान हुआ है. यह उपचुनाव बीजेपी के सीनियर एमएलए और पूर्व मंत्री योगेश पटेल के निधन के कारण हुआ था. वे दशकों से इस सीट पर विधायक रहे थे. उपचुनाव बीजेपी के सतीश गोविंदभाई पटेल और कांग्रेस के भीखाभाई रबारी के बीच सीधा मुकाबला है.

NATIONAL : कर्नाटक में 20 जुलाई से पहले हो सकता है शिवकुमार की कैबिनेट का विस्तार, कई नए चेहरों को मिल सकती है जगह

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बेंगलुरु: कर्नाटक में डीके शिवकुमार की कैबिनेट का विस्तार 20 जुलाई से पहले किया जा सकता है। मुख्यमंत्री बनने के बाद शिवकुमार पहली बार अपनी कैबिनेट का विस्तार करेंगे। सीएम डीके शिवकुमार ने इसका संकेत दिया है और कहा कि वह पार्टी आलाकमान से मिलने जल्द ही दिल्ली भी जाने वाले हैं। अगले विधानसभा चुनाव के हिसाब से कैबिनेट में कई नए चेहरों को शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही जातीय समीकरणों का भी कांग्रेस ख्याल रखेगी।

कर्नाटक में अभी मुख्यमंत्री समेत 14 मंत्री हैं, जबकि कर्नाटक में मंत्रियों की अधिकतम संख्या 34 हो सकती है। फिलहाल, 20 पद खाली हैं। कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक, मंत्री पद पाने के लिए ज़ोरदार लॉबिंग चल रही है। खासकर वरिष्ठ विधायक लॉबिंग कर रहे हैं।जानकारी के अनुसार, राज्य के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार 18 जुलाई को दिल्ली आ सकते हैं। पार्टी आलाकमान से चर्चा के बाद कैबिनेट हो सकता है। 20 जुलाई को संसद के मानसून सत्र और आने वाले विधानसभा सत्र से पहले राज्य के कैबिनेट विस्तार किया जाएगा।

शिवकुमार ने कहा कि विधानसभा का सत्र बुलाना उनकी तत्काल प्राथमिकता है और पार्टी नेतृत्व से मिलने का समय मिलने के बाद वह दिल्ली जाएंगे। शिवकुमार ने कहा कि 6 अगस्त को विधानसभा का सत्र शुरू होने वाला है।उन्होंने आगे कहा, “मेरी तरफ से कैबिनेट विस्तार के लिए कोई देरी नहीं है। जब भी वे (पार्टी आलाकमान) मुझे समय देंगे, मैं चला जाऊंगा। वे मुझे अगले तीन या चार दिनों में तारीख बता देंगे।

कावेरी जल बंटवारे के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार को कर्नाटक के किसानों के हितों की रक्षा करनी है, पीने के पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करनी है और तमिलनाडु को पानी छोड़ने के अदालती निर्देशों का पालन करना है। उन्होंने कहा, “कर्नाटक 15 जुलाई को कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण के समक्ष अपना पक्ष रखेगा, जिसके बाद पानी छोड़ने पर निर्णय लिया जाएगा।

इससे पहले 3 जून को डीके शिवकुमार ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। जी परमेश्वर ने डिप्टी सीएम पद की शपथ ली थी। डिप्टी सीएम समेत कुल 12 विधायकों को भी पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई थी।

NATIONAL : सांसद पप्पू यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामा, सांसद ने कहा- चाकू से हमले की कोशिश की गई

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पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने दावा किया कि उनके घर में घुसकर चाकू से हमला करने की कोशिश की गई और उनकी हत्या की साजिश रची गई। उन्होंने आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले करने की बात कही। पढ़िए रिपोर्ट-

बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हंगामे की खबर सामने आ रही है। सांसद पप्पू यादव के साथ कथित तौर पर धक्कामुक्की और मारपीट की गई। इसके बाद पप्पू यादव के समर्थकों ने भी कथित तौर पर उस व्यक्ति की पिटाई की, जिसने दिल्ली स्थित उनके आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हमला करने की कोशिश की थी।

पप्पू यादव ने दावा किया कि उनकी हत्या की साजिश रची गई थी। लेकिन वह बच गए। उन्होंने कहा कि कुछ बाबा लगातार धमकी दे रहे थे कि ‘मुझे मार दो, जला दो, हम 51 लाख रुपये देंगे।’ उन्होंने कहा कि उन्होंने आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया है।

समर्थक ने क्या कहा?
सांसद पप्पू यादव के एक समर्थक ने कहा, पप्पू यादव लगातार जनता की सेवा कर रहे हैं। जैसे ही उसने (हमलावर ने) पीछे से चाकू निकाला, हमने तुरंत मिलकर उसे पकड़ लिया और काबू में कर लिया। अगर हमने उस समय उसे नहीं रोका होता तो संभव है कि आज हमारे पप्पू जी हमारे साथ नहीं होते।

सांसद के वकील ने क्या कहा?
पप्पू यादव के वकील ने कहा, यह दिल्ली पुलिस की नाकामी को दिखाता है। इससे दिल्ली पुलिस का साजिश में शामिल होना सामने आता है। इससे पता चलता है कि सत्तारूढ़ पार्टी के साथ मिलकर वे छह बार के चुने हुए सांसद के खिलाफ साजिश में मदद कर रहे हैं। पिछले दो दिनों से हम लगातार छह बार चुने गए सांसद के खिलाफ रची जा रही साजिश को लेकर शिकायत दर्ज करा रहे हैं। सोशल मीडिया पर सार्वजनिक रूप से ऐसे पोस्ट किए जा रहे हैं, जिनमें सिर काटने वाले को 51 लाख रुपये का इनाम देने की बात कही जा रही है।

उन्होंने कहा, दिल्ली पुलिस से कई बार शिकायत करने और पूरी सुरक्षा देने के आश्वासन के बावजूद इतने बड़े जमावड़े को संभालने के लिए केवल कुछ ही पुलिसकर्मी तैनात किए गए। इनमें सिर्फ तीन या चार जवान थे और एक निरीक्षक शामिल था। मीडिया की मौजूदगी के बावजूद इन लोगों ने चाकू लहरायाऔर हंगामा किया। यह पूरी तरह निंदनीय और अमानवीय है। अब हम आगे की कार्रवाई करेंगे।

NATIONAL : पेपर लीक का विरोध करने वालों पर कानूनी कार्रवाई नहीं:केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कहा, बर्बरता करने वाले पुलिस अफसर पर एक्शन होगा

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केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि पेपर लीक को लेकर विरोध करने वाले छात्रों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई न करने के अपने वादे पर वह अब भी गंभीर है।

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा, “प्रदर्शनकारियों के खिलाफ FIR के साथ क्या किया जाए, इस पर कुछ गलतफहमी थी। मुझे यह कहने के निर्देश हैं कि सरकार छात्रों पर अपने वादे को लेकर गंभीर है।”कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने पिछले महीने इस वादे पर अपना विरोध समाप्त कर दिया था कि उन हजारों विरोध करने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी जो पेपर लीक के खिलाफ विरोध कर रहे थे।

वकील वृंदा ग्रोवर ने जानना चाहा कि क्या प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज FIR वापस ली जाएंगी या रद्द की जाएंगी।मेहता ने कहा कि कानूनी तौर पर जो भी तरीका सही हो, सरकार अपने वादे पर कायम है।सुप्रीम कोर्ट सोमवार को उन याचिकाओं पर सुनवाई की, जिनमें 20 जुलाई के संसद मार्च के दौरान पुलिस पर बर्बरता का आरोप लगाया गया है।CJI ,सूर्यकांत ने कहा कि अगर कोई पुलिस अधिकारी जरूरत से ज्यादा बल का इस्तेमाल करता है, तो उसे बेवजह बचाया नहीं जाना चाहिए।और ऐसा भी नहीं होना चाहिए कि छात्र प्रदर्शन की आड़ में किसी कुख्यात अपराधी को बचाया जाए।

गौरतलब है कि परीक्षाओं में गड़बड़ी और NEET पेपर लीक के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी का विरोध प्रदर्शन 36 दिन तक चला था। 25 जुलाई को धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद यह प्रदर्शन खत्म कर दिया गया था।

कोर्ट का फोकस 2 मुद्दों पर…

बेंच प्रदर्शनकारियों और पैलेट गन से घायलों के आरोपों की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज की अध्यक्षता में एक SIT बना सकती है।
कोर्ट यह भी पता लगाने की कोशिश कर सकता है कि पुलिसकर्मियों पर हमले छात्रों ने किए थे या छात्रों की भीड़ में घुस आए शरारती तत्वों ने।

पिछली सुनवाई में कहा था- क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले छोड़े न जाएं

28 जुलाई को हुई सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने राज्यों को प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई भी सख्त कार्रवाई करने से रोक दिया था। कोर्ट ने यह भी कहा था कि 18 साल से कम उम्र वाले लोगों का कोई क्रिमिनल रिकॉर्ड नहीं हो तो उन्हें रिहा कर दिया जाए।

अदालत ने महाराष्ट्र, बिहार, असम, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल और केरलम सरकार को नोटिस जारी किए थे और उनके एडवोकेट जनरल से अगली सुनवाई की तारीख पर ऑनलाइन पेश होने को कहा था।

जिन राज्यों में विरोध प्रदर्शन हुए थे, अदालत ने वहां सीसीटीवी फुटेज, ड्रोन रिकॉर्डिंग, बॉडी-कैमरा फुटेज, वायरलेस कम्युनिकेशन रिकॉर्ड, PCR लॉग और विरोध प्रदर्शन से जुड़े अन्य डिजिटल सबूतों को सुरक्षित रखने के लिए निर्देश जारी किए थे। पढ़ें पूरी खबर…

20 जुलाई को संसद मार्च में हुआ था लाठीचार्ज

20 जुलाई को दिल्ली में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ ने संसद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़पें हुईं। सुरक्षाकर्मियों ने संसद की ओर बढ़ने की कोशिश कर रही भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े।

प्रदर्शनकारी NEET पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। 25 जुलाई को प्रधान के इस्तीफे और जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग मान लेने के साथ ही आंदोलन खत्म हो गया था।

राज्यसभा के एक सांसद ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। इसमें प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस के फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी (FRT) और बायोमेट्रिक निगरानी के दूसरे तरीकों के इस्तेमाल को चुनौती दी गई है।

कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) के केरलम से राज्यसभा सदस्य एए रहीम ने मांग की है कि शांतिपूर्ण सार्वजनिक सभाओं में बिना किसी भेदभाव के बायोमैट्रिक निगरानी का इस्तेमाल असंवैधानिक घोषित किया जाए।

पहले भी 3 बार सुप्रीम कोर्ट पहुंची कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़ी याचिका

  1. पहली बार- 24 मई, मांग थी- CJP बनाने वालों की गतिविधियों की जांच CBI करे

याचिकाकर्ता के वकील एनके गोस्वामी का दावा था कि CJP, ज्यूडीशियरी की इमेज खराब कर रही है। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर तुरंत सुनवाई से इनकार कर दिया। CJI सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल पंचोली की बेंच ने कहा, ‘इसे इतनी भावुकता से मत लें।’

इसके अलावा, सुप्रीम कोर्ट में कार्यवाही के दौरान दिए गए मौखिक अदालती बयानों के कमर्शियलाइजेशन किए जाने के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की गई। इस पर CJI ने जवाब दिया था- “अभी ऐसी कोई गंभीर आपात स्थिति नहीं है। देखते हैं क्या होता है।” पढ़ें पूरी खबर…

  1. दूसरी बार- 22 जुलाई, मांग थी- कॉकरोच पार्टी के समर्थकों पर लाठीचार्ज की जांच हो

एक वकील ने CJI की अगुआई वाली 3 जजों की बेंच के सामने जनहित याचिका लगाई थी। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता वकील ने कहा- छात्र महत्वपूर्ण मुद्दे उठा रहे हैं। लेकिन उन पर पुलिस की बर्बरता के वीडियो भी हैं। यदि संभव हो तो मामले की सुनवाई जल्द की जाए।

इस पर CJI सूर्यकांत ने कहा था, ‘हमें वीडियो में दिलचस्पी नहीं है, हमारे पास देखने का समय नहीं है।’ जब वकील ने छात्रों के साथ मारपीट के वीडियो देखने का दूसरी बार अनुरोध किया तो CJI ने कहा, ‘हमारा और अपना समय बर्बाद मत कीजिए।’ पढ़ें पूरी खबर…

  1. तीसरी बार- 24 जुलाई, मांग थी- पुलिस पर कंट्रोल जरूरी, कोर्ट हमारे बीच आ रहा है

इस बार मामला सीनियर एडवोकेट गोपाल शंकरनारायणन ने उठाया। उन्होंने कोर्ट में बताया प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस की हिंसा से जुड़ी 2 याचिकाएं दायर की गई हैं। इनमें कई राज्य पक्षकार के तौर पर शामिल हैं। इनका जिक्र पहले इसलिए नहीं किया गया क्योंकि वे डायरी नंबर का इंतजार कर रहे थे। इन दलीलों के बाद CJI ने कहा, “इसे लिस्टिंग में आने दें, हम इस पर सुनवाई करेंगे।”

इससे पहले एक दूसरे मामले की सुनवाई के दौरान CJI ने कहा था- मैंने CJP के प्रदर्शन के दौरान हुए लाठीचार्ज से जुड़ी किसी भी याचिका की सुनवाई से इनकार नहीं किया। सच ये है कि कोई रिट याचिका दाखिल ही नहीं की गई थी। मीडिया ने भी गलत खबरें चलाईं। पढ़ें पूरी खबर…

NATIONAL : विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट में नीट पेपर लीक मामले की सुनवाई, यूपी विधानमंडल का मानसून सत्र शुरू

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आज 3 अगस्त 2026 को श्रावण माह के कृष्ण पक्ष की पंचमी है। आज से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू तीन दिन के ओडिशा के दौरे पर रहेंगी। इसके साथ ही नीट पेपर लीक मामले में विशेष फास्ट ट्रैक अदालत में सुनवाई होगी। वहीं, यूपी विधानमंडल का मानसून सत्र शुरू होगा।

राष्ट्रपति मुर्मू का ओडिशा दौरा
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सोमवार से तीन दिन के ओडिशा दौरे पर रहेंगी। इस दौरान वे कई कार्यक्रमों में भाग लेंगी। इसके साथ ही भुवनेश्वर से बरहामपुर तक ट्रेन यात्रा भी करेंगी।

नीट पेपर लीक मामले में होगी सुनवाई
राउज एवेन्यू की विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट में सोमवार को नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले की सुनवाई होगी। बता दें कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा 13 आरोपियों के खिलाफ दाखिल आरोपपत्र को रिकॉर्ड पर ले लिया गया था। सीबीआई ने अदालत को बताया था कि करीब 20,000 पन्नों के एनेक्सर्स की स्कैनिंग की जा रही है।

मौद्रिक नीति समिति की बैठक में आज से शुरू
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक सोमवार से शुरू हो रही है। यह बैठक 5 अगस्त तक होगी। इस बैठक में मुख्य रूप से रेपो रेट की समीक्षा की जाएगी, जिसका सीधा असर होम लोन और ईएमआई (EMI) पर पड़ेगा।

बृजभूषण शरण के मामले में होगी सुनवाई
इसके अलावा दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने पूर्व भाजपा सांसद बृजभूषण शरण और विनोद तोमर के कथित यौन उत्पीड़न मामले में फैसला सुरक्षित रखा। अदालत इस मामले में सोमवार को अपना फैसला सुनाएगी। बता दें कि 2023 में महिला पहलवानों के विरोध प्रदर्शन के दौरान बृजभूषण शरण सिंह पर कई महिला एथलीट्स ने यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। इन आरोपों के आधार पर दो अलग-अलग मामले दर्ज किए गए थे।

पैलेट गन मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट भीड़ नियंत्रण के लिए पैलेट गन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने की मांग वाली याचिका पर 3 अगस्त को सुनवाई करेगा। इस मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ कर रही है।

यूपी विधानमंडल का मानसून सत्र शुरू
विधानमंडल का मानसून सत्र सोमवार से शुरू होगा। संसद के मानसून सत्र की तरह यूपी के दोनों सदनों में भी विपक्षी दलों द्वारा विभिन्न मुद्दों पर हंगामा करने के आसार हैं। रविवार को विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना की अध्यक्षता में सर्वदलीय बैठक का आयोजन किया गया। इस सत्र के 3 से 6 अगस्त चलने की उम्मीद है। (संबंधित खबर यहां पढ़ें)

जौहर यूनिवर्सिटी से संबंधित मामले में सुनवाई
जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों के ध्वस्तीकरण आदेश के खिलाफ दायर याचिका पर अब मंडलायुक्त एवं रामपुर विकास प्राधिकरण (आरडीए) के अध्यक्ष के न्यायालय में सोमवार को सुनवाई होगी। इससे पहले न्यायालय अगली सुनवाई तक विश्वविद्यालय के खिलाफ किसी भी प्रकार की कार्रवाई पर रोक लगा चुका है। रामपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष एवं जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने 15 जुलाई को जौहर यूनिवर्सिटी परिसर में बने 38 भवनों को बिना स्वीकृत नक्शे के निर्मित मानते हुए उनके ध्वस्तीकरण का आदेश जारी किया था। (संबंधित खबर यहां पढ़ें)

टीएमसी के बैंक खातों से संंबंधित मामले में सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट सोमवार को तृणमूल कांग्रेस के तीन बैंक खातों को ईडी की ओर से फ्रीज किए जाने के सुनवाई करेंगी। टीएमसी ने कलकत्ता हाईकोर्ट के 20 जुलाई 2026 के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें खातों को फ्रीज करने पर रोक लगाने से इनकार कर दिया गया था। मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस एम.एम. सुंदरेश और जस्टिस प्रसन्ना बी. वराले की बेंच कर सकती है।

बृजमंडल जलाभिषेक यात्रा आज से शुरू
नूंह के नल्हड़ में सोमवार बृजमंडल जलाभिषेक यात्रा को आयोजित होगी। 2023 की हिंसा को देखते हुए इस बार प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। प्रशासन नूंह जिले के सभी सरकारी एवं गैर-सरकारी विद्यालयों में अवकाश घोषित किया है। बता देंकि 2023 में ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा के दौरान नूंह जिले में हिंसक झड़पें हुई थी। उस घटना में कई लोगों की जान गई थी, अनेक लोग घायल हुए थे और सार्वजनिक व निजी संपत्ति को भी भारी नुकसान पहुंचा था। इसके बाद कई दिनों तक जिले में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।

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